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- - किसानों को सफरी-17 धान की उत्परिवर्तित किस्म विक्रम-टीसीआर के उन्नत गुणों के बारे में बताया गयाराजनांदगांव । नाभिकीय कृषि एवं जैवप्रौद्योगिकी विभाग भाभा परमाणु अनुसंधान केंद्र मुंबई के प्रायोजन के फलस्वरूप कृषि विज्ञान केंद्र सुरगी एवं आनुवांशिकी एवं पादप प्रजनन विभाग इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय रायपुर के संयुक्त तत्वावधान में कृषि विज्ञान केन्द्र सुरगी परिसर में प्रक्षेत्र दिवस कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस अवसर पर मुख्य अतिथि के रूप में पूर्व सांसद श्री अभिषेक सिंह उपस्थित थे। उन्होंने वैज्ञानिकों से उन्नत फसल उत्पादन हेतु विस्तृत चर्चा करते हुए किसानों से सीधे संवाद कर विक्रम- टीसीआर किस्म एवं अन्य फसलों को बीज उत्पादन कार्यक्रम के अंतर्गत लगाने हेतु प्रोत्साहित किया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में उपस्थित आसपास के उन्नत प्रगतिशील किसानों के मध्य भाभा परमाणु अनुसंधान केन्द्र मुंबई एवं इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय रायपुर के सहयोग से विकसित धान की उत्परिवर्तित किस्म विक्रम-टीसीआर का व्यापक प्रसार किया गया।कार्यक्रम में भाभा परमाणु अनुसंधान केन्द्र मुंबई (बायोसाइंस ग्रुप) के निदेशक डॉ. पीए हसन, एनए-बीटीडी के विभागाध्यक्ष डॉ. एडी बलाल एवं सीआइएस, एनए-बीटीडी से प्रमुख वैज्ञानिक डॉ. बीके दास उपस्थित रहे। साथ ही इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय रायपुर से प्रमुख वैज्ञानिक के तौर पर प्रोफेसर डॉ. दीपक शर्मा एवं सहायक प्राध्यापक डॉ. परमेश्वर साहू उपस्थित हुए एवं सभी वैज्ञानिकों ने सफरी-17 धान की उत्परिवर्तित किस्म विक्रम-टीसीआर के उन्नत गुणों के बारे में न केवल किसानों को बताया। उन्होंने किसानों की धान फसल की उत्तम पैदावार और गुणवत्ता को बनाए रखने संबंधी चर्चा कर विक्रम- टीसीआर की उन्नत काश्त तकनीकी के फोल्डर भी किसानों को वितरित किया। कार्यक्रम में केंद्र की वरिष्ठ वैज्ञानिक एवं प्रमुख डॉ. गुंजन झा ने किसानों को धान की इस उन्नत किस्म को अपनाकर अधिक लाभ कमाने की सलाह दी। कृषि महाविद्यालय सुरगी के वैज्ञानिक प्राध्याक डॉ. द्विवेदी प्रसाद, डॉ. पूजा साहू, डॉ. डिकेश्वर निषाद एवं कृषि विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिक डॉ. अतुल डांगे, डॉ. नूतन रामटेके, श्री मनीष कुमार सिंह, डॉ. योगेंद्र श्रीवास, श्री जितेंद्र मेश्राम एवं श्री आशीष गौरव शुक्ला, कृषि विभाग राजनांदगांव से वरिष्ठ कृषि विकास अधिकारी एवं क्षेत्र के ग्रामीण कृषि विस्तार अधिकारी सहित राजनांदगांव जिले के नवाचारी एवं डॉ. खूबचन्द बघेल कृषि रत्न पुरस्कार, मल्टी लेयर फार्मिंग पुरस्कार, यंग इंडिया, वाटर हीरो एवं नवोन्मेषी किसान पुरस्कार से सम्मानित कृषक श्री अनेश्वर वर्मा एवं बड़ी संख्या में उन्नत एवं उन्नतशील किसान उपस्थित हुए। कार्यक्रम के अंत में सभी कृषकों को कृषि विज्ञान केंद्र सुरगी के प्रक्षेत्र में लगे सफरी-17 धान की उत्परिवर्तित किस्म विक्रम- टीसीआर को प्रत्यक्ष रूप से दिखाकर गुणों का अवलोकन कराया गया।
- - ममता नगर में नाली की नियमित सफाई के दिए निर्देशराजनांदगांव । कलेक्टर श्री जितेन्द्र यादव ने आज नगर निगम क्षेत्र के वार्ड 18 ममता नगर और वार्ड क्रमांक 2 नवागांव का भ्रमण कर सफाई व्यवस्था का निरीक्षण किया। उन्होंने ममता नगर में नाली की नियमित सफाई के निर्देश दिए। साथ ही एक स्थान पर फेंके गए कचरे को तत्काल साफ किए जाने नगर निगम आयुक्त को निर्देश दिए। कलेक्टर ने वार्डवासियों से चर्चा कर सफाई व्यवस्था की जानकारी ली तथा गीला व सूखा कचरा पृथक-पृथक रखे जाने एवं स्वच्छता दीदियों को डोर टू डोर संग्रहण के दौरान दिए जाने हेतु प्रेरित किया। वार्ड क्रमांक 2 में नाली सफाई की व्यवस्था पर असंतोष जाहिर किया। जिस पर उनके सामने ही सफाई प्रारंभ कराई गई। उन्होंने भविष्य में भी सप्ताह में 1 से 2 बार सफाई के लिए निर्देशित किया। जिसके 2 घंटे बाद ममता नगर स्थित मुक्कड़ पाईंट की सफाई का कार्य पूर्ण किया गया। उल्लेखनीय है कि दीपावली पर्व के दृष्टिगत शहर में तथा अन्य नगरीय निकायों में अभियान चलाकर साफ-सफाई का कार्य किया जा रहा है।
- -गेड़ी दौड़, पिट्ठूल और फुटबॉल खेलों में खिलाड़ियों ने दिखाया उत्साह और प्रतिभाअम्बिकापुर । युवाओं में खेल भावना को बढ़ावा देने और ग्रामीण प्रतिभाओं को मंच प्रदान करने के उद्देश्य से सांसद खेल महोत्सव के अंतर्गत विकासखण्ड स्तरीय खेल प्रतियोगिता का आयोजन जिले के लखनपुर, लुण्ड्रा,अंबिकापुर, मैनपाट और सीतापुर ब्लॉक में किया गया। दो दिवसीय इस खेल आयोजन में बड़ी संख्या में खिलाड़ी और खेलप्रेमी शामिल हुए।कार्यक्रम के तहत आयोजित खेलों में गेड़ी दौड़, पिट्ठूल और फुटबॉल प्रतियोगिताएं प्रमुख शामिल हैं। प्रतियोगिता में खिलाड़ियों ने पूरे जोश और प्रतिस्पर्धा के साथ विभिन्न खेलों में अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया।इस अवसर पर कार्यक्रम में शामिल जनप्रतिनिधियों ने कहा कि सांसद खेल महोत्सव जैसी पहल ग्रामीण अंचलों में छिपी खेल प्रतिभाओं को आगे लाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है। खेलों से अनुशासन, टीम भावना और आत्मविष्वास का विकास होता है, जो युवाओं के सर्वांगीण विकास के लिए आवश्यक है।विकासखण्ड स्तरीय प्रतियोगिता में विजेता खिलाड़ियों को आगामी जिला स्तरीय प्रतियोगिता में भाग लेने का अवसर मिलेगा। आयोजन समिति ने बताया कि खेल महोत्सव के माध्यम से प्रत्येक ब्लॉक में स्थानीय स्तर के खेलों को बढ़ावा देने और युवाओं को राष्ट्रीय स्तर पर आगे बढ़ने का अवसर प्रदान करने का लक्ष्य रखा गया है।
- -धनोरा की रतो बाई को विशेष परियोजना से मिला पक्का घररायपुर ।छत्तीसगढ़ रजत महोत्सव वर्ष में कोंडागांव जिले के केशकाल विकासखंड के ग्राम पंचायत धनोरा की रतो बाई के जीवन में प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) ने दीपोत्सव के पूर्व नई रोशनी लाई है। सुदूर वनांचल की अनुसूचित जनजाति वर्ग की महिला नक्सल हिंसा से पीड़ित रती बाई को केंद्रीय गृह मंत्री श्री अमित शाह और छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में चल रही इस महत्वाकांक्षी योजना के तहत एक विशेष परियोजना के माध्यम से पक्का आवास प्राप्त हुआ है।रतो बाई को योजना के तहत 1.20 लाख रुपये का अनुदान स्वीकृत किया गया था। इस योजना की एक उल्लेखनीय विशेषता यह भी है आवास निर्माण के लिए उन्हें मनरेगा के तहत 90 दिवस का सुनिश्चित पारिश्रमिक 23490 रूपए भी मिला। यह सहयोग रत्तो बाई के लिए एक महत्वपूर्ण संबल साबित हुआ। जीविकोपार्जन के लिए रतो बाई सब्जी बेचने का कार्य करती है। शासन की इस महत्वाकांक्षी योजना के साथ ही रतो बाई को महतारी वंदन योजना, उज्ज्वला योजना, नल जल योजना सौभाग्य योजना, शौचालय जैसे मूलभूत आवश्यकता को पूरा करने वाली योजनाओं का लाभ भी मिला है। यह विशेष परियोजना नक्सल हिंसा से प्रभावित वर्गों के कल्याण के लिए सरकार की संवेदनशीलता को दर्शाती है। इसका उद्देश्य ऐसे परिवारों को समाज की मुख्यधारा से जोड़ना और उन्हें सुरक्षित एवं सम्मानजनक जीवन जीने का अवसर प्रदान करना है।इस पक्के आवास की प्राप्ति ने उन्हें एक सुरक्षित ठिकाना दिया है और उनकी वर्षों पुरानी चिंता को समाप्त किया है। यह सफलता इस बात का प्रमाण है कि केंद्र और राज्य सरकार की योजनाओं का क्रियान्वयन किस प्रकार अंतिम व्यक्ति तक पहुँचकर उसके जीवन में सकारात्मक बदलाव ला रही है। यह योजना न केवल लोगों को पक्के मकान उपलब्ध करा रही है, बल्कि उन्हें रोजगार, सुरक्षा और सम्मान के साथ जीवन जीने का अधिकार भी सुनिश्चित कर रही है।
- -सरस मेले में महिला समूहों ने 60 लाख रूपयों से अधिक की सामग्री का किया विक्रयरायपुर । पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग अंतर्गत राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के द्वारा 08 से 18 अक्टूबर 2025 तक रायपुर के साइंस कॉलेज मैदान में ‘सरस मेला 2025’ का आयोजन किया गया। इस आयोजन के माध्यम ग्रामीण क्षेत्रों की महिलाओं की उद्यमिता को एक मंच प्रदान करने का कार्य किया गया है। जिससे महिलाएं आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर और सशक्त बन सकें।रायपुर में आयोजित इस सरस मेले में देशभर के 17 राज्यों के स्वसहायता समूहों की महिलाओं ने भाग लिया। इसके साथ ही छत्तीसगढ़ के सभी जिलों से आए स्व-सहायता समूहों द्वारा तैयार किए गए हस्तशिल्प, हैंडलूम वस्त्र, जैविक उत्पाद, पारंपरिक व्यंजन, गृह उपयोगी सामग्री आदि उत्पादों का 200 से ज्यादा स्टॉलों के माध्यम से प्रदर्शन एवं विक्रय किया गया। दीवाली पर्व के मद्देनजर समूह द्वारा विशेष रूप से हस्तनिर्मित सामाग्रियों से गिफ्ट हैम्पर भी बनाए गए थे। सभी स्टालों से 10 दिनों में लगभग 60 लाख रूपए से ज्यादा की सामाग्री का विक्रय किया गया। यह पहल प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी द्वारा नागरिकों से स्वदेशी वस्तुओं को क्रय करने की अपील को बल प्रदान करता है। जहां स्थानीय महिलाओं द्वारा त्यौहारी सीजन में तैयार किये गए उत्पादों को बहुत अच्छा प्रतिसाद प्राप्त हुआ। स्वदेशी उत्पादों को देखने के लिए बड़ी संख्या में ग्राहक मेले में पहुंचे थे।सरस मेला का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण महिलाओं द्वारा निर्मित उत्पादों को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाना, स्थायी बाजार उपलब्ध कराना और उन्हें उद्यमिता के नए अवसरों से जोड़ना रहा है। इस आयोजन ने हजारों महिलाओं को न केवल अपनी आर्थिक स्थिति सुधारने का मंच दिया, बल्कि उन्हें गौरव और आत्मविश्वास के साथ समाज में खड़ा होने का अवसर भी प्रदान किया है। त्यौहारों के अवसर पर छत्तीसगढ़ राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन द्वारा राज्य भर में स्व सहायता समूहों के द्वारा मेले का आयोजन कर विभिन्न उत्पादों एवं गिफ्ट हैंपरों का प्रदर्शन एवं विक्रय किया गया है। जिसमें रायपुर के अतिरिक्त राज्य के समस्त जिलों में कुल 155 स्टॉलों के माध्यम से कुल 15.55 लाख रुपए की सामग्री एवं 14.12 लाख रुपए के दिवाली गिफ्ट हैम्पर का विक्रय किया गया है। इस प्रकार सरस मेले एवं अन्य मेलों के माध्यम से बिहान की दीदीयों के द्वारा दिवाली के अवसर पर लगभग 90.00 लाख रुपए का व्यापार किया गया है।
- - छत्तीसगढ़ रजत महोत्सव में बिहान समूह की महिलाओं ने दीपावली पर किया कमाल, साप्ताहिक बाजार में दिखा हुनर और हौसलामोहला । पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग अंतर्गत छत्तीसगढ़ रजत महोत्सव 2025 के अवसर पर मोहला-मानपुर-अंबागढ़ चौकी की महिलाओं ने यह साबित कर दिया कि यदि ग्रामीण प्रतिभा को सही दिशा, मार्गदर्शन और मंच मिले, तो वे किसी भी अवसर को आजीविका का माध्यम बनाकर आत्मनिर्भरता की ओर कदम बढ़ा सकती हैं। राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के तहत चलने वाली बिहान योजना से जुड़ी महिला स्व-सहायता समूहों ने दीपावली जैसे पारंपरिक पर्व को आर्थिक अवसर में बदलते हुए एक प्रेरणादायक पहल की।ग्राम केवट टोला, मोहला और भोजटोला की निवासी महिलाओं ने सामूहिक प्रयासों के साथ अपने पारंपरिक ज्ञान और रचनात्मकता का उपयोग करते हुए दीपावली के उपयोगी उत्पाद जैसे रंगोली पाउडर, रुई की बाती, लक्ष्मी माता की मिट्टी से बनी मूर्तियाँ, अगरबत्ती, मिट्टी के दीये और मटके साथ ही पारंपरिक साड़ियाँ और मनिहारी सामग्री जैसे उत्पाद अपने ही हाथों से तैयार किए। महिलाओं ने इन उत्पादों की गुणवत्ता और पारंपरिकता पर विशेष ध्यान दिया, ताकि बाजार में उन्हें अच्छी मांग मिल सके।त्यौहार के पहले ही सप्ताह से इन महिलाओं ने मोहला के साप्ताहिक बाजार में दुकानें लगाई, जहाँ उन्होंने अपने उत्पादों को उचित मूल्य पर बेचा। ग्राहकों ने इन हस्तनिर्मित वस्तुओं की खूब सराहना की जिससे महिलाओं का मनोबल और भी बढ़ा। बिक्री से प्राप्त आय ने महिलाओं को आर्थिक रूप से सहयोग तो दिया ही, साथ ही उन्हें यह एहसास भी दिलाया कि वे अपने श्रम और हुनर से आत्मनिर्भर बन सकती हैं।इस पहल से जुड़ी कई महिलाओं ने पहली बार घर की चारदीवारी से बाहर निकलकर व्यापार किया। कई महिलाओं ने बताया कि पहले उन्हें यह विश्वास नहीं था कि वे खुद से कुछ बना और बेच सकती हैं लेकिन बिहान समूह से जुड़ने के बाद उन्हें प्रशिक्षण, सहयोग और एकजुटता मिली, जिससे उनका आत्मविश्वास भी बढ़ा। यह न केवल आजीविका का एक माध्यम बना, बल्कि सामाजिक पहचान और सशक्तिकरण का जरिया भी।बिहान योजना का उद्देश्य महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाना है। और यह सफलता उसकी एक सजीव मिसाल है। इस प्रकार की पहल ग्रामीण क्षेत्रों में महिला उद्यमिता, स्वावलंबन और सामुदायिक विकास को नई दिशा देती है। दीपावली पर शुरू हुई यह आर्थिक यात्रा सिर्फ एक पर्व तक सीमित नहीं रही, बल्कि महिलाओं के जीवन में एक स्थायी परिवर्तन की शुरुआत बन गई।
- रायपुर ।राज्यपाल श्री रमेन डेका से आज राजभवन में विभिन्न शासकीय एवं निजी विश्वविद्यालयों के कुलपतियों ने सौजन्य भेंट कर दीपावली की शुभकामनाएं दी। राज्यपाल ने भी उन्हें शुभकामनाएं दी।
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- अब महिलाओं को नहीं जाना पड़ेगा 100 किलोमीटर दूर
मोहला । कलेक्टर श्रीमती तुलिका प्रजापति के निर्देशानुसार तथा मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी के मार्गदर्शन में सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र मानपुर में दो सफल सिजेरियन डिलीवरी की गईं। इस उपलब्धि से क्षेत्र की गर्भवती महिलाओं को अब 100 किलोमीटर दूर राजनांदगांव मेडिकल कॉलेज जाने की आवश्यकता नहीं होगी।
ग्राम मानपुर की श्रीमती शशि परतेती एवं विकासखंड मोहला के ग्राम गिधाली की श्रीमती राजेश्वरी सलामे का सफल ऑपरेशन किया गया। दोनों जच्चा-बच्चा स्वस्थ हैं। इसमें डॉ.अरविंद बनकर स्त्री रोग विशेषज्ञ, डॉ.दिलीप किशोर शर्मा निश्चेतना विशेषज्ञ, डॉ.सुजाता किशोर शर्मा शिशु रोग विशेषज्ञ, डॉ.सीमा ठाकुर चिकित्सा अधिकारी डॉ.गिरीश खोब्रागढ़े खंड चिकित्सा अधिकारी तथा पूरी चिकित्सा टीम का विशेष योगदान रहा।
पहले गर्भवती महिलाओं को सिजेरियन डिलीवरी के लिए राजनांदगांव जाना पड़ता था, जिससे उन्हें आर्थिक एवं शारीरिक कठिनाइयों का सामना करना पड़ता था। अब यह सुविधा मानपुर में उपलब्ध होने से स्थानीय गर्भवती महिलाओं को बड़ी राहत मिलेगी और स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार से आमजन को व्यापक लाभ होगा। - -धर्मगुरु गुरु बालदास साहेब जी को दी जन्मदिन की शुभकामनाएंरायपुर। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय कौशल विकास, तकनीकी शिक्षा एवं रोजगार मंत्री गुरु खुशवंत साहेब के नवा रायपुर स्थित नवीन शासकीय आवास के गृहप्रवेश कार्यक्रम में शामिल हुए। मुख्यमंत्री श्री साय के धर्मगुरु गुरु बालदास साहेब जी को उनके जन्मदिन की बधाई एवं शुभकामनाएं देते हुए उन्हें शॉल व पुष्पगुच्छ भेंट किया। इस अवसर पर विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह, खाद्य मंत्री श्री दयालदास बघेल सहित अन्य गणमान्यजन उपस्थित थे।
- -राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मू द्वारा किया गया सम्मानितरायपुर। भारत सरकार के जनजातीय कार्य मंत्रालय, नई दिल्ली द्वारा आयोजित राष्ट्रीय कॉनक्लेव 2025 में सहायक आयुक्त, आदिवासी विकास अम्बिकापुर के डॉ. ललित शुक्ला को उत्कृष्ट राज्य मास्टर ट्रेनर (आदि कर्मयोगी अभियान) के रूप में सम्मानित किया गया। यह सम्मान राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मू के करकमलों से विज्ञान भवन, नई दिल्ली में आयोजित समारोह में प्रदान किया गया।यह सम्मान उन्हें धरती आबा जनजातीय ग्राम उत्कर्ष अभियान के तहत चलाए जा रहे “आदि कर्मयोगी अभियान” में उनके उत्कृष्ट कार्यों, प्रशिक्षण एवं जनजातीय नेतृत्व को सशक्त बनाने के उल्लेखनीय योगदान के लिए प्रदान किया गया। भारत सरकार के जनजातीय कार्य मंत्रालय द्वारा 10 जुलाई 2025 को आरंभ किए गए “आदि कर्मयोगी अभियान” का उद्देश्य भारत में जनजातीय समाज के लिए एक मजबूत, उत्तरदायी और सहभागी शासन प्रणाली विकसित करना है। इसे विश्व के सबसे बड़े जनजातीय नेतृत्व आंदोलन के रूप में परिकल्पित किया गया है, जो कैडर आधारित मॉडल और अंतर-विभागीय अभिसरण पर केंद्रित है। इस अभियान के माध्यम से आदिवासी समुदायों के अंतिम छोर तक शासन, योजनाओं और सेवाओं की प्रभावी पहुंच सुनिश्चित करने का लक्ष्य रखा गया है।
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-इस धनतेरस पर सभी नागरिकों के अच्छे स्वास्थ्य,मानसिक एवं शारीरिक समृद्धि की कामना .- डॉ. दिनेश मिश्र रायपुर
रायपुर। वास्तव में धनतेरस का उस धन सम्पत्ति से कोई सम्बन्ध नही है,जिसके विज्ञापनों से सारा बाजार ,सारा मीडिया पटा हुआ है. आज ही के दिन आयुर्वेदाचार्य एवं चिकित्सक धन्वन्तरि का हुए थे इन्होंने ही वनस्पतियों से औषधियों निकालने की परिकल्पना को मूर्त रूप दिया था ।इसलिए ही इनके एक हाथ में अमृत कलश और दूसरे हाथ में वनस्पतियों से चिकित्सा याआयुर्वेद की अवधारणा की गई है ।
"धन तेरस का धन से कोई संबंध नहीं है !"धन्वंतरि का जन्म त्रयोदशी के दिन होने के कारण इसे धन तेरस बोला जाता है । पर बढ़ते हुए वैश्विक बाजारीकरण एवं भौतिकतावाद की अंध दौड़ ने इसके रूप को गलत ढंग से प्रेषित किया है । और कुछ लोगों ने एक कदम आगे बढ़ कर इसे तारों ,ग्रहो नक्षत्रों को भी बाजार से जोड़ कर खरीदी, बिक्री के अनुकूल बता दिया .धन्वंतरी ने औषधीय वनस्पतियों के ज्ञाता होने के कारण उन्होंने यह बताया कि समस्त वनस्पतियाँ औषधि के समान हैं उनके गुणों को जान कर उनका सेवन करना व्यक्ति के शरीर के अंदर निरोगिता लाएगा जो स्वस्थ रहने में सहायक है,इसीलिएअमृत भी कहा जा सकता है .प्रकृति से जो औषधीय गुण अनेक वनस्पतियों को प्राप्त हुए हैं ,वह बेमिसाल हैं।धन्वंतरि को वनस्पतियों पर आधारित आयुर्वेद की चिकित्सा करनें वाले वैद्य आरोग्य का देवता कहते हैं। इन्होंने ही वनस्पतियों को ढूंढ ढूंढ कर अनेक औषधियों की खोज की थी। बताया जाता है ,इनके वंश में दिवोदास हुए जिन्होंने 'शल्य चिकित्सा' का विश्व का पहला विद्यालय काशी में स्थापित किया ,जिसके प्रधानाचार्य सुश्रुत बनाये गए थेसुश्रुत दिवोदास के ही शिष्य और ॠषि विश्वामित्र के पुत्र थे. उन्होंने ही सुश्रुत संहिता लिखी थी। सुश्रुत विश्व के पहले सर्जन (शल्य चिकित्सक) माने जाते हैं ,धन्वंतरि की स्मृति में ही इस दिन को "राष्ट्रीय आयुर्वेद दिवस" के रूप में भी मनाया जाता है ।याद रहे, उत्तम स्वस्थ्य एवम निरोगी शरीर ही जीवन की अमूल्य पूँजी और धन का प्रतीक है इसलिए आज का दिन धनतेरस के रूप में जाना जाता है ।ध्यान दें धनतेरस का इस प्रकार भौतिक सम्पत्ति, धनराशि, बहुमुल्य सम्पतियों, सोने चाँदी, वाहनों से कोई संबंध नहो है.इस धनतेरस पर सभी नागरिकों के अच्छे स्वास्थ्य,मानसिक एवं शारीरिक समृद्धि की कामना .- डॉ. दिनेश मिश्र रायपुर - -प्रदेश प्रवक्ता देवलाल ठाकुर ने कहा : सुरक्षा बलों व पुलिस के जवानों के शौर्य से नक्सलियों के हौसले पस्त, अब नक्सली भाग खड़े होने के लिए विवश हो रहेरायपुर। भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश प्रवक्ता देवलाल ठाकुर ने शुक्रवार को बस्तर में बड़ी संख्या में नक्सलियों द्वारा किए गए आत्म-समर्पण को भाजपा की केंद्र व प्रदेश सरकार के नक्सलियों के समूल खात्मे के संकल्प का साकार होना बताया है। प्रदेश प्रवक्ता श्री ठाकुर ने कहा कि सुरक्षा बलों व पुलिस के जवानों के शौर्य व प्रयासों से नक्सलियों के हौसले इतने पस्त हो गए हैं कि अब नक्सली भाग खड़े होने के लिए विवश हो रहे हैं। इसलिए आज आत्म-समर्पण करने वाले नक्सलियों की कतार इतनी लम्बी हो गई है।भाजपा प्रदेश प्रवक्ता श्री ठाकुर ने कहा कि केन्द्रीय गृह मंत्री अमित शाह का संकल्प एवं प्रदेश के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व वाली भाजपा सरकार के कामों पर विश्वास करते हुए नक्सली बड़ी संख्या में आत्म-समर्पण कर रहे हैं। केंद्रीय गृह मंत्री श्री शाह ने मार्च 2026 तक नक्सल मुक्त छत्तीसगढ़ का जो संकल्प व्यक्त किया था, वह सिद्धि की ओर तेजी से आगे बढ़ रहा है। शुक्रवार को 210 नक्सलियों के आत्म-समर्पण की जिक्र करते हुए प्रदेश प्रवक्ता श्री ठाकुर ने कहा कि अब पूरे देश से नक्सली समाप्त हो जाएंगे, और आदिवासी अंचल में सुख-शांति, समृद्धि व प्रगति दिखाई देने लगेगी। भाजपा की विचारधारा ही अंत्योदय व सर्वतोमुखी विकास की ओर अग्रसर होने की है और उस दिशा में हम तेजी से आगे बढ़ रहे हैं। निश्चित ही छत्तीसगढ़ में आने वाले समय में एक भी नक्सली नहीं बचेंगे और आदिवासी अंचल विकास की गाथा लिखेगा, यह भाजपा का संकल्प है।
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वृद्धजनों से आत्मीय बातचीत कर जाना हालचाल, व्यवस्थाओं की ली जानकारी
बालोद/कलेक्टर श्रीमती दिव्या उमेश मिश्रा ने आज संयुक्त जिला कार्यालय के समीप आदमाबाद में स्थित वृद्धाश्रम में वृद्धजनों से भेंट कर उनका हालचाल जाना। इस दौरान उन्होंने वृद्धाश्रम में निवासरत वृद्धजनों से आत्मीय बातचीत कर उनके स्वास्थ्य, भोजन, नाश्ता, इलाज, मनोरंजन एवं आवासीय व्यवस्था, साफ-सफाई आदि के संबंध में जानकारी ली। इस मौके पर कलेक्टर श्रीमती मिश्रा ने वृद्धजनों को कपड़ा आदि भी भेंट किया और दीपावली के पावन पर्व की अग्रिम बधाई एवं शुभकामनाएं दी। कलेक्टर श्रीमती मिश्रा के आत्मीय व्यवहार से वृद्धजन बहुत ही प्रसन्नचित नजर आने के साथ-साथ अपनत्व का भी अनुभव कर रहे थे। इस दौरान उन्होंने मौके पर उपस्थित वृद्वाश्रम के कर्मचारियों को वृद्धजनों को समय पर भोजन, नाश्ता एवं शुद्ध पेयजल कराने के अलावा उनके मनोरंजन एवं समय पर इलाज की सुविधा भी उपलब्ध कराने को कहा। -
-ग्रीष्मकालीन धान के रकबे में कमी लाकर दलहन, तिलहन एवं मक्का फसलों के क्षेत्र विस्तार के दिए निर्देश
रायपुर / प्रदेश की कृषि व्यवस्था को अधिक सुदृढ़ बनाने तथा आगामी फसल सीजन की तैयारी के लिए आज कृषि उत्पादन आयुक्त सुश्री सहला निगार की अध्यक्षता में रायपुर एवं दुर्ग संभाग के अधिकारियों की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में दोनों संभागों के संभागायुक्त, कलेक्टर, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी एवं संबंधित विभागों के जिला अधिकारी उपस्थित रहे।बैठक में सर्वप्रथम जिला कलेक्टरों द्वारा खरीफ 2025 की प्रगति एवं योजनाओं के क्रियान्वयन पर एजेंडा-वार प्रस्तुतीकरण दिया गया। इसके पश्चात विभागाध्यक्षों ने विभागवार प्रगति प्रतिवेदन प्रस्तुत किया तथा आगामी कार्ययोजना पर चर्चा की।खरीफ वर्ष 2025 की समीक्षाबैठक में खरीफ 2025 के अंतर्गत मुख्य रूप से धान के रकबे में कमी, फसल विविधीकरण, तथा दलहन-तिलहन फसलों के क्षेत्र विस्तार की समीक्षा की गई। साथ ही बीज, उर्वरक एवं ऋण वितरण की प्रगति पर भी चर्चा हुई। कृषि उत्पादन आयुक्त ने शासन की प्राथमिकताओं के अनुरूप योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन के निर्देश दिए।रबी 2025-26 के लिए कार्ययोजनारवि 2025-26 के अंतर्गत ग्रीष्मकालीन धान के रकबे में कमी लाकर दलहन, तिलहन एवं मक्का फसलों के क्षेत्र विस्तार के लिए ठोस कार्ययोजना बनाकर क्रियान्वित करने के निर्देश दिए गए। भारत सरकार की प्राइस सपोर्ट स्कीम अंतर्गत उड़द, अरहर, मूंग, चना, मसूर, सोयाबीन, मूंगफली एवं सरसों के उपार्जन से कृषकों को लाभान्वित करने हेतु व्यापक प्रचार-प्रसार करने पर बल दिया गया।प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजनाबैठक में प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना की 22वीं किस्त के लिए पंजीकृत किसानों का Agri-Stack अंतर्गत पंजीयन अनिवार्य बताया गया। सभी जिलों को शेष 7% लाभार्थियों का पंजीयन शीघ्र पूर्ण करने तथा संदिग्ध प्रकरणों का सत्यापन समय-सीमा में पूर्ण करने के निर्देश दिए गए। कृषि उत्पादन आयुक्त ने कलेक्टर कॉन्फ्रेंस में दिए गए निर्देशों का पालन सुनिश्चित करने पर जोर दिया।बीज उत्पादन एवं तिलहन विस्तारबैठक में जिलेवार बीज उत्पादन की समीक्षा की गई तथा आगामी वर्ष की बीज मांग को ध्यान में रखते हुए रवि 2025-26 में बीज उत्पादन कार्यक्रम को प्राथमिकता देने के निर्देश दिए गए। तेल पाम के क्षेत्र विस्तार पर भारत सरकार के विशेष जोर से सभी जिलों को प्राथमिकता से कार्य करने और अंतरवर्तीय फसल लेने के निर्देश भी दिए गए।अनुसंधान एवं उर्वरक आपूर्तिसंचालक, अनुसंधान सेवाएं द्वारा दलहन-तिलहन की नवीनतम किस्मों एवं उनकी उत्पादकता पर प्रस्तुतिकरण दिया गया। उन्होंने धान की तुलना में इन फसलों से होने वाले प्रति हेक्टेयर अधिक लाभ की जानकारी साझा की। सभी कलेक्टरों को इस जानकारी के प्रचार-प्रसार के निर्देश दिए गए। मार्कफेड के प्रबंध संचालक द्वारा आगामी रवि मौसम के लिए रासायनिक उर्वरकों की मांग, भंडारण एवं वितरण व्यवस्था की जानकारी दी गई। कृषकों को समय पर गुणवत्ता युक्त उर्वरक उपलब्ध कराने हेतु सहकारी समिति स्तर तक सतत निगरानी रखने के निर्देश दिए गए। बैठक में रायपुर संभाग आयुक्त श्री महादेव कावरे, दुर्ग संभाग आयुक्त श्री सत्यनारायण राठौर, कृषि विभाग के संचालक श्री राहुल देव सहित अन्य जिलों के कलेक्टर एवं जिला पंचायत के सीईओ उपास्थित थे। - -छत्तीसगढ़ में एमडी-एमएस की 61 नई पीजी सीटें स्वीकृत, अब राज्य में कुल 377 शासकीय सीटें उपलब्धरायपुर ।छत्तीसगढ़ के चिकित्सा शिक्षा क्षेत्र को एक और ऐतिहासिक उपलब्धि मिली है। राष्ट्रीय चिकित्सा आयोग (एनएमसी) द्वारा राज्य के विभिन्न शासकीय चिकित्सा महाविद्यालयों में एमडी-एमएस (चिकित्सा स्नातकोत्तर) की 61 नई सीटों की स्वीकृति प्रदान की गई है। इस स्वीकृति के साथ राज्य में शासकीय मेडिकल पीजी सीटों की संख्या 316 से बढ़कर 377 हो गई है। वहीं, निजी चिकित्सा महाविद्यालयों में कुल 186 सीटें हैं।आयुक्त, चिकित्सा शिक्षा विभाग श्रीमती शिखा राजपूत तिवारी ने बताया कि इन नई सीटों की स्वीकृति से राज्य के चिकित्सा शिक्षा तंत्र को नई मजबूती मिलेगी और विशेषज्ञ डॉक्टरों की उपलब्धता बढ़ेगी। इससे प्रदेश के सरकारी अस्पतालों में बेहतर विशेषज्ञ सेवाएं जनता तक पहुंच सकेंगी।नई स्वीकृत सीटों में छत्तीसगढ़ आयुर्विज्ञान संस्थान, बिलासपुर में 21 सीटें, भारत रत्न स्व. अटल बिहारी वाजपेयी स्मृति चिकित्सा महाविद्यालय, राजनांदगांव में 7 सीटें, स्व. बलिराम कश्यप स्मृति चिकित्सा महाविद्यालय, जगदलपुर में 8 सीटें, स्व. लखी राम अग्रवाल स्मृति चिकित्सा महाविद्यालय, रायगढ़ में 12 सीटें तथा स्व. बिसाहू दास महंत स्मृति चिकित्सा महाविद्यालय, कोरबा में 13 सीटें शामिल हैं।स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा मंत्री श्री श्याम बिहारी जायसवाल ने इस उपलब्धि पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि, “छत्तीसगढ़ में चिकित्सा शिक्षा के क्षेत्र में यह ऐतिहासिक कदम है। नई पीजी सीटों की स्वीकृति से राज्य में विशेषज्ञ डॉक्टरों की संख्या बढ़ेगी और बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं जनता तक पहुंचेंगी। यह मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ करने की दिशा में एक बड़ा कदम है।”राज्य सरकार का मानना है कि इन नई सीटों से न केवल चिकित्सा शिक्षा को बल मिलेगा, बल्कि प्रदेश के शासकीय अस्पतालों में गुणवत्तापूर्ण विशेषज्ञ सेवाएं और अधिक सुलभ होंगी। यह पहल स्वास्थ्य क्षेत्र में आत्मनिर्भरता और जनसुलभ सेवाओं की दिशा में सरकार के सतत प्रयासों को और गति प्रदान करेगी।
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बालोद/शिक्षा सत्र 2026-27 में जवाहर नवोदय विद्यालयों में कक्षा 11वीं में लेटरल एंट्री प्रवेश चयन परीक्षा में शामिल होने के लिए आॅनलाइन पंजीकरण की तिथि में वृद्धि कर अंतिम तिथि 21 अक्टूबर 2025 निर्धारित की गई है। पीएम श्री स्कूल जवाहर नवोदय विद्यालय की प्राचार्य ने बताया कि आॅनलाइन पंजीकरण करने की प्रक्रिया जवाहर नवोदय विद्यालय समिति की वेबसाईट ीजजचेरूध्ध्बइेमपजउेण्तबपसण्हवअण्पदध्दअेध् पर की जा रही है। उन्होंने बताया कि शिक्षा सत्र 2025-26 में अध्ययनरत् कक्षा 10वीं के छात्र-छात्राएँ जिनका जन्म 01 जून 2009 से 31 जुलाई 2011 तक है ऐसे विद्यार्थी नवोदय विद्यालय में कक्षा 11वीं में चयन परीक्षा में शामिल होने के लिए पात्र होंगे।
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बालोद/मिशन वात्सल्य अंतर्गत जिला बाल संरक्षण इकाई किशोर न्याय बोर्ड एवं चाईल्ड हेल्प लाईन के रिक्त पदों की पूर्ति हेतु साक्षात्कार 24 अक्टूबर को निर्धारित की गई है। जिला कार्यक्रम अधिकारी महिला एवं बाल विकास विभाग ने बताया कि महिला एवं बाल विकास विभाग अन्तर्गत जिला बाल संरक्षण इकाई, किशोर न्याय बोर्ड एवं चाईल्ड हेल्प लाईन अंतर्गत रिक्त संविदा पदों की पूर्ति हेतु साक्षात्कार 24 अक्टूबर को सुबह 11 बजे से जिला स्तरीय पंचायत संसाधन केन्द्र पाकुरभाठ (आरटीओ ऑफिस के पास) में आयोजित की गई है। उन्होंने पात्र अभ्यर्थियों को निर्धारित तिथि एवं स्थान में उपस्थित होने को कहा है।
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कलेक्टर के निर्देशानुसार बालोद जिले में शत प्रतिशत किसानों का पंजीयन सुनिश्चित कराने संबंधित विभागों द्वारा किया जा रहा है मुस्तैदी से कार्य
राजस्व अधिकारियों ने सहकारी समितियों में पहुँचकर कार्यों का किया अवलोकनबालोद/बालोद जिले में समर्थन मूल्य पर धान खरीदी के कार्य को सफलतापूर्वक संपन्न कराने तथा सभी कृषकों का पात्रतानुसार शत प्रतिशत धान की खरीदी सुनिश्चित कराने हेतु एग्रीस्टेक पोर्टल में पंजीयन कराने हेतु शेष रह गए किसानों का पंजीयन का कार्य निरंतर जारी है। जिससे कि जिले के सभी कृषकों को वास्तविक रकबे के आधार पर वास्तविक धान की खरीदी सुनिश्चित हो सके। इसके साथ ही जिले का कोई भी पात्र कृषक धान खरीदी योजना का समुचित लाभ लेने से वंचित न रहे। कलेक्टर श्रीमती दिव्या उमेश मिश्रा के निर्देशानुसार बालोद जिले में राजस्व, सहकारिता एवं अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी-कर्मचारियों द्वारा एग्रीस्टेक पोर्टल में पंजीयन कराने हेतु शेष रह गए शत प्रतिशत कृषकों का पंजीयन सुनिश्चित कराने हेतु मुस्तैदी से कार्य किया जा रहा है। कलेक्टर श्रीमती मिश्रा के निर्देशानुसार जिले के सभी सहकारी समितियों में 15 अक्टूबर से आयोजित शिविरों में राजस्व एवं संबंधित विभाग के अधिकारी-कर्मचारी नियमित रूप से पहुँचकर शेष सभी कृषकों का एग्रीस्टेक पोर्टल में पंजीयन सुनिश्चित करा रहे हैं। इसके अंतर्गत आज 17 अक्टूबर को विशेष शिविर के तीसरे दिन जिले के एसडीएम तहसीलदार, अधीक्षक भू-अभिलेख, नायब तहसीलदार, सहायक अधीक्षक भू-अभिलेख, आरआई, पटवारियों के साथ-साथ सहकारिता विभाग के अधिकारी-कर्मचारीगण सहकारी समितियों में पहुँचकर एग्रीस्टेक पोर्टल में पंजीयन कराने हेतु शेष रह गए कृषकों का कराए जा रहे पंजीयन के कार्य का अवलोकन किया।इस दौरान अधिकारियों के द्वारा मौके पर उपस्थित किसानों को एग्रीस्टेक पोर्टल में किसानों के पंजीयन के महत्व एवं उद्देश्यों के संबंध में आवश्यक जानकारी भी दी गई। अधिकारियों ने बताया कि खरीफ विपणन वर्ष 2024-25 एवं 2025-26 के ऐसे किसान जो एकीकृत किसान पोर्टल में पंजीकृत है किंतु एग्रीस्टेक पोर्टल में पंजीयन हेतु शेष रह गए है। सहकारी समितियों में आयोजित शिविरों में ऐसे सभी कृषकों का एग्रीस्टेक पोर्टल में पंजीयन किया जाएगा। इसके साथ ही ऐसे कृषक जो एग्रीस्टेक पोर्टल में पंजीकृत है किंतु उनका व्यक्तिगत जानकारी अप्राप्त है शिविरों में ऐसे सभी कृषकों की जानकारी एग्रीस्टेक पोर्टल में अद्यतन भी किया जाएगा। उन्होंने कहा कि एग्रीस्टेक पोर्टल में पंजीयन हेतु किसान संबंधित सहकारी समितियों के अलावा ग्राहक सेवा केन्द्रों में पहुँचकर अपना पंजीयन करा सकते हैं। इसके साथ ही एग्रीस्टेक पोर्टल में पंजीकृत ऐसे किसान जिनका व्यक्तिगत जानकारी अप्राप्त है वे सहकारी समितियों में आयोजित शिविरों में उपस्थित होकर अपना व्यक्तिगत जानकारी अद्यतन करा सकते हैं। इन दोनों कार्यों के लिए किसानों को अपना किसान किताब, आधार कार्ड एवं मोबाईल के साथ निर्धारित स्थानों में उपस्थित होना अनिवार्य है। इसके अंतर्गत आज तहसीलदार गुरूर श्री हनमुंत श्याम ने गुरूर तहसील के अंतर्गत ग्राम धनेली एवं बासीन सहकारी समितियों में पहुँचकर एग्रीस्टेक पोर्टल में किसान पंजीयन कार्य का अवलोकन किया। इसी तरह अधीक्षक भू-अभिलेख श्री देवव्रत साहू ने डौण्डीलोहारा विकासखण्ड के ग्राम देवरी बंगला एवं भंडेरा सहकारी समितियों में पहुँचकर कार्यों का अवलोकन किया। इस दौरान उन्होेंने पंजीयन कार्य में लगे एवं मौके पर उपस्थित अधिकारी-कर्मचारियों को एग्रीस्टेक पोर्टल में पंजीयन कराने हेतु शेष रह गए शत प्रतिशत किसानों का समय पर पंजीयन सुनिश्चित कराने हेतु आवश्यक दिशा-निर्देश भी दिए। अधिकारियों ने मौके पर उपस्थित कोटवारों को एग्रीस्टेक पोर्टल में पंजीयन कराने हेतु शेष रह गए प्रत्येक किसानों के घरों में पहुँचकर पंजीयन सुनिश्चित कराने के संबंध में अनिवार्य रूप से जानकारी देने के निर्देश दिए। -
भिलाईनगर। नगर पालिक निगम भिलाई जोन 05 अंतर्गत सेक्टर 07 छठ तालाब, कल्याण कालेज ग्राउण्ड, सड़क 09 उद्यान, जयंती स्टेडियम के पीछे तालाब का निरीक्षण आयुक्त राजीव कुमार पाण्डेय द्वारा किया गया।
निगम आयुक्त एवं जोन आयुक्त अमरनाथ दुबे द्वारा सेक्टर 07 छठ तालाब का निरीक्षण किया गया। छठ त्यौहार हेतु तालाब की साफ-सफाई व्यवस्था को देखे और कार्य की प्रशंसा किए। सेक्टर 07 कल्याण कालेज ग्राउण्ड का निरीक्षण किया गया । ग्राउण्ड के भीतर इंडोर स्टेडियम का प्रस्ताव तैयार करने सहायक अभियंता प्रिया करसे को निर्देशित किए हैं। समीपस्थ सड़क 09 स्थित उद्यान की साफ-सफाई का अवलोकन किया गया, उद्यान के भीतर का फव्वारा बंद पड़ा है, जिसका संधारण कर चालू करने निर्देशित किया गया है। छठ को दृष्टिगत करते हुए जयंती स्टेडियम के पीछे बने तालाब की सफाई जल्द से जल्द कराने जोन स्वास्थ्य अधिकारी सागर दुबे को निर्देशित किए है। निरीक्षण के दौरान सहायक अभियंता श्वेता महेश्वर, सहायक राजस्व अधिकारी अनिल मेश्राम, स्वच्छता निरीक्षक, सुपरवाइजर उपस्थित रहे। -
भिलाईनगर। नगर पालिक निगम भिलाई जोन 05 अंतर्गत सेक्टर 07 छठ तालाब, कल्याण कालेज ग्राउण्ड, सड़क 09 उद्यान, जयंती स्टेडियम के पीछे तालाब का निरीक्षण आयुक्त राजीव कुमार पाण्डेय द्वारा किया गया।
निगम आयुक्त एवं जोन आयुक्त अमरनाथ दुबे द्वारा सेक्टर 07 छठ तालाब का निरीक्षण किया गया। छठ त्यौहार हेतु तालाब की साफ-सफाई व्यवस्था को देखे और कार्य की प्रशंसा किए। सेक्टर 07 कल्याण कालेज ग्राउण्ड का निरीक्षण किया गया । ग्राउण्ड के भीतर इंडोर स्टेडियम का प्रस्ताव तैयार करने सहायक अभियंता प्रिया करसे को निर्देशित किए हैं। समीपस्थ सड़क 09 स्थित उद्यान की साफ-सफाई का अवलोकन किया गया, उद्यान के भीतर का फव्वारा बंद पड़ा है, जिसका संधारण कर चालू करने निर्देशित किया गया है। छठ को दृष्टिगत करते हुए जयंती स्टेडियम के पीछे बने तालाब की सफाई जल्द से जल्द कराने जोन स्वास्थ्य अधिकारी सागर दुबे को निर्देशित किए है। निरीक्षण के दौरान सहायक अभियंता श्वेता महेश्वर, सहायक राजस्व अधिकारी अनिल मेश्राम, स्वच्छता निरीक्षक, सुपरवाइजर उपस्थित रहे। - -90 करोड़ रुपये के 26 निर्माण कार्यों का लोकार्पण एवं शिलान्यासरायपुर /मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय आज कांकेर जिले के भानुप्रतापपुर में आयोजित सर्व पिछड़ा वर्ग समाज के 13वें स्थापना दिवस कार्यक्रम में शामिल हुए। इस अवसर पर उन्होंने 90 करोड़ रुपये की लागत से 26 निर्माण कार्यों का लोकार्पण एवं शिलान्यास किया।मुख्यमंत्री श्री साय ने जिले के प्रत्येक विकासखंड में 50-50 लाख रुपये की लागत से एक-एक सामुदायिक भवन के निर्माण तथा पोस्ट मैट्रिक छात्रावासों में ओबीसी विद्यार्थियों की सीटों में वृद्धि करने की घोषणा की। कार्यक्रम में प्रदेश के उप मुख्यमंत्री एवं जिले के प्रभारी मंत्री श्री अरुण साव तथा वित्त मंत्री श्री ओ. पी. चौधरी भी उपस्थित थे।मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि प्रदेश सरकार पिछड़ा वर्ग के विकास और हितों को लेकर पूरी तरह संवेदनशील और प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि पिछड़ा वर्ग को संवैधानिक अधिकार प्रदान किए गए हैं, जिसके लिए पिछड़ा वर्ग आयोग का गठन भी किया गया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि आज का दिन केवल प्रदेश ही नहीं बल्कि पूरे देश के लिए ऐतिहासिक है, क्योंकि बस्तर के विकास में सबसे बड़ी बाधा नक्सलवाद अब समाप्ति की ओर अग्रसर है। उन्होंने बताया कि शासन की नीतियों और रीति-नीति से प्रभावित होकर जगदलपुर में आज 210 भटके हुए लोग मुख्यधारा में लौटे हैं तथा उन्होंने 153 हथियार भी जमा किए हैं।मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि मोदी की गारंटी को पूर्ण करने के लिए प्रदेश सरकार पिछले 22 महीनों से समर्पण के साथ कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि सरकार ने वायदे के अनुरूप तेंदूपत्ता खरीदी की कीमत में वृद्धि की, 3100 रुपये प्रति क्विंटल के मान से धान खरीदा, रामलला दर्शन योजना लागू की तथा मुख्यमंत्री तीर्थयात्रा योजना को पुनः प्रारंभ किया। इसके अतिरिक्त भी अनेक जनहितकारी और महत्वाकांक्षी योजनाएँ संचालित की जा रही हैं।मुख्यमंत्री ने सर्व पिछड़ा वर्ग समाज के स्थापना दिवस की बधाई देते हुए समाजजनों से शासन की योजनाओं से जुड़कर विकास में सहभागी बनने की अपील की।इससे पूर्व उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव ने समाजजनों को बधाई देते हुए समाज में अपनी भूमिका को और सशक्त करने का आह्वान किया। वित्त मंत्री श्री ओ. पी. चौधरी ने कहा कि पिछड़ा वर्ग समाज मेहनतकश और कर्मठ है। उन्होंने आने वाली पीढ़ी को बेहतर ढंग से शिक्षित करने और अपने अधिकारों के प्रति सजग एवं जागरूक रहने की अपील की। उन्होंने जिले में संचालित ‘मावा मोदोल कोचिंग संस्थान’ की सराहना करते हुए अधिक से अधिक युवाओं को प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए प्रोत्साहित करने की बात कही।मुख्यमंत्री श्री साय ने सर्व पिछड़ा वर्ग सम्मेलन के दौरान कुल 90 करोड़ 06 लाख 88 हजार रुपये के विकास कार्यों का लोकार्पण और शिलान्यास किया। इनमें 56 करोड़ 51 लाख 40 हजार रुपये की लागत से 14 विकास कार्यों का शिलान्यास तथा 33 करोड़ 55 लाख 48 हजार रुपये की लागत से 12 निर्माण कार्यों का लोकार्पण सम्मिलित है।कार्यक्रम के अंत में मुख्यमंत्री ने ओबीसी वर्ग के तीन मेधावी विद्यार्थियों को सम्मानित किया।इस अवसर पर सांसद श्री भोजराज नाग, अंतागढ़ विधायक श्री विक्रम उसेंडी, भानुप्रतापपुर विधायक श्रीमती सावित्री मंडावी, कांकेर विधायक श्री आशाराम नेताम, पिछड़ा वर्ग आयोग के अध्यक्ष श्री नेहरू निषाद, प्रदेश मछुआ कल्याण बोर्ड के अध्यक्ष श्री भरत मटियारा सहित अन्य अधिकारीगण उपस्थित थे।
- -पात्र हितग्राहियों को योजनाओं का लाभ सुनिश्चित करने के दिए निर्देशरायपुर / कलेक्टर डॉ गौरव सिंह की अध्यक्षता में आज रेडक्रॉस सभाकक्ष में जिला स्तरीय परामर्श समिति (DLCC) की बैठक आयोजित की गई। बैठक में भारतीय रिज़र्व बैंक से श्री नवीन कुमार तिवारी, नाबार्ड से श्री पंकज. येवले, अग्रणी जिला प्रबंधक मोहम्मद मोफीज, जिले के सभी बैंकों के जिला समन्वयक एवं शासन विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।बैठक में विभिन्न सरकारी योजनाओं जैसे पीएम सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना, इंटरप्राईजेस फाइनेंस, पीएमईजीपी , प्रधानमंत्री मुद्रा योजना, स्टैंड अप इंडिया, पीएम स्वनिधि, पीएम किसान क्रेडिट कार्ड, पीएमएवाय, अटल पेंशन योजना आदि की प्रगति की समीक्षा की गई।कलेक्टर डॉ सिंह ने सभी बैंकों को निर्देशित किया कि वे लंबित प्रकरणों के शीघ्र निराकरण हेतु विशेष अभियान चलाएं तथा पात्र हितग्राहियों को योजनाओं का लाभ सुनिश्चित करें। कलेक्टर ने सभी बैंकों को उनके प्राथमिकता क्षेत्र के सभी ऋण, एवं कमजोर क्षेत्र के ऋण को न्यूनतम मानक स्तर पर लाने हेतु निर्देशित किया. बैठक में बैंकों द्वारा ऋण वितरण, वित्तीय समावेशन, एनपीए की स्थिति तथा हाल ही में आयोजित विशेष क्रेडिट कैम्पों की समीक्षा भी की गई। कलेक्टर ने जिला प्रशासन एवं बैंक समन्वय के माध्यम से अधिकतम पात्र लाभार्थियों तक वित्तीय सेवाएं पहुँचाने के निर्देश दिए।
- रायपुर- नगर पालिक निगम रायपुर के संस्कृति विभाग के तत्वावधान में स्वतंत्रता संग्राम सेनानी ठाकुर प्यारेलाल सिंह की पुण्यतिथि दिनांक 21 अक्टूबर 2025 को प्रातः 11 बजे जी ई मार्ग में छत्तीसगढ़ बुनकर सोसायटी आमापारा स्थित उनकी प्रतिमा के समक्ष सादर नमन करने रायपुर नगर पालिक निगम के जोन क्रमांक 5 के सहयोग से पुष्पांजलि कार्यक्रम रखा गया है।
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- महापौर मीनल चौबे के निर्देश पर होटलों में मांस मटन विक्रय करने पर जप्ती की कार्यवाही कर सम्बंधित व्यक्ति के विरुद्ध यथोचित कार्यवाही भी की जाएगी
रायपुर - रायपुर नगर पालिक निगम की महापौर श्रीमती मीनल चौबे के निर्देश पर नगर पालिक निगम रायपुर के सम्पूर्ण परिक्षेत्र में महावीर निर्वाण दिवस 21 अक्टूबर 2025 को मांस - मटन का विक्रय पूर्ण रूप से प्रतिबंधित रहेगा।इस संबंध में छत्तीसगढ़ शासन के नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग के आदेश के परिपालन में रायपुर नगर पालिक निगम के स्वास्थ्य विभाग की ओर से नगर पालिक निगम स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. तृप्ति पाणीग्रही ने महावीर निर्वाण दिवस 21 अक्टूबर 2025 को रायपुर नगर पालिक निगम के सम्पूर्ण परिक्षेत्र में स्थित पशुवध गृह एवं समस्त मांस - मटन विक्रय की दुकानों को बंद रखे जाने का आदेश जारी किया है।महावीर निर्वाण दिवस 21 अक्टूबर 2025 को नगर पालिक निगम रायपुर के जोन स्वास्थ्य अधिकारीगण, जोन स्वच्छता निरीक्षकगण मांस -मटन के विक्रय पर प्रतिबन्ध के आदेश का व्यवहारिक पालन सुनिश्चित करवाएंगे और इस हेतु अपने अपने सम्बंधित जोन क्षेत्रों में मांस मटन की दुकानों का सतत निरन्तर पर्यवेक्षण करेंगे।रायपुर नगर पालिक निगम की महापौर श्रीमती मीनल चौबे के निर्देश पर प्रतिबंध आदेश का व्यवहारिक पालन करवाने होटलों में उक्त पावन पर्व दिवसों पर मांस-मटन विक्रय करने पर जप्ती की कार्यवाही कर सम्बंधित व्यक्ति के विरूद्ध यथोचित कार्यवाही भी की जाएगी। -
-इंदौर क़े महापौर सहित जापान के सांसद से भविष्य के शहरी विकास के अवसरों पर की चर्चा, जापान में बसे हिन्दू स्वयंसेवकों से मुलाकात
-- महापौर मीनल चौबे वैश्विक मंच पर रायपुर का प्रतिनिधित्व कर 18 अक्टूबर को दोपहर 1:30 बजे राजधानी वापस लौटेंगीरायपुर- रायपुर नगर पालिक निगम की महापौर श्रीमती मीनल चौबे ने जापान में आयोजित “इंटरनेशनल मेयर्स फोरम” के अंतिम दिवस के समापन सत्र में सक्रिय भागीदारी की.वैश्विक मंच पर छत्तीसगढ़ राज्य की राजधानी रायपुर का प्रतिनिधित्व करने क़े पश्चात महापौर श्रीमती मीनल चौबे दिनांक 18 अक्टूबर 2025 शनिवार को दोपहर 1:30 बजे राजधानी शहर रायपुर वापस लौटेंगी, महापौर का स्वजन स्वामी विवेकानंद विमानतल माना पहुंचकर आत्मीय स्वागत करेंगे. महापौर ने तीन दिवसीय अंतर्राष्ट्रीय मेयर्स फोरम में जापान में पी पी पी मॉडल के कार्यों, आर आर आर रिड्यूज, रिसाइकल, रियूज, स्कूलों में कचरा पृथककरण, जन जागरूकता, शहरी वित्तीय प्रबंधन, सतत विकास कार्यों सहित अन्य विविध महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चाओं में सक्रिय भागीदारी की।कार्यक्रम के दौरान महापौर श्रीमती चौबे ने इंदौर के महापौर श्री पुष्यमित्र भार्गव के साथ जापान के सांसद श्री ओनिशी योहेई (LDP – Liberal Democratic Party) से मुलाकात कर भविष्य के शहरी विकास के अवसरों पर चर्चा की।फोरम के समापन के अवसर पर महापौर श्रीमती मीनल चौबे ने जापान में बसे हिन्दू स्वयंसेवकों से भी मुलाकात की और रायपुर नगर के विकास, निवेश और सांस्कृतिक सहयोग को लेकर सकारात्मक संवाद किया।महापौर श्रीमती मीनल चौबे ने बताया कि जापान से प्राप्त अनुभवों को रायपुर में शहरी विकास, स्वच्छता और स्मार्ट सिटी परियोजनाओं में लागू करने की दिशा में कार्य किया जाएगा।











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