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- चंडीगढ़. पंजाब के कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री गुरमीत सिंह खुड्डियां ने रविवार को कहा कि राज्य सरकार के फसल विविधीकरण अभियान से चालू खरीफ सत्र के दौरान बासमती की खेती का रकबा 12.58 प्रतिशत बढ़ाने में मदद मिली है। मंत्री ने कहा कि लंबे दाने वाले चावल की खेती बढ़कर 6.71 लाख हेक्टेयर तक हो गई है, जो पिछले खरीफ सत्र में 5.96 लाख हेक्टेयर थी। बासमती की खेती के जिलेवार आंकड़े देते हुए खुड्डियां ने कहा कि अमृतसर इस सुगंधित चावल के लिए 1.46 लाख हेक्टेयर क्षेत्र के साथ अग्रणी है। अमृतसर के बाद मुक्तसर में 1.10 लाख हेक्टेयर, फाजिल्का में 84.9 हजार हेक्टेयर, तरनतारन में 72.5 हजार हेक्टेयर और संगरूर में 49.8 हजार हेक्टेयर में बासमती की खेती की गई। मंत्री ने कहा कि राज्य ने बासमती की निर्यात गुणवत्ता को विश्व स्तरीय मानक तक बढ़ाने के लिए इस सुगंधित फसल में 10 कीटनाशकों के इस्तेमाल पर प्रतिबंध लगा दिया है।
- तिरुवनंतपुरम. केंद्रीय मंत्री सुरेश गोपी ने रविवार को मुल्लापेरियार बांध की सुरक्षा को लेकर चिंता जताई और पूछा कि यदि 125 साल पुराना बांध टूट गया तो इसकी जिम्मेदारी कौन लेगा। मंत्री ने पूछा कि यदि ऐसी कोई घटना होती है तो क्या यथास्थिति बनाए रखने के लिए फैसले सुनाने वाली अदालतें या न्यायपालिका से ऐसे फैसले प्राप्त करने वाले प्राधिकारी इसके लिए जिम्मेदार होंगे। पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस तथा पर्यटन राज्य मंत्री ने यहां एक समारोह को संबोधित करते हुए अपनी चिंता व्यक्त की। सुरेश गोपी ने कहा कि उन्हें फेसबुक पर एक पोस्ट देखने को मिली, जिसमें मुल्लापेरियार बांध की सुरक्षा को लेकर चिंता जताई गई थी। अभिनेता से राजनेता बने गोपी ने कहा, ‘‘अगर बांध ढह गया तो कौन जवाबदेह होगा? क्या अदालतें जवाब देंगी? या जो लोग अदालतों से ऐसे फैसले (कि बांध को लेकर यथास्थिति बनी रहे) प्राप्त करते हैं, वे जवाब देंगे।'' केंद्रीय मंत्री का यह बयान मुल्लापेरियार बांध की सुरक्षा को लेकर विभिन्न वर्गों की चिंताओं के बीच आया है, क्योंकि वायनाड भूस्खलन त्रासदी ने केरल के लोगों में यह डर पैदा कर दिया है कि यदि 125 साल पुराना बांध ढह गया तो बड़ी त्रासदी हो सकती है। यह बांध 1895 में बनाया गया था।
- गडग . कर्नाटक में गडग जिले के नरगुंड तालुक में रविवार सुबह एक कार और कर्नाटक राज्य सड़क परिवहन निगम (केएसआरटीसी) की बस के बीच आमने-सामने की टक्कर में एक ही परिवार के चार सदस्यों की मौत हो गई। पुलिस ने यह जानकारी दी। मृतकों की पहचान रुद्रप्पा अंगड़ी (58), उनकी पत्नी राजेश्वरी (50), बेटी ऐश्वर्या (18) और बेटे विजय कुमार (14) के रूप में हुई है। मृतक हावेरी जिले के मारुति नगर के निवासी थे। भारतीय जनता पार्टी के सांसद एवं पूर्व मुख्यमंत्री बसवराज बोम्मई ने मौतों पर शोक व्यक्त करते हुए राज्य सरकार से दुर्घटना की उचित जांच कराने, दोषियों को दंडित करने और मृतक के परिवार को पर्याप्त मुआवजा देने का अनुरोध किया।
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कोलकाता. भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) के अध्यक्ष एस. सोमनाथ ने रविवार को खुद को शत-प्रतिशत स्वदेशी बताते हुए कहा कि उन्होंने जो कौशल हासिल किए हैं, वे भारतीय अंतरिक्ष एजेंसी में उनके अनुभव से प्राप्त हुए हैं। आईआईटी खड़गपुर के 74वें स्थापना दिवस पर संस्थान की ओर से ‘स्पेशल लाइफ फेलो' पुरस्कार से सम्मानित किये गए सोमनाथ ने इसरो में अपने पुराने दिनों याद किया और चंद्रयान-3 समेत अपनी उपलब्धियों का श्रेय उन “महान लोगों व नेताओं” को दिया, जिनके साथ उन्होंने काम किया है। सोमनाथ ने कहा, “पिछले 38 वर्षों में हमारे और मेरे व्यक्तिगत काम में इस संगठन में प्रमुख क्षमताओं का निर्माण करने पर ध्यान केंद्रित किया गया है। मैं उन असाधारण लोगों, प्रेरणास्रोतों और नेताओं के साथ काम करने को लेकर भाग्यशाली हूं, जिन्होंने भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) को यहां तक पहुंचाया है। मुझे उनके पदचिह्नों पर चलने और चंद्रयान-3 जैसी परियोजनाओं में योगदान देने का अवसर मिला है, जिन्होंने हमें गौरवान्वित किया है।” आईआईटी खड़गपुर के छात्रों और शिक्षकों को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा, “एक संस्थान के रूप में आप जो हासिल कर रहे हैं, वह सराहनीय है और इसरो तथा देश व दुनिया के अन्य वैज्ञानिक संगठनों के लिए यह महत्वपूर्ण है कि वे आपके साथ मजबूत संबंध बनाए रखें। इसरो में हम सभी के लिए आगे एक बड़ा लक्ष्य है और मैं चाहूंगा कि आप भी इसका हिस्सा बनें।”
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शाहजहांपुर (उप्र) .रक्षाबंधन का पर्व भारतीय संस्कृति में विशेष महत्व रखता है लेकिन ग्लोबल वार्मिंग के इस दौर में शाहजहांपुर में महिलाएं पर्यावरण संरक्षण के लिए पेड़-पौधों को अपना भाई मानकर उन्हें राखी बांधते हुए इस रिश्ते को एक नया आयाम दे रही हैं। वैसे तो रक्षाबंधन का पर्व सोमवार 19 अगस्त को है लेकिन शाहजहांपुर शहर की अनेक महिलाएं बृहस्पतिवार से ही वृक्षों के तने और टहनियों पर राखी बांध रही हैं। वे उन्हें तिलक लगाने के साथ-साथ मिष्ठान के तौर पर उनके पोषण के लिए प्राकृतिक खाद अर्पित करते हुए पेड़ों के दीर्घायु होने की कामना कर रही हैं। यह प्रेरणादायक मुहिम चला रही महिलाओं में से ज्यादातर शहर के संभ्रांत लोगों के व्हाट्सऐप ग्रुप से जुड़ी हैं। 'वीआईपी' नामक ग्रुप में शामिल लोगों की एक समिति भी है। समिति की अध्यक्ष नीतू गुप्ता ने रविवार को बताया कि क्योंकि रक्षाबंधन भाई बहन द्वारा एक दूसरे का ख्याल रखने की बेहद पवित्र भावना का प्रतीक है इसलिए उसे पेड़-पौधों के संरक्षण से जोड़ने का विचार बनाया गया ताकि पर्यावरण का संरक्षण करने के लिए लोग और भी ज्यादा प्रेरित हों। उन्होंने कहा, "हमने अपनी साथी महिलाओं से पेड़ों को राखी बंधवाने का निर्णय लिया। पिछले बृहस्पतिवार से हमारे ग्रुप की सदस्य पेड़ों को राखी बांध रही हैं और उनका तिलक करके मिष्ठान के तौर पर उनकी जड़ में प्राकृतिक खाद डालकर पानी दे रही हैं।" गुप्ता ने कहा, "जलवायु परिवर्तन के गहराते संकट को देखते हुए हमने सोचा कि पर्यावरण संरक्षण का सबसे अच्छा तरीका बड़े पैमाने पर वृक्षारोपण करना ही है इसके लिए मिशन मोड में काम किया गया और इस साल एक लाख पेड़ लगाने का लक्ष्य है।" ग्रुप की सदस्य शमा जैदी ने कहा कि आज पेड़ों को संरक्षित रहने के लिए जो बीड़ा हमारे ग्रुप की सदस्यों ने उठाया है उसे सभी को अपनाना चाहिए ताकि हम पेड़ों को संरक्षित कर सकें। उन्होंने बताया कि व्हाट्सऐप ग्रुप से जुड़ी महिलाएं अब तक लगभग 1000 पेड़ों को राखी बांध चुकी हैं और सोमवार को रक्षाबंधन के दिन अपने घरों में पर्व मनाने के बाद ग्रुप की सदस्य पेड़ों की रक्षा करने वाले (केयरटेकर) को राखी बांधने के अलावा उन्हें उपहार में वस्त्र तथा मिठाई देंगी। शर्मा ने बताया कि ग्रुप द्वारा शहर की विभिन्न कॉलोनियों के लगभग 25 पार्कों तथा शहर से लगे ग्रामीण क्षेत्रों, सरकारी कार्यालयों, विद्यालयों एवं कब्रिस्तान तथा श्मशान घाटों पर प्रमुख रूप से वृक्षारोपण किया जा चुका है। रक्षाबंधन पर पेड़ पौधों के संरक्षण के लिए उन्हें राखी बांध रही महिलाओं के व्हाट्सऐप ग्रुप के ‘एडमिन' अभिनय कुमार गुप्ता ने 2015 में शहर की महिला पुरुषों को जोड़कर एक ग्रुप बनाया था। इस ग्रुप में चिकित्सक, अध्यापक और कई उद्योगपति जुड़े हैं। प्रतिवर्ष यह ग्रुप शहर को हरा भरा बनाने के लिए पेड़ लगा रहा है। उन्होंने बताया कि 200 सदस्यों वाले व्हाट्सऐप ग्रुप में करीब 70 महिलाएं हैं।
नगर आयुक्त डॉक्टर विपिन कुमार मिश्रा ने पर्यावरण संरक्षण के लिए पेड़ों को राखी बांधने कि इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि इसे जन आंदोलन बनाने की जरूरत है। -
केंद्रीय गृह मंत्री ने पौधे लगाने का किया अनुरोध
अहमदाबाद. केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने रविवार को गुजरात के अहमदाबाद में करीब 1,000 करोड़ रुपये की विकास परियोजनाओं की शुरुआत की और लोगों से पर्यावरण की रक्षा करने के लिए देशव्यापी पौधारोपण अभियान में भाग लेने का अनुरोध किया। पर्यावरण और ओजोन परत की रक्षा में पेड़ों के महत्व पर जोर देते हुए शाह ने कहा कि अहमदाबाद नगर निगम (एएमसी) ने आने वाली पीढ़ी के लिए 100 दिन में 30 लाख पौधे लगाने का संकल्प लिया है और वह इस अभियान से निकटता से जुड़े हैं। उन्होंने कहा, ‘‘यह एक खूबसूरत अभियान है और यह बड़ी बात है कि एक नगर निगम 30 लाख पौधे लगाएगा। लेकिन मैं अहमदाबाद निवासियों से पूछना चाहता हूं कि आपका क्या योगदान होगा?'' शाह ने कहा कि अहमदाबाद के लोगों को यह सुनिश्चित करना चाहिए कि वे अपनी आवासीय सोसायटी, आसपास की भूमि और अपने बच्चों के विद्यालयों में अपने परिवार के सदस्यों की संख्या के बराबर पौधे लगाएं। गृह मंत्री ने अहमदाबाद में सीवर शोधन संयंत्र, आवासीय परियोजनाओं और स्मार्ट स्कूल समेत कई विकास कार्यों का उद्घाटन किया एवं उनकी नींव रखीं। - नई दिल्ली । दिल्ली एम्स के न्यूरोसर्जन (34) ने गौतम नगर स्थित अपने घर में कथित तौर पर आत्महत्या कर ली। यह जानकारी एक मीडिया रिपोर्ट में सामने आई है। रिपोर्ट में दिल्ली पुलिस ने बताया कि दवा के ओवरडोज के कारण न्यूरोसर्जन को अस्पताल ले जाया गया जहां डॉक्टर को उन्हें मृत घोषित कर दिया गया।रिपोर्ट के अनुसार प्रारंभिक जांच में, पुलिस ने आत्महत्या के पीछे पारिवारिक विवाद माना है, घटनास्थल पर एक सुसाइड नोट भी मिला है। रिपोर्ट में पुलिस सूत्रों ने खुलासा किया कि डॉक्टर का अपनी पत्नी के साथ विवाद था, जोकि रक्षाबंधन के अवसर पर अपने मायके गई हुई थी। उसके जाने के बाद, डॉक्टर ने कथित तौर पर दवाई का ओवरडोज ले लिया, जिससे उनकी जान चली गई। पुलिस के अनुसार मामले की जांच जारी है, पुलिस अधिकारी घटना से जुड़ी अन्य जानकारियों की पुष्टि करने में जुट गए हैं। वह एम्स के ट्रॉमा सेंटर में नियुक्त थे।
- नई दिल्ली। नासा के अंतरिक्ष यात्री मैथ्यू डोमिनिक ने हाल ही में भारत की एक दुर्लभ और दिल को छू लेने वाली तस्वीर साझा की है, जिसे उन्होंने अंतरिक्ष से लिया है. 17 अगस्त को पोस्ट की गई इस तस्वीर में रात के आकाश में बिजली की चमक का एक उज्जवल और शानदार दृश्य दिखाया गया है। धरती की पृष्ठभूमि में कैद इस बिजली की चमक ने सोशल मीडिया उपयोगकर्ताओं को हैरान कर दिया है। खास बात यह है कि यह तस्वीर इतनी परफेक्ट है कि इसे किसी भी तरह की एडिटिंग की जरूरत नहीं पड़ी.। इस पोस्ट को अब तक 10 लाख से ज्यादा लोग देख चुके हैं और यह तेजी से वायरल हो रही है।डोमिनिक ने इस तस्वीर के कैप्शन में लिखा, "रात में भारत के ऊपर बिजली की चमक." । उन्होंने बताया कि इस तस्वीर में बिजली को कैद करने के लिए उन्होंने बर्स्ट मोड का इस्तेमाल किया.। उन्होंने उम्मीद जताई कि बिजली फ्रेम में आ जाएगी और जब बिजली बिल्कुल बीच में आई तो वे बेहद खुश हुए.। इस तस्वीर को किसी तरह की क्रॉपिंग की भी जरूरत नहीं पड़ी।डोमिनिक ने यह भी बताया कि इन धारियों का निर्माण स्पेस स्टेशन की तेज गति और 1/5 सेकेंड की एक्सपोज़र टाइम के कारण हुआ है। इसके अलावा, फ्रेम के बाईं ओर और मध्य भाग में एक शहर के ऊपर धुंध देखी जा सकती है, जिसे बादलों और ऑर्बिटल मोशन के कारण उत्पन्न धुंध कहा जा रहा है।. इस तस्वीर ने न केवल सोशल मीडिया पर प्रशंसा बटोरी है, बल्कि एक चर्चा भी शुरू कर दी है। लोग इस दुर्लभ दृश्य को देखकर हैरान हैं और इस अद्भुत तस्वीर की जमकर तारीफ कर रहे हैं.।इस तरह की तस्वीरें न केवल वैज्ञानिक दृष्टिकोण से महत्वपूर्ण होती हैं, बल्कि ये हमें हमारी धरती के सौंदर्य और प्रकृति की अद्भुत शक्तियों का भी एहसास कराती हैं. जब अंतरिक्ष से ली गई ऐसी अद्वितीय तस्वीरें सामने आती हैं, तो ये हमें सोचने पर मजबूर करती हैं कि हमारी दुनिया कितनी सुंदर और रहस्यमयी है. मैथ्यू डोमिनिक की यह तस्वीर निश्चित रूप से उन लोगों के लिए प्रेरणा है, जो अंतरिक्ष और विज्ञान के प्रति रुचि रखते हैं.
- देहरादून । देहरादून बस अड्डे में दिल्ली से देहरादून आयी एक बस में उत्तर प्रदेश की एक नाबालिग लड़की से कथित सामूहिक दुष्कर्म के मामले में पुलिस ने रविवार को पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया। पुलिस ने यह जानकारी दी। देहरादून के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अजय सिंह ने यहां बताया कि 12 अगस्त को हुई घटना की जानकारी शनिवार शाम को मिली, जिसके बाद तत्काल कार्रवाई करते हुए पुलिस ने सीसीटीवी कैमरों को खंगालते हुए वारदात में इस्तेमाल बस की पहचान की और आरोपियों को गिरफ्तार किया गया।उन्होंने बताया कि आरोपियों की पहचान उत्तराखंड के हरिद्वार के बुग्गावाला निवासी धर्मेंद्र कुमार (32) और राजपाल (57), हरिद्वार जिले के ही भगवानपुर निवासी देवेंद्र (52), देहरादून के पटेलनगर निवासी राजेश कुमार सोनकर (38) तथा उत्तर प्रदेश के फर्रुखाबाद जिले के नवाबगंज के रहने वाले रवि कुमार (34) के रूप में हुई है।पुलिस अधिकारी ने बताया कि घटना में प्रयुक्त उत्तराखंड रोडवेज की बस को कब्जे में ले लिया गया है तथा फॉरेंसिक टीम बस से आवश्यक साक्ष्य एकत्रित कार्रवाई कर रही है।जानकारी के अनुसार, 16-17 साल की नाबालिग लड़की को 12 अगस्त की देर रात आईएसबीटी देहरादून के प्लेटफार्म नंबर 12 पर एक बेंच पर बैठे देखकर इसकी सूचना देहरादून बाल कल्याण समिति को दी गयी जिसने उसे सुरक्षा की दृष्टि से राजकीय बालिका निकेतन भेज दिया।बाल निकेतन में काउंसलिंग के दौरान नाबलिग लड़की ने अपने साथ कथित दुष्कर्म की बात बताई जिसके बाद समिति की सदस्य प्रतिभा जोशी ने शनिवार शाम पुलिस को तहरीर दी।तहरीर के आधार पर पटेलनगर पुलिस थाने में भारतीय न्याय संहिता की धारा 70(2) तथा पॉक्सो अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज किया गया।वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने घटना की जांच के लिए विशेष पुलिस टीम का गठन करने के अलावा स्वंय पीड़ित बालिका से मिलकर घटना की जानकारी ली तथा घटनास्थल का निरीक्षण किया।पुलिस ने बताया कि बालिका ने प्रारंभिक पूछताछ में बताया कि उसके माता-पिता नहीं हैं और वह पंजाब की रहने वाली है।बाद में उसने पुलिस को बताया कि वह उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद की रहने वाली है और वह पहले मुरादाबाद से दिल्ली गयी और फिर दिल्ली में कश्मीरी गेट से बस पकड़कर देहरादून आयी जहां उसके साथ कथित तौर पर दुष्कर्म किया गया।पुलिस ने बताया कि लड़की शुरू में बार-बार अपने बयानों को बदलती रही लेकिन बाद में उसने गहन पूछताछ के दौरान अपने परिजनों की जानकारी पुलिस को दी।पुलिस के मुताबिक, परिजनों से संपर्क करने पर पता चला कि पीड़िता के माता-पिता जिंदा हैं तथा पहले भी वह कई बार अपने घर से बिना बताए जा चुकी है। हालांकि, घर वालों को हर बार विभिन्न माध्यमों से उसकी जानकारी मिली जिसके बाद वह उसे घर ले आए।
- बरेली (उप्र)। बरेली जिला मुख्यालय के बारादरी थाना क्षेत्र के एक मोहल्ले में एक प्रापर्टी डीलर ने कथित तौर पर अपनी पत्नी की हत्या करने के बाद आत्महत्या कर ली। पुलिस ने यह जानकारी दी। उसके अनुसार बारादरी थाना क्षेत्र की ग्रीन पार्क कॉलोनी में शनिवार को प्रापर्टी डीलर आलोक सिंह की नौकरानी की बेटी उसके घर पहुंची तो दरवाजा अंदर से बंद था। इसके बाद नौकरानी वहां पहुंची और आसपास के लोगों को आवाज दी। आसपास के लोगों ने जाल काटकार दरवाजा खोला, जहां उन्होंने देखा कि प्रॉपर्टी डीलर आलोक सिंह (52) और उनकी पत्नी रितु (45) बिस्तर पर मृत पड़े थे और उन्हें गोली लगी हुई थी। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) अनुराग आर्य ने बताया कि मकान पूरी तरह से बंद था और बाहर का कोई भी आदमी मकान में नहीं आ-जा सकता था, ऐसे में प्रॉपर्टी डीलर ने पत्नी की हत्या कर आत्महत्या ही की है। आर्य ने बताया कि मौके से लाइसेंसी पिस्तौल एवं कुछ गोलियां बरामद हुई हैं।उनके अनुसार फोरेंसिक टीम जांच कर रही है। परिवार के अन्य लोग जो भी जानकारी देंगे वह भी जांच में शामिल की जाएगी। दोनों के शवों को पोस्टमार्टम के लिए ले जाया गया है। एसएसपी ने बताया कि पुलिस की जांच-पड़ताल एवं अपराध परिदृश्य देखकर अभी तक यह निष्कर्ष निकला है कि प्रोपर्टी डीलर ने लाइसेंसी पिस्तौल से पहले पत्नी की हत्या की और फिर खुद भी गोली मार ली। उन्होंने बताया कि पत्नी के सिर में पीछे की तरफ गोली लगी मिली है। आलोक सिंह के कान के ऊपर सिर में दाईं तरफ गोली लगी है। बुलेट का एक निशान कमरे में दीवार में लगा मिला है, जिसमें फोरेंसिक टीम ने पाया कि पत्नी के सिर में गोली पार होकर दीवार में जा लगी।
- नयी दिल्ली। केंद्रीय आवास एवं शहरी मामलों के मंत्री मनोहर लाल ने शनिवार को कहा कि पिछले 10 वर्षों में 700 किलोमीटर नयी मेट्रो लाइन चालू की गई हैं। उन्होंने कहा कि देश में मेट्रो लाइन की कुल लंबाई 945 किलोमीटर हो गई है और 21 शहरों में मेट्रो सेवाओं का विस्तार हुआ है। मंत्री ने संवाददाताओं से कहा कि पिछले एक दशक में भारत के मेट्रो रेल नेटवर्क में परिवर्तनकारी विकास पर जोर दिया गया है। उन्होंने कहा कि 2014 से पहले भारत में मेट्रो रेल प्रणाली सिर्फ 248 किलोमीटर तक सीमित थी और केवल पांच शहरों में इसका परिचालन था। मनोहर लाल ने तेजी से हो रही प्रगति को रेखांकित करते हुए कहा कि 2014 से पहले हर महीने औसतन केवल 600 मीटर मेट्रो लाइन का निर्माण किया जा रहा था। मंत्री ने कहा कि यह आंकड़ा आज दस गुना बढ़कर हर महीने छह किलोमीटर हो गया है, जो प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के दूरदर्शी नेतृत्व में शहरी विकास के लिए सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाता है। उन्होंने कहा, “वर्ष 2014 से पहले भारत में मेट्रो रेल प्रणाली केवल 248 किलोमीटर तक सीमित थी और केवल पांच शहरों में इसका परिचालन था। पिछले 10 वर्षों में 700 किलोमीटर नयी मेट्रो लाइन चालू की गई हैं, जिससे कुल परिचालन लंबाई 945 किलोमीटर हो गई है और देश भर के 21 शहरों में मेट्रो सेवाओं का विस्तार हुआ है।” केंद्रीय मंत्रिमंडल ने शुक्रवार को पुणे, ठाणे और बेंगलुरु में मेट्रो रेल परियोजनाओं को मंजूरी दी।केंद्रीय आवास एवं शहरी मामलों के मंत्री ने शनिवार को बताया कि भारत ने मेट्रो कोच की चार अत्याधुनिक विनिर्माण इकाइयां स्थापित की हैं, जिन्होंने पिछले पांच वर्षों में 1,000 से अधिक मेट्रो कोच का उत्पादन किया है।
- भुवनेश्वर। ओडिशा के विभिन्न हिस्सों में शनिवार को बिजली गिरने की अलग-अलग घटनाओं में कम से कम नौ लोगों की मौत हो गई है, जबकि 12 घायल हैं। पुलिस ने यह जानकारी दी। मुख्यमंत्री कार्यालय की ओर से जारी बयान में कहा गया है कि मयूरभंज, बालासोर और भद्रक जिलों में दो-दो और क्योंझर, ढेंकनाल और गंजम जिले में एक-एक व्यक्ति की मौत हुई है। मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी ने अप्राकृतिक मौत पर दुख जताते हुए मृतकों के परिजनों को चार-चार लाख रुपये की अनुग्रह राशि देने का ऐलान किया है। माझी ने घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करते हुए उनका मुफ्त इलाज कराने का निर्देश दिया।बरगढ़ जिले से मिली खबर के अनुसार बरपाली ब्लॉक के मुनुपाली गांव के पास एक खेत में बिजली गिरने से 12 लोग घायल हो गए। घायल हुए 12 लोगों में से चार की हालत गंभीर है। सभी को अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
- नयी दिल्ली ।भाजपा के वरिष्ठ नेता एवं केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने भविष्य में मजबूत चुनावी संभावनाओं का भरोसा जताते हुए शनिवार को पार्टी नेताओं से पार्टी की विचारधारा को देश के कोने-कोने तक ले जाने का आह्वान किया। वह भाजपा की एक बैठक को संबोधित कर रहे थे जिसमें पार्टी ने एक सितंबर से अपना सदस्यता अभियान शुरू करने का फैसला किया। सूत्रों के अनुसार, शाह ने कहा कि लोगों ने बार-बार राज्यों और केंद्र में भाजपा की सरकारों में अपना विश्वास व्यक्त किया है तथा कांग्रेस को खारिज कर दिया है। भाजपा प्रवक्ता संबित पात्रा ने एक संवाददाता सम्मेलन में कहा कि पार्टी का लक्ष्य इस अभियान में 10 करोड़ से अधिक सदस्य बनाना है जिसमें वे राज्य शामिल नहीं होंगे जहां आने वाले महीनों में चुनाव में होने हैं। पिछली ऐसी कवायद के बाद पार्टी की सदस्यता संख्या 18 करोड़ थी और पात्रा ने उम्मीद जताई कि जब हर जगह प्रक्रिया पूरी हो जाएगी तो इस आंकड़े को पार कर लिया जाएगा। कम से कम आधे राज्यों में अभियान खत्म होने के बाद पार्टी को नए अध्यक्ष का चुनाव होने की उम्मीद है।शनिवार को हुई बैठक में पार्टी अध्यक्ष जेपी नड्डा, संगठन से जुड़े प्रमुख नेताओं और राष्ट्रीय पदाधिकारियों ने भाग लिया। पात्रा ने कहा कि यह सदस्यता अभियान के लिए एक प्रशिक्षण कार्यशाला की तरह थी। उन्होंने कहा कि संबंधित कवायद में हर जाति, धर्म और समुदाय को शामिल किया जाएगा जो सर्वसमावेशी और सर्वव्यापी होगी। उन्होंने कहा कि भाजपा के राष्ट्रीय महासचिव विनोद तावड़े इस अभियान के संयोजक होंगे और पार्टी उपाध्यक्ष रेखा वर्मा सह-संयोजक होंगी। शाह ने अपने संबोधन में कहा कि भाजपा एक कार्यकर्ता-आधारित पार्टी है जो एक मजबूत विचारधारा से प्रेरित है। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि विस्तार के लिए इसकी निरंतर कड़ी मेहनत ने इसे 1984 में जीती गई केवल दो लोकसभा सीटों से राष्ट्रीय राजनीति में वर्तमान में प्रमुख स्थान पर पहुंचा दिया है। उन्होंने कहा कि सत्ता बरकररार रखने में कांग्रेस का ट्रैक रिकॉर्ड खराब है और उसके विपरीत केंद्र तथा राज्यों में भाजपा की सरकार अकसर पुन: निर्वाचित होती हैं। सूत्रों के मुताबिक, उन्होंने कहा कि कांग्रेस अब कई राज्यों में एक गंभीर राजनीतिक ताकत के रूप में मौजूद नहीं है। पात्रा ने कहा कि नए सदस्य चार तरीकों-जल्द ही घोषित होने वाले मोबाइल नंबर पर कॉल करने, क्यूआर कोड स्कैन करने, नमो ऐप और भाजपा की वेबसाइट के जरिए बनाए जाएंगे। उन्होंने कहा कि हालांकि, दूरदराज के इलाकों में पार्टी नए सदस्यों को नामांकित करने के लिए पारंपरिक कागजी पद्धति का उपयोग करेगी।
- नयी दिल्ली। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने शनिवार को कहा कि भारत में फिलहाल मंकीपॉक्स का कोई मामला सामने नहीं आया है, हालांकि इस बीमारी को फैलने से रोकने और नियंत्रित करने के लिए एहतियाती कदम उठाए जाएंगे। समीक्षा बैठक में आगामी हफ्तों में बाहर से आने वाले कुछ मामलों का पता चलने की संभावना को पूरी तरह से खारिज नहीं किया गया है, लेकिन यह आकलन किया गया कि निरंतर संचरण के साथ बड़े प्रकोप का जोखिम वर्तमान में भारत के लिए कम है। मंत्रालय ने एक बयान में कहा कि विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) द्वारा 2022 में पहली बार स्वास्थ्य आपातकाल की घोषणा के बाद से भारत में कुल 30 मामले पाए गए, जिनमें से अंतिम इस साल मार्च में आया। मंत्रालय ने कहा कि फिलहाल भारत में मंकीपॉक्स का कोई मामला सामने नहीं आया है। बयान में कहा गया कि मंत्रालय द्वारा स्थिति पर नजर रखी जा रही है। डब्ल्यूएचओ द्वारा 14 अगस्त को मंकीपॉक्स को सार्वजनिक स्वास्थ्य आपातकाल (पीएचईआईसी) घोषित किए जाने के मद्देनजर केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जे पी नड्डा ने यहां मंत्रालय के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक में मंकीपॉक्स की स्थिति और तैयारियों की विस्तृत समीक्षा की। बैठक में यह निर्णय लिया गया कि पूर्ण रूप से सावधानी बरतने के लिए सभी हवाई अड्डों, बंदरगाहों और सीमा प्रवेश स्थलों पर स्वास्थ्य इकाइयों को सतर्क करना, जांच प्रयोगशालाओं (कुल 32) को तैयार करना, किसी भी मामले का पता लगाना, उसे पृथक करना और उसका प्रबंधन करने के लिए स्वास्थ्य सुविधाओं को तैयार करना, जैसे उपाय किए जाएं। बैठक में यह बात सामने आई कि मंकीपॉक्स का सामान्यतः 2-4 सप्ताह का संक्रमण होता है और रोगी आमतौर पर सहायता संबंधी प्रबंधन से ठीक हो जाते हैं। संक्रमित व्यक्ति के साथ लंबे समय तक निकट संपर्क से और आमतौर पर यौन संपर्क, शरीर, घाव के तरल पदार्थ के साथ सीधे संपर्क या संक्रमित व्यक्ति के दूषित कपड़े, चादर का इस्तेमाल करने से होता है। डब्ल्यूएचओ ने इससे पूर्व जुलाई 2022 में मंकीपॉक्स को पीएचईआईसी घोषित किया था और बाद में मई 2023 में इसे रद्द कर दिया था। 2022 से वैश्विक स्तर पर डब्ल्यूएचओ ने 116 देशों से मंकीपॉक्स के कारण 99,176 मामले और 208 लोगों की मृत्यु की सूचना दी है। बैठक में राष्ट्रीय रोग नियंत्रण केंद्र (एनसीडीसी), डब्ल्यूएचओ, भारतीय आयुर्विज्ञान अनुसंधान परिषद (आईसीएमआर), राष्ट्रीय वेक्टर जनित रोग नियंत्रण कार्यक्रम केंद्र (एनवीबीडीसीपी), स्वास्थ्य सेवा महानिदेशालय, केंद्र सरकार के अस्पतालों, अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) के विशेषज्ञों ने भाग लिया।
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नयी दिल्ली। शासन की सुगमता के लिए नयी प्रतिभाओं को शामिल करने को लेकर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व वाली सरकार की महत्वाकांक्षी योजना के तहत केंद्र के विभिन्न मंत्रालयों में संयुक्त सचिवों, निदेशकों और उप सचिवों के प्रमुख पदों पर जल्द ही 45 विशेषज्ञ नियुक्त किए जाएंगे। आमतौर पर ऐसे पदों पर अखिल भारतीय सेवाओं - भारतीय प्रशासनिक सेवा (आईएएस), भारतीय पुलिस सेवा (आईपीएस) और भारतीय वन सेवा (आईएफओएस) - और अन्य ‘ग्रुप ए' सेवाओं के अधिकारी तैनात होते हैं।
संघ लोक सेवा आयोग (यूपीएससी) ने शनिवार को 45 पदों के लिए विज्ञापन दिया, जिनमें 10 संयुक्त सचिव और 35 निदेशक/उप सचिव के पद शामिल हैं। इन पदों को अनुबंध के आधार पर ‘लेटरल एंट्री' के माध्यम से भरा जाना है। विज्ञापन में कहा गया, ‘‘भारत सरकार संयुक्त सचिव और निदेशक/उप सचिव स्तर के अधिकारियों की ‘लेटरल एंट्री' के जरिये नियुक्ति करना चाहती है। इस तरह, राष्ट्र निर्माण में योगदान देने के आकांक्षी प्रतिभाशाली भारतीय नागरिकों से संयुक्त सचिव या निदेशक/उप सचिव के स्तर पर सरकार में शामिल होने के लिए ऑनलाइन आवेदन आमंत्रित किए जाते हैं।'' विभिन्न मंत्रालयों, विभागों में रिक्तियों को अनुबंध के आधार पर तीन साल की अवधि के लिए (प्रदर्शन के आधार पर पांच साल तक बढ़ाया जा सकता है) भरा जाना है। इसके लिए यूपीएससी की वेबसाइट के माध्यम से 17 सितंबर तक आवेदन किए जा सकते हैं। गृह, वित्त और इस्पात मंत्रालयों में संयुक्त सचिवों के 10 पद हैं। कृषि एवं किसान कल्याण, नागर विमानन और सूचना एवं प्रसारण मंत्रालयों में निदेशक/उप सचिव स्तर के 35 पद भरे जाएंगे। केंद्र सरकार में संयुक्त सचिव, निदेशक और उप सचिव के स्तर पर ‘लेटरल एंट्री' भर्ती 2018 से ही की जा रही है, ताकि विशिष्ट कार्य के लिए व्यक्तियों की नियुक्ति की जा सके। इसमें संबंधित क्षेत्र में व्यक्ति के विशेष ज्ञान और विशेषज्ञता को ध्यान में रखा जाता है। इन स्तरों पर अधिकारी नीति-निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। अब तक ‘लेटरल एंट्री' के जरिए 63 नियुक्तियां की गई हैं, जिनमें से 35 नियुक्तियां निजी क्षेत्र से हैं। निजी क्षेत्र की कंपनियों, परामर्शदात्री संगठनों, बहुराष्ट्रीय संगठनों में काम करने वाले व्यक्ति, जिनके पास संयुक्त सचिव स्तर के पदों के लिए न्यूनतम 15 वर्ष, निदेशक स्तर के पदों के लिए न्यूनतम 10 वर्ष तथा उप सचिव स्तर के पदों के लिए न्यूनतम सात वर्ष का अनुभव हो, आवेदन करने के पात्र हैं। संयुक्त सचिव स्तर के पद के लिए न्यूनतम और अधिकतम आयु सीमा क्रमशः 40 और 55 वर्ष है तथा अनुमानित सकल वेतन महंगाई, परिवहन और मकान किराया भत्ते सहित लगभग 2.7 लाख रुपये होगा। निदेशक स्तर के पद के लिए न्यूनतम आयु 35 वर्ष और अधिकतम आयु 45 वर्ष है। चयनित उम्मीदवारों को लगभग 2.32 लाख रुपये वेतन मिलेगा। उप सचिव स्तर के लिए, न्यूनतम आयु 32 वर्ष और अधिकतम आयु 40 वर्ष वाले उम्मीदवार आवेदन करने के पात्र हैं। इस स्तर पर उम्मीदवारों के लिए लगभग 1.52 लाख रुपये का सकल वेतन निर्धारित किया गया है। यूपीएससी ने अभ्यर्थियों को आवेदन पत्र भरते समय गलत विवरण देने या कोई भी महत्वपूर्ण जानकारी छिपाने के खिलाफ चेतावनी दी है। इसमें कहा गया है कि दोषी पाए जाने वालों पर आपराधिक मुकदमा चलाया जाएगा तथा उन्हें भविष्य की चयन प्रक्रिया से वंचित किया जा सकता है।
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नयी दिल्ली। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने शनिवार को कहा कि स्वास्थ्य पेशेवरों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए सभी संभव उपाय सुझाने के वास्ते एक समिति गठित की जाएगी। मंत्रालय ने कहा कि राज्य सरकारों सहित सभी हितधारकों के प्रतिनिधियों को समिति के साथ अपने सुझाव साझा करने के लिए आमंत्रित किया जाएगा। मंत्रालय ने कोलकाता के आर.जी. कर मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल में एक डॉक्टर के बलात्कार और हत्या के विरोध में देशभर में आंदोलन कर रहे चिकित्सकों से अनुरोध किया है कि वे व्यापक जनहित में तथा डेंगू और मलेरिया के बढ़ते मामलों को देखते हुए अपने काम पर लौट आएं। फेडरेशन ऑफ रेजिडेंट डॉक्टर्स एसोसिएशन (फोरडा), इंडियन मेडिकल एसोसिएशन (आईएमए) और दिल्ली के सरकारी मेडिकल कॉलेजों एवं अस्पतालों के रेजिडेंट डॉक्टर्स एसोसिएशन के प्रतिनिधियों ने कोलकाता की घटना के मद्देनजर केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री से मुलाकात की। मंत्रालय ने एक बयान में कहा कि विभिन्न एसोसिएशन ने कार्यस्थलों पर स्वास्थ्य पेशेवरों की सुरक्षा के संबंध में अपनी मांगें रखी हैं। बयान के मुताबिक, मंत्रालय ने मांगों को सुना और चिकित्सक एसोसिएशन को स्वास्थ्य पेशेवरों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए हर संभव प्रयास करने का आश्वासन दिया है। बयान में कहा गया कि एसोसिएशन के प्रतिनिधियों को बताया गया कि सरकार स्थिति से अच्छी तरह परिचित है और उनकी मांगों के प्रति संवेदनशील है। इस बात का भी उल्लेख किया गया कि 26 राज्य पहले ही स्वास्थ्य कर्मियों की सुरक्षा के लिए कानून पारित कर चुके हैं। बयान में कहा गया, ‘‘विभिन्न एसोसिएशन द्वारा व्यक्त की गई चिंताओं के मद्देनजर, मंत्रालय ने उन्हें स्वास्थ्य पेशेवरों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए सभी संभावित उपाय सुझाने के वास्ते एक समिति गठित करने का आश्वासन दिया है।'' इस घटनाक्रम पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए आईएमए ने कहा कि वह स्वास्थ्य मंत्रालय द्वारा जारी बयान का अध्ययन कर रहा है, जिसमें डॉक्टरों को उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए हर संभव प्रयास करने का आश्वासन दिया गया है और इसके लिए उपाय सुझाने के वास्ते एक समिति बनाने की पेशकश की गई है। आईएमए ने कहा कि वह सभी पहलुओं पर सावधानीपूर्वक विचार करने और अपनी राज्य शाखाओं के साथ परामर्श करने के बाद इस पर प्रतिक्रिया देगा। आईएमए ने एक बयान में कहा, ‘‘आईएमए स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय द्वारा 23 मार्च, 2017 को जारी एक कार्यालय ज्ञापन को याद करता है, जिस पर मंत्रालय के अधिकारियों और आईएमए ने हस्ताक्षर किए थे। इस कार्यालय ज्ञापन में अन्य राज्यों में लागू कानूनों के अनुरूप उक्त मुद्दे पर एक केंद्रीय अधिनियम लाने की प्रक्रिया शुरू करने की संभावना तलाशने का आश्वासन दिया गया था।''
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मेरठ. उत्तर प्रदेश के मेरठ जिले के सदर बाजार थाना क्षेत्र में परिवार के साथ सो रही दो साल की बच्ची को कथित तौर पर दुष्कर्म की नीयत से लेकर भागे युवक ने पकड़े जाने के डर से बच्ची को नाले में फेंक दिया, जिससे बाद में उसकी मौत हो गई। पुलिस ने आरोपी युवक को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस अधीक्षक (नगर) आयुष विक्रम सिंह ने शनिवार को बताया कि घटना शुक्रवार देर रात सदर थाना क्षेत्र की झुग्गी बस्ती में हुई, जहां एक युवक परिजनों के साथ सो रही दो साल की बच्ची को कथित तौर पर दुष्कर्म करने की नीयत से लेकर भागा, लेकिन परिजनों की आंख खुल गई। सिंह के अनुसार, परिजन बच्ची को आरोपी के चंगुल से बचाने के लिए उसके पीछे दौड़े, तो पकड़े जाने के डर से वह बच्ची को पास में ही आबू नाले में फेंककर फरार हो गया। उन्होंने बताया कि बच्ची का शव शनिवार सुबह नाले में मिला, उसे पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। सिंह के मुताबिक, आरोपी मोइश (20) को गिरफ्तार कर लिया गया है। उन्होंने बताया कि मामले की जांच जारी है।
- लखनऊ। वाराणसी से अहमदाबाद जा रही साबरमती एक्सप्रेस के कम से कम 20 डिब्बे कानपुर के गोविंदपुरी स्टेशन के पास शनिवार पटरी से उतर गए। हालांकि, इस हादसे में जान-माल के नुकसान की फिलहाल कोई खबर नहीं है। उत्तर-मध्य रेलवे (एनसीआर) के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी शशिकांत त्रिपाठी ने बताया कि यह हादसा तड़के करीब ढाई बजे हुआ। उन्होंने बताया कि साबरमती एक्सप्रेस के 20 डिब्बे कानपुर और भीमसेन रेलवे स्टेशन के बीच पटरी से उतर गए। त्रिपाठी के अनुसार, ट्रेन वाराणसी से अहमदाबाद जा रही थी और इस हादसे में किसी के मारे जाने या घायल होने की फिलहाल कोई खबर नहीं है। उन्होंने बताया कि राहत एवं बचाव कार्य जारी है। रेलवे बोर्ड के एक अधिकारी ने कहा, "ड्राइवर ने बताया कि ट्रेन के इंजन से कोई बड़ा पत्थर आ टकराया, जिससे इसके अगले हिस्से में जानवरों से बचाव के लिए लगा 'कैटल गार्ड' बुरी तरह से क्षतिग्रस्त होकर मुड़ गया।" अधिकारी के मुताबिक, टक्कर की तेज आवाज के बाद जब ट्रेन रुकी, तब उसमें सवार ज्यादातर यात्री सो रहे थे। विकास नाम के एक यात्री ने कहा, "कानपुर रेलवे स्टेशन से निकलने के कुछ ही देर बाद हमने एक तेज आवाज सुनी और रेल का डिब्बा हिलने लगा। मैं बहुत डर गया, लेकिन ट्रेन रुक गई।" वाराणसी से सवार और अहमदाबाद जा रहे विकास ने बताया कि ट्रेन जब पटरी से उतरी, तब वह बहुत धीमी गति से चल रही थी। उसने कहा कि जैसे ही ट्रेन रुकी, यात्री अपने डिब्बों से बाहर निकलने लगे। एक अन्य यात्री ने बताया कि मदद के इंतजार में ज्यादातर यात्री रेलवे पटरी के किनारे बैठे रहे।उसने बताया, "घटना के करीब एक घंटे बाद पुलिस आई। हम अपने सामान के साथ रेलवे पटरी के किनारे बैठकर मदद का इंतजार कर रहे थे।" उत्तर प्रदेश के राहत आयुक्त जीएस नवीन कुमार ने कहा, "यात्रियों को उनके गंतव्य तक पहुंचाने के लिए बस सहित अन्य वैकल्पिक व्यवस्था की गई है। सभी यात्रियों को घटनास्थल से निकाल लिया गया है।" रेलवे के अनुसार, हादसे की वजह से सात ट्रेन रद्द कर दी गई हैं, जबकि तीन के मार्ग में बदलाव किया गया है। त्रिपाठी ने बताया कि यात्रियों को बस से कानपुर सेंट्रल स्टेशन भेजा गया है, जहां से उन्हें उनके गंतव्य की ओर रवाना किया जाएगा। उन्होंने कहा, “इसके अलावा, आठ डिब्बों वाली एक मेमू (मेनलाइन इलेक्ट्रिक मल्टीपल यूनिट) ट्रेन को कानपुर से दुर्घटनास्थल के लिए रवाना किया गया, ताकि यात्रियों को कानपुर लाकर उन्हें उनके गंतव्य तक भेजने की व्यवस्था की जा सके।” त्रिपाठी के अनुसार, इस हादसे की वजह से कानपुर-झांसी मार्ग पर ट्रेन परिचालन बाधित हुआ है, जिसे बहाल करने के लिए रेलवे के तकनीकी अधिकारियों की टीम घटनास्थल पर पहुंच गई है। रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा, “साबरमती एक्सप्रेस (वाराणसी-अमदावाद) का इंजन तड़के 2.35 बजे कानपुर के पास ट्रैक पर रखी किसी वस्तु से टकराकर पटरी से उतर गया। तेजी से टकराने के निशान देखे गए हैं। साक्ष्य सुरक्षित हैं। आईबी और उत्तर प्रदेश पुलिस भी इस पर काम कर रहे हैं। यात्रियों या कर्मचारियों को कोई चोट नहीं आई है। यात्रियों की आगे की यात्रा के लिए ट्रेन की व्यवस्था की गई है।” हादसे के बाद रेलवे ने यात्रियों और उनके परिजनों की मदद के लिए हेल्पलाइन नंबर जारी किए हैं।
- नयी दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने शनिवार को कहा कि ‘वॉयस ऑफ ग्लोबल साउथ' सम्मेलन विकास से जुड़े मुद्दों पर चर्चा करने का एक मंच बन गया है। उन्होंने नयी दिल्ली की मेजबानी में डिजिटल रूप से आयोजित ग्लोबल साउथ सम्मेलन में कहा कि ‘वॉयस ऑफ ग्लोबल साउथ' सम्मेलन एक ऐसा मंच है, जहां हम उन लोगों की जरूरतों, आकांक्षाओं को आवाज देते हैं, जिन्हें अभी तक अनसुना किया गया है। ‘ग्लोबल साउथ' शब्द का इस्तेमाल आम तौर पर आर्थिक रूप से कम विकसित देशों को संदर्भित करने के लिए किया जाता है। प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत ने विकासोन्मुखी दृष्टिकोण से जी20 को आगे बढ़ाया और इस समूह के हमारे नेतृत्व में हमने ‘ग्लोबल साउथ' की अपेक्षाओं, आकांक्षाओं व प्राथमिकताओं के आधार पर एजेंडा बनाया। मोदी ने ‘ग्लोबल साउथ'के सामने आ रही चुनौतियों पर कहा, ‘‘अनिश्चितताओं का माहौल है, हम भोजन, स्वास्थ्य, ऊर्जा सुरक्षा की समस्याओं का सामना कर रहे हैं।'' प्रधानमंत्री ने कहा कि आतंकवाद, उग्रवाद, अलगाववाद हमारे समाज के लिए गंभीर खतरा बने हुए हैं। उन्होंने कहा कि वैश्विक स्तर पर शासन संबंधी विषयों से निपटने के लिए पिछली शताब्दी में स्थापित संस्थाएं वर्तमान शताब्दी की चुनौतियों का सामना करने में असमर्थ हैं। प्रधानमंत्री मोदी ने आह्वान किया कि ‘ग्लोबल साउथ' के देशों को एक-दूसरे के साथ खड़ा होना चाहिए और साझा लक्ष्य हासिल करने के लिए एकजुट रहना चाहिए। उन्होंने कहा, ‘‘हमारी ताकत, एकता में है और इसी एकता के बल पर हम नयी दिशा की ओर बढ़ेंगे।''
- नयी दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने बृहस्पतिवार को कहा कि संविधान दलितों, शोषितों और समाज के वंचित वर्गों के अधिकारों की रक्षा करने में सहायक है और उन्होंने नागरिकों से संविधान में निहित अपने कर्तव्यों पर ध्यान केंद्रित करने का आग्रह किया।प्रधानमंत्री ने 78वें स्वतंत्रता दिवस पर लाल किले की प्राचीर से राष्ट्र को संबोधित करते हुए कहा कि जब नागरिक सामूहिक रूप से अपनी जिम्मेदारियों को पूरा करते हैं, तो वे स्वाभाविक रूप से एक-दूसरे के अधिकारों के संरक्षक बन जाते हैं।उन्होंने कहा कि संविधान को अपनाने की 75वीं वर्षगांठ राष्ट्र को एकजुट करने और मजबूत बनाने में इसकी भूमिका को दर्शाने के लिए एक महत्वपूर्ण अवसर है।मोदी ने कहा, ‘‘इन 75 वर्षों में संविधान भारत के लोकतंत्र को मजबूत करने और हमारे दलितों, शोषितों तथा वंचितों के अधिकारों की रक्षा करने में सहायक रहा है।उन्होंने कहा, ‘‘संविधान में निर्दिष्ट कर्तव्य के भाव पर बल देना बहुत जरुरी है और जब मैं कर्तव्य की बात करता हूं तब मैं सिर्फ नागरिकों पर बोझ डालना नहीं चाहता। कर्तव्य केंद्र सरकार के भी हैं, कर्तव्य केंद्र सरकार के हर कर्मचारी के भी हैं, कर्तव्य राज्य सरकारों के भी हैं। कर्तव्य हर स्थानीय स्वशासी संस्था के हैं, चाहें पंचायत हो, नगरपालिका हों, महानगरपालिका हों, तहसील हो, जिला हो, हर किसी के कर्तव्य हैं।’’उन्होंने कहा, ‘‘लेकिन साथ ही 140 करोड़ देशवासियों के भी कर्तव्य हैं। अगर हम सब मिलकर अपने कर्तव्यों का निर्वाह करेंगे तो हम अपने आप एक दूसरे के अधिकारों की रक्षा करने के लिए निमित्त बनेंगे और जब कर्तव्य का पालन होता है, तब अधिकारों की रक्षा होती है, उसके लिए कोई अलग से कोई प्रयास करने की जरुरत नहीं होती है।’’मोदी ने कहा, ‘‘मैं चाहता हूं कि इस भाव को लेकर हम चलेंगे। हमारा लोकतंत्र भी मजबूत होगा। हमारा सामर्थ्य और बढ़ेगा और हम एक नयी शक्ति के साथ आगे बढ़ेंगे।’’ प्रधानमंत्री की यह टिप्पणी विपक्ष द्वारा भाजपा पर किए गए उस हमले की पृष्ठभूमि में आई है, जिसमें विपक्ष ने भाजपा पर संविधान को बदलने का प्रयास करने का आरोप लगाया है। हालांकि पार्टी ने इस आरोप को पुरजोर तरीके से खारिज कर दिया है।
- नयी दिल्ली,। केंद्रीय मंत्री अनुप्रिया पटेल ने बुधवार को विभिन्न स्वास्थ्य पहलों की सफलता के लिए 75 आशा (मान्यता प्राप्त सामाजिक स्वास्थ्य कार्यकर्ता) और एएनएम (सहायक नर्स मिडवाइफ) को उनके प्रयासों के लिए सम्मानित किया। स्वास्थ्य मंत्रालय ने एक बयान में कहा कि उन्हें लालकिले पर आयोजित 78वें स्वतंत्रता दिवस समारोह में विशेष अतिथि के रूप में आमंत्रित किया गया है। स्वास्थ्य राज्य मंत्री पटेल ने कहा, "वर्तमान में 10.29 लाख से अधिक आशा कार्यकर्ता और 89,000 एएनएम हैं जो हमारे देश में सामुदायिक स्वास्थ्य की आधारशिला के रूप में कार्यरत हैं तथा जिनकी जमीनी स्तर पर स्वास्थ्य सेवा को बदलने में महत्वपूर्ण भूमिका है।" भारत के मातृ, शिशु और किशोर स्वास्थ्य को बेहतर बनाने में आशा और एएनएम के योगदान को रेखांकित करते हुए, पटेल ने कहा कि उन्होंने भारत में मातृ, शिशु और किशोर स्वास्थ्य के परिदृश्य को बेहतर बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है, जिसके कारण 1990 के बाद से मातृ मृत्यु दर में 82 प्रतिशत की गिरावट आई है। पटेल ने कहा कि मिशन इंद्रधनुष के तहत आशा कार्यकर्ताओं और एएनएम के अपार सहयोग से 2014 से 2023 तक 5.46 करोड़ बच्चों और 1.32 करोड़ गर्भवती महिलाओं का टीकाकरण किया गया है। उन्होंने कहा, "विभिन्न राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों में 6 लाख से अधिक आशा कार्यकर्ता प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना, प्रधानमंत्री जीवन ज्योति बीमा योजना और प्रधानमंत्री श्रम योगी मान धन योजनाओं के तहत कवर हैं।"
- नयी दिल्ली। स्वतंत्रता दिवस से पहले दिल्ली अग्निशमन सेवा के तीन अधिकारियों को वीरता पदक के लिए चुना गया है। इनमें से एक को विशिष्ट सेवा के लिए राष्ट्रपति पदक और दो को सराहनीय सेवा के लिए पदक मिलेगा। अधिकारियों ने बुधवार को यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि सहायक मंडल अधिकारी राजेश कुमार और ‘फायर ऑपरेटर' प्रवीण कुमार तथा अजमेर सिंह को वीरता के लिए सेवा पदक के वास्ते चुना गया है। अधिकारियों ने बताया कि उप मुख्य अग्निशमन अधिकारी एस के दुआ को विशिष्ट सेवा के लिए राष्ट्रपति पदक मिलेगा, जबकि मंडल अधिकारी संदीप दुग्गल और सहायक मंडल अधिकारी मनीष कुमार को सराहनीय सेवा के लिए सेवा पदक मिलेगा।
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नयी दिल्ली. रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने बुधवार को एक उच्चस्तरीय बैठक की अध्यक्षता की जिसमें जम्मू कश्मीर में हाल में आतंकवादी घटनाएं बढ़ने की पृष्ठभूमि में संपूर्ण सुरक्षा हालात की समीक्षा की गई। बैठक में राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल, सेना प्रमुख जनरल उपेंद्र द्विवेदी, रक्षा सचिव गिरिधर अरामने और अन्य संबंधित सुरक्षा तथा खुफिया एजेंसियों के प्रमुखों ने बैठक में भाग लिया। सूत्रों ने कहा कि रक्षा मंत्री ने जम्मू कश्मीर में सुरक्षा तंत्र को और मजबूत करने का निर्देश जारी किया और अनेक सुरक्षा तथा खुफिया एजेंसियों के बीच समन्यव सुधारने की जरूरत पर जोर दिया। बैठक में जम्मू में सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाने पर भी ध्यान केंद्रित किया गया क्योंकि इस क्षेत्र को हाल के महीनों में कई आतंकवादी हमलों का सामना करना पड़ा है। स्वतंत्रता दिवस से एक दिन पहले यह बैठक हुई। एक सूत्र ने कहा कि सरकार जम्मू कश्मीर से आतंकवाद को जड़ से समाप्त करने के लिए प्रतिबद्ध है। -
पटना. पटना के बजरंगपुरी इलाके में बुधवार को भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के स्थानीय नेता की उनके घर के पास मोटरसाइकिल सवार दो अज्ञात हथियारबंद हमलावरों ने गोली मारकर हत्या कर दी। पुलिस ने यह जानकारी दी। मृतक की पहचान भाजपा के स्थानीय नेता अजय शाह के रूप में हुई है।
पटना के पुलिस अधीक्षक (एसपी-ईस्ट) भरत सोनी ने पत्रकारों को बताया, ‘‘घटना मंगलवार रात करीब 10 बजे हुई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, शाह को बाइक सवार दो हथियारबंद हमलावरों ने गोली मार दी। उनकी घटना स्थल पर ही मौत हो गई। हमलावर तुरंत मौके से भाग गए।'' एसपी ने कहा कि मामला दर्ज कर लिया गया है और आरोपियों की तलाश शुरू कर दी गई है।
भाजपा के अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) मोर्चा के राष्ट्रीय महासचिव निखिल आनंद ने इस घटना पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा, ‘‘पार्टी ने एक समर्पित कार्यकर्ता खो दिया है। आरोपियों को जल्द से जल्द सलाखों के पीछे डाला जाना चाहिए।'' इस घटना को लेकर सरकार पर निशाना साधते हुए राष्ट्रीय जनता दल (राजद) नेता तेजस्वी यादव ने कहा, ‘‘इसे असली जंगल राज कहते हैं। राज्य में कानून-व्यवस्था की स्थिति पूरी तरह से ध्वस्त हो गई है। भाजपा नेताओं को क्या हो गया है...वे राज्य में अपराध की बढ़ती दर पर चुप्पी क्यों साधे हुए हैं। -
नयी दिल्ली. वरिष्ठ राजनयिक पी. हरीश को बुधवार को न्यूयॉर्क में स्थित संयुक्त राष्ट्र मुख्यालय में भारत का अगला राजदूत नियुक्त किया गया। भारतीय विदेश सेवा (आईएफएस) के वर्ष 1990 बैच के अधिकारी हरीश फिलहाल जर्मनी में भारत के राजदूत हैं।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी संयुक्त राष्ट्र की मेजबानी में आयोजित होने वाले ‘समिट फॉर द फ्यूचर' में भाग लेने के लिए अगले महीने न्यूयॉर्क जा सकते हैं, जिससे पहले हरीश की नियुक्ति हुई है। विदेश मंत्रालय ने एक संक्षिप्त बयान में बताया कि वह (पी. हरीश) जल्द ही कार्यभार संभाल सकते हैं। जून में रुचिका कंबोज के सेवानिवृत्त के बाद से संयुक्त राष्ट्र में भारतीय राजदूत अथवा स्थायी प्रतिनिधि का पद रिक्त था। हरीश ने छह नवंबर, 2021 को जर्मनी में भारत के राजदूत के रूप में कार्यभार संभाला था। इससे पहले, वह विदेश मंत्रालय में अतिरिक्त सचिव (आर्थिक संबंध) के पद पर तैनात थे। इस पद पर रहते हुए उन्होंने विदेश मंत्रालय के आर्थिक कूटनीति प्रभाग का नेतृत्व किया, जो अन्य देशों के साथ भारत के द्विपक्षीय आर्थिक संबंधों से संबंधित है। उन्होंने बहुपक्षीय आर्थिक संबंध प्रभाग का भी नेतृत्व किया और वह जी20, जी7, ब्रिक्स (ब्राजील, रूस, भारत, चीन और दक्षिण अफ्रीका) और आईबीएसए (भारत, ब्राजील और दक्षिण अफ्रीका) के लिए भारतीय सूस शेरपा थे। हरीश ने काहिरा और रियाद में भारतीय मिशनों में और फलस्तीनी प्राधिकरण में भारत के प्रतिनिधि के रूप में भी काम किया। उन्होंने विदेश मंत्रालय में पूर्वी एशिया और बाहरी प्रचार प्रभागों में भी काम किया।
हरीश वर्ष 2007 से पांच साल की अवधि के लिए भारत के उपराष्ट्रपति के संयुक्त सचिव और विशेष कार्य अधिकारी भी रहे थे। वह जुलाई 2012 से मार्च 2016 तक ह्यूस्टन में भारत के महावाणिज्यदूत थे। हरीश अप्रैल 2016 से जून 2019 तक वियतनाम में भारत के राजदूत थे।
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