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- ग्राम कुटुलबोड़-भाठागांव में शत-प्रतिशत यूजर चार्ज संग्रहण के लिए सराहना की
राजनांदगांव । मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत सुश्री सुरूचि सिंह ने जनपद पंचायत राजनांदगांव के ग्राम टेड़ेसरा स्थित प्लास्टिक वेस्ट मैनेजमेंट (पीडब्ल्यूएम) यूनिट का निरीक्षण किया। उन्होंने निरीक्षण के दौरान यूनिट के संचालन व्यवस्था, उपलब्ध संसाधनों तथा प्लास्टिक अपशिष्ट प्रबंधन की वर्तमान स्थिति का गहन अवलोकन किया तथा प्लास्टिक वेस्ट मैनेजमेंट यूनिट के प्रभावी एवं सतत संचालन के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। सीईओ जिला पंचायत ने प्लास्टिक वेस्ट मैनेजमेंट (पीडब्ल्यूएम) के तहत जिले के सभी ग्राम पंचायतों के एसएलआरएम शेड से प्लास्टिक अपशिष्ट का संग्रहण तत्काल प्रारंभ करने कहा। उन्होंने कहा कि स्वच्छ भारत मिशन के लक्ष्यों की प्राप्ति के लिए प्लास्टिक कचरे का समयबद्ध संग्रहण, पृथक्करण एवं वैज्ञानिक निस्तारण अनिवार्य है।
मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत सुश्री सुरूचि सिंह ने जनपद पंचायत डोंगरगांव के ओडीएफ प्लस मॉडल ग्राम कुटुलबोड़-भाठागांव का दौरा किया। ग्राम कुटुलबोड़-भाठागांव में शत-प्रतिशत यूजर चार्ज संग्रहण के लिए पंचायत के सरपंच, सचिव, स्वच्छग्राहियों एवं ग्रामवासियों की सराहना की और सभी को बधाई दी। सीईओ जिला पंचायत ने पंचायत प्रतिनिधियों, अधिकारियों एवं स्वच्छता कर्मियों को स्वच्छता के क्षेत्र में और अधिक प्रभावी कार्य करने, नियमित मॉनिटरिंग सुनिश्चित करने तथा प्लास्टिक वेस्ट मैनेजमेंट यूनिट को पूर्ण क्षमता से संचालित करने कहा। उन्होंने कहा कि प्लास्टिक अपशिष्ट प्रबंधन में किसी भी स्तर पर लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। निरीक्षण के दौरान जनप्रतिनिधि, जिला समन्वयक स्वच्छ भारत मिशन- ग्रामीण, सीईओ जनपद पंचायत राजनांदगांव एवं सीईओ जनपद पंचायत डोंगरगांव, ब्लॉक समन्वयक एवं ग्रामीण उपस्थित थे। - -छत्तीसगढ़ में MSME, मैन्युफैक्चरिंग और डिजिटल इंडस्ट्री को मिलेगी गति-स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार और उद्यमिता के नए अवसर होंगे सृजितरायपुर। , वाणिज्य, उद्योग, सार्वजनिक उपक्रम एवं श्रम मंत्री श्री लखन लाल देवांगन ने केंद्रीय बजट 2026-27 पर अपनी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कहा कि यह बजट छत्तीसगढ़ के औद्योगिक, कृषि और ग्रामीण विकास को नई गति देने वाला सिद्ध होगा। उन्होंने कहा कि आत्मनिर्भर भारत के लक्ष्य के अनुरूप औद्योगिक क्लस्टरों को पुनर्जीवित करने के लिए 2 हजार करोड़ रुपये के प्रावधान से राज्य में सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्योगों (MSME) को सशक्त किया जाएगा, जिससे स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे।श्री देवांगन ने कहा कि बजट में MSMEऔर बायोफार्मा सेक्टर के लिए 10 हजार करोड़ रुपये तथा सेमीकंडक्टर उद्योग के लिए 40 हजार करोड़ रुपये के प्रावधान से छत्तीसगढ़ में औद्योगिक निवेश को बढ़ावा मिलेगा। इसके साथ ही छत्तीसगढ़ सहित देश के विभिन्न राज्यों में माइनिंग आधारित औद्योगिक कॉरिडोर, टेक्सटाइल और केमिकल पार्क की स्थापना से राज्य का मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर मजबूत होगा।मंत्री श्री देवांगन ने कहा कि बैंकिंग क्षेत्र में सुधार, आर्थिक ऋण गारंटी और कर प्रक्रियाओं के सरलीकरण से राज्य के उद्यमियों, व्यापारियों और स्टार्टअप्स को पूंजी तक आसान पहुंच मिलेगी, जिससे उद्योग-हितैषी वातावरण बनेगा। मैन्युफैक्चरिंग को प्रोत्साहित करने के लिए स्पोर्ट्स गुड्स सहित अन्य प्रमुख क्षेत्रों में उत्पादन बढ़ाने के प्रावधान से स्थानीय इकाइयों को सीधा लाभ मिलेगा।मंत्री श्री देवांगन ने कहा कि बजट में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), डिजिटल इन्फ्रास्ट्रक्चर और कंटेंट इकोनॉमी पर विशेष जोर दिया गया है। एनीमेशन, विजुअल इफेक्ट्स, गेमिंग और कॉमिक्स (ABGC) के लिए कंटेंट क्रिएटर लैब की स्थापना से डिजिटल उद्योग, स्टार्टअप्स और युवाओं के लिए नए रोजगार और स्वरोजगार के अवसर खुलेंगे। वहीं, बेहतर इंटरनेट और डिजिटल नेटवर्क के लिए 12.2 लाख करोड़ रुपये के प्रावधान से औद्योगिक और व्यापारिक गतिविधियों को मजबूती मिलेगी। उन्होंने कहा कि यह बजट छत्तीसगढ़ की कृषि, पशुपालन और मत्स्य पालन आधारित अर्थव्यवस्था को भी सशक्त करेगा। छोटे किसानों की उद्यमशीलता, पशुधन विकास में निजी क्षेत्र की भागीदारी, पशु चिकित्सा सेवाओं के विस्तार और 500 अमृत जलाशयों के निर्माण से ग्रामीण क्षेत्रों में आय और रोजगार के नए अवसर बढ़ेंगे।श्री देवांगन ने कहा कि महिला स्व-सहायता समूहों को बाजार से जोड़ने, हैंडलूम और हस्तशिल्प को बढ़ावा देने तथा धार्मिक एवं सांस्कृतिक स्थलों के विकास के लिए किए गए प्रावधानों से राज्य की सामाजिक-आर्थिक प्रगति को बल मिलेगा। कुल मिलाकर यह बजट औद्योगिक विस्तार, रोजगार सृजन और समग्र विकास के माध्यम से विकसित भारत के साथ विकसित छत्तीसगढ़ के लक्ष्य को मजबूती प्रदान करेगा।
- - राजनांदगांव जिले में विभिन्न वर्गों ने केन्द्रीय बजट पर अपनी प्रतिक्रिया की जाहिर- सरकार का यह बजट दूरदर्शी एवं दूरगामी बजट : व्यापारी श्री राधेश्याम गुप्ता- डिजिटल, क्रिएटिव और तकनीकी कौशल सीखने के नए अवसर : विद्यार्थी भौतिकी शोधकर्ता डॉ. घमेन्द्र कुमार साहू- किसानों की आमदनी बढ़ाने की दिशा में यह बजट होगा लाभकारी : कृषक श्री एनेश्वर वर्मा- देश में तीन नए अखिल भारतीय आयुर्वेद संस्थान स्थापित होने से आयुर्वेद चिकित्सा एवं ज्ञान को मिलेगा बढ़ावा : आयुर्वेदिक डॉ. निलेश गढ़ेवाल- 7 उच्च गति वाले रेल कार्रिडोर विकसित होने पर आवागमन में मिलेगी सुविधा : युवा श्री विनय साहू- मेगा टेक्सटाईल्स पार्क की स्थापना होने से खादी, हथकरघा, हस्तशिल्प को मिलेगी मजबूती : श्री लक्ष्मी बुनकर सहकारी समिति मर्यादित मेढ़ा डोंगरगढ़ के प्रबंधक श्री चन्द्रकुमार देवांगन- स्वसहायता उद्यम शी मार्ट स्थापित होने से समूह की महिलाएं होंगी आर्थिक रूप से सक्षम : लखपति दीदी श्रीमती दिव्या निषाद- सरकार द्वारा स्टार्टअप को प्रोत्साहित करना प्रशंसनीय : व्यापारी श्री करण साहूराजनांदगांव । केंद्रीय वित्त मंत्री श्रीमती निर्मला सीतारमण ने आज संसद में वर्ष 2026-27 के लिए केंद्रीय बजट प्रस्तुत किया। कर्तव्य भवन में तैयार यह बजट कर्तव्यों से प्रेरित है। जिनमें देश में आर्थिक विकास को तेज करना और उसकी गति बनाए रखना, भारत की समृद्धि के पथ में सशक्त साझेेदार बनाने के लिए लोगों की आकांक्षाएं पूरी करना और उनकी क्षमता बढ़ाना तथा सरकार की सबका साथ सबका विकास के दृष्टिकोण से संसाधनों, सुविधाओं और अवसरों तक पहुंच सुनिश्चित करना है। केन्द्रीय बजट की जिले में चर्चा रही और विभिन्न वर्गों के लोगों ने अपनी प्रतिक्रिया जाहिर की। जिले के व्यापारी श्री राधेश्याम गुप्ता ने कहा कि सरकार का यह बजट दूरदर्शी एवं दूरगामी बजट है। उन्होंने कहा कि उन्हें 500 जलाशयों एवं अमृत सरोवरों के एकीकृत विकास की पहल बहुत अच्छी लगी। उन्होंने कहा कि जल संरक्षण एवं जल संवर्धन के लिए सरकार की यह पहल बहुत अच्छी प्रशंसनीय है। उन्होंने कहा कि वृद्धों की चिकित्सा और संबद्ध देखभाल सेवाओं को शामिल करते हुए मजबूत देखभाल सेवा परिवेश बनाया जाएगा। अगले कुछ वर्षों में डेढ़ लाख देखभाल सेवा प्रदाताओं को प्रशिक्षित किया जाएगा। यह बहुत प्रशंसनीय हैं।विद्यार्थी भौतिकी शोधकर्ता डॉ. घमेन्द्र कुमार साहू ने कहा कि केन्द्रीय बजट 2026 से छात्रों व युवाओं को मदद मिलेगी। इसमें डिजिटल, क्रिएटिव और तकनीकी कौशल सीखने के नए अवसर मिलेंगे। जिले स्तर पर हॉस्टल खुलने से महिलाओं की शिक्षा तक पहुंच बढ़ेगी। रोजगार क्षमताएं और स्टार्टअप सोच को बढ़ावा मिलेगा। छात्रों को नीति-निर्माण प्रक्रिया में भाग लेने का अवसर मिलेगा। उन्होंने कहा कि केन्द्रीय बजट 2026 में युवा वर्ग के लिए कई प्रावधान किए गए हंै, जो निश्चित रूप से भविष्य में विशेष फायदेमंद साबित होगा। देश भर में 15000 से अधिक सरकारी स्कूलों और 500 कॉलेजों में एनीमेशन, विजुअल इफेक्ट्स, गेमिंग और कॉमिक्स कंटेंट क्रिएटर लैब्स स्थापित किए जाएंगे। इससे क्रिएटिव और डिजिटल स्किल्स सीखने को प्रोत्साहन मिलेगा।कृषक श्री एनेश्वर वर्मा ने कहा कि किसानों की आमदनी बढ़ाने की दिशा में यह बजट लाभकारी होगा। उन्होंने कहा कि उद्यमिता विकास अंतर्गत पशुपालन क्षेत्र में ऋण आधारित सब्सिडी कार्यक्रम, पशुधन उद्यमों का संवर्धन एवं आधुनिकीकरण, पशुधन उत्पादक संगठनों की स्थापना को प्रोत्साहन देने जैसी पहल के सार्थक परिणाम होंगे। उन्होंने कहा कि कृषि के क्षेत्र में नवीन तकनीक को अपनाने से कार्य सरलता एवं सुगमता से हो रहे हंै। एग्रीस्टेक पोर्टल के माध्यम से कृषकों के बैंक खाता, ऋण, आधार, बैंकिंग एवं अन्य जानकारी डिजिटल फार्म में मिल रही है। इसके साथ ही सब्सिडी की पूरी जानकारी मिल रही है।युवा श्री विनय साहू ने कहा कि बजट में 7 उच्च गति वाले रेल कार्रिडोर विकसित किए जाएंगे। जिससे आवागमन में सुविधा मिलेगी। उन्होंने कहा कि सभी वर्गों को ध्यान में रखते हुए बजट में प्रावधान किए गए हैं। व्यक्तिगत उपयोग के लिए आयात की जाने वाली वस्तुओं पर लगने वाले टैरिफ दर को 20 प्रतिशत से 10 प्रतिशत किया जाएगा। यह एक सराहनीय पहल है।आयुर्वेदिक डॉ. निलेश गढ़ेवाल कहा कि देश में तीन नए अखिल भारतीय आयुर्वेद संस्थान स्थापित किए जाएंगे। आयुष फार्मेसी एवं औषधि परीक्षण प्रयोगशालाओं का उन्नयन करने, कुशल कार्मिक उपलब्धता कराने और पारंपरिक दवाओं के लिए रिसर्च किया जाएगा, जो सराहनीय है। इससे देश में आयुर्वेद, पारंपरिक योग, आयुर्वेद चिकित्सा एवं ज्ञान को बढ़ावा मिलेगा।श्री लक्ष्मी बुनकर सहकारी समिति मर्यादित मेढ़ा डोंगरगढ़ के प्रबंधक श्री चन्द्रकुमार देवांगन ने कहा कि बजट में हथकरघा एवं हस्तशिल्प को बढ़ावा देने के लिए विभिन्न प्रावधान किए गए हंै, जो सराहनीय है। जिसमें मेगा टेक्सटाईल्स पार्क की स्थापना होने से खादी, हथकरघा, हस्तशिल्प को मजबूती मिलेगी और देश के बुनकरों और युवाओं को लाभ मिलेगा। उन्होंने कहा कि मेगा टेक्सटाईल्स पार्क की स्थापना होने से बुनकरों के हुनर को प्रोत्साहन मिलेगा और उन्हें अपने उत्पाद के लिए एक मार्केट मिलेगा।लखपति दीदी श्रीमती दिव्या निषाद ने कहा कि केन्द्रीय बजट में लखपति दीदी कार्यक्रम के लिए बढ़ावा देने हेतु प्रावधान किया गया है और उनके लिए स्वसहायता उद्यम शी मार्ट स्थापित किया जाएगा। जिससे स्वसहायता समूह की महिलाओं को मदद मिलेगा और वे आर्थिक रूप से सक्षम बनेंगी। उन्होंने कहा कि शी मार्ट के माध्यम से समूह की महिलाओं को अपने स्थानीय उत्पादों के लिए मार्केट मिलेगा तथा उन्हें प्रोत्साहन मिलेगा। जिसके लिए उन्होंने खुशी जाहिर की।व्यापारी श्री करण साहू ने कहा कि केन्द्रीय बजट में देश के आर्थिक विकास को तेज करने के लिए अच्छी पहल की गई है। उन्होंने कहा कि शहर आर्थिक क्षेत्र विकसित किए जा रहे हंै। जिससे उद्योगों को बढ़ावा मिलेगा। इसके साथ ही विकसित भारत के लिए बैंकिंग जैसे प्रावधान से मदद मिलेगी। नए बजट में जनमानस को टीडीएस एवं टीसीएस में राहत मिली है और सरकार द्वारा स्टार्टअप को प्रोत्साहित किया जा रहा है, जो एक बहुत अच्छी बात है। इसके साथ ही निर्यात को भी बढ़ावा दिया जा रहा है।
- -राजिम कुंभ कल्प मेला का भव्य शुभारंभ, राज्यपाल रमेन डेका मुख्य अतिथि के रूप में हुए शामिलरायपुर । त्रिवेणी संगम राजिम के पावन तट पर राजिम में आयोजित राजिम कुंभ कल्प मेला के शुभारंभ अवसर पर राज्यपाल श्री रमेन डेका मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। राज्यपाल श्री डेका, पर्यटन मंत्री राजेश अग्रवाल सहित अतिथियों एवं संत-महात्माओं ने भगवान श्री राजीवलोचन की प्रतिमा पर पुष्प अर्पित कर आशीर्वाद प्राप्त किया तथा प्रदेश की सुख-समृद्धि और खुशहाली की कामना की।राज्यपाल श्री डेका ने कहा कि राजिम की यह पावन भूमि, जहां महानदी, पैरी और सोंढूर नदियों का संगम होता है, अत्यंत पुण्य और ऐतिहासिक महत्व रखती है। उन्होंने कहा कि इस पवित्र स्थल पर आयोजित मेला, जिसे श्रद्धालु ‘कल्प कुंभ’ के नाम से जानते हैं, हमारी समृद्ध सांस्कृतिक एवं धार्मिक धरोहर का प्रतीक है।राज्यपाल ने कहा कि राजिम कुंभ कल्प के अवसर पर आप सभी के बीच उपस्थित होकर मुझे अत्यंत प्रसन्नता और गौरव का अनुभव हो रहा है। मुझे छत्तीसगढ़ की पवित्र नगरी राजिम के कुंभ मेला में आकर अत्यंत शांति महसूस होती है। धर्म, आस्था और संस्कृति के इस संगम राजिम कुंभ मेले में देश के विभिन्न प्रांतों से आए साधु-संतों, श्रद्धालुजनों का मैं हार्दिक अभिनंदन करता हूं। मैं कुलेश्वर महादेव तथा राजीव लोचन भगवान, राजिम भक्ति माता से प्रार्थना करता हूं कि हमारे देश और प्रदेश पर अपना आशीर्वाद बनाये रखें जिससे यहां हमेशा सुख-शांति और खुशहाली कायम रहे।राज्यपाल ने आगे कहा कि राजिम माघी पुन्नी मेला छत्तीसगढ़ की आस्था का प्रतीक है। यह एक ऐसा पावन आयोजन है जिसमें छत्तीसगढ़ के लोगों के साथ-साथ देश भर के विभिन्न भागों से भी श्रद्धालुओं का आगमन होता है। राजिम प्राचीन समय से ही शैव और वैष्णव धर्म के केंद्र के रूप में विख्यात एक प्रमुख धार्मिक स्थल है। यहां राजीवलोचन मंदिर में भगवान विष्णु चतुर्भुज स्वरूप में विराजमान है। यहां भगवान शिव कुलेश्वर महादेव के रूप में विराजमान हैं।राज्यपाल श्री डेका ने कहा कि कुलेश्वरनाथ महादेव, पटेश्वर नाथमहादेव, चंपेश्वर नाथ महादेव, ब्रम्ह्केश्वर नाथ, फनीकेश्वर नाथ महादेव, करपूरेश्वर महादेव की पंचकोशी यात्रा विश्व प्रसिद्ध है। प्राचीन मंदिरों की बहुलता राजिम को पुरातात्विक, धार्मिक और सांस्कृतिक महत्ता प्रदान करती हैं। इन मंदिरों में मूर्ति कला के गौरवशाली इतिहास के दर्शन होते हैं।उन्होंने कहा किशास्त्रों में माघ के माह पुण्य माह माना गया है। माघ माह के इस पावन अवधि में सदियों से ही पवित्र नदियों एवं त्रिवेणी संगमों में पुण्य स्नान की परंपरा रही है। इस माह छत्तीसगढ़ के विभिन्न स्थानों में मेले का आयोजन की प्राचीन परंपरा रही है। मेलों का विशेष सामाजिक और सामुदायिक महत्व हैै। इनमें विभिन्न संस्कृतियों का मिलन होता है। इनके माध्यम से नई पीढ़ी को अपनी परंपराओं से परिचित होने का अवसर मिलता है।श्री डेका ने कहा कि भारत साधु संतों की भूमि रही है। कहा जाता है जब किसी स्थान पर साधु संतों के चरण पड़ते हैं तो वह स्थान पवित्र हो जाता है। संतों के दिखाये मार्ग पर चलने से ज्ञान की प्राप्ति होती है और जीवन में सकारात्मक बदलाव आता है। जहां संतों का सम्मान होता है वहां समृद्धि, शांति और खुशहाली रहती है। उनका जीवन सदैव परोपकार के लिए समर्पित रहता है। संतो के समागम से हम एक बेहतर मनुष्य बनते है।राजिम कुंभ मेला जैसे अद्भुत आयोजनों से पर्यटकों को भी विशेष आनंद आता हैं। मेले में कलाकारों का संगम, श्रद्धालुओं की अनगिनत आस्था और संतो के आशीर्वाद से राजिम मेले ने देश में अपनी विशेष पहचान बनाई है। आधुनिक युग में हमे अपनी कला, साहित्य और संस्कृति को आरक्षित और उन्नत करने की आवश्यकता है। हमें इस प्रकार के कला, संस्कृति और धार्मिक आयोजनों के लिए अपने प्रयासों को बढ़ाने की आवश्यकता है, जिससे छत्तीसगढ़ पर्यटन मानचित्र में और उभर कर सामने आ सके।यह आयोजन न केवल आध्यात्मिक चेतना को जागृत करेगा, बल्कि पर्यटन, लोक संस्कृति और को भी नई दिशा देगा। हमारे पूर्वजों ने नदियों, सरोवरों और वृक्षों की महत्ता और उनके संरक्षण पर विशेष बल दिया। आज आवश्यकता है कि हम अपने पूर्वजों द्वारा दिखाए राह पर चलें और अपने प्राकृतिक वातावरण को स्वच्छ और प्रदूषण मुक्त बनाए रखें, नए पौधों का रोपण करें और स्वच्छता पर विशेष ध्यान दें। माइक्रो प्लास्टिक के हानिकारक प्रभावों के प्रति जागरूक बनें तथा इसकी रोेेेकथाम के उपाय करें।संस्कृति एवं पर्यटन मंत्री श्री राजेश अग्रवाल ने कहा कि राजिम कुंभ कल्प पर्व हमारी सांस्कृतिक उत्सव परंपरा और लोक संस्कृति का जीवंत उत्सव है, जो समाज के मूल्यों को और अधिक प्रगाढ़ बनाता है।उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ की संस्कृति और परंपराएं आज विश्व स्तर पर अपनी पहचान बना रही है। आयुक्त श्री कावरे ने स्वागत उद्बोधन दिया।इस अवसर पर राज्य गृह भंडार निगम के अध्यक्ष चंदूलाल साहू, क्षेत्र के अन्य जनप्रतिनिधि , गरियाबंद कलेक्टर भगवान सिंह उईके, सहित देशभर से आए हुए साधु-संत, एवं बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।
- रायपुर । केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारामण द्वारा पेश किए गए केंद्रीय बजट 2026-27 को छत्तीसगढ़ के पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री श्री राजेश अग्रवाल ने राज्य के विकास के लिए मील का पत्थर बताया है। उन्होंने कहा कि यह बजट पर्यटन को रोजगार इंजन बनाने और सांस्कृतिक धरोहर को वैश्विक पटल पर उजागर करने की दिशा में क्रांतिकारी कदम है, जो छत्तीसगढ़ जैसे समृद्ध सांस्कृतिक राज्य के लिए वरदान सिद्ध होगा। बजट में पर्यटन क्षेत्र को मजबूत बनाने के लिए राष्ट्रीय आतिथ्य संस्थान की स्थापना, प्रमुख पर्यटन हबों में गाइड प्रशिक्षण पायलट योजना और इकोलॉजिकल माउंटेन ट्रेल्स का विकास शामिल है। इसके अलावा, 15 पुरातात्विक स्थलों को सांस्कृतिक पर्यटन गंतव्यों में बदलने तथा अंतरराष्ट्रीय यात्रा पर टीसीएस दर 2% घटाने से सस्ती यात्रा संभव होगी।छत्तीसगढ़ के इको-एथनिक पर्यटन, जनजातीय संस्कृति और राजिम कुंभ जैसे आयोजनों को इससे अपार लाभ मिलेगा। श्री अग्रवाल ने कहा कि "केंद्र सरकार का यह प्रयास छत्तीसगढ़ की पर्यटन संभावनाओं को साकार करेगा। हमारी राज्य सरकार मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में पहले ही पर्यटन नीति 2026 के तहत 350 करोड़ से अधिक निवेश आकर्षित कर चुकी है, और यह बजट इसे गति प्रदान करेगा। केंद्र की मदद से पहले ही पर्यटन स्थलों का विकास तेज हो चुका है।" राज्य में चित्रकोट, बस्तर की जनजातीय संस्कृति और सरगुजा के धार्मिक स्थलों को इको-टूरिज्म और सांस्कृतिक सर्किट के रूप में विकसित करने का सुनहरा अवसर मिला है।बजट से उत्पन्न रोजगार अवसर स्थानीय युवाओं के लिए वरदान होंगे, जबकि छत्तीसगढ़ पर्यटन मंडल का राजस्व 5 गुना बढ़कर 10 करोड़ पहुंच चुका है। मंत्री श्री अग्रवाल ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और वित्त मंत्री की सराहना करते हुए कहा कि यह 'विकसित भारत' का सशक्त कदम है। श्री अग्रवाल ने राज्य स्तर पर भी कमर कसने का ऐलान किया। उन्होंने कहा कि "यह बजट न केवल पर्यटन को बढ़ावा देगा, बल्कि छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक पहचान को भी मजबूत करेगा," ।
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रायपुर। पंडित रविशंकर शुक्ल विश्वविद्यालय में अर्थशास्ञ के प्रोफेसर डॉ. रविन्द्र के ब्रम्हे ने रविवार को वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण द्वारा लोकसभा में प्रस्तुत किए गए केंद्रीय बजट को रोजगार और संरचना, विनिर्माण विकसित करने वाला बजट बताया है।
उन्होंने कहा कि चुनौतियों और अनिश्चितताओं के समय में वित्त मंत्री के लिए बजट बनाना है इतना आसान नहीं था। वित्त मंत्री ने वृद्धि को सतत रूप से बनाए रखने के लिए संरचनात्मक सुधारों के माध्यम से आधारभूत संरचना, विनिर्माण और रोजगार की क्षमता को विकसित करने वाले आधार को मजबूत किया है। लगभग 53.47 लाख करोड़ के बजट में राजकोषीय अनुशासन को बनाए रखते हुए एक ओर राजकोषीय घाटे को जीडीपी के 4.3 प्रतिशत पर रखा है वहीं ऋण को जीडीपी के 55.6 प्रतिशत पर रखने का लक्ष्य रखा है।अपने बजट भाषण में वित्त मंत्री ने कहा कि हमारा लक्ष्य आकांक्षा को उपलब्धि में और क्षमता को निष्पादन में परिवर्तित करना है और यह सुनिश्चित करना है कि विकास का लाभ हर किसी तक पहुंचे।श्री ब्रम्हे ने कहा कि बजट में सबसे अधिक प्रावधान आधारभूत संरचना के लिए 12.02 लाख करोड़ का रखा गया है। साथ ही रणनीतिक और फ्रंटियर क्षेत्र के विनिर्माण उद्योगों के लिए अनेक प्रावधान किए गए हैं। विनिर्माण उद्योग के लिए अनेक कर सुधार भी बजट में है। मध्य और लघु उद्योगों को इक्विटी सपोर्ट एक महत्वपूर्ण कदम है।श्री ब्रम्हे ने कहा कि देश की अर्थव्यवस्था में सेवा क्षेत्र का जीडीपी निर्यात और रोजगार में महत्वपूर्ण योगदान है। इसी को देखते हुए टूरिज्म, स्वास्थ्य, शिक्षा और वित्तीय क्षेत्र के लिए अनेक अभिनव प्रावधान बजट में किए गए हैं। बजट के साथ ही आज 16 में वित्त आयोग की रिपोर्ट भी सदन में रखी गई और जिसके सुझावों को सरकार ने स्वीकार कर लिया । वित्त आयोग के अनुसार केंद्रीय करों में से 41 प्रतिशत हिस्सा राज्यों को वितरित किया जाएगा। बजट में टायर टू और टायर 3 सिटीज के लिए और मंदिर वाले शहरों के लिए उनकी आधारभूत संरचनाओं और मूलभूत सुविधाओं के लिए विशेष प्रावधान किए गए हैं। - -उप मुख्यमंत्री ने केन्द्रीय बजट को बताया आम आदमी का जीवन सरल बनाने वाला तथा हर वर्ग को ध्यान में रखकर तैयार किया गया बजट-आर्थिक सुधारों की निरंतरता से भारत तेजी से आगे बढ़ेगा चौथी से शीर्ष अर्थव्यवस्था बनने की ओररायपुर ।उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव ने केंद्र सरकार द्वारा प्रस्तुत बजट का स्वागत करते हुए इसे “विकसित भारत के निर्माण की दिशा में ऐतिहासिक और दूरदर्शी बजट” बताया है। उन्होंने कहा कि वित्त मंत्री श्रीमती निर्मला सीतारमण द्वारा प्रस्तुत यह बजट आम नागरिक के जीवन को सरल और सुगम बनाने वाला है, जिसमें देश के हर क्षेत्र और हर वर्ग की जरूरतों को धरातल पर जाकर समझते हुए प्रावधान किए गए हैं।उप मुख्यमंत्री श्री साव ने कहा कि वर्ष 2014 से प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में शुरू हुए आर्थिक सुधारों की श्रृंखला को यह बजट और मजबूती देता है। योजनाबद्ध तरीके से देश की ताकत और क्षमताओं के अनुरूप अर्थव्यवस्था को सुदृढ़ करने का जो क्रम शुरू हुआ, उसी का परिणाम है कि वैश्विक महामारी जैसी कठिन चुनौतियों के बावजूद भारत आज दुनिया की चौथी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बन चुका है। यह बजट उसी मजबूत नींव पर भविष्य की तेज रफ्तार तय करने वाला है।उप मुख्यमंत्री ने कहा कि आर्थिक सुधारों का सीधा लाभ आम जनता को मिला है। करोड़ों गरीब परिवारों को पक्का आवास, आयुष्मान भारत के माध्यम से स्वास्थ्य सुरक्षा, प्रधानमंत्री किसान समृद्धि योजना, बुनियादी ढांचे का अभूतपूर्व विस्तार, उत्पादन बढ़ाकर निर्यात को प्रोत्साहन—ये सभी प्रयास देश की अर्थव्यवस्था को लगातार मजबूत कर रहे हैं। आज प्रस्तुत बजट इन सभी पहलों को आगे बढ़ाने वाला है।श्री साव ने स्वास्थ्य क्षेत्र के प्रावधानों को विशेष रूप से महत्वपूर्ण बताया। रांची और तेजपुर के मानसिक चिकित्सालयों को अपग्रेड करने, वहां शोध सुविधाएं विकसित करने तथा मधुमेह, कैंसर जैसी गंभीर बीमारियों की दवाईयों की कीमत कम करने के निर्णय को आमजन के हित में बड़ा कदम बताया। इसके साथ ही खादी, ग्रामोद्योग और हैंडलूम को बढ़ावा देकर ग्रामीण और घरेलू स्तर पर काम करने वाले लोगों को सशक्त करने की योजना को रोजगार सृजन की दिशा में प्रभावी बताया।श्री साव ने कहा कि माइनिंग कॉरिडोर, अधोसंरचना विकास और निर्यात बढ़ाने वाले प्रावधान देश की आर्थिक गति को और तेज करेंगे। महिलाओं के सशक्तीकरण के लिए लखपति दीदी अभियान और महिला स्व-सहायता समूहों के उत्पादों को सी-मार्ट के माध्यम से बाजार उपलब्ध कराने की पहल से आत्मनिर्भर भारत की परिकल्पना साकार होगी।उप मुख्यमंत्री ने कहा कि कुल मिलाकर यह बजट जनोन्मुखी, विकासपरक और आत्मनिर्भर भारत के लक्ष्य को मजबूत करने वाला है। 2047 तक विकसित भारत के संकल्प को पूरा करने की दिशा में यह बजट देश को नई ऊंचाइयों पर ले जाने वाला सिद्ध होगा।
- -विकसित भारत 2047 की दिशा में ऐतिहासिक बजट, गांव होंगे आत्मनिर्भर – उपमुख्यमंत्री-सस्ती खाद, बढ़ा कृषि बजट और फसल विविधीकरण से किसानों को सीधी राहतरायपुर। उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने आज प्रस्तुत केंद्रीय बजट 2026-27 का स्वागत करते हुए इसे ऐतिहासिक, अभूतपूर्व और विकसित भारत की दिशा में निर्णायक बताया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री के दूरदर्शी नेतृत्व में प्रस्तुत यह बजट गांव, गरीब, किसान, महिला और युवा देश की प्राथमिक आवश्यकताओं को केंद्र में रखकर तैयार किया गया है और आत्मनिर्भर भारत के संकल्प को नई मजबूती देता है।श्री शर्मा ने कहा कि किसानों के हित में बड़ा उर्वरक सब्सिडी का प्रावधान खेती की लागत घटाने वाला बड़ा कदम है। इससे सस्ता खाद-उर्वरक उपलब्ध होगा, उत्पादन लागत कम होगी और किसानों को सीधी राहत मिलेगी। साथ ही कृषि बजट को में समुचित प्रावधान किए जाने से कृषि अनुसंधान, नवाचार और आधुनिक तकनीकों को गति मिलेगी।ग्रामीण विकास पर 21 प्रतिशत की उल्लेखनीय वृद्धि का उल्लेख करते हुए श्री शर्मा ने कहा कि यह बजट गांवों के समग्र विकास का स्पष्ट रोडमैप प्रस्तुत करता है।पंचायतों को दोगुनी सीधी सहायता, और विकसित ग्राम-स्वावलंबी ग्राम की परिकल्पना से ग्रामीण अर्थव्यवस्था को नई ऊर्जा मिलेगी। लखपति दीदी और SHE-मार्ट जैसी पहलों से स्वयं सहायता समूहों की बहनें आजीविका से आगे बढ़कर उद्यमी बनेंगी।उन्होंने कहा कि आज पेश केंद्रीय बजट 2026 यह स्पष्ट करता है कि भारतीय जनता पार्टी की सरकार देश को मजबूत फैसलों और ठोस परिणामों के साथ आगे ले जा रही है। यह बजट तुष्टिकरण नहीं, बल्कि विकास और राष्ट्रनिर्माण की राजनीति का दस्तावेज है। किसान, गरीब, मध्यम वर्ग और युवाओं सभी वर्गों के लिए किए गए प्रावधान दर्शाते हैं कि सरकार की सोच वोट बैंक की नहीं, बल्कि भारत के भविष्य की है। विपक्षी दलों ने सरकार द्वारा मनरेगा को कमजोर करने का आरोप लगाया जाता है जबकि सरकार ने केंद्रीय बजट में मनरेगा के लिए अधिक राशि का प्रावधान कर अपनी मंशा को स्पष्ट कर दिया है कि सरकार देश की जनता के लिए मनरेगा को सशक्त एवं वीबी जी राम जी के द्वारा अधिक प्रभावी बनाने के लिए संकल्पित हैं।उपमुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा ने विश्वास जताया कि बुनियादी ढांचे, रोजगार, शिक्षा और आत्मनिर्भर भारत पर मजबूत निवेश के साथ यह बजट अगले 25 वर्षों के सशक्त, समृद्ध और विकसित भारत की नींव को और मजबूत करेगा तथा देश को विश्व की अग्रणी अर्थव्यवस्थाओं में शामिल करने की दिशा में निर्णायक सिद्ध होगा।
- -डबल इंजन की सरकार से लोगों को मिल रहा है फायदा, विकसित प्रदेश बनने छत्तीसगढ़ तेजी से अग्रसर-संत समागम समारोह की राशि 50 लाख से बढाकर 75 लाख करने की घोषणा-मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय सतगुरु कबीर संत समागम समारोह दामाखेड़ा में हुए शामिलरायपुर /मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय रविवार को कबीर धर्मनगर दामाखेड़ा में माघ पूर्णिमा के अवसर पर आयोजित सतगुरु कबीर संत समागम समारोह में शामिल हुए। इस अवसर पर उन्होंने पंथ श्री उदित मुनि नाम साहेब,पंथ श्री प्रकाश मुनि नाम साहब को चादर श्रीफल भेंट कर आशीर्वाद लिया और प्रदेश की खुशहाली की कामना की। उन्होंने इस दौरान संत समागम समारोह की राशि 50 लाख रूपये से बढाकर 75 लाख रूपये करने की घोषणा की।मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय माघ पूर्णिमा की शुभकामनायें देते हुए कहा कि कबीर धर्म नगर दामाखेड़ा का संत समागम समारोह हर साल भव्य होते जा रहा है जो लोगों में बढ़ते आस्था का प्रतीक है।कबीरपंथ का छत्तीसगढ़ के जनजीवन में व्यापक प्रभाव है इसलिए यहां के लोग शांति प्रिय है।श्री साय ने कहा कि वे बचपन से ही कबीर पंथ से परिचित है और उनके गांव बगिया में भी 8-10 कबीर पंथी परिवार है। उन्होंने दामाखेड़ा का नाम कबीर धर्मनगर करने के संबंध में बताया कि राजपत्र में प्रकाशन हेतु अंतिम प्रक्रिया जारी है।श्री साय ने कहा कि डबल इंजन की सरकार से लोगों को सीधा फायदा मिल रहा है। अब छत्तीसगढ़ तेजी से विकसित प्रदेश बनने की ओर अग्रसर है। मुख्यमंत्री ने कहा कि छतीसगढ़ के विकास की बाधा की नक्सलवाद अब जल्द ही जड़ से समाप्त होने वाला है।31 मार्च 2026 तक प्रदेश से समूल नष्ट होग़ा। हमने जनता से किया वादा को तेजी से पूरा किया है। डबल इंजन की सरकार का फायदा लोगों को मिल रहा है। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ को बहुत आगे ले जाना है और विकसित प्रदेश के रूप में खड़ा करना है।उपमुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा ने कहा कि पंथ श्री उदित मुनि नाम साहब का चादर तिलक अद्भुत और अलौकिक रहा। पंथ श्री ने वृक्षारोपण, समाज सेवा, नशामुक्ति एवं युवा उत्थान के क्षेत्र में कार्य कर रहे है। आज के कार्यक्रम में पंथ श्री का दर्शन कर प्रदेश की सुख समृद्धि का आशीर्वाद लिया है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय कबीर आश्रम के विभिन्न विकास कार्यों को लेकर हमेशा चिंतित रहते है और शीघ्र पूरा करने के निर्देश देते है। कार्यक्रम को खाद्य मंत्री श्री दयाल दास बघेल, भाटापारा विधायक श्री इंद्र साव ने भी सम्बोधित किया।समारोह में पंथश्री प्रकाश मुनि नाम साहब ने मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय का कबीरपंथी समाज की ओर से आत्मीय स्वागत किया। उन्होंने कहा कि इस वर्ष माघ मेला के प्रथम दिन बसंत पंचमी के अवसर पर कबीर पंथ के नये संवाहक 16 वें वंशाचार्य पंथीश्री उदित मुनि नाम साहेब का चादर तिलक संपन्न हुआ। उन्होंने बताया की इस वर्ष देश के विभिन्न प्रांतो के साथ ही विदेशो से भी कबीरपंथी संत समागम मेला में आये हैं। समारोह को शासन प्रशासन का भरपूर सहयोग मिला है। उन्होंने मेला संत समागम समारोह की राशि 50 लाख रूपये से 75 लाख रूपये करने पर मुख्यमंत्री श्री साय के प्रति आभार व्यक्त किया।इस अवसर पर पंथश्री उदित मुनि नाम साहब, गुरूगोसांई भानुप्रताप साहब, विधायक श्रीमती भावना बोहरा, श्री ईश्वर साहु, पूर्व सांसद श्री अभिषेक सिंह, पूर्व विधायक शिवरतन शर्मा सहित सदगुरू कबीर धर्मदास साहेब वंशावली प्रतिनिधि सभा के प्रतिनिधिगण, अधिकारी-कर्मचारी एवं बड़ी संख्या में कबीरपंथी उपस्थित थे।
- -छत्तीसगढ़ निषाद केवट समाज द्वारा आयोजित महाराजा श्री गुहा निषादराज जयंती एवं राज्य स्तरीय युवक युवती परिचय सम्मेलन मे मंत्री श्री देवांगन और महापौर श्रींमती संजू देवी राजपूत हुए सम्मिलितरायपुर ।प्रदेश के कैबिनेट मंत्री श्री लखन लाल देवांगन आज कोरबा के बुधवारी स्थित छग़ निषाद (केवट) समाज द्वारा आयोजित महाराजा गुहा निषादराज जयंती एवं राज्य स्तरीय युवक - युवती परिचय सम्मेलन में सम्मिलित होकर महाराजा गुहा निषादराज की पूजा अर्चना कर आशीर्वाद प्राप्त किया।इस अवसर पर मंत्री श्री लखन लाल देवांगन क़े मुख्य आतिथ्य और महापौर श्रीमती संजू देवी राजपूत की अध्यक्षता में समाज को 30 लाख क़े विकास कार्यों की सौगात मिली। मंत्री श्री देवांगन ने पिछले वर्ष समाज क़े कार्यक्रम में उक्त कार्यों का भूमिपूजन किया था। रविवार को समाज क़े भवन का बाउंड्रीवाल, किचन शेड, अतिरिक्त कक्ष, बोर निर्माण कार्य का लोकार्पण सम्पन्न हुआ।उक्त कार्यों की सौगात क़े अवसर पर समाज ने मंत्री श्री देवांगन का गज माला से विशेष अभिनंदन करते हुए आभार जताया। अपने सम्बोधन मे मंत्री श्री देवांगन ने कहा की निषाद केवट समाज का अपार स्नेह और आशीर्वाद प्रारम्भ से मिलता रहा है, भगवान महाराजा श्री गुहा निषादराज जी से मिले आशीर्वाद का ही फल है की आज समाज को इतने बड़े विकास कार्यों की सौगात देने का सौभाग्य मिल रहा है।इस अवसर पर महापौर श्रीमती संजू देवी राजपूत ने कहा की ये भाजपा की विष्णुदेव की सरकार है। कैबिनेट मंत्री श्री लखन लाल देवांगन आज शहर और जिले क़े विकास क़े साथ साथ हर समाज को बड़े बड़े विकास कार्यों की सौगात दे रहे हैं।इस अवसर पर पिछड़ा वर्ग आयोग के अध्यक्ष श्री नेहरू राम निषाद, सभापति नूतन सिंह, पार्षद श्री नरेंद्र देवांगन , पार्षद श्री युगल कैवर्त , पार्षद श्री किशन कैवर्त , भाजपा मछुआरा प्रकोष्ठ के प्रदेश संयोजक प्रदीप कैवर्त , समाज के जिला अध्यक्ष श्री ललित कैवर्त कोषाध्यक्ष श्री संतोष कैवर्त , महिला अध्यक्ष श्री पूनम कैवर्त , युवा अध्यक्ष श्री जितेंद्र कुमार समेत अधिक संख्या में समाज क़े सम्मानीय भाई बहनों की गरिममय उपस्थिति रही।
- -भारत के संकल्प को साकार करने वाला, जनकल्याणकारी और विकासोन्मुखी बजटरायपुर।, प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के दूरदर्शी नेतृत्व में तथा वित्त मंत्री श्रीमती निर्मला सीतारमण द्वारा प्रस्तुत केंद्रीय बजट 2026 देश के समग्र, समावेशी एवं सतत विकास की दिशा में एक ऐतिहासिक पहल है। यह बजट शिक्षा, रोजगार, तकनीक, स्वास्थ्य, ग्रामोद्योग, पर्यटन एवं आधारभूत संरचना जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों में देश को नई ऊँचाइयों तक ले जाने वाला सिद्ध होगा। स्कूल शिक्षा मंत्री श्री गजेंद्र यादव ने कहा कि यह बजट आत्मनिर्भर भारत के संकल्प को साकार करने वाला, जनकल्याणकारी और विकासोन्मुखी है।केंद्रीय बजट पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए स्कूल शिक्षा मंत्री श्री गजेंद्र यादव ने बजट का स्वागत किया और कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन एवं वित्त मंत्री श्रीमती निर्मला सीतारमण द्वारा प्रस्तुत यह बजट शिक्षा क्षेत्र में क्रांतिकारी परिवर्तन लाने वाला है। उन्होंने कहा कि यह बजट बच्चों के उज्ज्वल भविष्य, गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और समान अवसर की मजबूत नींव रखता है।मंत्री श्री यादव ने कहा कि केंद्रीय बजट में स्कूल शिक्षा के लिए किए गए प्रावधान अत्यंत सराहनीय हैं। शिक्षा को बढ़ावा देने के साथ-साथ बच्चों के ड्रॉप-आउट को रोकने हेतु प्रत्येक जिला मुख्यालय में छात्रावास भवनों के निर्माण का प्रावधान किया गया है। इससे दूरस्थ, ग्रामीण एवं वंचित वर्ग के बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्राप्त होगी और शिक्षा से वंचित रहने की समस्या पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित होगा।स्कूल शिक्षा मंत्री ने कहा कि बजट में कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई), नई तकनीक एवं स्किल डेवलपमेंट को प्राथमिकता देकर युवाओं को भविष्य के लिए तैयार करने का सशक्त रोडमैप प्रस्तुत किया गया है। साथ ही एआई आधारित स्वास्थ्य इनोवेशन को बढ़ावा देने से तकनीकी शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं-दोनों को नई दिशा मिलेगी। उन्होंने कहा कि यह बजट समावेशी विकास का सशक्त उदाहरण है। हथकरघा एवं हस्तशिल्प क्षेत्र को दिए गए विशेष प्रोत्साहन से छत्तीसगढ़ के 7 लाख से अधिक हथकरघा श्रमिकों एवं उनके परिवारों को प्रत्यक्ष लाभ मिलेगा, जिससे ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती प्राप्त होगी।मंत्री श्री यादव ने बताया कि केंद्रीय बजट में 20 हजार नए पर्यटन केंद्रों के विकास, 10 हजार टूरिस्ट गाइडों को हाई-टेक प्रशिक्षण, सात नए जलमार्गों, सात रेल कॉरिडोर तथा पाँच आयुर्वेद आधारित एम्स की स्थापना का प्रावधान किया गया है। इन योजनाओं से छत्तीसगढ़ सहित पूरे देश में आर्थिक, सामाजिक एवं स्वास्थ्य क्षेत्र में व्यापक विकास होगा और रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे। उन्होंने इस ऐतिहासिक बजट के लिए प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी एवं वित्त मंत्री श्रीमती निर्मला सीतारमण का हृदय से आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यह बजट निश्चित रूप से छत्तीसगढ़ सहित पूरे देश को प्रगति के नए शिखर तक ले जाएगा।
- -संरक्षण क्षमता महोत्सव का उद्घाटन किया राज्यपाल नेरायपुर। पेट्रोलियम उत्पादों के विवेकपूर्ण उपयोग एवं ऊर्जा संरक्षण के उद्देश्य से सार्वजनिक क्षेत्र की तेल एवं गैस कंपनियों के सहयोग से संरक्षण क्षमता महोत्सव ‘सक्षम 2025-26’ का आयोजन 1 से 14 फरवरी तक किया जा रहा है।इस अभियान के अंतर्गत राज्य स्तरीय कार्यक्रम का उद्घाटन आज स्थानीय सर्किट हाउस में राज्यपाल श्री रमेन डेका ने किया।राज्यपाल श्री रमेन डेका ने कहा कि सक्षम एक अत्यंत महत्वपूर्ण जन-जागरूकता कार्यक्रम है, जो आने वाली पीढि़यों के भविष्य से जुड़ा हुआ है। उन्होंने कहा कि सभ्यता के विकास के साथ मानव को ऊर्जा के अनेक साधन प्राप्त हुए हैं, लेकिन इनके अत्यधिक उपयोग से प्रकृति और भावी पीढि़यों पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है। उन्होंने कहा कि अतिरिक्त दोहन से नुकसान होता है, इसलिए सतत विकास के लिए प्रकृति के साथ संतुलन बनाए रखना आवश्यक है। स्वच्छ हवा और स्वच्छ पानी हमारे मूलभूत अधिकार हैं। नदियों और पेड़ों को उनके प्राकृतिक स्वरूप में सुरक्षित रखना चाहिए।राज्यपाल ने कीटनाशकों के अंधाधुंध प्रयोग और माइक्रो-प्लास्टिक से होने वाले दुष्प्रभावों की ओर भी ध्यान आकर्षित किया। उन्होंने कहा कि माइक्रो-प्लास्टिक का प्रभाव तेजी से बढ़ रहा है और यह अब गौ माता के दूध में भी पाया जा रहा है। प्रकृति को सबसे अधिक नुकसान मनुष्य स्वयं पहुंचा रहा है, इसलिए शिक्षा और जागरूकता अत्यंत आवश्यक है।श्री डेका ने कहा कि जागरूकता केवल बोलने से नहीं आती, बल्कि इसे हमारी दिनचर्या और आदतों का हिस्सा बनाना होगा। उन्होंने बिजली के दुरुपयोग को रोकने और हर स्तर पर ऊर्जा संरक्षण की आवश्यकता पर बल दिया। उन्होंने कहा कि भविष्य में पेट्रोल और डीजल के सीमित होने पर हमें ऊर्जा के वैकल्पिक स्रोतों पर निर्भर रहना पड़ेगा। इसके लिए ग्रीन एनर्जी और सोलर एनर्जी के उपयोग को बढ़ावा देना होगा। अत्यधिक पेट्रोल ,डीजल उपयोग से पर्यावरण भी प्रदूषित होता है, इसलिए संतुलन बनाना जरूरी है।राज्यपाल ने ‘एक पेड़ मां के नाम’ लगाने का आह्वान करते हुए जल संरक्षण पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ में जल का अत्यधिक दोहन हो रहा है। बड़े किसानों को अपने खेतों में डबरी निर्माण करना चाहिए, जिससे सामूहिक लाभ हो सके। साथ ही पुराने तालाबों और डबरियों के पुनर्जीवन की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि समाज ने हमें बहुत कुछ दिया है और समाज के प्रति हमारा भी दायित्व बनता है।कार्यक्रम में स्वागत उद्बोधन श्री नितिन चव्हाण राज्य स्तरीय समन्वयक एवं मंडल प्रमुख इंडियन ऑयल द्वारा दिया गया। आभार प्रदर्शन हिंदुस्तान पैट्रोलियम के श्री नितिन श्रीवास्तव ने किया।इस अवसर पर इंडियन ऑयल, भारत पैट्रोलियम और हिंदुस्तान पेट्रोलियम तथा गेल के वरिष्ठ अधिकारी गण, कर्मचारी, विद्यार्थी तथा नागरिक गण उपस्थित थे।
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बिलासपुर/संभागीय मुख्यालय बिलासपुर में धरना - प्रदर्शन के लिए नए स्थल निर्धारण के लिए 2 फरवरी को शाम 5 बजे जिला कार्यालय के मंथन सभाकक्ष में जरूरी बैठक आहूत की गई है। कलेक्टर संजय अग्रवाल और एसएसपी रजनेश सिंह की मौजूदगी में विभिन्न संगठनों से विचार - विमर्श कर नए स्थल का चिन्हांकन किया जाएगा। कलेक्टर एवं जिला दंडाधिकारी संजय अग्रवाल ने बैठक में विभिन्न राजनीतिक, सामाजिक, व्यावसायिक और शासकीय कर्मचारी संगठनों के पदाधिकारियों को शामिल होने का अनुरोध किया है।
गौरतलब है कि लोकतांत्रिक व्यवस्था व संविधान में दिए गए अधिकारों के अंतर्गत सभी नागरिकों और संगठनों को विधि पूर्वक, शांति पूर्ण आचरण से अपनी बात रखने के लिए स्वतंत्रता दी गयी है l जिसके तहत अपनी मांग रखने,संदेश देने के लिए धरना,रैली,जुलूस निकाल कर ज्ञापन दिया जाता है l जिला बिलासपुर में धरना,रैली और जुलूस हेतु मुख्य रूप से नेहरू चौक का उपयोग किया जाता है l यह चौक यातायात की दृष्टि से सबसे व्यस्त व महत्वपूर्ण चौक है। यहां आयोजित धरना प्रदर्शन से यातायात गंभीर रूप से प्रभावित होता है और आगंतुकों को परेशानी होती है l यहाँ स्थित अनुविभागीय अधिकारी (रा.) व तहसील कार्यालय, नवीन भवन का निर्माण प्रस्तावित है। निर्माणाधीन अवधि में यहां किसी भी धरना-प्रदर्शन के लिए अनुमति दिया जाना सम्भव नहीं होगा l उक्त स्थिति से अवगत कराने और सभी स्टेक होल्डर से चर्चा कर नवीन स्थल चिन्हांकित करने के लिए कलेक्टर एवं जिला दंडाधिकारी की अध्यक्षता एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक की उपस्थिति में मंथन सभा कक्ष कलेक्ट्रेट बिलासपुर में कल 02 फरवरी को शाम 5 बजे बैठक आयोजित है l जिसमें संगठन के प्रमुख पदाधिकारी सादर आमंत्रित है । -
डॉ जाट ने कृषि विश्वविद्यालय की अनुसंधान और विस्तार गतिविधियों की सराहना की
रायपुर/.भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद (आईसीएआर) के महानिदेशक डॉ. एम. एल. जाट ने आज यहां इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय रायपुर के उत्पाद विक्रय काउंटर का दौरा कर विश्वविद्यालय द्वारा विकसित विभिन्न कृषि उत्पादों, तकनीकों एवं मूल्य संवर्धित वस्तुओं का अवलोकन किया। डॉ जाट ने कृषि विश्वविद्यालय की इस अभिनव पहल की सराहना की. इस अवसर पर उन्होंने वैज्ञानिकों, कृषि उद्यमियों तथा आईजीकेवी से संबद्ध कृषि विज्ञान केंद्रों (केवीके) एवं एफपीओ प्रतिनिधियों से संवाद किया। इस विक्रय केंद्र में इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय के अंतर्गत संचालित कृषि विज्ञान केंद्रों, कृषक उत्पाद संगठनों तथा महिला स्व सहायता समूहों द्वारा उत्पादित कृषि उत्पादों का विक्रय किया जा रहा है.भ्रमण के दौरान डॉ. जाट के साथ प्रमुख रूप से डॉ. डी. के. यादव, उप महानिदेशक (फसल विज्ञान), आईसीएआर; डॉ. राजवीर सिंह, उप महानिदेशक (विस्तार), आईसीएआर; डॉ. गिरीश चंदेल, कुलपति, आईजीकेवी; डॉ. पी. के. रॉय, निदेशक, एनआईबीएसएम, रायपुर; डॉ. एस. आर. के. सिंह, निदेशक, अटारी जोन-IX, जबलपुर तथा डॉ. एस. एस. टुटेजा, निदेशक, विस्तार सेवाएं, आईजीकेवी, रायपुर उपस्थित थे।महानिदेशक ने आईजीकेवी की अनुसंधान, विस्तार एवं प्रौद्योगिकी हस्तांतरण गतिविधियों की समीक्षा की तथा विभिन्न महाविद्यालयों, केवीके एवं केवीके-समर्थित एफपीओ द्वारा तैयार उत्पादों की गुणवत्ता की सराहना की। उन्होंने बाजारोन्मुख कृषि, मूल्य संवर्धन, ब्रांडिंग और व्यावसायीकरण पर विशेष बल देते हुए कहा कि ऐसे प्रयास किसानों की आय वृद्धि में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।यह भ्रमण नवाचार-आधारित एवं किसान-केंद्रित कृषि विकास के प्रति आईसीएआर की प्रतिबद्धता को दर्शाता है। -
-निर्वाण दिवस पर महात्मा गाँधी को मूर्ति स्थल पर नगर निगम संस्कृति विभाग अध्यक्ष अमर गिदवानी, राजस्व विभाग अध्यक्ष अवतार भारती बागल, जोन 4 अध्यक्ष मुरली शर्मा ने किया सादर नमन0
रायपुर -विगत दिवस महात्मा गाँधी के 78वें निर्वाण दिवस पर रायपुर नगर पालिक निगम के संस्कृति विभाग के तत्वावधान में रायपुर नगर निगम जोन 4 के सहयोग से ऐतिहासिक टाउनहाल के प्रांगण में मूर्ति स्थल के समक्ष उन्हें सादर नमन करने संक्षिप्त पुष्पांजलि आयोजन रखा गया, जिसमें पहुंचकर छग राज्य नागरिक आपूर्ति निगम के अध्यक्ष श्री संजय श्रीवास्तव ने महात्मा गांधी को निर्वाण दिवस शहीद दिवस पर सादर नमन किया.
नगर निगम संस्कृति विभाग के तत्वावधान में और नगर निगम जोन क्रमांक 4 के सहयोग से रखे गए संक्षिप्त पुष्पांजलि आयोजन में प्रमुख रूप से रायपुर नगर पालिक निगम संस्कृति विभाग अध्यक्ष श्री अमर गिदवानी, राजस्व विभाग अध्यक्ष श्री अवतार भारती बागल, जोन 4 जोन अध्यक्ष श्री मुरली शर्मा, जोन 4 उप अभियंता श्री हिमांशु चंद्राकर सहित राजधानी शहर रायपुर के गणमान्यजनों, सामाजिक कार्यकर्त्ताओं और आमजनों ने महात्मा गाँधी को 78वें निर्वाण दिवस शहीद दिवस पर महात्मा गाँधी के मूर्ति स्थल पर पहुंचकर पुष्पांजलि अर्पित की. -
एमआईसी सदस्यों सहित तेलीबाँधा तालाब मरीन ड्राइव पहुंचीं महापौर ने प्रतिदिन मॉर्निग वाक करने वाले सैकड़ों लोगों को पार्किंग शुल्क से तत्काल दिलवाई पूर्ण राहत
रायपुर/रायपुर नगर पालिक निगम रायपुर की महापौर श्रीमती मीनल चौबे राजधानी शहर रायपुर के तेलीबाँधा तालाब मरीन ड्राइव वाहन पार्किंग स्थल पहुंचीं और महापौर श्रीमती मीनल चौबे ने नगर निगम एमआईसी सदस्य सर्वश्री मनोज वर्मा, अवतार भारती बागल, दीपक जायसवाल, संतोष सीमा साहू, अमर गिदवानी, पार्षद श्री प्रदीप वर्मा सहित उपायुक्त राजस्व श्रीमती जागृति साहू, जोन 3 कार्यपालन अभियंता श्री ईश्वर लाल टावरे, सहायक अभियंता श्री नरेश साहू, उप अभियंता श्री अक्षय भारद्वाज, बाजार विभाग के श्री आकाश झा की उपस्थिति में वाहन पार्किंग व्यवस्था का प्रत्यक्ष निरीक्षण कर स्थल समीक्षा करते हुए प्रतिदिन सुबह सैकड़ों की संख्या में मॉर्निंग वाक करने वाले लोगों से कोई भी वाहन पार्किंग शुल्क नहीं लेने और इसका विशेष ध्यान रखने के सख्त निर्देश दिए कि मरीन ड्राइव तेलीबांधा तालाब में मार्निग वाक करने वाले किसी भी नागरिक को किसी प्रकार की असुविधा ना होने पाए.
महापौर श्रीमती मीनल चौबे ने कहा कि हमारी नगर निगम परिषद मरीन ड्राइव में मार्निग वाक पर आने वाले सैकड़ों नागरिकों से वाहन पार्किंग शुल्क नहीं लेगी और उन्हें इससे पूर्ण राहत देगी. उसके बाद दिन भर वाहन पार्किंग व्यवस्था यहाँ दिन भर रहने वाले अव्यवस्थित सड़क यातायात को सुगम और सुव्यवस्थित बनाने में जनहित में जनसुविधा की दृष्टि से सहायक सिद्ध हो सकेगी. - -अबूझमाड़ पीस हाफ मैराथन: शांति, विश्वास और विकास का सामूहिक दौड़-मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने नारायणपुर में अबूझमाड़ पीस हॉफ मैराथन को दिखाई हरी झंडी-10 हजार से अधिक प्रतिभागियों ने लगाई दौड़, आत्मसमर्पित नक्सली भी बने आयोजन का हिस्सारायपुर / अबूझमाड़ की पावन धरती से शांति, सद्भाव और विकास का सशक्त संदेश देते हुए आज अबूझमाड़ पीस हाफ मैराथन 2026 का भव्य एवं ऐतिहासिक आयोजन किया गया। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने आज अलसुबह नारायणपुर के हाईस्कूल परिसर के समीप आयोजित हाफ मैराथन सहभागिता की और धावकों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया तथा सांकेतिक रूप से स्वयं भी दौड़ लगाई। इस दौरान मुख्यमंत्री ने विजयी प्रतिभागियों को प्रदान किए जाने वाले मैडल का अनावरण भी किया।मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने कहा कि आज अबूझमाड़ की धरती से पूरे देश और दुनिया को अमन और शांति का मजबूत संदेश दिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि यह वही अबूझमाड़ है, जहाँ कभी आम नागरिकों और जवानों का पहुँचना भी कठिन था, लेकिन आज सकारात्मक वातावरण के कारण हजारों लोग यहाँ एकत्रित हुए हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि बस्तर में माओवाद से मुक्ति की दिशा में युवा वर्ग का जोश और उत्साह यह संकेत दे रहा है कि जल्द ही यह क्षेत्र खुशियों से आबाद होगा।मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि यह परिवर्तन डबल इंजन सरकार की नीतियों और नेतृत्व का परिणाम है। उन्होंने प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी एवं केंद्रीय गृहमंत्री श्री अमित शाह के संकल्प और दृढ़ इच्छाशक्ति का उल्लेख करते हुए कहा कि 31 मार्च 2026 तक देश से नक्सलवाद के समूल उन्मूलन का लक्ष्य तय किया गया है और बस्तर लाल आतंक से पूरी तरह मुक्त होगा। उन्होंने नक्सलवाद के विरुद्ध संघर्ष में लगे सुरक्षा बलों के अधिकारियों एवं जवानों के अदम्य साहस और पराक्रम को नमन करते हुए कहा कि उन्हीं के बलिदान और समर्पण से आज बस्तर क्षेत्र में शांति और विकास की मजबूत नींव पड़ी है।मुख्यमंत्री ने जानकारी दी कि हाल ही में बस्तर क्षेत्र में 351 करोड़ रुपये के विकास कार्यों का लोकार्पण एवं भूमिपूजन किया गया है तथा नए विकास कार्यों की घोषणा भी की गई है। उन्होंने कहा कि नक्सलवाद के कारण यह क्षेत्र पिछले चार दशकों से विकास से वंचित रहा, लेकिन अब ऐसा नहीं होगा और बस्तर में विकास की गंगा निरंतर बहेगी। उन्होंने सम्पूर्ण बस्तर और छत्तीसगढ़ को विकास की मुख्यधारा से जोड़ने के सरकार के संकल्प को दोहराया।उल्लेखनीय है कि यह 21 किलोमीटर लंबी हाफ मैराथन नारायणपुर से बासिंग तक आयोजित की गई, जिसमें देश-विदेश से आए 60 से अधिक विदेशी प्रतिभागियों सहित बस्तर संभाग, प्रदेश एवं अन्य राज्यों के 10 हजार से अधिक धावकों ने भाग लिया। मैराथन से पूर्व हाईस्कूल परिसर में जुंबा वॉर्मअप कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसमें हजारों प्रतिभागियों ने एक साथ उत्साहपूर्वक सहभागिता की।आत्मसर्पित माओवादी बने मैराथन का हिस्साइस आयोजन की सबसे विशेष और ऐतिहासिक बात यह रही कि आत्मसमर्पित माओवादी युवाओं ने भी हथियार छोड़कर शांति और मुख्यधारा में लौटने का संदेश देते हुए मैराथन में हिस्सा लिया। नारायणपुर की अबूझमाड़िया जनजाति सहित स्थानीय समुदाय की सक्रिय भागीदारी ने इस आयोजन को और अधिक प्रभावशाली एवं प्रेरणादायी बनाया।कार्यक्रम में वन एवं पर्यावरण मंत्री एवं क्षेत्रीय विधायक श्री केदार कश्यप, जिले के प्रभारी मंत्री श्री टंकराम वर्मा, बस्तर सांसद श्री महेश कश्यप, छत्तीसगढ़ राज्य लघु वनोपज संघ के अध्यक्ष श्री रूपसाय सलाम, वैद्यराज पद्मश्री श्री हेमचंद मांझी, मुख्यमंत्री के सचिव श्री राहुल भगत, बस्तर कमिश्नर श्री डोमन सिंह, आईजी श्री पी. सुंदरराज, कलेक्टर श्रीमती नम्रता जैन, पुलिस अधीक्षक श्री राबिनसन गुरिया, जिला सीईओ श्रीमती आकांक्षा शिक्षा खलखो सहित जनप्रतिनिधि, प्रशासनिक अधिकारी एवं बड़ी संख्या में नागरिक उपस्थित रहे।
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वार्ड 51 में शीघ्र बनेगी सीसी रोड, धरसींवा विधायक अनुज शर्मा और महापौर मीनल चौबे ने किया भूमिपूजन, समयसीमा और गुणवत्ता का ध्यान रखकर नया विकास कार्य करवाने दिए निर्देश0
रायपुर/ धरसींवा विधानसभा क्षेत्र अंतर्गत रायपुर नगर पालिक निगम जोन क्रमांक 9 अंतर्गत लालबहादुर शास्त्री वार्ड क्रमांक 51 क्षेत्र में शीघ्र जोरा मुक्तिधाम का सौंदर्यीकरण कार्य राज्य प्रवर्तित योजना अंतर्गत 60 लाख रूपये की स्वीकृत लागत से किया जायेगा और वार्ड 51 क्षेत्र अंतर्गत पंजाब केसरी भवन के समीप नवीन सीसी रोड का निर्माण अधोसंरचना मद अंतर्गत 8 लाख 68 हजार रूपये की लागत से शीघ्र सुगम यातायात कायम करने किया जायेगा. जोरा मुक्तिधाम में शेड निर्माण, बाउंड्रीवाल निर्माण, लैंड स्केपिंग सहित विविध आवश्यक सौंदर्यीकरण के नवीन कार्य होंगे. धरसींवा विधायक श्री अनुज शर्मा और नगर पालिक निगम रायपुर की महापौर श्रीमती मीनल चौबे ने जोरा मुक्तिधाम सौंदर्यीकरण और सीसी रोड निर्माण का कार्य नगर निगम लोक कर्म विभाग अध्यक्ष श्री दीपक जायसवाल, जोन 9 जोन अध्यक्ष श्री गोपेश साहू, वार्ड 51 पार्षद श्रीमती रेणु जयंत साहू सहित जोन 9 जोन कमिश्नर श्री अंशुल शर्मा सीनियर सहित अन्य सम्बंधित जोन 9 अधिकारियों, महिलाओं, गणमान्यजनों, सामाजिक कार्यकर्त्ताओं, नवयुवकों, आमजनों की बड़ी संख्या में उपस्थिति के मध्य श्रीफल फोड़कर और कुदाल चलाकर भूमिपूजन करते हुए कार्यरम्भ किया और जोन 9 जोन कमिश्नर को तत्काल वार्ड 51 में नए विकास कार्य प्रारम्भ करवाकर सतत मॉनिटरिंग करते हुए जनहित में जनसुविधा विस्तार हेतु तय समयसीमा के भीतर उच्च स्तरीय गुणवत्ता का ध्यान रखकर प्राथमिकता के साथ पूर्ण करवाया जाना सुनिश्चित करवाने निर्देशित किया. - -मुख्यमंत्री विभिन्न कार्यक्रमों में हुए शामिलरायपुर / दो दिवसीय नारायणपुर प्रवास पर पहुँचे मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने अबूझमाड़ क्षेत्र में आयोजित पीस हाफ मैराथन के शुभारंभ के साथ-साथ अनेक सामाजिक, खेल और पर्यटन गतिविधियों में शामिल हुए। मुख्यमंत्री ने क्षेत्र में शांति स्थापना, आजीविका संवर्धन और स्थानीय सहभागिता को बढ़ाने के लिए राज्य शासन द्वारा किए जा रहे प्रयासों का अवलोकन किया, उन्हें प्रोत्साहित किया तथा लोगों से संवाद कर सहभागिता और विश्वास को और मजबूत किया।बाइकर्स को दिखाई हरी झंडीमुख्यमंत्री श्री साय ने शांत सरोवर के समीप रायपुर के छत्तीसगढ़ राइडिंग क्लब के 40 बाइकर्स को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। यह बाइकर्स समूह नारायणपुर के सुदूर पर्यटन स्थल कच्चापाल तक की यात्रा करेगा। इस पहल के माध्यम से अबूझमाड़ को जानने, समझने और शांति का संदेश जन-जन तक पहुँचाने का प्रयास किया जा रहा है।शांत सरोवर में नौका विहारबिजली गाँव के समीप स्थित शांत सरोवर में मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने वन मंत्री श्री केदार कश्यप, राजस्व मंत्री श्री टंकराम वर्मा, सांसद बस्तर श्री महेश कश्यप एवं लघु वनोपज के अध्यक्ष श्री रूपसाय सलाम के साथ नौका विहार का आनंद लिया। स्थानीय पर्यटन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से यह विशेष पहल स्थानीय प्रशासन के द्वारा की गई है।तीर-धनुष से साधा लक्ष्यमुख्यमंत्री श्री साय ने बिंजली में आयोजित कार्यक्रम के दौरान तीरंदाजी के स्थानीय युवा खिलाड़ियों से आत्मीय मुलाकात की और स्वयं तीर-धनुष उठाकर लक्ष्य साधते हुए खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन किया। उन्होंने कहा कि बस्तर अंचल में खेल प्रतिभाओं की कोई कमी नहीं है। आदिवासी समाज की पारंपरिक दक्षताओं को आधुनिक प्रशिक्षण से जोड़कर राष्ट्रीय स्तर तक पहुँचाने के लिए राज्य सरकार निरंतर प्रयास कर रही है। शांति, आजीविका और खेलों के विकास में प्रशासन द्वारा समन्वित प्रयास किया जा रहा है।मुख्यमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ सरकार जिला प्रशासन और सुरक्षा बलों के साथ मिलकर क्षेत्र में शांति स्थापना, आजीविका संवर्धन, खेल प्रतिभाओं को मंच देने और विश्वास का वातावरण बनाने के लिए सतत कार्य कर रही है। कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री के सचिव श्री राहुल भगत, कमिश्नर श्री डोमन सिंह, आईजी श्री सुंदरराज पी, कलेक्टर सुश्री नम्रता जैन, पुलिस अधीक्षक श्री रॉबिन्सन गुरिया, सीईओ सुश्री आकांक्षा शिक्षा खलखो सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।
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-पूरी सड़क को मार्च के दूसरे सप्ताह तक शत - प्रतिशत पूर्ण कर लोकार्पण करने तैयार करें - दक्षिण विधायक श्री सुनील सोनी के जनहित में अधिकारियों को सख्त निर्देश
-दक्षिण विधायक ने आयुक्त श्री विश्वदीप सहित जोन 6 अध्यक्ष श्री बद्री प्रसाद गुप्ता, पार्षद श्री रवि सोनकर सहित भाठागांव रोड का प्रत्यक्ष निरीक्षण कर की स्थल समीक्षा
रायपुर/आज रायपुर दक्षिण विधायक श्री सुनील सोनी ने राजधानी शहर रायपुर में भाठागांव रोड का प्रत्यक्ष निरीक्षण कर कार्य की प्रगति की स्थल समीक्षा कर कार्य को तत्काल गतिमान करते हुए भाठागांव रोड में एक ओर की रोड का कार्य हर हाल में 15 फरवरी तक हर हाल में पूर्ण करने के निर्देश दिए. दक्षिण विधायक ने पूर्ण रोड को कार्य मार्च के दूसरे सप्ताह तक पूर्ण करवाते हुए जनउपयोग हेतु लोकार्पण करने की तैयारी करने के सख्त निर्देश दिए हैँ.
नगर निगम रायपुर द्वारा, 15वें वित्त आयोग मद अंतर्गत 3 करोड़ 43 लाख रूपये की स्वीकृत लागत से भाठागांव चौक से दतरेंगा मोड तिफरा चौक तक मार्ग निर्माण कार्य निरन्तर प्रगतिरत है.
रायपुर दक्षिण विधायक श्री सुनील सोनी ने रायपुर नगर निगम आयुक्त श्री विश्वदीप, जोन 6 जोन अध्यक्ष श्री बद्री प्रसाद गुप्ता, वार्ड पार्षद श्री रवि सोनकर, मंडल अध्यक्ष श्री अभिषेक तिवारी, नगर निगम अधीक्षण अभियंता श्री इमरान खान, जोन 6 जोन कमिश्नर श्री हितेन्द्र यादव सहित नगर के गणमान्यजनों, सामाजिक कार्यकर्त्ताओं, स्थानीय निवासियों सहित भाठागांव रोड के कार्य की प्रगति का प्रत्यक्ष निरीक्षण कर स्थल समीक्षा कर आवश्यक निर्देश नगर निगम रायपुर के सम्बंधित अधिकारियों को दिए.
रायपुर दक्षिण विधायक श्री सुनील सोनी ने जनहित में अधिकारियों को स्पष्ट निर्देशित किया कि कार्य को तत्काल गतिमान करके सतत मॉनिटरिंग करते हुए भाठागांव रोड की एक ओर की सड़क का कार्य 15 फरवरी 2026 तक हर हाल में सड़क डामरीकरण कार्य करवाकर पूर्ण कर लेवें ओर पूर्ण सड़क का कार्य 15 मार्च तक शत - प्रतिशत पूर्ण करवाकर नए स्वरूप में सड़क मार्ग के जनउपयोग हेतु लोकार्पण की तैयारी कर लें.
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छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय, बिलासपुर परिसर में "An Evening of Musical Harmony" संपन्न
बिलासपुर। 31 जनवरी 2026 को छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय, बिलासपुर में "An Evening of Musical Harmony" का भव्य एवं संगीतमय कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
इस अवसर पर रेलवे सुरक्षा बल (RPF-SECR) बिलासपुर के पाइप एवं ब्रास बैंड द्वारा अनुशासित एवं मनमोहक संगीतमय प्रस्तुति दी गई, विशेष रूप से राष्ट्रगीत वंदे मातरम की प्रस्तुति से उपस्थित जनसमूह मंत्रमुग्ध हो गया। कार्यक्रम के माध्यम से संगीत, अनुशासन एवं सांस्कृतिक सौहार्द का सुंदर समन्वय देखने को मिला। बैंड द्वारा प्रस्तुत देशभक्ति धुनों, पारंपरिक एवं समकालीन संगीत की प्रस्तुति ने उपस्थित जनसमूह को भावविभोर कर दिया। बैंड सदस्यों की अनुशासित परेड, तालमेल एवं संगीतात्मक उत्कृष्टता ने उपस्थित दर्शकों को विशेष रूप से आकर्षित किया।
इस गरिमामय अवसर पर माननीय श्री न्यायाधीश रमेश सिन्हा, मुख्य न्यायाधीश छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय बिलासपुर के द्वारा बैंड की प्रस्तुति की सराहना करते हुए कलाकारों के अनुशासन एवं संगीतात्मक उत्कृष्टता को सराहा एवं प्रतिभागी सदस्यों को स्मृति चिह्न एवं प्रमाण-पत्र प्रदान किया गया। यह संगीतमय संध्या न्यायिक गरिमा के साथ-साथ सांस्कृतिक चेतना को प्रोत्साहित करने की दिशा में एक सराहनीय पहल रही।
इससे पूर्व छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय, बिलासपुर परिसर स्थित बुलंद दरवाज़ा एवं उससे संलग्न टैरेस गार्डन के सौंदर्यीकरण पश्चात लोकार्पण माननीय श्री मुख्य न्यायाधीश श्री रमेश सिन्हा के कर कमलों द्वारा किया गया। इसका उद्देश्य उच्च न्यायालय परिसर की गरिमा, ऐतिहासिक महत्व एवं पर्यावरणीय सौंदर्य को संरक्षित एवं संवर्धित करना है। सौंदर्गीकरण कार्यों के अंतर्गत संरचनात्मक सुधार, हरित विकास, एवं परिसर को अधिक सुव्यवस्थित एवं आकर्षक बनाने पर विशेष ध्यान दिया गया है, जिससे न्यायालय में आने वाले अधिवक्ताओं, पक्षकारों एवं आम नागरिकों को बेहतर वातावरण उपलब्ध हो सके।
उपरोक्त कार्यक्रम में छत्तीसगढ उच्च न्यायालय के समस्त माननीय न्यायाधीशगण, महाधिवक्ता, डिप्टी सालिसिटर जनरल, वरिष्ठ अधिवक्तागण, अतिरिक्त महाधिवक्ता, उप महाधिवक्तागण, अन्य अधिवक्तागण, रजिस्ट्रार जनरल, रजिस्ट्री में पदस्थ समस्त न्यायिक अधिकारीगण, जिला न्यायप्रशासन के अधिकारीगण, न्यायालयीन अधिकारी एवं कर्मचारी एवं अन्य गणमान्य अतिथि उपस्थित रहे। - -नारायणपुर के परीयना दिव्यांग आवासीय विद्यालय को बस देने की घोषणारायपुर, / मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय आज नारायणपुर जिले के गरांजी स्थित परीयना दिव्यांग आवासीय विद्यालय में अचानक छात्रों के बीच पहुंचे। विद्यालय पहुंचने पर संस्था में अध्ययनरत दिव्यांग छात्र रंजीत बड्डे सहित विशेष आवश्यकता वाले बच्चों ने मुख्यमंत्री का आत्मीय स्वागत किया। इस अवसर पर बच्चों द्वारा स्वागत गीत, हनुमान चालीसा एवं बस्तर अंचल के पारंपरिक गीतों की सुंदर प्रस्तुति दी गई, जिसने उपस्थित सभी अतिथियों को मंत्रमुग्ध कर दिया। बच्चों की मांग पर मुख्यमंत्री श्री साय ने विद्यालय को एक बस उपलब्ध कराने की घोषणा की।मुख्यमंत्री श्री साय ने बच्चों से चर्चा करते हुए कहा कि उन्हें मेहनत और आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ना चाहिए। विद्यालय में उपलब्ध सुविधाएं अच्छी हैं, उनका पूरा लाभ लेकर सभी अपने भविष्य को उज्ज्वल बनाएं। उन्होंने बच्चों को आईएएस, आईपीएस जैसे उच्च पदों तक पहुंचने के लिए प्रेरित किया और कहा कि किसी भी प्रकार की शारीरिक कमी से निराश नहीं होना चाहिए, क्योंकि विशेष आवश्यकता वाले व्यक्तियों पर ईश्वर का विशेष आशीर्वाद होता है। बच्चों ने जब उनसे पूछा गया कि उन्हें विद्यालय आकर कैसा लगा, तो मुख्यमंत्री ने कहा कि बच्चों के बीच आकर उन्हें अत्यंत प्रसन्नता हुई। एक बच्ची के प्रश्न पर मुख्यमंत्री ने बताया कि बचपन में उन्हें पिट्ठू, फुटबॉल जैसे खेल खेलना बहुत पसंद था।मुख्यमंत्री ने संस्था के सभी बच्चों को चॉकलेट वितरित कर आशीर्वाद दिया। दिव्यांग बच्चों की सांस्कृतिक प्रस्तुतियों की मुख्यमंत्री श्री साय सहित राजस्व मंत्री श्री टंकराम वर्मा, बस्तर सांसद श्री महेश कश्यप, अन्य जनप्रतिनिधियों, मुख्यमंत्री सचिव श्री राहुल भगत, कमिश्नर श्री डोमन सिंह एवं आईजी श्री सुंदरराज पी. ने सराहना की।उल्लेखनीय है कि परीयना दिव्यांग आवासीय विद्यालय का शुभारंभ 11 सितंबर 2023 को किया गया था। इसका संचालन जिला खनिज न्यास निधि से किया जा रहा है। विद्यालय का मुख्य उद्देश्य दिव्यांग बच्चों को समावेशी शिक्षा प्रदान कर उन्हें समाज की मुख्यधारा से जोड़ना है, जिससे उनका आत्मविश्वास सुदृढ़ हो और वे समाज में अपनी भूमिका प्रभावी रूप से निभा सकें। यह विद्यालय सामान्य और दिव्यांग बच्चों के बीच एक सेतु के रूप में कार्य कर रहा है। वर्तमान में विद्यालय में कुल 60 बच्चे अध्ययनरत हैं। विद्यालय में आडियोलॉजी, फिजियोथेरेपी, विशेष शिक्षा संगीत शिक्षा, खेलकूद, योग एवं व्यायाम, तथा कंप्यूटर शिक्षा की सुविधाएं उपलब्ध हैं।
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रायपुर। महाराष्ट्र मंडल के निर्विरोध नव निर्वाचित अध्यक्ष अजय मधुकर काले के साथ चेतन गोविंद दंडवते, गीता श्याम दलाल, श्याम सुंदर खंगन, परितोष डोनगांवकर, नमिता शेष और मालती मिश्रा को भी बिना विरोध कार्यकारिणी सदस्य चुने जाने का प्रमाण पत्र रविवार, एक फरवरी को दोपहर 3:30 बजे दिया जाएगा। हाल ही में संपन्न हुए चुनाव के मुख्य चुनाव अधिकारी शेखर राव साहेब अमीन मंडल भवन में सभी निर्विरोध निर्वाचित पदाधिकारियों को उनके एक अप्रैल 2026 से 31 मार्च 2028 तक की कार्यावधि के निर्वाचन का सर्टिफिकेट देंगे।
बताते चलें कि बतौर अध्यक्ष अजय मधुकर काले का यह नौंवा कार्यकाल होगा। इनमें वे लगातार सातवीं बार निर्विरोध निर्वाचित हुए हैं। इसी तरह चेतन दंडवते छह बार निर्विरोध कार्यकारिणी सदस्य चुने गए हैं।
मंडल की निर्वाचन नियमावली के अनुसार नया कार्यकाल शुरू होने के बाद अध्यक्ष काले अपनी कार्यकारिणी के लिए सात सभासदों को मनोनित करेंगे। इस तरह 13 सदस्यीय कार्यकारिणी को विभिन्न प्रकल्पों, सेवाभावी कार्यों और सालभर के बड़े आयोजनों का दायित्व दिया जाएगा। इस बीच आगामी दो वर्षों के लिए नए सिरे से विभिन्न समितियों के समन्वयक व प्रभारियों का भी मनोनयन किया जाएगा। - रायपुर। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने 01 फरवरी से माघपूर्णिमा के अवसर पर प्रारंभ हो रहे राजिम कुंभ कल्प, शिवरीनारायण मेला एवं सिरपुर महोत्सव के लिए प्रदेशवासियों को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दी हैं।मुख्यमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ के प्रयागराज के रूप में प्रसिद्ध राजिम में महानदी, पैरी और सोंढूर नदियों के पवित्र त्रिवेणी संगम पर आयोजित होने वाला राजिम कुंभ कल्प प्रदेश की आस्था और सांस्कृतिक परंपराओं का प्रतीक है। राज्य सरकार इसकी ऐतिहासिक पहचान और गरिमा को पुनर्स्थापित करने के लिए प्रतिबद्ध है, इसी उद्देश्य से ‘राजिम माघी पुन्नी मेला’ को पुनः ‘राजिम कुंभ कल्प’ का नाम दिया गया है।श्री साय ने बताया कि इस वर्ष राजिम कुंभ कल्प का आयोजन 01 फरवरी माघपूर्णिमा से 15 फरवरी महाशिवरात्रि तक किया जाएगा तथा इसे रामोत्सव के रूप में मनाया जाएगा। इस दौरान पुण्य स्नान, साधु-संतों के प्रवचन एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित होंगे।मुख्यमंत्री श्री साय ने माघपूर्णिमा पर शिवरीनारायण में महानदी, शिवनाथ एवं जोंक नदी के संगम पर लगने वाले मेले तथा महानदी तट पर माघी पूर्णिमा से प्रारंभ हो रहे सिरपुर महोत्सव के सफल आयोजन की भी शुभकामनाएं देते हुए कहा कि ये आयोजन छत्तीसगढ़ की आध्यात्मिक चेतना, लोक संस्कृति और पर्यटन को नई पहचान देंगे।
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0- विभिन्न समाजों के पदाधिकारियों की सिंधखेड़- नासिक से आए प्रतिनिधियों के साथ हुई बैठक
0 सभी समाजों को प्रतिनिधित्व देते हुए रविवार को बनाई जाएगी आयोजन समिति, बड़े पैमाने पर शुरू होगी तैयारी
रायपुर। छत्रपति शिवाजी महाराज की मां जिजाऊ बाई के मायके सिंधखेड़ से 12 फरवरी को शुरू हुई राष्ट्रीय गौरव यात्रा का सोमवार, 16 फरवरी को रायपुर आगमन पर भव्य स्वागत किया जाएगा। तात्यापारा चौक पर शिवाजी महाराज की विशाल प्रतिमा पर माल्यार्पण करने के बाद शहर के प्राइम लोकेशन में धर्मसभा का आयोजन किया जाएगा। महाराष्ट्र मंडल के अध्यक्ष अजय मधुकर काले ने इस आशय के विचार सर्वसमाज के प्रतिनिधियों की शनिवार देर शाम को हुई बैठक में व्यक्त किए।
काले ने कहा कि सिंधखेड़, नासिक सहित महाराष्ट्र के विभिन्न क्षेत्रों से यहां आए सैकड़ों मेहमानों के रुकने- भोजन की भी उच्च स्तरीय व्यवस्था की जाएगी, ताकि अगले दिन वे सभी स्नान-ध्यान और चाय- नाश्ते के बाद अपने अगले गंतव्य संबलपुर ओडिशा की ओर रवाना हो सके। साथ ही यहां की मेहमाननवाजी को वे हमेशा याद रख सकें।
काले ने अनुसार शहर के महत्वपूर्ण स्थान पर बड़े पैमाने पर सभा का आयोजन करने और 500 से अधिक मेहमानों के लिए भोजन- रुकने की व्यवस्था करने के लिए जिम्मेदार लोगों की आयोजन समिति तत्काल बनाना और उसका सक्रिय होना जरूरी है। काले ने कहा कि रविवार, एक फरवरी को महाराष्ट्र मंडल में होने वाली बैठक में न केवल हमारी आयोजन समिति अस्त्तिव में आ जाएगी, बल्कि समिति के सभी पदाधिकारियों के बीच जिम्मेदारियों का समान रूप बंटवारा भी हो जाएगा।
इससे पहले जिजाऊ बाई के 16वीं पीढ़ी के वंशज शिवाजी दत्तात्रेय राजे जाधव ने कहा कि आज हमारे बीच शिवाजी महाराज होते तो किसी को खाली बैठने नहीं देते। किसी से खेती करवाते, शिक्षा के क्षेत्र में काम लेते, धर्म आध्यात्म, पर्यावरण के काम में पारंगत करते, तो किसी से व्यवसाय करवाते। किसी को उद्योग चलाने की जिम्मेदारी दी जाती तो किसी को राज्य के प्रशासनिक अथवा सैन्य कार्यों में लगाया जाता। उनमें लोगों को परखकर उनसे काम निकलवाने की अद्भुत प्रतिभा थी।
जाधव ने कहा कि शिवाजी महाराज का लंबा इतिहास है लेकिन इसकी व्यापक जानकारी अधिकांश लोगों को नहीं है। राष्ट्रीय गौरव यात्रा जैसे आयोजन से हम शिवाजी महाराज के स्वराज को लेकर किए गए संघर्ष को घर- घर तक पहुंचा पाएंगे। उन्होंने कहा कि भारत क्रांति मिशन का प्रयास लगातार शिवाजी महाराज के प्रचार को लेकर जारी रहता है। नासिक कुंभ मेले में भी हमारा अभियान जोर- शोर से जारी रहेगा। जाधव ने कहा कि हममें से कितने लोगों को पता है कि छत्तीसगढ़ को छत्तीसगढ़ नाम भी शिवराया ने ही दिया है।
सिंधखेड़ से यहां पहुंचे विजय काकडे पाटिल ने बैठक में कहा कि शिवाजी महाराज के शासनकाल का गहन अध्ययन करने और काफी रिसर्च करने के बाद ही हमने राष्ट्रीय गौरव यात्रा का रूट सिंधखेड़ से जगन्नाथपुरी तय किया है। इस पूरे मार्ग पर शिवाजी महाराज के कार्य अभूतपूर्व हैं, जिसे हम लोगों के बीच प्रचारित करते चलेंगे। शिवाजी महाराज न सिर्फ महाराष्ट्र के हैं और न ही सिर्फ मराठियों के। वे पूरे राष्ट्र के हैं और उन्होंने समूचे भारत में स्वराज की नींव रखी थी। अपना संविधान बनाया था। इतिहास की जानकारी के अनुसार शिवाजी महाराज अखंड भारत के प्रणेता थे।
पाटिल ने कहा कि न्यूयार्क में 100 करोड़ रुपये की लागत से करीब 10 एकड भूभाग में खूबसूरत लैंड स्केपिंग के साथ शिवाजी महाराज की भव्य प्रतिमा प्रतिष्ठित करने की तैयारी चल रही है। इसी तरह करीब 12 देशों में भी शिवाजी महाराज की प्रतिमा लगाने की तैयारी है। प्रतिमा देने की जिम्मेदारी भारत क्रांति मिशन की है।
इस मौके पर नासिक से पधारे वैभव एकनाथ पांगारकर, विष्णु दादा पांगारकर, अमोल सोनवने, महाराष्ट्र मंडल के सचिव चेतन दंडवते, उपाध्यक्ष गीता दलाल, महिला प्रमुख विशाखा तोपखानेवाले, कार्यकारिणी सदस्य परितोष डोनगांवकर, आस्था काले, रेणुका पुराणिक, मालती मिश्रा, अखिल भारतीय कुर्मी महासभा के अध्यक्ष धनंजय सिंह वर्मा, मराठा समाज के अध्यक्ष लोकेश पवार, सचिव शरद फरताडे, कुनबी समाज के महासचिव अमित डोये, बृहन्महाराष्ट्र मंडल के छत्तीसगढ़ कार्यवाह सुबोध टोले, प्रदेश कुर्मी महासंगठन महिला शाखा की अध्यक्ष सारिका गेडेकर, प्रदेश तिरेला कुर्मी समाज के अध्यक्ष ललित काकडे, प्रदेश कुर्मी महासंगठन के हेमराज हाथीमारे, डॉ. धनंजय वर्मा, महाराष्ट्र मंडल के वरिष्ठ रंगसाधक अनिल कालेले, विनोद राखुंडे, पल्लवी मुकादम, अभय भागवतकर, वैभव बर्वे, प्रवीण क्षीरसागर, गौरी क्षीरसागर, ओपी कटारिया, शुभम् पुराणिक, दीपक पात्रीकर, तत्मय बक्षी सहित अनेक पदाधिकारी व सभासद उपस्थित रहे।







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