सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों ने जानबूझ कर कर्ज ना लौटाने वालों से 10 हजार करोड़ रूपये से अधिक की वसूली की
नई दिल्ली। सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों ने पिछले तीन वित्त वर्षों में जान-बूझकर कर्ज न लौटाने वालों से दस हजार करोड़ रुपये से अधिक की राशि वसूल की है। वित्त राज्य मंत्री अनुराग ठाकुर ने आज राज्यसभा में एक लिखित उतर में यह जानकारी दी।
उन्होंने कहा कि पिछले वित्त वर्ष में जान-बूझकर कर्ज न लौटाने वालों पर सार्वजनिक और निजी क्षेत्र के बैंकों की 12 हजार तीन सौ करोड़ रुपये की लेनदारी बकाया थी। उन्होंने कहा कि सार्वजनिक क्षेत्र के बैंक धोखाधड़ी और जान-बूझकर कर्ज न लौटाने के मामलों की जानकारी केन्द्रीय अन्वेषण ब्यूरो को देते हैं। उन्होंने यह भी कहा कि 2018 से इस साल अगस्त तक सार्वजनिक क्षेत्रों के बैंकों के पांच सौ 12 मामले दर्ज किए गए और इनमें से दो सौ 69 मामलों में कार्रवाई शुरू की गई।
----








.jpg)
.jpg)
Leave A Comment