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- नई दिल्ली। .केंद्रीय गृह सचिव ने कोविड-19 के मद्देनजर किए गए 21 दिनों के राष्ट्रव्यापी लॉकडाउन के दौरान प्रवासी कृषि श्रमिकों, औद्योगिक कामगारों और असंगठित क्षेत्र के अन्य कामगारों को भोजन एवं आश्रय सहित पर्याप्त सहायता प्रदान करने हेतु तत्काल कदम उठाने के लिए सभी राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों को पत्र लिखा है। इसी तरह राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों को यह सलाह दी गई है कि वे अन्य राज्यों के विद्यार्थियों, कामकाजी महिलाओं इत्यादि का अपने मौजूदा आवास में ही बने रहना सुनिश्चित करने के लिए भी आवश्यक कदम उठाएं।एडवाइजरी में यह सुझाव दिया गया है कि असंगठित क्षेत्र के कामगारों, विशेषकर विभिन्न स्थानों पर फंसे प्रवासी श्रमिकों की मुश्किलें कम करने के लिए राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों को गैर सरकारी संगठनों सहित विभिन्न एजेंसियों के सहयोग से उन्हें स्वच्छ पेयजल, स्वच्छता जैसी बुनियादी सुविधाओं के साथ-साथ भोजन और आश्रय भी प्रदान करने के उपाय करने चाहिए।इसके अलावा, राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों को यह सलाह भी दी गई है कि वे इन असुरक्षित वर्गों या लोगों को सरकार द्वारा किए गए विभिन्न ठोस उपायों से अवगत कराएं जिनमें पीडीएस के माध्यम से खाद्यान्न और अन्य आवश्यक वस्तुएं मुफ्त में मुहैया कराना भी शामिल है। इसके साथ ही राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों को वितरण प्रणाली को सुव्यवस्थित बनाने की भी सलाह दी गई है। एडवाइजरी के अनुसार, इससे इन लोगों की अनावश्यक आवाजाही को रोकने में मदद मिलेगी।गृह मंत्रालय ने यह भी सलाह दी है कि राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों को यह सुनिश्चित करने की आवश्यकता है कि होटल, किराये पर दिए गए कमरे, छात्रावास इत्यादि निरंतर चालू अवस्था में रहें और आवश्यक वस्तुओं की डिलीवरी भी सुव्यवस्थित रहे, ताकि छात्र-छात्राएं, कामकाजी महिलाएं, छात्रावासों में रहने वाले विद्यार्थी इत्यादि आवश्यक सावधानियां बरतते हुए अपने-अपने वर्तमान कमरों एवं आवासों में ही आगे भी रह सकें।---
- नई दिल्ली। जनजातीय कार्य मंत्रालय ने राज्यों से वित्त पोषित एकलव्य मॉडल आवासीय स्कूलों (ईएमआरएस) और एकलव्य मॉडल डे बोर्डिंग स्कूलों (ईएमडीबीएस) में छुट्टियां नये सिरे से तय करने का आग्रह किया है। मंत्रालय ने आगामी 25 मई तक इन स्कूलों को बंद रखने के निर्देश दिए हैं।मंत्रालय ने इस संबंध में राज्यों के जनजातीय विकास विभाग के प्रधान सचिव/प्रभारी सचिव को लिखे गए पत्र में कहा है कि कोविड-19 (कोरोना वायरस) के कारण सामुदायिक स्वास्थ्य को प्रभावित करने वाली वर्तमान में उत्पन्न संवेदनशील स्वास्थ्य स्थितियों के मद्देनजर, यह देखा गया है कि संक्रमण फैलने से रोकने के लिए स्थानीय प्रशासन ने विभिन्न स्थानों पर छुट्टियों की घोषणा करने सहित रोग निरोधी उपाय करने के लिए दिशा-निर्देश जारी किए हैं।1. ग्रीष्मकालीन अवकाश एक विशेष मामले के रूप में पहले ही कर दिया जाए और स्कूलों को 25 मई तक या अगले आदेश तक जो भी पहले हो, बंद कर दिया जाए।2. बोर्ड परीक्षा में बैठने वाले और विशेष कक्षाओं में शामिल होने वाले छात्रों को परिसर में उचित देखभाल के साथ रखा जा सकता है। बोर्ड परीक्षा देने वाले छात्रों को संबंधित कागजात पूरे होने के बाद जल्द ही घर भेजा जा सकता है।3. शैक्षणिक परिसर, छात्रावास और अन्य कॉमन एरिया सहित स्कूल परिसर की सफाई के लिए विशेष अभियान चलाया जा सकता है।4. शिक्षक परिणाम घोषित होने के बाद छुट्टियों का लाभ उठा सकते हैं। परिणामों की सूचना डाक और एसएमएस द्वारा छात्रों को भेजी जा सकती है।5. छुट्टियों के लिए नियोजित सामान्य गतिविधियां यह सुनिश्चित करने के लिए छुट्टी की अवधि के दौरान की जा सकती हैं कि परिसर नया सत्र शुरू करने के लिए तैयार है।----
- नई दिल्ली। भारत के मशहूर चित्रकार और लेखक सतीश गुजराल का 94 साल की उम्र में निधन हो गया है। बहुमुखी प्रतिभा के धनी सतीश अपनी पेंटिंग्स के लिए जाने जाते थे। वे भारत के पूर्व प्रधानमंत्री इंद्र कुमार गुजराल के छोटे भाई थे। वे पिछले कुछ समय से अस्वस्थ थे और कल रात उन्होंने अपनी आखिरी सांस ली।सतीश गुजराल का निधन 25 दिसंबर, 1925 में झेलम(अब पाकिस्तान) में हुआ। लाहौर स्थित मेयो स्कूल ऑफ आर्ट में पांच सालों तक उन्होंने विभिन्न विषयों में शिक्षा हासिल की। इस दौरान उन्होंने ग्राफिक डिजायनिंग का भी अध्ययन किया।सतीश गुजराल का कला के क्षेत्र में अमुल्य योगदान के देने के लिए कई पुरस्कारों से भी सम्मानित किया जा चुका है। भारत सरकार द्वारा उन्हें वर्ष 1999 में पद्म विभूषण भी प्रदान किया जा चुका है।उनके प्रमुख कामों में दिल्ली उच्च न्यायालय के बाहर की दीवार पर अल्फाबेट भित्तिचित्र शामिल हैं। उन्होंने दिल्ली में बेल्जियम दूतावास को भी डिजाइन किया था।प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने सतीश गुजराल के निधन पर शोक जताया है। प्रधानमंत्री ने ट्वीट कर कहा, सतीश गुजराल जी बहुमुखी प्रतिभा संपन्न व्यक्ति थे। उन्होंने अपनी रचानात्मकता और संकल्प के सहारे विपत्तियों पर विजय प्राप्त की। इसके लिए उनका सम्मान किया जाता था। उनकी बौद्धिक लालसा उन्हें दूर-दूर तक ले गई लेकिन वे हमेशा अपनी जड़ों से जुड़े रहे। उनके निधन से दु:खी हूं। ओम शांति।---
- मुंबई। महाराष्ट्र के गृहमंत्री अनिल देशमुख ने बताया कि राज्य के कारागारों में कैद करीब 11 हजार कैदियों जिन्हें सात साल से कम सजा मिली है , उन्हें पैरोल पर रिहा किया जाएगा।श्री देशमुख ने अपने आधिकारिक ट्विटर हैंडल के जरिये इस फैसले की जानकारी दी। गृहमंत्री ने कहा, करीब 11 हजार कैदी या आरोपी जो सात साल की सजा के प्रावधान वाले मामलों में बंद हैं उन्हें पैरोल पर रिहा किया जा सकता है। मैंने पूरे राज्य के कारागारों को उचित आदेश जारी कर दिया है। श्री देशमुख, राज्य में करीब 60 जेलें हैं जिन पर यह फैसला लागू होगा।
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पटना। बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा है कि प्रदेश के निवासी राज्य या उसके बाहर जहां भी फंसे हों, वहीं पर मदद उनकी जायेगी तथा उनके भोजन एवं रहने की व्यवस्था सरकार करेगी।
पटना में मुख्यमंत्री निवास पर कोरोना संक्रमण एवं लॉकडाउन से उत्पन्न स्थिति पर एक उच्चस्तरीय बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार कोरोना संक्रमण के कारण लोगों के फंसे होने की स्थिति को आपदा मान रही है और ऐसे लोगों की मदद उसी तरह की जायेगी जैसी अन्य आपदा पीडि़तों की की जाती है। मुख्यमंत्री के निर्देश पर इस कार्य हेतु मुख्यमंत्री राहत कोष से आपदा प्रबंधन विभाग को 100 करोड़ रूपये की राशि जारी कर दी गयी है। नीतीश ने कहा कि अन्य राज्यों में बिहार के जो लोग काम करते हैं और वे लॉकडाउन के कारण वहां के शहरों में फंसे हुये हैं या रास्ते में हैं उनके लिये भी राज्य सरकार नयी दिल्ली स्थानीय के माध्यम से संबंधित राज्य सरकारों एवं जिला प्रशासन से समन्वय स्थापित कर भोजन एवं रहने के लिए आवश्यक व्यस्था करेगी।बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि तत्काल पटना तथा बिहार के अन्य शहरों में जो भी रिक्शा चालक, दैनिक मजदूर एवं अन्य राज्यों के व्यक्ति जो लॉकडाउन के चलते फंसे हुये हैं उनके रहने तथा भोजन की व्यवस्था राज्य सरकार अपने स्तर से करेगी। - जम्मू। जम्मू कश्मीर प्रशासन ने 2जी मोबाइल इंटरनेट सेवा तीन अप्रैल तक जारी रखने का आदेश दिया। यह आदेश ऐसे वक्त आया है जब कोरोना वायरस महामारी के मद्देनजर हाईस्पीड 4जी इंटरनेट सेवा बहाल करने की मांग जोर पकड़ रही है ।प्रधान सचिव (गृह विभाग) शालीन काबरा ने कहा कि मोबाइल फोन पर इंटरनेट सिर्फ 2जी स्पीड काम करेगा। गृह विभाग की ओर से जारी एक आदेश में कहा गया है कि पोस्टपेड सिमकार्ड धारकों को इंटरनेट की सुविधा मिलेगी। हालांकि प्रीपेड सिमकार्ड धारकों को यह सुविधा तब तक नहीं मिलेगी जब तक कि तय नियम के तहत सत्यापन नहीं हो जाता। आदेश में कहा गया है कि निर्देश तुरंत प्रभावी है और तीन अप्रैल तक लागू है । इस बीच नेशनल कॉन्फ्रेंस, माकपा, भाजपा और कांग्रेस सहित कई राजनीतिक दलों ने कोरोना वायरस संक्रमण के मद्देनजर पैदा हालात से निपटने के वास्ते लोगों की मदद के लिए जम्मू कश्मीर में 4जी इंटरनेट सेवा बहाल करने की मांग की है।
- नई दिल्ली। केंद्रीय भविष्य निधि आयुक्त (सीपीएफसी) ने सभी पेंशन वितरण बैंकों से जुड़ी हुई नोडल शाखाओं को 30 मार्च तक पेंशनधारको के खातों में पेंशन का भुगतान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।ईपीएफओ के सभी 135 कार्यालयों को पेंशन भुगतान प्रक्रिया की शुरुआत अग्रिम रूप से करने के निर्देश दिए गए हैं। जिससे कि कोविड-19 के प्रकोप को नियंत्रित करने के लिए अपनाए जाने वाले राष्ट्रव्यापी लॉकडाउन के कारण पेंशनभोगियों को कोई असुविधा न हो।इसके मद्देनजर ईपीएफओ ने सभी 135 कार्यालयों में पेंशन भुगतान की प्रक्रिया को पूरा कर लिया है और 65 लाख पेंशनभोगियों के पेंशन भुगतान का विवरण और साथ ही अपेक्षित चेकों को सभी पेंशन वितरण बैंकों को उपलब्ध करा दिया है।
- नई दिल्ली। इन दिनों सैनिटाइज़र्स की मांग दिन-प्रतिदिन बढ़ती जा रही है। इसे देखते हुए केंद्र सरकार ने डिस्टिलरी/ चीनी मिलों से हैंड सैनिटाइजर्स का अधिकतम उत्पादन करने को कहा है।सैनिटाइजर्स की मांग और आपूर्ति में संतुलन बनाए रखने के लिए आबकारी आयुक्तों, गन्ना आयुक्तों,ड्रग कंट्रोलर्स के साथ-साथ विभिन्न राज्यों के जिला कलेक्टरों सहित राज्य सरकार के अधिकारियों को हैंड सैनिटाइज़र्स के निर्माताओं को इथेनॉल / ईएनए की आपूर्ति में सभी अड़चनों को दूर करने तथा हैंड सैनिटाइज़र्स बनाने के इच्छुक डिस्टिलरी (मद्यशाला) सहित आवेदकों को अनुमति/लाइसेंस देने की सलाह दी गई है।हैंड सैनिटाइज़र्स का थोक में उत्पादन करने में समर्थ डिस्टिलरी/चीनी मिलों को भी हैंड सैनिटाइज़र्स बनाने के लिए प्रेरित किया गया है। अधिकतम उत्पादन करने के लिए इन विनिर्माताओं को तीन पारियों में काम करने के लिए भी कहा गया है। लगभग 45 डिस्टिलरी और 564 अन्य विनिर्माताओं को हैंड सैनिटाइज़र्स बनाने की अनुमति दी गई है; 55 से अधिक डिस्टिलरी को एक या दो दिनों में अनुमति दिए जाने की संभावना है; तथामौजूदा परिदृश्य में कई अन्य को हैंडसैनिटाइज़र्स का उत्पादन के लिए प्रेरित किया जा रहा है। उनमें से अधिकांश ने उत्पादन शुरू कर दिया है और अन्य द्वारा एक सप्ताह के भीतर उत्पादन शुरू करने की संभावना हैं; इस प्रकार उपभोक्ताओं और अस्पतालों के लिए हैंड सैनिटाइज़र्स की पर्याप्त आपूर्ति होगी।आम जनता और अस्पतालों को उचित मूल्यों पर हैंड सेनिटाइज़र्स उपलब्ध कराना सुनिश्चित करने के लिए सरकार ने सैनिटाइज़र्स का अधिकतम खुदरा मूल्य भी निर्धारित किया है। हैंड सैनिटाइज़र्स की खुदरा कीमत प्रति200 मिली बोतल 100 रुपये से अधिक नहीं होगी; हैंड सैनिटाइज़र्स की अन्य मात्रा की कीमतें इन्हीं कीमतों के अनुपात में तय की जाएंगी।---
- नई दिल्ली। कांग्रेस की अंतरिम अध्यक्ष सोनिया गांधी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिख कर नोवल कोरोना वायरस के मद्देनजर 21 दिन के लॉकडाउन की घोषणा का समर्थन किया है। पत्र में उन्होंने डॉक्टरों की सुरक्षा, आपूर्ति के नियमों में छूट और ऋण चुकाने की प्रक्रिया फिलहाल स्थगित करने जैसे अनेक उपायों का सुझाव दिया है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस इस महामारी से निपटने के लिए केंद्र के हर कदम का पूरा समर्थन और सहयोग करेगी।श्रीमती गांधी ने प्रधानमंत्री से आग्रह किया है कि डॉक्टरों, नर्सों और स्वास्थ्यकर्मियों को एन-95 मॉस्क और हज़मत सूट सहित निजी सुरक्षा उपकरण उपलब्ध कराए जाएं। प्रधानमंत्री को लिखे पत्र में श्रीमती गांधी ने कहा कि इन चीजों के निर्माण और आपूर्ति को बढ़ावा दिया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि पहली मार्च से छह महीने की अवधि के लिए डॉक्टरों, नर्सों और स्वास्थ्यकर्मियों के लिए जोखिम भत्ते की घोषणा करना आवश्यक है। उन्होंने किसानों और वेतनभोगी वर्ग सहित सभी तरह के ऋण की वसूली छह महीने तक टालने की भी मांग की है।श्रीमती गांधी ने कहा कि केंद्र निकट भविष्य़ में कोविड-19 के ज्यादा प्रकोप की आशंका वाले क्षेत्रों में बड़ी संख्या में आईसीयू और वेंटिलेटर के साथ अस्थाई सुविधाओं के निर्माण पर तत्काल ध्यान दिया जाए। उन्होंने कहा कि सरकार को इस मुश्किल घड़ी में दिहाड़ी मजदूरों, मनरेगा कामगारों, कारखाना मजदूरों, निर्माण और अन्य असंगठित क्षेत्र के कामगारों के लिए प्रत्यक्ष लाभ अंतरण सहित व्यापक सामाजिक सुरक्षा उपाय करने चाहिएं।---
- नई दिल्ली। केन्द्रीय गृह मंत्रालय ने 21 दिन के लॉकडाउन के दौरान कुछ और लोगों और सेवाओं को छूट देने से संबंधित नये दिशा-निर्देश जारी किये हैं।इन दिशा-निर्देशों के तहत मंत्रालय ने भारतीय रिजर्व बैंक और उसके द्वारा संचालित वित्तीय बाजारों, नियंत्रक और महालेखा परीक्षक कार्यालय के वेतन और लेखा अधिकारियों तथा क्षेत्रीय अधिकारियों, पेट्रोलियम पदार्थों की सप्लाई तथा वन विभाग के कर्मचारियों को छूट दी है। हवाई अड्डों और रेलवे स्टेशनों पर सामान संचालन और कोयला खनन गतिविधियां में लगे लोगों, दिल्ली स्थित स्थानीय आयुक्त कार्यालयों तथा बंदरगाहों, हवाई अड्डों और भूमि सीमाओं पर तैनात अधिकारियों और कर्मचारियों को भी छूट के दायरे में रखा गया है।इसके अलावा प्राणी उद्यानों और पौधशालाओं, वन्यजीव, वनों में आग की रोकथाम, पौधों को पानी देने तथा वनों की रक्षा में लगे कर्मचारियों को भी लॉकडाउन से छूट दी गई है। बाल आश्रयों, दिव्यांगजनों, वरिष्ठ नागरिकों, बेघर महिलाओं, विधवाओं से जुड़े सामाज कल्याण विभाग के कर्मचारियों तथा पेंशन सेवाओं को भी छूट दी गई है।--
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नई दिल्ली। कोरोना वायरस प्रकोप के बीच देशभर के रेलमंडल अपने कर्मचारियों को हैंड सैनिटाइजर मुहैया कराने के लिए उसके उत्पादन की तैयारी कर रहे हैं।
पूर्वी रेल मंडल आसनसोल ने अपने कर्मचारियों के लिए 500 लीटर वाला हैंड सैनिटाइजर बनाय है। एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा, हर लोको शेड में लैब हैं, इसलिए हम हर मंडल में इस तरह के सैनिटाइजर का उत्पादन करेंगे। पश्चिम बंगाल के आसनसोल में अंडाल डीजल शेड की प्रयोगशाला में उत्पादित इस सैनिटाइटर में 760 मिलीलीटर आइसो प्रोपाइल अल्कोहल (99 प्रतिशत), हाइड्रोजन पेरोक्साइड 42 मिली (3 प्रतिशत), 15 मिली ग्लीसरीन, 183 मिली डिस्टिल्ड पानी और परफ्यूम है।मंडल के प्रवक्ता ने बताया कि हमारे पास कर्मचारी हैं जो इस महामारी के दौरान भी काम कर रहे हैं और हमने सोचा कि यह आवश्यक है कि हम उन्हें सुरक्षित करें। हमने लगभग 500 लीटर का उत्पादन किया है और हमने इसे अपने कर्मचारियों को छोटी बोतलों में दिया है। हम इसे अन्य मंडलों में भी बनाने की कोशिश कर रहे हैं। अधिकारी ने कहा कि कच्चे माल की खरीद कोलकाता से की गई है और सैनिटाइजर की कीमत 310 रुपये प्रति लीटर तय की गई है, हालांकि यह फिलहाल व्यावसायिक उपयोग के लिए नहीं है।आसनसोल मंडल से प्रेरणा लेते हुए, जोधपुर मंडल ने भी 215 लीटर हैंड सैनिटाइजर तैयार कर इसे मंडल की 13 इकाइयों को वितरित कर दिया है। रेल मंत्री पीयूष गोयल ने उपलब्धि की प्रशंसा करते हुए ट्वीट किया, ''कोरोना वायरस के प्रसार को रोकने के लिए रेलवे द्वारा पश्चिम बंगाल के आसनसोल में डीजल शेड द्वारा 500-लीटर सैनिटाइजऱ बनाया गया है जो वितरण के लिए तैयार है। इसे अन्य रेलवे इकाइयों द्वारा भी तैयार किया गया है।- - नई दिल्ली। देश में कोरोना वायरस के संक्रमण को देखते हुए सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने घोषणा की है कि देश में अस्थायी तौर पर राष्ट्रीय राजमार्गों पर टोल नहीं लिया जाएगा।केंद्रीय मंत्री ने कहा कि लॉकडाउन में आपात सेवाओं का काम आसान करने के लिए देश में अस्थायी तौर पर राष्ट्रीय राजमार्गों पर टोल नहीं लिया जाएगा। आदेश दिया गया है कि देश के सभी टोल प्लाजा पर टोल लेने का काम बंद किया जाए। उन्होंने कहा कि इस फैसले से एक तरफ आपात सेवाओं में लगे लोगों का समय बचेगा तो दूसरी तरफ टोल प्लाजा पर काम करने वाले कर्मचारी भी कोरोना संक्रमण से सुरक्षित रहेंगे। हालांकि, सड़कों के रखरखाव और टोल प्लाजा पर आपातकालीन संसाधनों की उपलब्धता हमेशा की तरह जारी रहेगी।----
- नई दिल्ली। अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) विशेषज्ञ सेवा सहित बर्हिगमन मरीज विभाग (ओपीडी) बंद होने के मद्देनजर जल्द ही 24 मार्च और उसके बाद पंजीकृत मरीजों और फालोअप मरीजों को फोन पर चिकित्सा परामर्श देने की सुविधा शुरू करेगा।यह सुविधा इस हफ्ते के अंत तक शुरू होने की उम्मीद है। एम्स ने इससे पहले संसाधनों को कोरोना वायरस की महामारी से निपटने में इस्तेमाल करने के उद्देश्य से 23 मार्च से ओपीडी सेवाएं अस्थायी रूप से स्थगित कर दी थी। एम्स के निदेशक रणदीप गुलेरिया ने बताया, टेली कंसल्टेशन सुविधा की शुरुआत करने का उद्देश्य टेलीफोन के जरिये फॉलो आप मरीजों (पुराने मरीज जिनका इलाज चल रहा है) की मदद करना है। उन्होंने बताया कि कई मरीजों को दी गई तारीख रद्द कर दी गई। गुलेरिया ने बताया कि गंभीर बीमारियों से जूझ रहे मरीज भी इस व्यवस्था से डॉक्टरों की सलाह ले सकते हैं।
- नई दिल्ली। निर्वाचन आयोग ने कोविड-19 के फैलाव को देखते हुए स्वास्थ्य अधिकारियों को घर पर क्वारंटीन कर रहे लोगों की पहचान करने के लिए न मिटने वाली स्याही का इस्तेमाल करने की इजाजत दे दी है। एक बयान में आयोग ने कहा है कि स्वास्थ्य मंत्रालय को इसके लिए लगाए जाने वाले चिन्ह के मानकीकरण करने और इसे शरीर पर किस स्थान पर लगाया जाना है इस बारे में विचार करना चाहिए ताकि चुनाव के समय इसकी वजह से किसी तरह की बाधा उत्पन्न न हो।निर्वाचन आयोग ने यह भी कहा है कि संबंधित अधिकारियों को न मिटने वाली स्याही का उपयोग किसी व्यक्ति की बांये हाथ की उंगली पर नहीं करने का भी निर्देश दिया जाना चाहिए।निर्वाचन आयोग ने कहा है कि संबंधित अधिकारियों को उन लोगों का रिकॉर्ड रखने को कहा जाएगा जिनमें इस स्याही का उपयोग किया गया। आयोग ने कहा है कि अधिकारियों को न मिटने वाली स्याही का उपयोग किसी अन्य कार्य के लिए न करने के निर्देश भी दिए जाने चाहिए।--
- नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने वीडियो कॉफ्रेंसिंग के माध्यम से अपने निर्वाचन क्षेत्र-वाराणसी के लोगों से बातचीत करते हुए कहा कि वाराणसी के सांसद होने के नाते उन्हें इस समय में उनके बीच रहना चाहिए था लेकिन जो चीजें दिल्ली में चल रही हैं, उनके कारण यह संभव नहीं हो सका। उन्होंने कहा कि व्यस्तता होने के बावजूद, वे अपने सहयोगियों से वाराणसी के बारे में नियमित अपडेट लेते रहते हैं। देश में कोरोना वायरस फैलने के बाद वाराणसी के लोगों के साथ यह प्रधानमंत्री की पहली बातचीत थी।प्रधानमंत्री ने वाराणसी के लोगों के प्रति आभार व्यक्त किया कि उन्होंने हमारे देश को कोरोना वायरस के खिलाफ लड़ाई लडऩे की पूरी शक्ति मिलने के लिए देवी शैलपुत्री से प्रार्थना और अनुष्ठान किया। उन्होंने कहा कई बार लोग ऐसी बातों पर ध्यान नहीं देते हैं जो कि बहुत महत्वपूर्ण होती हैं, वही भारत में हो रहा है। उन्होंने लोगों से आग्रह किया कि वे तथ्यों को समझें और अफवाहों पर विश्वास न करें। उन्होंने कहा कि कोरोना वायरस अमीर और गरीब के बीच कोई भेदभाव नहीं करता है और यह किसी पर भी दया नहीं दिखाएगा। उन्होंने काबुल के गुरुद्वारे में हुए आतंकी हमले में मारे गए लोगों के परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त की।प्रधानमंत्री ने घोषणा की कि सरकार द्वारा कोरोनो वायरस के बारे में सही जानकारी उपलब्ध कराने के लिए व्हाट्सएप के साथ मिलकर एक हेल्पडेस्क का गठन किया गया है। उन्होंने कहा कि अंग्रेजी या हिंदी में नमस्ते लिखकर व्हाट्सएप नंबर के माध्यम से इस 9013151515 नंबर तक तक पहुंचा जा सकता है। उन्होंने कहा कि महाभारत के युद्ध को जीतने में 18 दिनों का समय लगा था और भारत को नोवल कोरोना वायरस के खिलाफ युद्ध जीतने में 21 दिन लगेंगे।प्रधानमंत्री ने सभी नागरिकों से अपील की कि अगर वे कोई ऐसी कोई घटना देखें, जहां पर डॉक्टरों और नर्सों जैसे पेशेवरों के साथ किसी प्रकार का दुव्र्यवहार किया जाता है, तो उन्हें ऐसा करने वाले लोगों को समझाने के लिए पहल करनी चाहिए कि वे गलत कर रहे हैं। प्रधानमंत्री ने कहा कि उन्होंने गृह मंत्रालय और डीजीपी से कहा है कि वे उन लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करें, जो इस नाजुक समय में हमारी सेवा कर रहे डॉक्टरों, नर्सों और अन्य पेशेवरों का समर्थन या सहयोग नहीं कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि इस देश का आम आदमी सही समय पर सही कदम उठाने में विश्वास रखता है। उन्होंने कहा कि 22 मार्च को यह स्पष्ट रूप से दिखाई दिया कि कैसे सभी नागरिकों ने जनता कफ्र्यू का समर्थन किया और फिर शाम 5 बजे आवश्यक सेवाओं में अपने कर्तव्यों का निर्वहन करने वाले पेशेवरों के लिए आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि अस्पतालों में सफेद पोशाक में काम करने वाले हेल्थकेयर पेशेवर आज हमारे लिए भगवान के समान हैं, वे अपनी जान को जोखिम में डालकर इस बीमारी से हमारी रक्षा कर रहे हैं। उन्होंने अपने निर्वाचन क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले विभिन्न कार्यक्षेत्रों के लोगों के प्रश्नों और शंकाओं का भी उत्तर दिया
- नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की अध्यक्षता में आर्थिक मामलों पर कैबिनेट समिति (सीसीईए) ने 2019-20 के बाद एक और वर्ष के लिए यानी 2020-21 तक आरआरबी को न्यूनतम नियामकीय पूंजी प्रदान कर क्षेत्रीय ग्रामीण बैंकों (आरआरबी) के पुनर्पूंजीकरण की प्रक्रिया को जारी रखने को अपनी स्वीकृति दे दी है।इसके तहत उन आरआरबी को न्यूनतम नियामकीय पूंजी दी जाएगी जो 9 प्रतिशत के पूंजी-जोखिम भारित परिसंपत्ति अनुपात (सीआरएआर) को बनाए रखने में असमर्थ हैं, जैसा कि भारतीय रिजर्व बैंक द्वारा निर्दिष्ट नियामकीय मानदंडों में उल्लेख किया गया है।सीसीईए ने आरआरबी के पुनर्पूंजीकरण की योजना के लिए केंद्र सरकार के हिस्से के रूप में 670 करोड़ रुपये (यानी 1340 करोड़ रुपये के कुल पुनर्पूंजीकरण सहयोग का 50 प्रतिशत) का उपयोग करने को भी मंजूरी दे दी है। हालांकि, इसमें यह शर्त होगी कि प्रायोजक बैंकों द्वारा समानुपातिक हिस्सेदारी को जारी करने पर ही केंद्र सरकार का हिस्सा जारी किया जाएगा।बेहतर सीआरएआर वाले वित्तीय दृष्टि से सुदृढ़ क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक दरअसल ग्रामीण क्षेत्रों में ऋण संबंधी जरूरतों को पूरा करने में सक्षम होंगे।आरबीआई के दिशा-निर्देशों के अनुसार, आरआरबी को अपने कुल ऋण का 75 प्रतिशत पीएसएल (प्राथमिकता वाले क्षेत्रों को ऋण देना) के तहत प्रदान करना पड़ता है। आरआरबी मुख्यत: छोटे एवं सीमांत किसानों, सूक्ष्म व लघु उद्यमों, ग्रामीण कारीगरों और समाज के कमजोर वर्गों पर फोकस करते हुए कृषि क्षेत्र और ग्रामीण क्षेत्रों की कर्ज तथा बैंकिंग संबंधी आवश्यकताओं को पूरा कर रहे हैं। इसके अलावा, आरआरबी ग्रामीण क्षेत्रों के सूक्ष्म/लघु उद्यमों और छोटे उद्यमियों को भी ऋण देते हैं। सीआरएआर बढ़ाने के लिए पुनर्पूंजीकरण या नई पूंजी संबंधी सहयोग मिलने पर आरआरबी अपने पीएसएल लक्ष्य के तहत उधारकर्ताओं की इन श्रेणियों को निरंतर ऋण देने में समर्थ साबित होंगे, इसलिए वे ग्रामीण आजीविकाओं के लिए निरंतर सहयोग देना जारी रखेंगे।
- नई दिल्ली। जनगणना 2021 के प्रथम चरण और एनपीआर का अपडेशन तथा फील्ड से जुड़े अन्य कार्य, जो कि 01 अप्रैल, 2020 से शुरू होने थे, को अगले आदेश तक स्थगित कर दिया गया है।देश में जनगणना 2021 दो चरणों में की जानी थी। प्रथम चरण में मकान सूचीकरण और मकान गणना-अप्रैल से सितंबर, 2020 और दूसरा चरण में जनसंख्या गणना-9 फरवरी से 28 फरवरी, 2021 तक प्रस्तावित थी । जनगणना 2021 के प्रथम चरण के साथ राष्ट्रीय जनसंख्या रजिस्टर (एनपीआर) का अपडेशन असम के अतिरिक्त सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में भी प्रस्तावित था ।कोविड-19 के प्रकोप के कारण, भारत सरकार के साथ-साथ राज्यों / केंद्र शासित प्रदेशों द्वारा भी हाई अलर्ट घोषित कर दिया गया है। गृह मंत्रालय के आदेश के तहत देश में कोविड -19 महामारी के रोकथाम के लिए उठाए जाने वाले उपायों पर भारत सरकार के मंत्रालयों/ विभागों तथा राज्य/ केंद्र शासित प्रदेश सरकारों द्वारा उनके सख्त कार्यान्वयन के लिए दिशा-निर्देश जारी किए हैं। अनेक राज्यों / केंद्र शासित प्रदेशों द्वारा लॉकडाउन भी घोषित कर दिया गया है। भारत सरकार के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय ने सामाजिक सावधानी सहित विभिन्न एहतियाती उपायों के लिए सलाह जारी की है। इन बातों को ध्यान में रखते हुए ही जनगणना का कार्य स्थगित कर दिया गया है।
- नई दिल्ली। कोरोना वायरस को लेकर उपजे हालात को लेकर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी आज शाम 5 अपने संसदीय क्षेत्र वाराणसी के लोगों से सीधे संवाद करेंगे। साथ ही लोगों से सुझाव भी मांगेंगे।प्रधानमंत्री ने इस बात की जानकारी ट्वीट कर दी है। उन्होंने लिखा है- इस बार की जानकारी कोरोना वायरस को लेकर उपजे हालात पर मैं अपने संसदीय क्षेत्र वाराणसी के लोगों से संवाद करूंगा। 25 मार्च को शाम 5 बजे वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से होने वाली इस बातचीत से आप जुड़ सकते हैं। अगर आपके पास कोई सुझाव या सवाल हो तो नरेन्द्र मोदी एप के कमेंट सेक्शन में जाकर साझा कर सकते हैं।
- मुंबई। कोरोना वायरस से बचाव के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ऐलान के बाद देश में पूरी तरह से लॉकडाउन (देशबंदी) लागू कर दिया गया है।बॉलीवुड सितारे इसका समर्थन कर रहे हैं। अभिनेता अमिताभ बच्चन ने लोगों से घरों में रहने की अपील की है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संबोधन के बाद अमिताभ बच्चन ने एक ट्वीट किया है। उन्होंने लिखा, हाथ हैं जोड़ते विनम्रता से आज हम, सुनें आदेश प्रधान का, सदा तुम और हम। ये बंदिश जो लगी है, जीवदायी बनेगी, 21 दिनों का संकल्प निश्चित कोरोना दफनाएगी। इस ट्वीट के साथ अमिताभ ने दो तस्वीरें भी शेयर की हैं। एक तस्वीर में वो हाथ जोड़े नजर आ रहे हैं। जबकि दूसरी तस्वीर में भारत का नक्शा है जिस पर ताला लगा है। अमिताभ के इस ट्वीट पर लोग लगातार कमेंट कर रहे हैं और उनकी बात का समर्थन कर रहे हैं।
- नई दिल्ली। उपराष्ट्रपति एम. वेंकैया नायडू ने देश के विभिन्न भागों में भारतीय नव वर्ष के उपलक्ष्य में मनाये जाने वाले पर्व उगादि, गुड़ी पड़वा, चैत्र शुक्लादि, साजीबू चेराओबा, नवरेह तथा चेटीचंड की देशवासियों को शुभकामनाएं दी हैं। उन्होंने आम जनता से कोरोना वायरस जनित संकट की वजह से अपने घर में रहकर ही ये पर्व मनाने की अपील की है।श्री नायडू ने अपने संदेश में कहा कि भारत के विभिन्न क्षेत्रों में नववर्ष के आगमन पर ये उत्सव मनाये जाते हैं। उन्होंने देशवासियों से स्वच्छ एवं स्वस्थ जीवनचर्या अपनाने तथा कोरोना वायरस के विरुद्ध सरकार द्वारा किए जा रहे प्रयासों को कारगर बनाने में सहयोग की अपील की। उन्होंने कहा, उगादि, गुड़ी पड़वा, चैत्र शुक्लादि, साजीबू चेराओबा, नवरेह तथा चेटीचंड के शुभ अवसर पर देशवासियों को हार्दिक बधाई और शुभकामनाएं देता हूं। हर्षोल्लास से मनाए जाने वाले ये पर्व बसंत तथा नववर्ष के आगमन का संकेत हैं। ये पर्व हमारी खुशहाली और समृद्धि को अभिव्यक्ति देते हैं। श्री नायडू ने कहा, आज जब हम इन पर्वों को बेहतर और खुशहाल भविष्य की आशा से मना रहे हैं, हमें यह स्मरण रहे कि आज हम वैश्विक स्तर पर एक अभूतपूर्व स्वास्थ्य आपदा का सामना भी कर रहे हैं। हमें निरापद रहने के लिए सभी जरूरी सावधानियां और परहेज़ बरतने होंगे। उन्होंने देशवासियों से इन पर्वों को घर के अंदर ही रह कर मनाने और भीड़ भाड़ वाले सामुदायिक आयोजनों से बचने की अपील की। नायडू ने कोरोना वायरस के संक्रमण के विरुद्ध सरकार और चिकित्सा कर्मियों के प्रयासों को कारगर बनाने में सहयोग देने की अपील करते हुये कहा कि आपसी सहयोग और एकजुटता से ही इन प्रयासों को सफल बनाया जा सकेगा।
- नई दिल्ली। आज आधी रात से 31 मार्च तक कोई भी वाणिज्यिक विमान यात्रा संचालित नहीं की जा सकेगी। देश में कोरोना वायरस की महामारी के प्रकोप को देखते हुए यह कदम उठाया गया है, लेकिन ये पाबंदियां माल वाहक विमानों पर लागू नहीं होंगी।भारत ने एक सप्ताह के लिए अंतर्राष्ट्रीय विमान सेवाओं पर भी रविवार से प्रतिबंध लगा दिया है। नागरिक उड्डयन मंत्रालय ने कहा है कि ऑपरेटरों को अपने विमानों की समय सारिणी इस तरह से निर्धारित करनी होगी जिससे उनकी उड़ान रात ग्यारह बजकर 59 मिनट तक गन्तव्य हवाई अड्डे पर पहुंच जाए।--
- भोपाल। मध्यप्रदेश सरकार ने भारतीय प्रशासनिक सेवा के 1985 बैच के अधिकारी इकबाल सिंह बैस को प्रदेश का मुख्य सचिव बनाया है। वे वर्तमान में मध्यप्रदेश के ग्वालियर राजस्व मंडल के अध्यक्ष हैं।इस संबंध में मध्यप्रदेश सामान्य प्रशासन विभाग की प्रमुख सचिव कार्मिक दीप्ति गौड मुखर्जी ने आदेश जारी कर दिये हैं। श्री बैस को एम गोपाल रेड्डी के स्थान पर मुख्य सचिव बनाया गया है। रेड्डी को तत्कालीन कमलनाथ की सरकार ने इसी महीने 16 मार्च को मुख्य सचिव बनाया था। शिवराज सिंह चौहान के नेतृत्व में सोमवार रात बनी नई सरकार ने यह पहली नियुक्ति की है।---
- भोपाल। कोरोना वायरस से बचाव के लिए मुख्यमंत्री बनने के बाद शिवराज सिंह चौहान ने पहला और बड़ा फैसला लिया। उन्होंने राजधानी भोपाल और जबलपुर में कर्फ्यू लगाने का आदेश दिया।शिवराज सिंह चौहान ने ट्वीट कर बताया कि जबलपुर और भोपाल में कोरोना वायरस के एक-एक मामले सामने आने के बाद एहतियात के तौर पर यह फैसला लिया गया है। उन्होंने लिखा-जबलपुर और भोपाल में कोरोना वायरस के पॉज़िटिव केस पाए गए हैं। आज दिनांक 24 मार्च से इन दोनों शहरों में कर्फ्यू लगाने का निर्णय लिया गया है। सभी नागरिकों को बताना चाहता हूं कि यह आप सबकी सुरक्षा के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है।
- भोपाल। मध्यप्रदेश में मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने आज विधानसभा में विश्वास मत के जरिये बहुमत साबित किया।कांग्रेस विधायकों ने विधानसभा की कार्यवाही का बहिष्कार किया। इसके बाद सदन की कार्यवाही 27 मार्च तक स्थगित कर दी गई। विधानसभा अध्यक्ष एन पी प्रजापति ने देर रात इस्तीफा दे दिया। इससे पहले, शिवराज सिंह चौहान ने राज्य के मुख्यमंत्री पद की शपथ ली।श्री चौहान चौथी बार मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री बने हैं। बुधनी से विधायक श्री चौहान ने देर रात राजभवन में शपथ ली। राज्यपाल लालजी टंडन ने उन्हें पद और गोपनीयता की शपथ दिलाई।इससे पहले, श्री कमलनाथ ने कांग्रेस के 22 विधायकों के इस्तीफे के बाद पिछले सप्ताह मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा दे दिया था। 230 सदस्यों की राज्य विधानसभा में भारतीय जनता पार्टी के 107 विधायक हैं। 22 विधायकों के त्यागपत्र के बाद कांग्रेस के 92 विधायक रह गये हैं। फिलहाल विधानसभा में 24 सीटें खाली हैं।----
- नई दिल्ली। केन्द्रीय वित्त मंत्रालय ने कहा है कि लॉकडाउन के दौरान ड्यूटी पर न पहुंचने वाले अनुबंध कर्मचारियों को भी भुगतान किया जाएगा।केन्द्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारामन ने एक ट्वीट कर कहा कि कोविड-19 के प्रसार के कारण परस्पर सुरक्षित दूरी बनाए रखने की आवश्यकता को देखते हुए यह सम्भव है कि भारत सरकार के लिए कार्यरत अनुबंध कामगार और कर्मचारी ड्यूटी पर न पहुंच पाएं।उन्होंने कहा कि मजदूरी में कमी से उत्पन्न कठिनाइयों के कारण भी ऐसा हो सकता है। इसे देखते हुए ही लॉकडाउन की अवधि के दौरान अनुबंध कर्मियों को ड्यूटी पर उपलब्ध माना जाएगा और उन्हें इस अवधि के लिए भुगतान किया जाएगा।यह आदेश भारत सरकार के सम्बद्ध और अधिनस्थ कार्यालयों, स्वायत्त और सांविधिक निकायों पर भी लागू होगा और इस वर्ष 30 अप्रैल तक प्रभावी रहेगा।







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