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लखनऊ. केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने उत्तर प्रदेश को देश की "आत्मा" बताते हुए शनिवार को कहा कि 2047 में देश की स्वतंत्रता के 100 वर्ष पूरे होने तक यह राज्य विकसित भारत के इंजन के रूप में उभरेगा। शाह ने उत्तर प्रदेश दिवस समारोह में राष्ट्र प्रेरणा स्थल पर आयोजित सभा में गैर-भाजपा सरकारों पर निशाना साधते हुए कहा कि उन्होंने उत्तर प्रदेश को दशकों तक पिछड़ा रखा और इसे 'बीमारू' राज्य के रूप में प्रचारित किया, जबकि भाजपा सरकार ने इसे "सफल राज्य" में बदल दिया है। उन्होंने कहा कि लोग जातिवाद से ऊपर उठकर भाजपा को वंशवादी पार्टियों पर प्राथमिकता दें।
शाह ने कहा, परिवारवादी (वंशवादी) पार्टियां, चाहे वह कांग्रेस हो, समाजवादी पार्टी (सपा) हो या बहुजन समाज पार्टी (बसपा) हो, उत्तर प्रदेश की भलाई और विकास नहीं कर सकतीं; केवल भाजपा ही यह कर सकती ह। उन्होंने कहा, "केंद्र में नरेन्द्र मोदी और राज्य में योगी आदित्यनाथ होने से उत्तर प्रदेश के विकास की हर संभावना खुल गई है। राज्य की भलाई के लिए ईमानदारी से प्रयास किए गए हैं।" भाजपा के वरिष्ठ नेता ने कहा, "उत्तर प्रदेश को कांग्रेस, समाजवादी पार्टी (सपा) और बहुजन समाज पार्टी (बसपा) ने 'बीमारू' राज्य बना दिया था, लेकिन भाजपा सरकार ने इसे 'सफल राज्य' में बदल दिया और हर गांव और घर में विकास हुआ।" उन्होंने यह भी कहा कि बिहार, मध्य प्रदेश, राजस्थान और उत्तर प्रदेश को 1980 के दशक में 'बीमारू' माना जाता था, क्योंकि इन राज्यों के आर्थिक व जनसांख्यिकीय संकेतक बहुत खराब थे। शाह ने यह भी कहा कि राज्य देश की प्रगति में एक केंद्रीय स्थान रखता है और 2047 तक इसे पूरी तरह से विकसित कर दिया जाएगा। उन्होंने राज्य के स्थापना दिवस पर कहा, "उत्तर प्रदेश भारत की धड़कन है, और दूसरे शब्दों में कहें तो उत्तर प्रदेश भारत की आत्मा भी है। मुझे पूरी तरह से विश्वास है कि उत्तर प्रदेश भारत के विकास का इंजन बनेगा, एक विकसित भारत का इंजन।" प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के दृष्टिकोण का हवाला देते हुए शाह ने कहा कि केंद्र और उत्तर प्रदेश सरकार संयुक्त रूप से विकसित राष्ट्र और विकसित राज्य के लक्ष्य को हासिल करने के लिए काम कर रही हैं। उन्होंने कहा, "प्रधानमंत्री मोदी ने एक विकसित भारत बनाने का संकल्प लिया है, और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में हमारी डबल-इंजन सरकार ने उत्तर प्रदेश को भी एक विकसित राज्य बनाने का संकल्प लिया है।" केंद्रीय गृह मंत्री ने कहा, "हम सभी आज इस संकल्प को दोहराते हैं कि जब 15 अगस्त 2047 को स्वतंत्रता की शताब्दी मनाई जाएगी, तब उत्तर प्रदेश एक पूरी तरह से विकसित राज्य होगा और एक विकसित भारत का महत्वपूर्ण राज्य बनेगा।" शाह के साथ मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भी मौजूद थे।
केंद्रीय गृह मंत्री ने यह भी कहा कि भाजपा सरकार के तहत कानून-व्यवस्था की स्थिति में ऐतिहासिक सुधार हुआ है, जिससे निवेश आकर्षित हुआ और विकास में तेजी आई। शाह ने मतदाताओं से अपील करते हुए लोगों से जातिगत विचारों से ऊपर उठकर 2027 के विधानसभा चुनावों में भाजपा का समर्थन करने की अपील की। गृह मंत्री ने कहा, "आगामी साल चुनावी साल है। आज मैं उत्तर प्रदेश के लोगों से यह अपील करने आया हूं कि वे राज्य के विकास, युवाओं के भविष्य और देश की सुरक्षा के लिए भारतीय जनता पार्टी को बहुमत से विजय दिलाएं।" उन्होंने यह भी कहा कि प्रधानमंत्री मोदी ने उत्तर प्रदेश को राष्ट्रीय राजमार्गों और हवाई अड्डों का एक व्यापक नेटवर्क प्रदान किया है और ब्रह्मोस मिसाइल भी अब उत्तर प्रदेश में बन रही है। शाह ने कहा कि यह बदलाव इसलिए संभव हो सका क्योंकि योगी आदित्यनाथ सरकार ने संकल्प के साथ भ्रष्टाचार को खत्म किया, गरीबों के लिए कल्याणकारी योजनाएं लागू कीं, और यह सुनिश्चित किया कि हर गांव में कम से कम 20 घंटे बिजली आपूर्ति हो। केंद्रीय गृह मंत्री ने कहा, "आगामी चुनावों में, मैं उत्तर प्रदेश के हर मतदाता से अपील करता हूं कि वे जातिवाद से ऊपर उठें, इन वंशवादी पार्टियों को नकारें, और एक बार फिर भाजपा का कमल (पार्टी चुनाव चिन्ह) खिलाएं।" शाह ने भाजपा सरकार के तहत हुए शहरी परिवर्तन को भी रेखांकित किया। उन्होंने कहा कि 65 एकड़ का कूड़ाघर अब राष्ट्र प्रेरणा स्थल के रूप में एक स्वच्छ और उपयोगी सार्वजनिक स्थान में परिवर्तित हो चुका है। उन्होंने कहा कि सफाई पहलों में अच्छा प्रदर्शन करने वाले जिलों को इस कार्यक्रम के दौरान सम्मानित किया गया, जिससे राज्य भर में नागरिक बुनियादी ढांचे में सुधार को प्रदर्शित किया गया। केंद्रीय गृह मंत्री ने रोजगार और आजीविका पहलों का जिक्र करते हुए कहा कि युवाओं को पांच लाख रुपये तक के ब्याज-मुक्त और कुछ गिरवी रखकर मिलने वाले ऋणों का लाभ मिला है, जिसके लिए अब तक 5,322 करोड़ रुपये की वित्तीय सहायता दी जा चुकी है। उन्होंने कहा कि 'एक जिला, एक उत्पाद' योजना युवाओं और महिलाओं के लिए आजीविका का एक प्रमुख स्रोत बन चुकी है, साथ ही यह उत्तर प्रदेश के पारंपरिक खाद्य पदार्थों व उत्पादों को वैश्विक स्तर पर बढ़ावा देने में मदद कर रही है। शाह ने कहा कि उत्तर प्रदेश अब देश की चौथी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बन चुका है, यह भारत का खाद्य कटोरा बन गया है, एथेनॉल उत्पादन में पहले स्थान पर है, और कृषि, विनिर्माण, इलेक्ट्रॉनिक्स और आईटी निर्यात में महत्वपूर्ण वृद्धि देखी गई है, साथ ही 15 लाख करोड़ रुपये के निवेश प्रस्तावों को लागू किया जा रहा है। शाह ने शासन और सुरक्षा पर बात करते हुए कहा कि भाजपा सरकार के तहत कानून-व्यवस्था में ऐतिहासिक सुधार हुआ है, और डकैती और चोरी के मामलों में भारी गिरावट आई है, सीमा सुरक्षा में सुधार हुआ है और परिवहन बेहतर हुआ है। उन्होंने अयोध्या में राम मंदिर निर्माण और प्रयागराज में महाकुंभ के आयोजन का भी उल्लेख किया और कहा कि ये आयोजन भारत की सांस्कृतिक स्थिति को वैश्विक स्तर पर मजबूती दे रहे हैं। शाह ने राज्य की धरोहर की सराहना करते हुए कहा, "यह वही भूमि है जहां कई ऐतिहासिक व्यक्तित्व जैसे भगवान राम, भगवान कृष्ण, बाबा विश्वनाथ, भगवान महावीर और भगवान बुद्ध का जन्म हुआ था।" लखनऊ के राष्ट्र प्रेरणा स्थल में तीन महान व्यक्तियों श्यामा प्रसाद मुखर्जी, दीनदयाल उपाध्याय और अटल बिहारी वाजपेयी की प्रतिमाओं का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि यह आने वाले दिनों में राष्ट्रीय जागरण का केंद्र बनेंगी और देश को एक नयी दिशा देंगी। -
नयी दिल्ली. राष्ट्रीय राजधानी में 77वीं गणतंत्र दिवस परेड के दौरान कर्तव्य पथ पर प्रस्तुति देने वाले लगभग 2,500 कलाकारों ने शनिवार को 'फुल ड्रेस रिहर्सल' किया। अधिकारियों ने यह जानकारी दी। औपचारिक परेड का पूर्वाभ्यास शुक्रवार को आयोजित किया गया था, लेकिन खराब मौसम के कारण फ्लाईपास्ट और सांस्कृतिक प्रदर्शन के कुछ हिस्से आयोजित नहीं किए जा सके। एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया, ''कलाकारों का एक समूह परेड की अगुवाई करेगा, जिसका पूर्वाभ्यास शुक्रवार को हुआ था। हालांकि, भारत के विभिन्न नृत्य रूपों का प्रतिनिधित्व करने वाले लगभग 2,500 कलाकारों के साथ भव्य कार्यक्रम आयोजित नहीं किया जा सका। इसलिए, उस भाग का 'फुल ड्रेस रिहर्सल' शनिवार को किया गया, क्योंकि यह 26 जनवरी को एक प्रमुख आकर्षण होगा।'' शुक्रवार को सशस्त्र बलों के जवानों और कलाकारों ने 'फुल ड्रेस रिहर्सल' किया और सुबह की बारिश के बीच कर्तव्य पथ पर परेड निकाली। बारिश के कारण समारोह स्थल पर कार्यक्रम में थोड़ी देर के लिए रुकावट आई। परेड का मुख्य विषय 'वंदे मातरम् के 150 वर्ष' होगा।
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नयी दिल्ली. उच्चतम न्यायालय ने केंद्र सरकार, केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) और अन्य से 78 वर्षीय उस सेवानिवृत्त बैंकर द्वारा दायर याचिका पर जवाब मांगा है जिसे कथित तौर पर लगभग एक महीने तक 'डिजिटल अरेस्ट' में रखकर करीब 23 करोड़ रुपये की ठगी की गई थी। प्रधान न्यायाधीश सूर्यकांत और न्यायमूर्ति जॉयमाल्या बागची की पीठ ने नरेश मल्होत्रा द्वारा दायर याचिका पर भारत सरकार, केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई), भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) और अन्य को नोटिस जारी किया है। याचिका में संबंधित बैंकों को याचिकाकर्ता के खातों में ठगी गई 22.92 करोड़ रुपये की राशि जमा करने का निर्देश देने का अनुरोध किया गया है। मल्होत्रा ने कोटक महिंद्रा बैंक, एचडीएफसी बैंक, एक्सिस बैंक, आईसीआईसीआई बैंक, इंडसइंड बैंक, सिटी यूनियन बैंक और येस बैंक को मामले में पक्षकार बनाया है। प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) और सीबीआई के अधिकारियों के रूप में खुद को पेश करने वाले साइबर अपराधियों ने दक्षिण दिल्ली के गुलमोहर पार्क इलाके के एक सेवानिवृत्त बैंकर को लगभग एक महीने तक कथित तौर पर 'डिजिटल अरेस्ट' में रखकर 23 करोड़ रुपये की ठगी की। इस संबंध में एक अधिकारी ने बताया कि आरोपियों ने कथित तौर पर पीड़ित को बताया कि उसके आधार कार्ड का संबंध नशीले पदार्थों की तस्करी, आतंकवाद के वित्तपोषण और पुलवामा आतंकी हमले से है। इसके बाद आरोपियों ने जांच के बहाने उसे उसके फ्लैट में ही 'डिजिटल अरेस्ट' की स्थिति में रखा। पुलिस ने कहा, ''धोखाधड़ी करने वालों ने उसे घर से बाहर न निकलने का निर्देश दिया और एक महीने की अवधि में उसकी बचत को विभिन्न बैंक खातों में स्थानांतरित करने के लिए मजबूर किया।'' अपने साथ हुई धोखाधड़ी का एहसास होने पर मल्होत्रा ने पिछले साल 19 सितंबर को राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग पोर्टल (एनसीआरपी) पर शिकायत दर्ज कराई, जिसके बाद मामला 'इंटेलिजेंस फ्यूजन एंड स्ट्रेटेजिक ऑपरेशंस' (आईएफएसओ) इकाई को सौंप दिया गया। पुलिस ने बताया कि प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है और धोखाधड़ी से प्राप्त 12.11 करोड़ रुपये की राशि से जुड़े विभिन्न बैंक खातों से लेन-देन पर रोक लगा दी गई है।
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नयी दिल्ली। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू गणतंत्र दिवस की पूर्व संध्या पर रविवार को राष्ट्र को संबोधित करेंगी। राष्ट्रपति कार्यालय ने एक बयान जारी करके यह जानकारी दी। शनिवार को जारी बयान में कहा गया है कि यह संबोधन शाम सात बजे से आकाशवाणी के सभी राष्ट्रीय चैनलों पर प्रसारित होगा और दूरदर्शन के सभी चैनलों पर पहले हिंदी में और फिर अंग्रेजी में प्रसारित किया जाएगा। संबोधन के दूरदर्शन पर हिंदी और अंग्रेजी में प्रसारण के बाद, दूरदर्शन के क्षेत्रीय चैनलों पर क्षेत्रीय भाषाओं में भी इसका प्रसारण होगा। राष्ट्रपति भवन द्वारा जारी बयान में कहा गया है कि आकाशवाणी अपने संबंधित क्षेत्रीय चैनलों पर सुबह 9:30 बजे से क्षेत्रीय भाषाओं में संबोधन प्रसारित करेगा।
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हरिद्वार. केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने बृहस्पतिवार को कहा कि विश्व की समस्याओं का समाधान भारतीय परंपराओं में निहित है। शाह ने यहां अखिल विश्व गायत्री परिवार के शताब्दी वर्ष समारोह को संबोधित करते हुए कहा,‘‘जो भारत और उसकी संस्कृति को समझता है, वह जानता है कि विश्व की समस्त समस्याओं का समाधान भारतीय परंपराओं में निहित है।'' उन्होंने कहा कि उत्तराखंड की पावन भूमि विशेषकर सप्तर्षि भूमि हरिद्वार में आकर हजारों वर्षों की तपस्या की ऊर्जा का अनुभव होता है। शांतिकुंज के संस्थापक पंडित श्रीराम शर्मा आचार्य के योगदान का जिक्र करते हुए शाह ने कहा कि भारत उनके उपकारों से कभी ऋणमुक्त नहीं हो सकता क्योंकि उन्होंने गायत्री मंत्र को जन-जन तक सर्वसुलभ बनाया, वैश्विक मानवतावाद की अवधारणा को सुदृढ़ किया और वैज्ञानिक अध्यात्मवाद को स्पष्ट रूप से प्रस्तुत किया। गृह मंत्री ने कहा कि पंडित श्रीराम शर्मा का सरल सूत्र “हम बदलेंगे, युग बदलेगा” राष्ट्र परिवर्तन की कुंजी है और गायत्री महामंत्र केवल संस्कृत का मंत्र नहीं, बल्कि जप करने वाले साधक के भीतर सकारात्मक ऊर्जा का संचार करने वाला जीवन मंत्र है। उन्होंने कहा कि पंडित श्रीराम शर्मा ने सनातन धर्म में व्याप्त विकृतियों को दूर कर आध्यात्मिकता को सामाजिक सरोकारों से जोड़ा तथा समानता, संस्कृति, एकता और अखंडता के मूल्यों को सुदृढ़ किया। गृहमंत्री ने कहा कि पंडित श्रीराम शर्मा ने “व्यक्ति निर्माण से समाज निर्माण और राष्ट्र निर्माण” के विचार को व्यवहार में उतारने का मार्ग प्रशस्त किया। शाह ने आचार्य के संदेशों को मानव कल्याण का मूल मंत्र बताते हुए इसे जन-जन तक पहुंचाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि बीते दस वर्षों में देश की कार्य-संस्कृति और सोच में बड़ा सकारात्मक परिवर्तन आया है तथा आज भारत को उसकी गौरवशाली विरासत, संस्कृति और मूल्यों के संदर्भ में आदर भाव से देखा जा रहा है। उन्होंने स्वामी विवेकानंद और अरविंद घोष जैसे युगपुरुषों के विचारों का उल्लेख करते हुए कहा कि भारत के उत्कर्ष से मानवता का उत्कर्ष सुनिश्चित होगा। इस मौके पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि गायत्री परिवार एक वटवृक्ष के समान है, जो आध्यात्मिक चेतना का प्रचार-प्रसार करते हुए समाज को शांति और सकारात्मकता की छाया प्रदान कर रहा है। उन्होंने कहा कि आज भारत अपनी गौरवशाली संस्कृति, ज्ञान और विज्ञान को नए स्वरूप में पुनः स्थापित कर रहा है तथा सनातन संस्कृति का यह विराट संदेश विश्व तक पहुंचे, इसके लिए सामूहिक प्रयास आवश्यक हैं। उन्होंने कहा कि गायत्री परिवार समाज में आध्यात्मिक जनजागरण का कार्य कर रहा है।
अखिल विश्व गायत्री परिवार के डॉ. चिन्मय पांड्या ने कहा कि गायत्री परिवार का मूल दर्शन समाज में रहकर मानव कल्याण और सामाजिक उत्थान के कार्यों को आगे बढ़ाना है। उन्होंने कहा कि संस्थान, प्राचीन वेद, उपनिषद और गीता से प्रेरणा लेते हुए आधुनिक तकनीक को आत्मसात कर शिक्षा, प्रशिक्षण और राष्ट्र निर्माण के कार्यों में सक्रिय भूमिका निभा रहा है। कार्यक्रम में हिमाचल प्रदेश के राज्यपाल शिव प्रताप शुक्ला, राज्यसभा सदस्य महेंद्र भट्ट, उत्तर प्रदेश के परिवहन मंत्री दया शंकर सिंह, हरिद्वार के विधायक मदन कौशिक भी मौजूद रहे । -
चाईबासा. झारखंड के पश्चिम सिंहभूम जिले में बृहस्पतिवार को सुरक्षा बलों के साथ मुठभेड़ में शीर्ष नेता अनल दा समेत 15 माओवादी मारे गए। अनल दा पर एक करोड़ रुपये का इनाम था। पुलिस ने यह जानकारी दी। पुलिस ने बताया कि केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) की कोबरा इकाई के लगभग 1,500 जवान सारंडा जंगल के कुमडी में किरीबुरु थाना क्षेत्र में अभियान में शामिल हैं। एक पुलिस अधिकारी ने बताया, “हमने माओवादियों के शीर्ष नेता पतिराम माझी उर्फ अनल दा समेत 15 माओवादियों के शव बरामद किए हैं। भारी मात्रा में हथियार और गोला-बारूद भी बरामद किए गए हैं। सुबह छह बजे शुरू हुई मुठभेड़ अभी जारी है।” उन्होंने बताया कि सारंडा के जंगल में मंगलवार से ही माओवादी विरोधी अभियान चल रहा है, लेकिन गोलीबारी बृहस्पतिवार सुबह शुरू हुई। पुलिस महानिरीक्षक (ऑपरेशन) माइकल राज एस ने बताया कि पुलिस को सारंडा जंगल में अनल दा और अन्य माओवादियों की मौजूदगी के बारे में सूचना मिलने के बाद अभियान शुरू किया गया। गिरिडीह जिले का पिरतांड निवासी अनल दा 1987 से सक्रिय था। पुलिस वर्षों से उसकी तलाश कर रही है।
सीआरपीएफ के महानिदेशक ज्ञानेंद्र प्रताप सिंह ने सोमवार को पश्चिम सिंहभूम जिले के मुख्यालय चाईबासा का दौरा किया था। झारखंड में कोल्हान और सारंडा को माओवादियों का अंतिम गढ़ माना जाता है। अधिकारियों ने बताया कि सुरक्षा बलों ने बूढ़ा पहाड़, चतरा, लातेहार, गुमला, लोहरदगा, रांची और पारसनाथ में उनकी गतिविधियों को प्रभावी ढंग से सीमित कर दिया है। -
प्रयागराज (उप्र) . माघ मेले में 18 जनवरी को मौनी अमावस्या पर स्नान के लिए जाते समय दो-तीन महिलाओं ने एक महिला न्यायाधीश की लॉकेट समेत ढाई तोले की सोने की चेन पर कथित तौर पर हाथ साफ कर दिया। पुलिस ने यह जानकारी दी। मध्यप्रदेश के दतिया जिले की वरिष्ठ न्यायाधीश (व्यवहार) दीक्षा तनेजा ने दारागंज थाने में तहरीर दी कि वह मौनी अमावस्या पर माघ मेले में कल्पवास कर रहे अपने सास ससुर के पास आई थीं तथा स्नान के लिए जाते समय दो-तीन महिलाएं भीड़ में उन्हें धक्का दे रही थीं। शिकायतकर्ता ने तहरीर में आरोप लगाया कि शक होने पर जब उन्होंने अपने गले की ओर देखा तो उन्होंने चेन और उसमें लगा लॉकेट गायब पाया तथा गले पर हल्के कटे का निशान भी महसूस हुआ। उन्होंने तहरीर में बताया कि शादी में ससुराल से मिली सोने की इस चेन का वजन दो तोला (20 ग्राम) और लॉकेट का वजन (पांच ग्राम) था। एक पुलिस अधिकारी ने बताया कि दारागंज पुलिस ने बुधवार को दो-तीन अज्ञात महिलाओं के खिलाफ बीएनएस की धारा 303 (2) (चोरी) के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की है और घटना के समय के सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं।
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भद्रवाह/जम्मू. सैनिकों को आतंकवाद विरोधी अभियान के लिए ले जा रहा सेना का एक बख्तरबंद वाहन बृहस्पतिवार को जम्मू-कश्मीर के डोडा जिले में सड़क से फिसलकर गहरी खाई में जा गिरा, जिससे उसमें सवार 10 जवानों की मौत हो गई और 11 अन्य घायल हो गए। अधिकारियों ने यह जानकारी दी। अधिकारियों ने बताया कि यह हादसा भद्रवाह-चंबा अंतरराज्यीय मार्ग पर लगभग 9,000 फुट की ऊंचाई पर स्थित खन्नी टॉप पर उस समय हुआ, जब सेना के बुलेटप्रूफ वाहन ‘कैस्पर' के चालक ने वाहन पर नियंत्रण खो दिया और यह 200 फुट गहरी खाई में जा गिरा। ‘कैस्पर' एक ‘माइन-रेजिस्टेंट एंबुश प्रोटेक्टेड (एमआरएपी)' वाहन है, जिसे सैनिकों को उन संवेदनशील इलाकों से सुरक्षित रूप से गुजरने की सुविधा प्रदान करने के लिए तैयार किया गया है, जहां बारूदी सुरंगें बिछाए जाने या आईईडी (संवर्द्धित विस्फोटक उपकरण) लगाए जाने की आशंका अधिक होती है। सेना के जम्मू स्थित व्हाइट नाइट कोर ने इस घटना को “दुर्भाग्यपूर्ण” बताया और कहा कि खराब मौसम में दुर्गम इलाके से गुजरते समय वाहन सड़क से फिसल गया। अधिकारियों ने बताया कि हादसे के बाद सेना और पुलिस ने तत्काल संयुक्त बचाव अभियान शुरू किया, हालांकि तब तक चार सैनिकों की जान जा चुकी थी और 17 अन्य घायल अवस्था में पाए गए। उन्होंने बताया कि बचाव दल को सेना का वाहन बुरी तरह से क्षतिग्रस्त अवस्था में मिला। अधिकारियों के मुताबिक, बचाव अभियान के दौरान बाद में, चोटों के चलते छह और सैनिकों की मौत हो गई।
अधिकारियों के अनुसार, घायल जवानों में से एक की हालत “स्थिर” बताई जा रही है और उसे भद्रवाह उप-जिला अस्पताल में चिकित्सकीय निगरानी में रखा गया है, जबकि 10 अन्य को विशेष उपचार के लिए हवाई मार्ग से उधमपुर कमान अस्पताल ले जाया गया। भद्रवाह के अतिरिक्त उपायुक्त सुमित कुमार भुटयाल ने ‘पीटीआई-भाषा' को बताया, “सेना का एक वाहन हादसे का शिकार हो गया, जिससे हमने 10 जवान खो दिए और 11 अन्य घायल हो गए।” व्हाइट नाइट कोर ने ‘एक्स' पर एक पोस्ट में कहा, “एक दुर्भाग्यपूर्ण घटना में, डोडा में खराब मौसम के बीच दुर्गम इलाके से गुजर रहा सेना का एक वाहन सड़क से फिसलकर खाई में जा गिरा। इस वाहन में आतंकवाद विरोधी अभियान के लिए जा रहे सैनिक सवार थे। हादसे में कई जवान हताहत हुए हैं। घायलों को अस्पताल ले जाया गया है।” रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा, मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला, कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे और पूर्व मुख्यमंत्री गुलाम नबी आजाद ने हादसे पर गहरा दुख जताया। राजनाथ ने ‘एक्स' पर एक पोस्ट में कहा, “मैं डोडा में हुए सड़क हादसे से बेहद व्यथित हूं, जिसमें हमने भारतीय सेना के 10 बहादुर जवानों को खो दिया। मेरी हार्दिक संवेदनाएं शोक संतप्त परिवारों के साथ हैं।” उन्होंने लिखा कि घायल जवानों को चिकित्सा देखभाल प्रदान की जा रही है और सर्वोत्तम संभव उपचार सुनिश्चित करने के लिए सभी आवश्यक निर्देश दिए गए हैं। उमर ने हादसे में जान गंवाने वाले सैनिकों के परिवारों के प्रति गहरी संवेदना जताई और घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की। उन्होंने बचाव अभियान की भी सराहना की। उपराज्यपाल ने ‘एक्स' पर पोस्ट किया, “मैं डोडा में एक दुर्भाग्यपूर्ण सड़क हादसे में भारतीय सेना के 10 बहादुर जवानों की जान जाने से बहुत दुखी हूं। हम अपने बहादुर सैनिकों की उत्कृष्ट सेवा और सर्वोच्च बलिदान को हमेशा याद रखेंगे।” सिन्हा ने शोक संतप्त परिवारों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की। उन्होंने कहा, “दुख की इस घड़ी में पूरा देश शोक संतप्त परिवारों के साथ एकजुटता से खड़ा है। घायल सैनिकों को हेलीकॉप्टर से अस्पताल ले जाया गया है। वरिष्ठ अधिकारियों को उनका सर्वोत्तम इलाज सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। उनके शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करता हूं।” वहीं, खरगे ने हादसे पर गहरा दुख जताते हुए सड़क सुरक्षा उपायों को मजबूत करने की अपील की।
कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा, “शोक संतप्त परिवारों के प्रति मेरी हार्दिक संवेदनाएं। पूरा देश शोक की इस घड़ी में एकजुट है और हमारी संवेदनाएं एवं प्रार्थनाएं घायलों के साथ हैं, उनके शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करता हूं।” उन्होंने कहा, “पहले भी इस तरह की घटनाएं हो चुकी हैं। ऐसे दिल दहला देने वाले हादसों को रोकने के लिए सड़क बुनियादी ढांचे को मजबूत करने, दुर्गम इलाकों में आवागमन को बेहतर बनाने और सड़क सुरक्षा उपायों को लागू करने की तत्काल आवश्यकता है।” डेमोक्रेटिक प्रोग्रेसिव आजाद पार्टी के अध्यक्ष आजाद ने कहा, “शोक संतप्त परिवारों के प्रति मेरी गहरी संवेदनाएं हैं। मैं घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की प्रार्थना करता हूं।” सेना के उत्तरी कमांडर ने कहा कि जनरल ऑफिसर कमांडिंग-इन-चीफ लेफ्टिनेंट जनरल प्रतीक शर्मा और कमान के सभी रैंक के जवान वीरों को सलाम करते हैं और दुर्भाग्यपूर्ण हादसे में जान गंवाने वाले सैनिकों के असामयिक निधन पर हार्दिक संवेदना व्यक्त करते हैं। उन्होंने ‘एक्स' पर लिखा, “उत्तरी कमान के सभी सदस्य शोक संतप्त परिवारों के साथ एकजुटता से खड़े हैं और हादसे में घायल हुए जवानों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करते हैं। -
नई दिल्ली। केंद्र सरकार के खिलाफ भाषा का प्रयोग करने वाले भाषण को पढ़ने से इनकार करने के बाद कर्नाटक में राज्यपाल और राज्य सरकार के बीच टकराव तेज हो गया है। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार आज सुबह 11 बजे विधानमंडल के संयुक्त सत्र को संबोधित करने वाले राज्यपाल थावर चंद गहलोत ने, भाषण में केंद्र-विरोधी कठोर शब्दों पर आपत्ति जताते हुए भाषण देने से असहमति जताई।
राज्यपाल का क्या है कहना?राज्यपाल का कहना है कि ‘विकसित भारत–जी राम जी’ कानून के विरोध में इस्तेमाल की गई भाषा अतिरंजित है और उससे द्वेष की भावना झलकती है। उन्होंने सरकार द्वारा तैयार लगभग 100 अनुच्छेदों वाले भाषण में से 11 अनुच्छेदों को आपत्तिजनक बताया है और स्पष्ट किया है कि इन्हें हटाए जाने पर ही वे भाषण देंगे। इस संबंध में राज्य सरकार को संदेश भी भेजा गया है।यह विवाद अब बना एक संवैधानिक टकरावहालांकि, राज्य सरकार ने राज्यपाल की आपत्तियों को खारिज करते हुए साफ कहा है कि किसी भी परिस्थिति में अनुच्छेदों को हटाया नहीं जाएगा और राज्यपाल को सरकार द्वारा तैयार किया गया भाषण ही पढ़ना होगा। इस घटनाक्रम के चलते संयुक्त सत्र में राज्यपाल की उपस्थिति को लेकर राजनीतिक गलियारों में गहरी उत्सुकता बनी हुई है। राज्य में यह विवाद अब एक संवैधानिक टकराव का रूप लेता दिखाई दे रहा है। -
नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की अध्यक्षता में केंद्रीय मंत्रिमंडल ने भारतीय लघु उद्योग विकास बैंक (सिडबी) को 5,000 करोड़ रुपए की इक्विटी सहायता को मंजूरी दे दी है। यह 5,000 करोड़ रुपए की इक्विटी पूंजी वित्तीय सेवा विभाग द्वारा सिडबी में तीन चरणों में निवेश की जाएगी। इसमें वित्तीय वर्ष 2025–26 में 3,000 करोड़ रुपए का निवेश 31.03.2025 के बुक वैल्यू पर प्रति शेयर 568.65 रुपए किया जाएगा। इसके बाद वित्तीय वर्ष 2026–27 और 2027–28 में क्रमशः 1,000 करोड़ रुपए, 1,000 करोड़ रुपए की राशि संबंधित पूर्ववर्ती वित्तीय वर्ष की 31 मार्च की बुक वैल्यू पर निवेश की जाएगी।
इसकी जानकारी देते हुए पीएम मोदी ने सोशल मीडिया हैंडल एक्स पर लिखा कि आज मंत्रिमंडल द्वारा लघु उद्योग विकास बैंक ऑफ इंडिया (एसआईडीबीआई) को इक्विटी सहायता प्रदान करने से संबंधित निर्णय से अनगिनत लघु एवं मध्यम उद्यमों को लाभ होगा और इस प्रकार एक विकसित भारत के निर्माण में योगदान मिलेगा।5,000 करोड़ रुपए की इक्विटी पूंजी निवेश के बाद वित्तीय सहायता प्राप्त करने वाले एमएसएमई की संख्या वित्तीय वर्ष 2025 के अंत में 76.26 लाख से बढ़कर वित्तीय वर्ष 2028 के अंत तक 102 लाख (अर्थात लगभग 25.74 लाख नए एमएसएमई लाभार्थी जोड़े जाएंगे) होने की उम्मीद है। एमएसएमई मंत्रालय की आधिकारिक वेबसाइट से उपलब्ध नवीनतम आंकड़ों (30.09.2025 तक) के अनुसार, 6.90 करोड़ एमएसएमई (अर्थात प्रति एमएसएमई औसतन 4.37 व्यक्तियों का रोजगार सृजन) द्वारा कुल 30.16 करोड़ लोगों को रोजगार प्रदान किया गया है।इस औसत को ध्यान में रखते हुए वित्तीय वर्ष 2027–28 के अंत तक अनुमानित 25.74 लाख नए एमएसएमई लाभार्थियों के जुड़ने से लगभग 1.12 करोड़ नए रोजगार के सृजन का अनुमान है।निर्देशित ऋण पर विशेष ध्यान तथा आगामी पांच वर्षों में पोर्टफोलियो में अपेक्षित वृद्धि के कारण, सिडबी की बैलेंस शीट पर जोखिम-भारित परिसंपत्तियों में उल्लेखनीय वृद्धि होने की संभावना है। इस वृद्धि के चलते पूंजी-जोखिम भारित परिसंपत्ति अनुपात (सीआरएआर) के समान स्तर को बनाए रखने के लिए अधिक पूंजी की आवश्यकता होगी।इसके अतिरिक्त, ऋण प्रवाह को बढ़ाने के उद्देश्य से सिडबी द्वारा विकसित किए जा रहे डिजिटल एवं डिजिटल रूप से सक्षम, संपार्श्विक-मुक्त वाले ऋण उत्पाद तथा स्टार्ट-अप्स को प्रदान किया जा रहा उद्यम ऋण भी जोखिम-भारित परिसंपत्तियों में वृद्धि करेगा, जिसके परिणामस्वरूप स्वस्थ सीआरएआर बनाए रखने के लिए और अधिक पूंजी की आवश्यकता होगी।अधिदेशित (निर्धारित) स्तर से काफी ऊपर स्वस्थ सीआरएआर को बनाए रखना क्रेडिट रेटिंग की सुरक्षा के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। अतिरिक्त शेयर पूंजी के निवेश से स्वस्थ सीआरएआर बनाए रखने में सिडबी को लाभ होगा। इस अतिरिक्त पूंजी निवेश से सिडबी को उचित ब्याज दरों पर संसाधन जुटाने में सहायता मिलेगी, जिससे सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यमों (एमएसएमई) को प्रतिस्पर्धी लागत पर ऋण प्रवाह में वृद्धि हो सकेगी।प्रस्तावित इक्विटी पूंजी का चरणबद्ध अथवा क्रमिक निवेश अगले तीन वर्षों में उच्च दबाव परिदृश्य के अंतर्गत सीआरएआर को 10.50 प्रतिशत से ऊपर तथा पिलर-1 और पिलर-2 के अंतर्गत 14.50 प्रतिशत से ऊपर बनाए रखने में सिडबी को सक्षम बनाएगा। - नयी दिल्ली ।”भारतीय जनता पार्टी ने बुधवार को दावा किया कि वह आगामी विधानसभा चुनावों में सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस और द्रविड़ मुनेत्र कषगम (द्रमुक) को क्रमशः पश्चिम बंगाल और तमिलनाडु में हराकर पहली बार अपनी सरकार बनाएगी। एक बयान में पार्टी ने कहा कि भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन की अध्यक्षता में हुई बैठक में पार्टी की राज्य इकाइयों द्वारा प्रस्तुत जमीनी रिपोर्टों के आधार पर, उसे आगामी चुनावों में पश्चिम बंगाल में ममता बनर्जी सरकार और तमिलनाडु में एम.के. स्टालिन सरकार को सत्ता से बेदखल करने का पूरा भरोसा है। पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव अरुण सिंह ने बताया कि बैठक में नवीन ने पश्चिम बंगाल, असम, तमिलनाडु, केरल और पुडुचेरी में भाजपा की अब तक की चुनावी तैयारियों की समीक्षा की। उन्होंने बताया कि इन सभी राज्यों के प्रतिनिधियों ने भाजपा अध्यक्ष के समक्ष अपनी-अपनी “तैयारी रिपोर्ट” प्रस्तुत की। सिंह ने कहा, “राष्ट्रीय अध्यक्ष ने पार्टी की तैयारियों पर संतोष व्यक्त किया।”उन्होंने कहा, “प्रदेश भाजपा अध्यक्षों और राज्य प्रभारियों द्वारा प्रस्तुत रिपोर्ट के आधार पर, यह विश्वासपूर्वक कहा जा सकता है कि पश्चिम बंगाल में भारतीय जनता पार्टी जनता के आशीर्वाद से पहली बार पूर्ण बहुमत के साथ सरकार बनाने के लिए पूरी तरह तैयार है।” सिंह ने कहा कि बैठक में राज्य इकाइयों द्वारा प्रस्तुत रिपोर्ट के आधार पर, भाजपा असम में लगातार तीसरी बार सरकार बनाने को लेकर आश्वस्त है। उन्होंने कहा, “तमिलनाडु में भी इस बार भाजपा-राजग सरकार बनेगी।”भाजपा नेता ने कहा, “पुडुचेरी में राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) की सत्ता में वापसी की पूरी संभावना है, वहीं केरल में भी आगामी विधानसभा चुनावों में भारतीय जनता पार्टी के बहुत मजबूत प्रदर्शन की उम्मीद है।” राष्ट्रीय अध्यक्ष नवीन ने नयी जिम्मेदारियां संभालने के एक दिन बाद बुधवार को पार्टी के पदाधिकारियों के साथ अपनी पहली रणनीति बैठक की और पश्चिम बंगाल सहित पांच राज्यों में आगामी विधानसभा चुनावों की तैयारियों की समीक्षा की।
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पुरी/ ओडिशा के पुरी स्थित 12वीं सदी के जगन्नाथ मंदिर को बम हमले की धमकी एक सोशल मीडिया पोस्ट से मिलने के बाद मंदिर परिसर और उसके आसपास सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। अधिकारियों ने बुधवार को यह जानकारी दी। अधिकारियों ने बताया कि इस ऑनलाइन पोस्ट के संबंध में एक व्यक्ति को हिरासत में लिया गया है।
पुलिस के एक अधिकारी ने बताया कि मंगलवार को सामने आए फेसबुक संदेश में बीजू जनता दल (बीजद) के राज्यसभा सदस्य सुभाषीश खुंटिया और तीर्थ नगरी पुरी के एक शॉपिंग कॉम्प्लेक्स पर हमले की धमकी भी दी गई थी। अधिकारी के अनुसार, जिस महिला के अकाउंट से यह पोस्ट की गई थी, उसने इसमें किसी भी तरह की संलिप्तता से इनकार किया और दावा किया है कि किसी अज्ञात व्यक्ति ने उसके नाम से फर्जी यूजर आईडी बनाकर दहशत फैलाने की कोशिश की होगी। महिला के बयान के आधार पर पुलिस ने एक व्यक्ति को पूछताछ के लिए पकड़ा है।
पुरी के साइबर पुलिस थाने में इस संबंध में एक मामला दर्ज करके आगे की जांच की जा रही है। पुलिस अधिकारी ने कहा, “मंदिर परिसर और उसके आसपास सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। इस बीच, सांसद खुंटिया ने कहा कि उन्होंने तत्काल कार्रवाई की मांग को लेकर पुरी के पुलिस अधीक्षक से बात की है। सांसद ने यह भी आरोप लगाया कि उन्हें एक अज्ञात व्यक्ति की ओर से धमकी वाली एक कॉल आयी थी। -
नयी दिल्ली. भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नवनिर्वाचित अध्यक्ष नितिन नवीन ने लोगों, खासकर युवाओं से राजनीति में आने की मंगलवार को अपील की, ताकि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के विकसित भारत के संकल्प को पूरा किया जा सके। उन्होंने पार्टी कार्यकर्ताओं को उनके काम का उचित सम्मान मिलने का भरोसा दिलाते हुए कहा कि भाजपा में हर किसी के प्रयासों पर नजर है। भाजपा मुख्यालय में पार्टी के 12वें राष्ट्रीय अध्यक्ष के रूप में अपने नाम की घोषणा के बाद नवीन ने एक कार्यक्रम को संबोधित किया। उन्होंने पार्टी के नेताओं और कार्यकर्ताओं से पश्चिम बंगाल समेत पांच राज्यों में होने वाले विधानसभा चुनावों में भाजपा की सफलता सुनिश्चित करने के लिए हर संभव प्रयास करने, "सनातन परंपराओं और आस्था" की रक्षा करने और देश को जनसांख्यिकीय परिवर्तनों से बचाने का भी आह्वान किया। उन्होंने कहा, "15 अगस्त, 2025 को प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने देश के युवाओं से सार्वजनिक जीवन में प्रवेश करने का आह्वान किया था। मैं देश के युवाओं से कहना चाहता हूं कि राजनीति से दूर रहना समाधान नहीं, बल्कि सक्रिय योगदान देना ही समाधान है।" नवीन ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के भारत को विकसित देश बनाने के संकल्प को पूरा करने के लिए युवाओं को आगे आकर "सकारात्मक राजनीति" में भाग लेने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा, ‘‘मैं युवाओं को यह भी बताना चाहूंगा कि राजनीति में कोई शॉर्टकट नहीं है। राजनीति सौ मीटर की दौड़ नहीं, बल्कि मैराथन है, जहां गति नहीं बल्कि सहनशक्ति की परीक्षा होती है। आगे आइए और अपनी जड़ों को मजबूत रखते हुए इस राजनीतिक मैदान पर काम कीजिए।" उन्होंने कहा, "आज संकल्प लेने का समय है। आज मैं न केवल एक पद ग्रहण कर रहा हूं, बल्कि पार्टी की विचारधारा और परंपराओं तथा एक राष्ट्रवादी आंदोलन को भी अपना रहा हूं।" ‘संगठन पर्व' के समापन के बाद, जिसमें बूथ स्तर से लेकर राष्ट्रीय स्तर तक पार्टी के विभिन्न पदों के लिए चुनाव हुए, मंगलवार को पार्टी मुख्यालय में नवीन (45) को भाजपा का राष्ट्रीय अध्यक्ष घोषित किया गया। वह बिहार से पांच बार विधायक रह चुके हैं और 14 दिसंबर को भाजपा के कार्यकारी अध्यक्ष नियुक्त होने से पहले राज्य सरकार में कानून एवं न्याय, शहरी विकास और आवास मंत्री रह चुके हैं। भाजपा अध्यक्ष ने पार्टी कार्यकर्ताओं से बूथ और मंडल स्तर पर पूरी निष्ठा और समर्पण के साथ काम जारी रखने का आग्रह किया। उन्होंने कहा, “भाजपा की निगरानी व्यवस्था इतनी मजबूत है कि वह हर छोटी से छोटी बात पर नजर रख सकती है और एक दिन आपको उस मुकाम तक पहुंचाएगी, जिसके आप हकदार हैं।” भाजपा के नए अध्यक्ष ने कहा कि पश्चिम बंगाल, असम, तमिलनाडु, केरल और पुडुचेरी में आगामी चुनावों से पहले राज्यों में "जनसांख्यिकीय परिवर्तनों" पर चर्चा हो रही है। उन्होंने कहा, “हमने देखा है कि जनसांख्यिकीय परिवर्तनों के कारण वहां चीजें किस प्रकार बदल गई हैं, जो हमारे सामने एक चुनौती है। लेकिन मुझे विश्वास है कि भाजपा कार्यकर्ता अपनी पूरी ताकत और संघर्ष तथा कड़ी मेहनत से इन पांच राज्यों में मजबूत नेतृत्व प्रदान करेंगे।” नवीन ने हाल में तमिलनाडु में ‘कार्तिगई दीपम' विवाद का जिक्र करते हुए द्रमुक, कांग्रेस और ‘इंडिया' गठबंधन की अन्य विपक्षी पार्टियों पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा, "हाल में हमने देखा कि विपक्षी दलों ने कार्तिगई दीपम (तमिलनाडु में पारंपरिक दीपक प्रज्ज्वलन) को रोकने और (मदुरै उच्च न्यायालय के) न्यायाधीश पर महाभियोग चलाने के प्रयास किए। सोमनाथ और संभीमन पर्व मनाने की बात आने पर भी विपक्षी दलों को आपत्ति रहती है।" भाजपा प्रमुख ने कहा, “ऐसी ताकतों को हराना जरूरी है, जो हमारी परंपराओं में बाधा डालने की कोशिश करती हैं, राम सेतु के अस्तित्व को नकारती हैं और कार्तिगई दीपम का विरोध करती हैं। हमें यह सुनिश्चित करने के लिए प्रयास करने होंगे कि इस तरह की ताकतों को भारतीय राजनीति में कोई जगह न मिले।” भाजपा अध्यक्ष ने प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व की सराहना करते हुए कहा कि उन्होंने जिस प्रकार प्रधान सेवक के रूप में राष्ट्र की सेवा की है, वह सभी पार्टी कार्यकर्ताओं के लिए प्रेरणा का स्रोत है। नवीन ने कहा कि उनके कार्यकाल में सर्वांगीण और समावेशी विकास की परिकल्पना को पूर्ण प्रतिबद्धता के साथ जमीनी स्तर पर लागू किया गया है। उन्होंने कहा, "प्रधानमंत्री मोदी का मूल मंत्र 'सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास, सबका प्रयास' पूरे देश में गूंज उठा है और लोग इससे जुड़ाव महसूस करते हैं।" नवीन ने कहा कि भाजपा के निवर्तमान अध्यक्ष जे पी नड्डा के कार्यकाल के दौरान, पार्टी ने उनके नेतृत्व में "अभूतपूर्व विस्तार" देखा। उन्होंने कहा, “कोविड महामारी के दौरान जब विपक्षी नेता अपने घरों में छिपे हुए थे, तब भाजपा कार्यकर्ता नड्डा के आह्वान पर मरीजों की सेवा में हर पल तत्पर रहे।” उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व और मार्गदर्शन के कारण ही देश इस कठिन दौर से उबरकर आगे बढ़ सका। नवीन ने पूर्व भाजपा अध्यक्ष राजनाथ सिंह और नितिन गडकरी के कार्यकाल की भी सराहना की, जो केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के साथ मंच पर बैठे थे। नवीन ने कहा कि पार्टी अपने सभी पूर्ववर्तियों और कार्यकर्ताओं के बलिदान और योगदान के कारण दुनिया के सबसे बड़े और सबसे मजबूत राजनीतिक संगठन के रूप में उभरी है। उन्होंने कहा, “जब केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह राष्ट्रीय अध्यक्ष थे, तब वह बूथ स्तर के कार्यकर्ताओं का भी ध्यान रखते थे।” नवीन ने कहा कि भाजपा के हजारों कार्यकर्ताओं ने राष्ट्रवाद के आदर्शों को बढ़ावा देने और भारत माता के सम्मान और गरिमा को बनाए रखने के लिए अपना जीवन समर्पित कर दिया है। उन्होंने कहा कि पार्टी आज जिस मुकाम पर पहुंची है, वह उनके "तपस्या और बलिदान" का ही परिणाम है।
नवीन ने कहा, भाजपा कोई साधारण पार्टी नहीं है। हम ‘देश पहले, पार्टी बाद में और खुद सबसे आखिर में' के विचार के साथ काम करते हैं। प्रधानमंत्री और हमारे संस्थापक नेताओं ने हम सभी को देश को सबसे ऊपर रखने की सोच से जोड़ा है।'' उन्होंने कहा, “हमारी प्राथमिकता यह होनी चाहिए कि अपने सभी प्रयासों में देश को सबसे पहले रखें और अपने नेताओं के संघर्ष और बलिदान से प्रेरणा लें।” -
भुवनेश्वर. उपराष्ट्रपति सी. पी. राधाकृष्णन 23 जनवरी को ओडिशा का एक दिवसीय दौरा करेंगे। इस दौरान वह कटक में स्वतंत्रता सेनानी नेताजी सुभाष चंद्र बोस के जन्मस्थल पर उनकी जयंती के अवसर पर आयोजित एक कार्यक्रम में शामिल होंगे। अधिकारियों ने यह जानकारी दी। कटक में नेताजी जन्मस्थान संग्रहालय का दौरा करने के अलावा उपराष्ट्रपति जिला संस्कृति भवन का भी उद्घाटन करेंगे। नेताजी का जन्म 23 जनवरी 1897 को कटक में हुआ था। मुख्य सचिव अनु गर्ग की अध्यक्षता में हुई बैठक में उपराष्ट्रपति के दौरे की तैयारियों की समीक्षा की गई। उन्होंने अधिकारियों को इस संबंध में विशेष निर्देश दिए। यात्रा कार्यक्रम के अनुसार, राधाकृष्णन शुक्रवार को सुबह करीबी आठ बजकर 50 मिनट पर भुवनेश्वर में बीजू पटनायक अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर पहुंचेंगे और सीधे सड़क मार्ग से कटक के लिए रवाना होंगे। वह वहां सुबह नौ बजकर 35 मिनट पर पहुंचेंगे। उपराष्ट्रपति भुवनेश्वर लौटेंगे और लोक भवन (पूर्व में राजभवन) में दोपहर का भोजन करेंगे, जिसके बाद वह अपराह्न दो बजे तक कोलकाता के लिए रवाना हो जाएंगे।
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नई दिल्ली। केंद्रीय पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन मंत्री भूपेंद्र यादव ने मंगलवार को राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (एनसीआर) के शहरों रोहतक, मानेसर, पानीपत और करनाल में वायु प्रदूषण कम करने के लिए बनाए गए एक्शन प्लान की गहन समीक्षा की। उन्होंने एक उच्चस्तरीय बैठक की अध्यक्षता की, जिसमें इन शहरों की वायु गुणवत्ता सुधारने के उपायों पर विस्तार से चर्चा हुई।
केंद्रीय मंत्री ने पीएम10 कणों के लगातार ऊंचे स्तर को लेकर गहरी चिंता जताई। साथ ही ठोस कचरा प्रबंधन की समस्याओं पर भी ध्यान दिया, खासकर निर्माण और विध्वंस (सीएंडडी) कचरे की समस्या पर, जो औद्योगिक इलाकों में सबसे ज्यादा देखी जा रही है। उन्होंने कहा कि इन मुद्दों को जल्द हल करने के लिए फंडिंग और मंजूरी से जुड़े मामलों को प्राथमिकता दी जाएगी। इसके लिए हरियाणा के मुख्यमंत्री के साथ जल्द ही एक महत्वपूर्ण बैठक बुलाई जाएगी। उन्होंने जोर दिया कि एनसीआर के सभी शहरों को राष्ट्रीय स्वच्छ वायु कार्यक्रम (एनसीएपी) के दायरे में लाया जाना चाहिए, ताकि एक समान तरीके से प्रदूषण नियंत्रण के प्रयास हो सकें।बैठक में अधिकारियों ने प्रस्तुति दी, जिसकी समीक्षा के बाद केंद्रीय मंत्री भूपेंद्र यादव ने कई महत्वपूर्ण निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि ‘स्थापना की सहमति’ (सीटीई) और ‘संचालन की सहमति’ (सीटीओ) वाली और बिना अनुमति वाली सभी औद्योगिक इकाइयों का पूरा डेटा इकट्ठा किया जाए। एनसीआर के सभी जिला मजिस्ट्रेटों और कलेक्टरों को निर्देश दिए गए कि वे सीटीओ/सीटीई अनुमतियों, बिजली कनेक्शन और जीएसटी पंजीकरण वाली औद्योगिक इकाइयों की जानकारी एकत्र करें। इन आंकड़ों को मिलाकर अवैध और नियमों का पालन न करने वाली फैक्टरियों की पहचान की जाए, खासकर ऑनलाइन उत्सर्जन निगरानी प्रणाली (ओसीईएमएस) और वायु प्रदूषण नियंत्रण उपकरणों की स्थापना के मामले में।वायु गुणवत्ता की रीयल-टाइम निगरानी मजबूत करने के लिए समीर ऐप से जुड़े स्वचालित निरंतर वायु गुणवत्ता निगरानी स्टेशनों (सीएएक्यूएमएस) की संख्या बढ़ाने का आदेश दिया गया। भूपेंद्र यादव ने उन लोगों और संगठनों में जागरूकता फैलाने पर बल दिया जिनकी गतिविधियां प्रदूषण बढ़ाती हैं। उन्होंने छोटे शहरों में सड़क की चौड़ाई और यात्रियों की संख्या के हिसाब से सही आकार के इलेक्ट्रिक सार्वजनिक वाहन उपलब्ध कराने की बात कही। सार्वजनिक परिवहन को मजबूत करने पर विशेष जोर दिया गया।सड़कों की सफाई के लिए मैकेनिकल रोड स्वीपिंग मशीनें और छोटी सड़कों के लिए हैंडहेल्ड वैक्यूम क्लीनर का इस्तेमाल बढ़ाने के निर्देश दिए गए। साथ ही यह सुनिश्चित किया जाए कि केवल इलेक्ट्रिक या सीएनजी आधारित मशीनें ही ऑपरेशनल खर्च मॉडल के तहत खरीदी जाएं। धूल नियंत्रण के लिए खुले स्थानों और फुटपाथों पर स्थानीय प्रजाति की झाड़ियां लगाने तथा गड्ढों की तुरंत मरम्मत करने के आदेश दिए गए।ट्रैफिक से होने वाले प्रदूषण को कम करने के लिए सभी शहरों में अल्पकालिक और दीर्घकालिक स्मार्ट ट्रैफिक प्रबंधन योजनाएं बनाने को कहा गया। निर्माण और विध्वंस कचरे के लिए 5 किलोमीटर के ग्रिड में संग्रह केंद्र स्थापित करने और उन्हें निकटतम प्रोसेसिंग यूनिट से जोड़ने के निर्देश दिए गए।मंत्री ने अधिकारियों से कहा कि वे जिम्मेदारी लें, स्थानीय लोगों को शामिल करें और नवाचारी लेकिन व्यावहारिक समाधान अपनाकर जमीनी स्तर पर मजबूत नेतृत्व दिखाएं। बैठक से निकले सभी एक्शन पॉइंट्स को संकलित किया जाएगा और कमीशन फॉर एयर क्वालिटी मैनेजमेंट (सीएक्यूएम) द्वारा इनकी रीयल-टाइम निगरानी की जाएगी। लक्ष्य है कि 2026 तक एनसीआर में एयर क्वालिटी इंडेक्स (एक्यूआई) में कम से कम 15-20 प्रतिशत की कमी लाई जाए। इसके लिए नियमित अंतराल पर लक्ष्य-आधारित कार्रवाई और जवाबदेही तय की जाएगी।बैठक में सीएक्यूएम के चेयरमैन, पर्यावरण मंत्रालय, आवास एवं शहरी मामलों के मंत्रालय, कृषि मंत्रालय, एनएचएआई, केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड, हरियाणा राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड तथा संबंधित शहरों के आयुक्त और जिला मजिस्ट्रेट शामिल हुए। -
नई दिल्ली। हाल ही में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की ओर से उद्घाटन की गई वंदे भारत स्लीपर ट्रेन को यात्रियों से जबरदस्त रिस्पॉन्स मिला है और इसकी टिकट बुकिंग खुलने के कुछ ही घंटों के अंदर पूरी भर गई। यह जानकारी रेल मंत्रालय की ओर से मंगलवार को दी गई। देश में वंदे भारत स्लीपर ट्रेन का लंबे समय से इंतजार किया जा रहा है। पहली वंदे भारत स्लीपर ट्रेन कामाख्या और हावड़ा के बीच चलेगी, जिसे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ओर से 17 जनवरी 2026 को हरी झंडी दिखाई गई थी।
रेल मंत्रालय की ओर से जारी किए गए बयान में कहा गया, “कामाख्या (केवाईक्यू) और हावड़ा (एचडब्ल्यूएच) के बीच चलने वाली वंदे भारत शयनयान रेलगाड़ी (रेलगाड़ी संख्या 27576) की पहली व्यावसायिक यात्रा को यात्रियों से जबरदस्त प्रतिक्रिया मिली है। पीआरएस और अन्य साइटों के माध्यम से टिकट बुकिंग शुरू होने के कुछ ही घंटों के भीतर सभी सीटें बुक हो गईं।”रेल मंत्रालय के मुताबिक, पहली वंदे भारत स्लीपर ट्रेन 22 जनवरी 2026 से कामाख्या से और 23 जनवरी 2026 से हावड़ा से अपनी पहली व्यावसायिक यात्रा शुरू करेगी। इस नई रेल सेवा के लिए टिकट बुकिंग 19 जनवरी 2026 को सुबह 8:00 बजे शुरू हुई। 24 घंटे से भी कम समय में सभी श्रेणियों के टिकट पूरी तरह बिक गए, जो इस प्रीमियम सेमी-हाई-स्पीड रेल सेवा के प्रति जनता के जबरदस्त उत्साह को दर्शाता है।रेलवे ने बयान में आगे कहा, “अपनी पहली ही व्यावसायिक यात्रा में मिली इस शानदार प्रतिक्रिया से यात्रियों की तेज, सुरक्षित और अधिक आरामदायक रेल यात्रा विकल्पों के प्रति बढ़ती रुचि स्पष्ट दिखाई देती है। कामाख्या-हावड़ा वंदे भारत शयनयान रेलगाड़ी से पूर्वोत्तर और पूर्वी भारत के बीच कनेक्टिविटी में उल्लेखनीय सुधार होने की संभावना है, जो आधुनिक सुविधाएं, बेहतर यात्रा समय और विश्व स्तरीय रात्रिकालीन यात्रा का अनुभव प्रदान करेगी।”इसके अतिरिक्त, रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने मंगलवार को नौ नई अमृत भारत एक्सप्रेस ट्रेनें शुरू करने का ऐलान किया है, इनमें कामाख्या -रोहतक, हावड़ा- आंनद विहार टर्मिनल, बेंगलुरु-अलीपुरद्वार, अलीपुरद्वार-मुंबई और गोमती नगर-डिब्रूगढ़ जैसे रूट्स शामिल हैं। -
नई दिल्ली। अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) दिल्ली ने पिछले 13 महीनों में 1,000 से ज्यादा रोबोटिक सर्जरी की है। इसकी जानकारी एम्स की ओर से मंगलवार को दी गई।
एम्स के सर्जिकल डिपार्टमेंट में रोबोटिक सर्जरी एक साल से भी ज्यादा समय पहले शुरू की गई थी ताकि मुश्किल सर्जिकल चुनौतियों का सामना किया जा सके।एम्स ने एक बयान में कहा कि इस लेटेस्ट सर्जिकल रोबोट ने अब तक कई सर्जरी की है, जिनमें पैंक्रियाटिक ड्यूओडेनेक्टॉमी, गैस्ट्रेक्टोमी, एसोफेगेक्टॉमी, कोलेक्टॉमी, गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल मैलिग्नेंसी के लिए एंटीरियर रिसेक्शन, किडनी ट्रांसप्लांटेशन, और एंडोक्राइन ट्यूमर के लिए थायरॉइड, पैराथायरॉइड, एड्रेनल और पैंक्रियास का मिनिमली इनवेसिव रिसेक्शन जैसे हेपेटोबिलरी प्रोसिजर शामिल हैं।दिल्ली, मुंबई और चेन्नई जैसे मेट्रोपॉलिटन शहरों के प्राइवेट अस्पतालों ने पिछले दस सालों में यूरोलॉजी और गायनेकोलॉजी जैसी स्पेशलिटी में रोबोटिक सिस्टम अपनाए हैं, लेकिन सरकारी अस्पतालों में, खासकर जनरल सर्जरी के लिए, इन्हें अपनाना काफी कम रहा है। एम्स पब्लिक हेल्थकेयर सेटअप में एडवांस्ड रोबोटिक कैपेबिलिटी लाकर इस कमी को पूरा कर रहा है, और यह पक्का कर रहा है कि अलग-अलग सोशियो-इकोनॉमिक बैकग्राउंड के मरीजों को इस टेक्नोलॉजी का फायदा मिले।डिपार्टमेंट के हेड प्रोफेसर सुनील चुंबर ने कहा कि एम्स एक एकेडमिक इंस्टीट्यूट है। डिपार्टमेंट में सौ से ज्यादा सर्जिकल रेजिडेंट अपनी सर्जिकल ट्रेनिंग ले रहे होते हैं। सिस्टम के सफल इंस्टॉलेशन से हमारे रेजिडेंट डॉक्टरों को अपनी रेजिडेंसी पीरियड के दौरान इस लेटेस्ट टेक्नोलॉजी पर ट्रेनिंग लेने का पूरा मौका मिलेगा। इसने हमारे ट्रेनिंग करिकुलम को दुनिया के किसी भी जाने-माने मेडिकल इंस्टीट्यूट के बराबर कर दिया है।उन्होंने कहा कि रोबोटिक सर्जरी के कई फायदे हैं, जिसमें खून का कम बहना, हॉस्पिटल में कम समय रहना और मरीजों का जल्दी ठीक होना शामिल है।एम्स के सर्जरी डिपार्टमेंट के एडिशनल प्रोफेसर डॉ. मोहित जोशी ने समाचार एजेंसी आईएएनएस से बातचीत में कहा कि यह एक नई तरह की टेक्नोलॉजी है और एम्स, जो भारत का नंबर वन इंस्टीट्यूट है, देश में कहीं भी होने वाली किसी भी नई टेक्नोलॉजी या तरक्की में हमेशा सबसे आगे रहता है।उन्होंने कहा कि हमारा अनुभव बहुत अच्छा रहा है, क्योंकि हमारे डिपार्टमेंट के लगभग सभी सर्जन रोबोटिक सर्जरी में ट्रेंड हैं और एक्टिव रूप से सर्जरी कर रहे हैं, क्योंकि हमारे डिपार्टमेंट के पास अपना सर्जिकल रोबोट है, इसलिए हमारे पास रोबोटिक प्रोसिजर के लिए खास तौर पर एक डेडिकेटेड ओटी है। -
नई दिल्ली। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) का राष्ट्रीय अध्यक्ष बनने के बाद नितिन नबीन की सुरक्षा बढ़ाई गई है। नितिन नबीन को ‘जेड’ कैटेगरी की सिक्योरिटी दी गई है। इसके तहत केंद्रीय रिजर्व पुलिस फोर्स (सीआरपीएफ) के कमांडो उन्हें सुरक्षा देंगे।
भाजपा ने मंगलवार को नितिन नबीन को पार्टी का राष्ट्रीय अध्यक्ष बनाए जाने की औपचारिक घोषणा की। इस अवसर पर भाजपा कार्यालय में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नव नवनिर्वाचित राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन का अभिनंदन किया।नितिन नबीन ने भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष के रूप में जेपी नड्डा की जगह ली है। वे भाजपा के 12वें राष्ट्रीय अध्यक्ष बने हैं। इस सबसे बड़े पद पर पहुंचने वाले वे पार्टी के सबसे कम उम्र के नेता हैं। इससे पहले, 14 दिसंबर 2025 को 45 वर्षीय नितिन नबीन को राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष चुना गया था।उन्होंने राष्ट्रीय अध्यक्ष का पदभार ग्रहण करने से पहले दिल्ली स्थित झंडेवालान देवी मंदिर और वाल्मीकि मंदिर में विधिवत पूजा-अर्चना कर आशीर्वाद प्राप्त किया। उन्होंने हनुमान मंदिर में भी दर्शन किए। इसके अलावा, दिल्ली स्थित गुरुद्वारा बंगला साहिब पहुंचकर श्रद्धापूर्वक मत्था टेका।नवीन नबीन बिहार विधानसभा के पांच बार सदस्य रह चुके हैं और बिहार सरकार में पूर्व मंत्री रहे हैं। उन्हें उनकी लगातार संगठनात्मक कुशलता और प्रशासनिक अनुभव के लिए व्यापक रूप से पहचाना जाता है। 23 मई 1980 को झारखंड के रांची में जन्मे नबीन ने कम उम्र में ही चुनावी राजनीति में कदम रखा और पहली बार 2006 में पटना पश्चिम विधानसभा क्षेत्र से बिहार विधानसभा के लिए चुने गए।2010 से नितिन नबीन लगातार बांकीपुर विधानसभा क्षेत्र से चुने जा रहे हैं। उन्होंने 2010, 2015, 2020 और 2025 में जीत हासिल की। इस तरह वे पांच बार विधायक बने। उन्होंने बिहार सरकार में कैबिनेट मंत्री के रूप में सड़क निर्माण, शहरी विकास और आवास और कानून जैसे प्रमुख विभागों का भी कार्यभार संभाला है। ( -
सहारनपुर (उप्र). सहारनपुर जिले के सरसावा थाना क्षेत्र की एक कॉलोनी से मंगलवार की सुबह एक दंपति समेत परिवार के पांच शवों को पुलिस ने बरामद किया है। पुलिस ने यह जानकारी देते हुए बताया कि थाना सरसावा क्षेत्र की कौशिक विहार कॉलोनी में एक मकान के एक कमरे में अमीन के पद पर कार्यरत अशोक राठी (40), उसकी पत्नी अजिंता (37), मां विद्यावती (70), पुत्र कार्तिक (16) और देव (13) के शव बरामद हुए। अमीन के पास से तीन पिस्टल भी मिली हैं। सहारनपुर के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) आशीष तिवारी ने बताया कि आज सुबह ही पुलिस को यह जानकारी मिली कि सरसावा की कौशिक विहार कॉलोनी में एक अमीन सहित उनके परिवारजनों के कुल पांच शव उन्हीं के मकान के एक कमरे में मिले हैं। उन्होंने कहा कि सूचना मिलते ही पुलिस और फोरेंसिक टीम मौके पर पहुंची। मृतकों के शव एक ही कमरे में पाये गये। उन्होंने बताया कि अशोक राठी के शव के बगल में तीन लोडेड पिस्टलें भी मिलीं। अमीन के पद पर कार्यरत रहे अशोक राठी सहित सभी के सिर पर गोली लगी है। तिवारी ने बताया कि गोली बहुत पास से मारी गई है। उन्होंने कहा कि पुलिस द्वारा अशोक राठी सहित उसके पारिवारिक परिवेश की जानकारी ली जा रही है और पूरे क्षेत्र के सीसीटीवी कैमरे के फुटेज खंगाले जा रहे हैं। उन्होंने बताया कि मौके से बरामद तीनों पिस्टल देशी हैं और वह लाइसेंसी हैं या नहीं, इसकी जांच कराई जा रही है। एसएसपी ने अब तक की छानबीन के हवाले से बताया कि अशोक राठी को अपने पिता की मौत के बाद उनकी जगह मृतक आश्रित श्रेणी में अमीन की नौकरी मिली थी और वह नकुड़ तहसील में अमीन के पद पर कार्यरत था। उसके दोनों बेटे दसवीं और 11वीं कक्षा में पढ़ रहे थे। पुलिस ने अमीन अशोक राठी के घर को सील कर दिया है ताकि किसी भी स्तर पर जांच प्रभावित न हो पाये। एक ही परिवार के पांच सदस्यों के शव बरामद होने की सूचना मिलते ही सहारनपुर के डीआईजी अभिषेक सिंह, एसएसपी आशीष तिवारी, एसपी देहात सागर जैन सहित फोरेंसिक टीम मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू कर दी। पांचों शवों को पोस्टमार्टम के लिये भेजा जा रहा है।
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नयी दिल्ली. प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने अवैध प्रवासन को राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए एक बड़ा खतरा बताते हुए मंगलवार को कहा कि ऐसे लोगों की पहचान करके उन्हें उनके संबंधित देशों में वापस भेजा जाना चाहिए। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) मुख्यालय में नितिन नवीन (45) को पार्टी का राष्ट्रीय अध्यक्ष घोषित किए जाने के बाद एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री ने शहरी नक्सलियों और जनसंख्या असंतुलन को भी देश के सामने महत्वपूर्ण चुनौतियों के रूप में बताया। मोदी ने कहा कि कुछ अमीर और ताकतवर देश, जो खुद को दुनिया का मालिक समझते हैं, अवैध प्रवासियों की पहचान कर उन्हें देश से निकाल रहे हैं, और कोई उनके काम पर सवाल नहीं उठा रहा। प्रधानमंत्री ने कहा, "ये देश लोकतंत्र का झंडा लहराते हैं और खुद को दुनिया का मालिक समझते हैं। दुनिया भर में कोई भी अवैध प्रवासियों को स्वीकार नहीं करता। यह आवश्यक है कि उनकी पहचान की जाए और उन्हें उनके देशों में वापस भेजा जाए।" मोदी ने कहा, "भारत कभी भी अवैध प्रवासियों को अपने लोगों और गरीबों से संबंधित सेवाओं को लूटने की अनुमति नहीं देगा।" प्रधानमंत्री ने कुछ राजनीतिक दलों पर वोट बैंक की राजनीति के हित में अवैध प्रवासियों को संरक्षण देने और उन्हें पनाह देने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा, "हमें उनका पर्दाफाश करना होगा और उन्हें जनता के सामने बेनकाब करना होगा।" मोदी ने कहा, "एक और बड़ी चुनौती शहरी नक्सलियों की है जो वैश्विक स्तर पर अपना प्रभाव बढ़ा रहे हैं।"
मोदी ने दावा किया कि जो लोग उनके या सरकार के बारे में, भले ही कभी-कभार ही सही, सकारात्मक बोलते हैं, उन्हें निशाना बनाया जाता है और चुप करा दिया जाता है। प्रधानमंत्री ने कहा, "अगर वे साल में एक या दो बार भी मोदी के बारे में कुछ सकारात्मक ट्वीट करते हैं, या टीवी पर कुछ सकारात्मक कहते हैं, या अखबार में कुछ सकारात्मक लिखते हैं, तो कुछ उन्हें इतना निशाना बनाते हैं कि उनका पीछा किया जाता है और उन्हें अछूत बना दिया जाता है...यही शहरी नक्सलियों का तरीका है।" मोदी ने कहा कि वर्षों तक भाजपा को अलग-थलग रखा गया और उसे अछूत समझा गया। उन्होंने दावा किया कि अब देश इन हथकंडों को पहचान रहा है। प्रधानमंत्री ने कहा, "शहरी नक्सली लगातार भारत को नुकसान पहुंचाने के लिए काम कर रहे हैं। हमें अपने संगठन और विचारधारा की ताकत से इस गठजोड़ को हराना होगा।" -
लखनऊ. लोकसभा के अध्यक्ष ओम बिरला ने मंगलवार को कहा कि उत्तर प्रदेश की विधानसभा जीवंत लोकतंत्र का प्रतीक लगती है। पीठासीन अधिकारियों के 86वें अखिल भारतीय सम्मेलन के दूसरे दिन यहां विधानभवन के मंडप (जहां सत्र की कार्यवाही संचालित होती है) में प्रतिभागियों को संबोधित करते हुए बिरला ने कहा कि इस विधानसभा में पहले भी आना हुआ है और उत्तर प्रदेश की विधानसभा जीवंत लोकतंत्र का प्रतीक लगती है। बिरला ने कहा कि प्रदेश विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना ने देश और दुनिया की सबसे बड़ी विधानसभा में लोकतांत्रिक मूल्यों, श्रेष्ठ परंपराओं, अच्छी परिपाटियों को लागू किया। लोकसभा अध्यक्ष ने कहा कि विधानसभा के विशेष योग्यता धारक जनप्रतिनिधियों, डॉक्टर, इंजीनियर, सनदी लेखाकार आदि, के अनुभवों का महाना ने पेशेवरों के अलग-अलग समूह बनाकर लाभ उठाया। सम्मेलन में उप्र विधानसभा के बदलाव से संबंधित दिखाई गई 13 मिनट की एक लघु फिल्म की चर्चा करते हुए उन्होंने कहा, “उप्र विधानसभा ने महिलाओं और युवाओं के अलग- अलग सत्र आयोजित किये, ताकि महिलाओं की भागीदारी राजनीति में बढ़े और उसकी प्रेरणा सभी राज्य की महिलाओं को मिले। युवाओं की भागीदारी लोकतंत्र में बढ़ाने के लिए युवा संवाद और युवा चर्चा जैसे सत्र आयोजित करने जैसे अच्छे प्रयास किये गये।” लोकसभा अध्यक्ष ने कहा कि किसी भी विधानसभा की श्रेष्ठ परिपाटी, परंपराएं, नियमों में बदलाव, लोकतंत्र में भागीदारी, नये प्रयोग प्रेरणादायी होते हैं और निश्चित रूप से हम इसीलिए चर्चा करते हैं। उन्होंने कहा, “मैंने अपने छह साल के कार्यकाल में बदलती लोकतांत्रिक विधानसभाओं का स्वरूप देखा है। विधानसभाओं में पहले गया और उसके तीन-चार साल बाद गया...सभी माननीय अध्यक्षों ने बदलाव किया और समाज की सक्रिय भागीदारी के लिए बहुत प्रयास किये।” बिरला ने कहा कि स्थायी समिति की बैठक में इस पर चर्चा भी हुई और मुझे आशा है कि आप बहुमूल्य सुझाव देंगे तो उसके लिए एक समिति बनाकर शीघ्र ही इसी सत्र के अंदर राज्यों की विधानसभाओं व लोकतांत्रिक संस्थाओं के प्रति लोगों का और विश्वास बनाने, चर्चाओं और संवाद के सकारात्मक परिणाम के लिए प्रयास करेंगे। इसके पहले उप्र विधानसभा के अध्यक्ष सतीश महाना ने अतिथियों का स्वागत किया। राज्यसभा के उपसभापति हरिवंश ने दूसरे दिन सम्मेलन की शुरुआत कराई। इस अवसर पर अपने संबोधन में राजस्थान विधानसभा के अध्यक्ष वासुदेव देवनानी ने कहा, “लोकतंत्र का सबसे सशक्त आधार जनता का अटूट विश्वास होता है। यह विश्वास रातों रात निर्मित नहीं होता और न ही वह किसी एक चुनावी सफलता के परिणाम से परिलक्षित होता है। यह निरंतर व्यवहार, सतत संवाद और अटूट उत्तरदायित्व की परिणति है।” देवनानी ने कहा, “हम सदन में बैठते हैं तो हमें संविधान के ट्रस्टी के रूप में व्यवहार करना चाहिए क्योंकि हमारे हाथ में जो शक्ति है वह जनता द्वारा दी गई पवित्र धरोहर है। जब हम जनता के प्रति विधायिका की जवाबदेही की बात करते हैं तो हमें यह स्मरण रखना चाहिए कि विधायिका कोई स्वायत्त सत्ता केंद्र नहीं है बल्कि जनता की आकांक्षाओं और अभिलाषाओं का एक दर्पण है।” उन्होंने कहा, “सदन की सर्वश्रेष्ठता इस बात से तय नहीं होती कि वहां बहुमत कितना प्रभावी है बल्कि वह इस बात से तय होती है कि वहां अल्पमत की आवाज को कितना सम्मान और महत्व दिया जाता है।” असहमति के स्वर को महत्व देने की वकालत करते हुए उन्होंने कहा कि जनता हमसे अपेक्षा करती है कि हम शासन के हर निर्णय की समीक्षा करें और एक एक पैसा जनकल्याण में खर्च हो, यह विधायिका की जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि पीठासीन अधिकारियों की भूमिका रेफरी या अंपायर से ज्यादा संरक्षक के रूप में होती है।
मध्य प्रदेश विधानसभा के अध्यक्ष नरेन्द्र तोमर ने लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला के प्रयासों और उप्र विधानसभा अध्यक्ष महाना के नये प्रयोगों की सराहना करते हुए कहा कि आज निश्चित रूप से हम सबके लिए प्रसन्नता का क्षण है कि जब उप्र के इस ऐतिहासिक विधान भवन में हम लोग अपनी बात रखने के लिए एकत्र हुए हैं। तोमर ने कहा कि बिरला जी जबसे लोकसभा अध्यक्ष बने हैं, तब से लगातार राज्यों की विधानसभा की सक्रियता, क्षमता, संपर्क बढ़े और लोकसभा से सम्बद्ध रखते हुए अपने राज्य के विधानमंडलों में कीर्तिमान बनाएं, इसके लिए उनकी जितनी प्रशंसा की जाए कम ही है। उन्होंने चुनावी विसंगतियों की ओर इशारा करते हुए कहा, “आजकल चुनावों की ऐसी स्थिति हो गई है कि किसी भी प्रकार से चुनावों में टिकट प्राप्त हो, टिकट मिले तो किसी प्रकार से जीतें, जीतने के लिए किसी भी सीमा पर जाना पड़े...। स्वाभाविक रूप से चुनाव होंगे तो जो भी लड़ेगा जीतने के लिए लड़ेगा, लेकिन उसमें भी अर्न्तमापदंड स्थापित होंगे तो हम लोकतंत्र को और भी खूबसूरत बना सकेंगे। जवाबदेही को और ज्यादा सुनिश्चित करने में सफल हो सकेंगे।” त्रिपुरा विधानसभा के कार्यवाहक अध्यक्ष राम प्रसाद पॉल ने सभी अतिथियों का स्वागत किया। -
भुवनेश्वर. ओडिशा के संबलपुर जिले में स्थित हीराकुड जलाशय में सर्दी के इस मौसम में 4.21 लाख से अधिक पक्षी पहुंचे और यह पिछले वर्ष की तुलना में उल्लेखनीय वृद्धि दर्शाता है। हीराकुड वन्यजीव प्रभाग के डीएफओ अंशु प्रज्ञान दास ने मंगलवार को बताया कि छत्तीसगढ़ सीमा तक फैले 5.72 वर्ग किलोमीटर के क्षेत्र में स्थित जलाशय में की गई पक्षियों की गणना के दौरान पांच नई प्रजातियों सहित 128 प्रजातियों के कुल 4,21,763 पक्षियों की संख्या दर्ज की गयी। उन्होंने कहा कि पक्षियों की तीन सबसे अधिक संख्या वाली प्रजातियां टफ्टेड डक (71,273), लेसर व्हिसलिंग डक (60,987) और कॉमन कूट (51,665) थीं। दास ने बताया कि गणना के दौरान देखी गई पांच नई प्रजातियां रड्डी क्रेक, ग्रेटर पेंटेड-स्नाइप, पेंटेड स्टॉर्क, लिटिल गल और सैंडरलिंग थीं। हर साल कैस्पियन सागर, बैकाल झील, अरल सागर, मंगोलिया, मध्य और दक्षिणपूर्व एशिया और हिमालय से हजारों पक्षी नवंबर से मार्च तक हीराकुड जलाशय में पहुंचते हैं। अधिकारियों ने बताया कि पिछले शीतकाल में जलाशय में 122 प्रजातियों के 3.77 लाख से अधिक पक्षी आए थे। इसी प्रकार 2024 में 113 प्रजातियों के 3.42 लाख से अधिक पक्षी आए।
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नई दिल्ली। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नवनिर्वाचित राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन ने अपने पहले संबोधन में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि लोगों की भावनाओं से जुड़ने वाला ही बड़ा बन सकता है। कार्यकर्ता के तौर पर प्रधानमंत्री मोदी के देशसेवा के काम को करते हुए देखा है। उनसे सीखा है कि जो व्यक्ति खुद को लोगों की भावनाओं से जुड़ने वाला बना सकता है, वही बड़ा शख्स बनता है। भाजपा में राजनीति पदभार नहीं उत्तरदायित्व है।
नितिन नबीन ने पीएम मोदी के साथ एक कार्यक्रम में बातचीत का जिक्र करते हुए कहा, ”मुझे याद है कि जब मैंने पहली बार गुजरात के आणंद में आपके साथ एक कार्यक्रम में भाग लिया था। उस वक्त मैंने सद्भावना मिशन कार्यक्रम के दौरान आपको प्रत्येक व्यक्ति की बात ध्यान से सुनते हुए देखा था। कार्यक्रम खत्म होने के बाद, जब आपने अपने कक्ष में हमसे बात की तो आपने बड़ी भावुकता से समझाया कि गुजरात से इतने सारे लोग क्यों आए थे। उस दिन मुझे समझ आया कि एक व्यक्ति तभी महान बनता है, जब वह जनता की भावनाओं से जुड़ता है।”उन्होंने कहा कि यदि आज भाजपा विश्व की सबसे बड़ी राजनीतिक पार्टी बनी है, तो इसकी वजह हमारा प्रेरणादायी नेतृत्व है, हमारी विचारधारा और कार्यकर्ताओं की मेहनत है। वो कार्यकर्ता, जो अनवरत काम करता है, जो कठिन से कठिन परिस्थिति में भी भारत का ध्वज झुकने नहीं देता है, जो सीना ठोककर कहता है, तेरा वैभव अमर रहे माँ।नबीन ने विपक्षी दलों पर निशाना साधते हुए कहा कि तमिलनाडु की एक पहाड़ी पर पवित्र कार्तिगै दीपम पर्व को रोकने की कोशिश की गयी। यह कोई एकमात्र घटना नहीं है; विपक्ष ने और भी कई बातों को रोकने की साजिश रची है। एक न्यायाधीश के खिलाफ महाभियोग लाने का प्रयास किया गया। सोमनाथ में गौरव पर्व को मनाने से विपक्षी दलों के लोगों को असहजता होती है। उन्होंने कहा कि ऐसी परंपराओं को रोकने की कोशिश करने वाली शक्तियों का सामना करना आवश्यक है। सभी को यह सुनिश्चित करना होगा कि राम सेतु के अस्तित्व से इनकार करने वाले और कार्तिगै दीपम पर्व का विरोध करने वालों के लिए भारतीय राजनीति में कोई स्थान न हो।नबीन ने कहा कि आने वाले कुछ महीनों में तमिलनाडु, असम, पश्चिम बंगाल, केरल और पुडुचेरी में चुनाव होने जा रहे हैं और इन राज्यों की जनसांख्यिकी पर व्यापक चर्चा हो रही है। बदलती जनसांख्यिकी वहां की स्थिति को बदल रही है और यह हमारे लिए एक चुनौती है लेकिन पूरा भरोसा है कि भाजपा कार्यकर्ता अपने संघर्ष और कड़ी मेहनत के बल पर पार्टी को इन सभी पांचों राज्यों में सफलता दिलाएंगे।उल्लेखनीय है कि 1980 में जन्में नितिन नबीन ने अपनी राजनीतिक यात्रा की नींव राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के कड़े अनुशासन और अटूट राष्ट्रभक्ति से रखी। बीते दो दशकों में उन्होंने अपनी मेहनत और दूरदर्शिता से भाजपा संगठन में एक साधारण कार्यकर्ता से लेकर पूर्णकालिक राष्ट्रीय अध्यक्ष की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी तक का सफर तय किया है। वर्ष 2006 में उन्होंने पटना पश्चिम से पहली बार विधायक बनकर जनसेवा का संकल्प लिया और बिहार सरकार में मंत्री रहते हुए पथ निर्माण और नगर विकास जैसे महत्वपूर्ण विभागों में अभूतपूर्व सुधार किए। -
नई दिल्ली। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष पद पर निर्विरोध निर्वाचित 45 वर्षीय नितिन नबीन पार्टी के अब तक के सबसे युवा अध्यक्ष हैं। भाजपा के केंद्रीय मुख्यालय में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की उपस्थिति में अध्यक्ष पद के लिए हुए चुनाव के निर्वाचन अधिकारी डॉ. के. लक्ष्मण ने मंगलवार को पूर्वाह्न 11 बजे उनके निर्वाचन की आधिकारिक घोषणा की। वे जगत प्रकाश नड्डा के स्थान पर अध्यक्ष बने हैं।
नितिन नबीन दिग्गज भाजपा नेता नवीन किशोर सिन्हा के बेटे हैं। नितिन नबीन पटना की बांकीपुर सीट से पांचवीं बार विधायक हैं। वर्ष 2006 में उन्होंने पहली बार उपचुनाव में जीत हासिल की थी। उन्होंने 2010, 2015, 2020 और 2025 के विधानसभा चुनावों में जीत दर्ज की। हाल ही में हुए विधानसभा चुनाव में उन्होंने राष्ट्रीय जनता दल की उम्मीदवार रेखा कुमारी को 51,936 मतों के अंतर से हराया था।नितिन नबीन को विगत 14 दिसंबर को पार्टी के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष के रूप में नियुक्त किया गया था और अब वे निर्वाचन के बाद पूर्णकालिक अध्यक्ष बने हैं। वे बिहार विधानसभा के पांच बार सदस्य रह चुके हैं और बिहार सरकार में मंत्री भी रह चुके हैं। पार्टी के बीच उनको संगठनात्मक कुशलता और प्रशासनिक अनुभव के लिए जाना जाता है।नितिन नबीन के पिता नवीन किशोर प्रसाद सिन्हा भाजपा के वरिष्ठ नेता थे। उनके निधन के बाद जब उपचुनाव हुआ, तब जनता ने उसी परिवार के बेटे पर भरोसा जताया। यही वह क्षण था जहां नितिन नबीन की राजनीतिक यात्रा शुरू हुई। उसके बाद जो हुआ, वह बिहार की राजनीति का एक चमकता हुआ अध्याय बन गया। बांकीपुर सीट से वह लगातार जीत रहे हैं।नबीन का जन्म 23 मई 1980 को अविभाजित बिहार के रांची (अब झारखंड) में हुआ था। उनके माता-पिता स्वर्गीय नवीन किशोर सिन्हा भाजपा के वरिष्ठ नेता और पटना पश्चिम से बिहार विधानसभा के चार बार विधायक रहे थे। उनकी माता मीरा सिन्हा थीं। उनकी प्रारंभिक शिक्षा सेंट माइकल हाई स्कूल, पटना से पूरी हुई, जहां से उन्होंने 1996 में सीबीएसई की 10वीं कक्षा की परीक्षा उत्तीर्ण की। इसके बाद उन्होंने सीएसकेएम पब्लिक स्कूल, नई दिल्ली से माध्यमिक शिक्षा प्राप्त की और 1998 में इंटरमीडिएट की परीक्षा उत्तीर्ण की। उनका विवाह दीपमाला श्रीवास्तव से हुआ है और उनके एक बेटा और एक बेटी हैं।नितिन नबीन ने बिहार सरकार में कैबिनेट मंत्री के रूप में सड़क निर्माण, शहरी विकास एवं आवास और कानून जैसे महत्वपूर्ण विभागों का कार्यभार भी संभाला है। उनकी पहचान बिहार में पथ निर्माण मंत्री के रूप में एक युवा, ऊर्जावान और काम करने वाले नेता की बनी है लेकिन यह भी उतना ही सच है कि राजनीति के इस लंबे सफर में उनका पहला कदम विरासत की ताकत से उठाया गया था, जहां पिता की पहचान ने बेटे को राजनीति की भीड़ में अलग खड़ा कर दिया।नितिन नबीन युवा ऊर्जा, आधुनिक सोच और सक्रिय नेतृत्व का उदाहरण हैं। उनको इस बात का श्रेय भी दिया जाता है कि उन्होंने अपने क्षेत्र को शहरी विकास की नई धाराओं से जोड़ने का प्रयास किया है। चाहे सड़कें हों, बिजली, जलापूर्ति या ट्रैफिक व्यवस्था, हर मुद्दे पर उन्होंने सतत निगरानी रखी।अपने विधायी करियर के साथ-साथ, उन्होंने पार्टी संगठन में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है, जहां उन्होंने राष्ट्रीय और राज्य स्तर पर नेतृत्व के पद संभाले हैं। उन्हें सिक्किम और छत्तीसगढ़ जैसे राज्यों में भी महत्वपूर्ण संगठनात्मक जिम्मेदारियां सौंपी गयीं। नितिन युवा हैं, राजनीति में उन्हें लम्बे सफर के लिए तैयार किया जा रहा है। नितिन के अध्यक्ष बनने से बिहार भाजपा में भी यह साफ संदेश केंद्रीय नेतृत्व ने दिया है कि जो चुपचाप रहकर संगठन का काम पूरी निष्ठा-ईमानदारी के साथ करेगा उस पर ही भाजपा भरोसा करेगी। -
नई दिल्ली। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) को नितिन नबीन के रूप में अब तक का सबसे युवा राष्ट्रीय अध्यक्ष मिला है। मंगलवार को नितिन नबीन औपचारिक रूप से भाजपा के 12वें राष्ट्रीय अध्यक्ष चुने गए। इस मौके पर ‘मोदी स्टोरी’ के तहत उनसे जुड़ा एक अनुभव साझा किया गया, जिसमें उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मिले संगठनात्मक संस्कारों को याद किया।
‘मोदी स्टोरी’ के सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर साझा पोस्ट में लिखा गया कि भाजपा एक ऐसा संगठन है, जहां कार्यकर्ता को सबसे आगे रखा जाता है। सामान्य कार्यकर्ताओं को भी देश के नेतृत्व के लिए तैयार करना पार्टी की संगठनात्मक परंपरा रही है और नितिन नबीन का राष्ट्रीय दायित्व संभालना इसी संस्कार का सशक्त प्रमाण है।एक्स पर साझा किए गए वीडियो में नितिन नबीन ने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से उन्होंने कार्यकर्ताओं से जुड़ाव बनाए रखने, संवाद कायम रखने और संगठन की जड़ों को मजबूत करने का महत्व सीखा। उन्होंने कहा कि कार्यकर्ता के प्रति सम्मान और संवेदनशीलता भाजपा की मूल पहचान है।नितिन नबीन ने अपने अनुभव को साझा करते हुए बताया कि बिहार में राष्ट्रीय कार्यसमिति की बैठक के दौरान पटना में एक बड़ी रैली का आयोजन हुआ था। उस समय भाजपा के कई वरिष्ठ नेता पटना पहुंचे थे और प्रोटोकॉल के तहत उनका स्वागत एयरपोर्ट पर किया जा रहा था।उन्होंने बताया कि जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी एयरपोर्ट पहुंचे, तो स्वागत के दौरान उन्होंने पूछा कि बाहर बड़ी संख्या में कार्यकर्ता मौजूद हैं या नहीं। हां में जवाब मिलने पर पीएम मोदी ने कहा कि वह कार्यकर्ताओं से मिलते हुए आगे बढ़ेंगे। इसके बाद प्रधानमंत्री पैदल चलकर बाहर आए, कार्यकर्ताओं का अभिनंदन स्वीकार किया और सभी का अभिवादन किया।नितिन नबीन ने कहा कि यह एक छोटा सा प्रसंग था, लेकिन इससे प्रधानमंत्री मोदी के भीतर कार्यकर्ताओं के प्रति सम्मान का भाव साफ दिखाई देता है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री चाहें तो गाड़ी में बैठकर हाथ हिलाते हुए भी निकल सकते थे, लेकिन उन्होंने खुद पैदल चलकर कार्यकर्ताओं से मुलाकात की और उनका अभिवादन स्वीकार किया।नितिन नबीन के अनुसार, यही अनुभव उनके लिए प्रेरणा बना और उन्होंने संगठन में कार्यकर्ता केंद्रित सोच और मजबूत जमीनी जुड़ाव के महत्व को गहराई से समझा।














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