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- रायपुर /मुख्य सचिव श्री अमिताभ जैन की अध्यक्षता में आज यहां मंत्रालय महानदी भवन में प्रधानमंत्री ई बस सेवा योजना के अंतर्गत राज्य स्तरीय स्टेयरिंग कमेटी की प्रथम बैठक सम्पन्न हुई। बैठक में समिति द्वारा राज्य के विभिन्न शहरों में सार्वजनिक परिवहन सुविधा के लिए बसों की कार्योत्तर स्वीकृति प्रदान प्रदान की गई।ज्ञातव्य है कि शहरों में सार्वजनिक परिवहन के ढांचे को दुरुस्त करने के लिए केंद्र सरकार द्वारा पीएम ई बस सेवा योजना प्रारंभ की गई है। योजना के तहत राज्यों को शहरो के लिए जनसंख्या के आधार पर बसों की संख्या निर्धारित की गई है, जिसके संबंध में राज्य स्तरीय स्टेयरिंग कमेटी (एसएलएससी) की प्रथम बैठक 30 जुलाई 2024 को आयोजित की गई। समिति द्वारा रायपुर हेतु 100 मिडी ई बस, दुर्ग भिलाई हेतु 50 मिडी ई बस, बिलासपुर हेतु 35 मिडी तथा 15 मिनी ई बस और कोरबा हेतु 20 मिडी तथा 20 मिनी ई बसों की स्वीकृति हेतु प्रस्ताव का कार्याेत्तर अनुमोदन प्रदान किया गया है तथा योजना के दिशा-निर्देशों के अनुसार बीटीएम और बस डिपोट सिविल अधोसंरचना हेतु राशि रूपए 70.34 करोड़ रूपए के प्रस्ताव भारत सरकार को प्रेषित किये जाने का अनुमोदन किया गया।उल्लेखनीय है कि भारत सरकार की यह योजना राज्यों को मिलने वाली केंद्रीय सहायता को पारदर्शिता और उनके प्रदर्शन से जोड़ने की कोशिश का हिस्सा है। केंद्र सरकार की मंशा है कि यह योजना शहरों में मेट्रो के विकल्प या उसके सहयोगी साधन के रूप में विकसित हो ताकि लोगों को किफायती, भरोसेमंद और सुगम परिवहन की सुविधा मिले।ई-बस सेवा से छत्तीसगढ़ के शहरों में कम कार्बन उत्सर्जन से वायु गुणवत्ता में सुधार तथा पर्यावरणीय संरक्षण के साथ-साथ कम ऊर्जा खपत और बेहतर ईंधन दक्षता एवं आरामदायक सुखद यात्रा प्राप्त होगा। बैठक में परिवहन विभाग के सचिव श्री एस. प्रकाश, नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग के सचिव श्री बसवराजू एस, विशेष सचिव वित्त श्रीमती शीतल शाश्वत वर्मा सहित अन्य अधिकारी एवं समिति के सदस्य मौजूद थे।
- -इस साल जनवरी से जून तक छह महीनों में 30105 आवासों के निर्माण पूर्ण किए गए-योजना के तहत हितग्राहियों को दिए गए 358.22 करोड़ रुपएरायपुर । उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव ने कहा है कि छत्तीसगढ़ सरकार गरीबों को आवास दिलाने के लिए प्रतिबद्ध है। पूर्ववर्ती सरकार के समय प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) के अंतर्गत दिसम्बर-2023 के पहले हर महीने 1680 के औसत से आवास बनते थे, जबकि जनवरी-2024 से जून-2024 तक राज्य में हर माह 5018 के औसत से 30 हजार 105 आवासों के निर्माण पूर्ण किए गए हैं।उप मुख्यमंत्री श्री साव ने कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) के अंतर्गत इस साल जनवरी से जून तक 165 करोड़ 30 लाख रुपए का केन्द्रांश और 94 करोड़ 13 लाख रुपए का राज्यांश स्वीकृत किया गया है। योजना के तहत कुल 358 करोड़ 22 लाख रुपए का भुगतान हितग्राहियों को किया गया है। उन्होंने कहा कि राज्य में शहरी क्षेत्रों में आवासों का निर्माण लगातार जारी है। केंद्र सरकार से मंजूरी मिलने पर ग्रामीण क्षेत्रों में भी आवास निर्माण में तेजी आएगी।
- रायपुर / रायगढ़ जिले के खरसिया विकासखंड के बरगढ़ के आदिम जाति सेवा सहकारी समिति के सहायक समिति प्रबंधक शिवकुमार डनसेना, कम्प्यूटर आपरेटर भोलाराम जायसवाल, एवं कम्प्यूटर आपरेटर शेषकुमार जायसवाल को अवैध धान खरीदी की शिकायत सही पाए जाने पर निलंबित कर दिया गया है।उप आयुक्त सहकारिता श्री चंद्रशेखर जायसवाल ने बताया कि उक्त तीनों के संबंध में यह शिकायत मिली थी कि इन्होंने षड्यंत्र कर अपने परिवार के सदस्यों के नाम फर्जी पंजीयन करने तथा मृत व्यक्तियों के नाम से भूमिहीन व्यक्तियों का फर्जी कृषक पंजीयन कर, फर्जी रूप से धान विक्रय कर शासन को आर्थिक हानि पहुंचाई है। इस शिकायत की जांच में मामला सही पाए जाने पर उक्त तीनों कर्मचारियों के निलंबन की कार्रवाई की गई है।
- रायपुर / मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय का हर सप्ताह गुरुवार को होने वाला जनदर्शन इस गुरूवार 01 अगस्त को उनके बस्तर प्रवास के मद्देनजर नहीं होगा।
- -जन अपेक्षाओं के अनुरूप करें काम, समस्याओं के निदान के लिए व्यापक हित में बनाएं योजना-उप मुख्यमंत्री ने जनसमस्या निवारण पखवाड़ा की समीक्षा की, दिए आवश्यक निर्देश-आयुक्तों और मुख्य नगर पालिका अधिकारियों को शिविरों में सकारात्मक परिणाम के लिए दी बधाई-जनसमस्या निवारण पखवाड़ा के पहले तीन दिनों में ही मिले 19598 आवेदन, 40 प्रतिशत आवेदन मौके पर ही निराकृतरायपुर। उप मुख्यमंत्री तथा नगरीय प्रशासन एवं विकास मंत्री श्री अरुण साव ने आज वरिष्ठ विभागीय अधिकारियों के साथ प्रदेश के सभी नगरीय निकायों में 27 जुलाई से शुरू हुए जनसमस्या निवारण पखवाड़ा की समीक्षा की। उन्होंने वीडियो कॉन्फ्रेसिंग के माध्यम से आयोजित बैठक में सभी नगर निगमों के आयुक्तों तथा नगर पालिकाओं एवं नगर पंचायतों के मुख्य नगर पालिका अधिकारियों को जनसमस्या निवारण शिविरों में मिल रहे आवेदनों को निराकृत करने प्रभावी व्यवस्था बनाने के निर्देश दिए। उन्होंने नगरीय निकायों के सभी विभागों के अधिकारियों को जन अपेक्षाओं के अनुरूप काम करने को कहा। उन्होंने शहरों की समस्याओं के निदान और जन सुविधाएं विकसित करने के लिए व्यापक हित में योजना बनाने के निर्देश दिए। नगरीय प्रशासन विभाग के सचिव डॉ. बसवराजु एस. और संचालक श्री कुंदन कुमार भी समीक्षा बैठक में शामिल हुए।उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव ने बैठक में जनसमस्या निवारण पखवाड़ा के तहत आयोजित वार्डवार शिविरों के सुचारु संचालन के निर्देश दिए। उन्होंने अधिकारियों को पूरी संवेदनशीलता के साथ लोगों के आवेदनों का त्वरित निराकरण करने को कहा। उन्होंने कहा कि हर वार्ड में आयोजित किए जा रहे शिविर आवेदन लेने का शिविर नहीं है। आवेदनों का तत्परता से निराकरण इन शिविरों का मुख्य उद्देश्य है। श्री साव ने सभी आयुक्तों और मुख्य नगर पालिका अधिकारियों को शिविरों में सकारात्मक परिणाम के लिए बधाई दी। उन्होंने ज्यादा संख्या में मौके पर ही लोगों की समस्याएं निराकृत करने वाले नगरीय निकायों की पीठ थपथपाई और हौसला अफजाई की। उन्होंने बांकी बचे दिनों में भी जनसमस्या निवारण पखवाड़ा के प्रभावी आयोजन के निर्देश दिए। शिविरों में आवश्यक व्यवस्थाओं के लिए राशि जारी करने की बात भी कही।उप मुख्यमंत्री श्री साव ने शिविरों के अनुभव के आधार पर कार्ययोजना बनाने को कहा। उन्होंने प्रधानमंत्री स्वनिधि और प्रधानमंत्री विश्वकर्मा योजना का ज्यादा से ज्यादा लोगों को लाभ देने शिविरों में स्टॉल लगाने के निर्देश दिए। उन्होंने जनसमस्या निवारण पखवाड़ा के अंतर्गत वार्डों में आयोजित हो रहे शिविरों का व्यापक प्रचार-प्रसार करने को कहा, जिससे कि लोगों को अपने वार्ड में आयोजित हो रहे शिविर के बारे में पहले से जानकारी हो और वे अपनी समस्याओं के निराकरण के लिए शिविर में पहुंच सके।समीक्षा बैठक में अधिकारियों ने बताया कि जनसमस्या निवारण पखवाड़ा के शुरूआती तीन दिनों में प्रदेश भर में कुल 19 हजार 598 आवेदन प्राप्त हुए हैं। इनमें से 17 हजार 310 आवेदन मांगों से और 2288 आवेदन शिकायतों से संबंधित हैं। शिविरों में प्राप्त हुए करीब 40 प्रतिशत यानि 7747 आवेदनों को मौके पर ही निराकृत किया गया है। इस दौरान प्राप्त 1092 आवेदनों के दूसरे विभागों से संबंधित होने के कारण निराकरण के लिए संबंधित विभागों को भेजा गया है।नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग के सचिव डॉ. बसवराजु एस. ने बैठक में अधिकारियों से कहा कि जनसमस्या निवारण पखवाड़ा के अंतर्गत आयोजित शिविरों के बहुत अच्छे परिणाम आ रहे हैं। आप सभी अच्छा आयोजन कर रहे हैं। इसी तरह 15 दिनों तक काम करना है। उन्होंने हितग्राहीमूलक कार्यों को मौके पर करने के साथ ही सामुदायिक सुविधाओं जैसे पानी, नाली, बिजली की समस्या इत्यादि का तुरंत समाधान करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि पट्टा, सड़क, नाली, बिजली जैसी मांग आने पर इन्हें किसी भी मद से करने का प्रस्ताव भेज सकते हैं। सीएसआर और डीएमएफ मद से भी कार्य करा सकते हैं। उन्होंने शिविरों में स्थानीय जनप्रतिनिधियों को आमंत्रित करने को कहा। उप मुख्यमंत्री श्री साव के साथ मंत्रालय में समीक्षा बैठक में राज्य शहरी विकास अभिकरण (सुडा) के सीईओ श्री शशांक पाण्डेय, नगरीय प्रशासन विभाग के अपर संचालक श्री पुलक भट्टाचार्य और संयुक्त संचालक श्री एस.के. सुंदरानी भी मौजूद थे। वहीं सभी नगर निगमों के आयुक्त, नगर पालिकाओं और नगर पंचायतों के मुख्य नगर पालिका अधिकारी तथा नगरीय प्रशासन विभाग के पांचों क्षेत्रीय कार्यालयों के संभागीय संयुक्त संचालक वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से बैठक में जुड़े।
- - विभिन्न विकसित राज्यों की तुलना में भी छत्तीसगढ़ में सस्ती बिजली-विगत 8 वर्षों में मात्र 35 पैसा प्रति यूनिट ही बढ़ा ऊर्जा प्रभार- विगत 8 वर्षों में बढ़ी मंहगाई की तुलना में नाममात्र की वृद्धिरायपुर। छत्तीसगढ़ राज्य विद्युत नियामक आयोग द्वारा प्रत्येक वर्ग के विद्युत उपभोक्ताओं के लिए जो पुनरीक्षित विद्युत दरें घोषित की गई हैं उनमें खपत के आधार पर ऊर्जा प्रभार में की गई वृद्धि के बावजूद टैरिफ में लोड फैक्टर पर मिलने वाली छूट के द्वारा 713 करोड़ रूपये की छूट उच्चदाब स्टील उद्योगों को दी जा रही है। यह छूट अन्य किसी भी वर्ग के उपभोक्ता को नहीं मिलती है। नियामक आयोग द्वारा लोड फैक्टर पर मिलने वाली अधिकतम छूट (पॉवर फैक्टर इन्सेन्टिव) को 25 प्रतिशत से घटा कर 10 प्रतिशत किया गया है। उल्लेखनीय है कि लोड फैक्टर पर मिलने वाली छूट को अज्ञात कारणों से, आश्चर्यजनक रूप से बढ़ाया गया था। इस परिस्थिति में भी छत्तीसगढ़ में उच्चदाब स्टील उद्योगों को विकसित सामाजिक-आर्थिक-भौगोलिक अद्योसंरचना वाले ताप विद्युत उत्पादक अन्य राज्यों की तुलना में काफी रियायती दरों पर ही विद्युत आपूर्ति की जा रही है। नियामक आयोग ने इस छूट को 25 प्रतिशत से घटा कर 10 प्रतिशत कर दिया है जो वर्ष 2021-22 के पूर्व 8 प्रतिशत थी इस तरह वर्तमान छूट भी 2 प्रतिशत अधिक ही रखी गई है।छत्तीसगढ़ स्टेट पॉवर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी के अधिकृत सूत्रों के अनुसार, छत्तीसगढ़ राज्य विद्युत नियामक आयोग द्वारा 01 जून 2024 को वर्ष 2024-25 के लिए विद्युत आपूर्ति की नये दरों की घोषणा की गई है। जिसमें उच्चदाब स्टील उद्योगों के प्रति यूनिट ऊर्जा प्रभार में मात्र 25 पैसे (4.10 प्रतिशत) की वृद्धि कर 1 जून 2024 से प्रति यूनिट ऊर्जा प्रभार 6.35 रूपये निर्धारित किया गया है एवं लोड फैक्टर पर मिलने वाली अधिकतम छूट को 25 प्रतिशत से घटा कर 10 प्रतिशत किया गया है, जो 4 वर्ष पूर्व अचानक, आश्चर्यजनक तथा अज्ञात कारणों से 8 प्रतिशत से बढ़ा कर 25 प्रतिशत कर दी गई थी। नियामक आयोग द्वारा छूट की दर 10 प्रतिशत करने की कार्यवाही इसलिए की गई ताकि अन्य श्रेणी के तथा सामाजिक-आर्थिक रूप से प्राथमिकता वाले विद्युत उपभोक्ताओं पर कम भार पड़े। पूर्व में वर्ष 2021-22 में टैरिफ आदेश जारी करते समय लोड फैक्टर छूट, अधिकतम 8 प्रतिशत से बढ़ाकर 25 प्रतिशत कर दिया गया था, जबकि पॉवर कंपनी द्वारा इस प्रकार का कोई भी प्रस्ताव नियामक आयोग को नहीं भेजा गया था।आयोग द्वारा विगत वर्षों की वास्तविक खपत को आधार मानते हुए, उच्चदाब स्टील उद्योगों की इस वर्ष की अनुमानित खपत 11,237 मिलियन यूनिट का आकलन किया है। इस खपत के आधार पर ऊर्जा प्रभार में की गई वृद्धि के बावजूद भी टैरिफ में लोड फैक्टर पर मिलने वाले छूट के द्वारा रू. 713 करोड़ की छूट टैरिफ के माध्यम से स्टील उद्योगों को प्राप्त हो रही है। इसके अतिरिक्त उच्चतम दाब की अवधि, जो कि प्रतिदिन पहले 6 घंटे थी, उसको भी टैरिफ में 8 घंटे कर दिया गया है, जिसमें स्टील उद्योगों को 80 प्रतिशत ही बिलिंग होगी।स्टील उद्योगों के टैरिफ का विगत वर्ष 2017-18 से तुलना करते है तो मांग प्रभार में किसी भी प्रकार की वृद्धि नहीं की गई है। ऊर्जा प्रभार के दर में भी 6 रूपये प्रति यूनिट से बढ़कर 6.35 रूपये प्रति यूनिट की गई है, जो कि मात्र 35 पैसे प्रति यूनिट (5.83 प्रतिशत) की वृद्धि विगत सात वर्षों में हुई है। उदाहरण के लिए, छत्तीसगढ़ में जब यह राशि मात्र 6.35 रूपये है तब महाराष्ट्र में 8.36 रूपये, तेलंगाना में 8.10 रूपये तथा मध्यप्रदेश में 7.15 रूपये है।छत्तीसगढ़ में विगत वर्षों में एचवी-4 स्टील उद्योग के ऊर्जा प्रभार में हुई वृद्धि इस प्रकार है जो कि इन वर्षों में विभिन्न क्षेत्रों में बढी मंहगाई दर की तुलना में बहुत कम है:-वर्ष ऊर्जा प्रभार (रू. प्रति यूनिट)2017-18 6.002018-19 5.852019-20 5.852020-21 5.852021-22 5.952022-23 6.102023-24 6.102024-25 6.35
- रायपुर,/ छत्तीसगढ़ के मनोनीत राज्यपाल रमेन डेका बुधवार 31 जुलाई को सबेरे 10.15 बजे राजभवन रायपुर में छत्तीसगढ़ के राज्यपाल के पद की शपथ ग्रहण करेंगे।
- रायपुर, / मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने पेरिस ओलंपिक में कांस्य पदक जीतने पर सुश्री मनु भाकर एवं श्री सरबजोत को हार्दिक शुभकामनाएं दी है। मुख्यमंत्री ने अपने संदेश में कहा कि 10 मीटर एयर पिस्टल मिक्सड स्पर्धा में आप लोगों ने देश के लिए गौरव हासिल किया, इसके लिए आपको बहुत सारी शुभकामनाएं। अपने संदेश में उन्होंने लिखा है कि सुश्री मनु पहली भारतीय खिलाड़ी हैं जिन्होंने एक ही ओलंपिक खेल में दो पदक हासिल किए हैं यह विशेष उपलब्धि है।
- विदाई समारोह के अवसर पर निवर्तमान राज्यपाल श्री विश्वभूषण हरिचंदन ने दिया संबोधनरायपुर, / छत्तीसगढ़ के लोगों का मुझे बहुत स्नेह मिला। मुझे लगता है कि मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के क्षमतावान नेतृत्व में छत्तीसगढ़ बहुत तेजी से विकास की राह पर आगे बढ़ेगा। यहां के मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय बहुत सरल सहज हैं। वे आर्थिक, सामाजिक रूप से पिछड़े लोगों के साथ पूरे छत्तीसगढ़ को आगे ले जाने के लिए कड़ी मेहनत कर रहे हैं। छत्तीसगढ़ में मंत्रिमंडल से, बुद्धिजीवियों से और आम जनता से बहुत स्नेह मिला, मैं हमेशा छत्तीसगढ़ के अपने भाइयों-बहनों के साथ खड़ा रहूंगा। इन शब्दों के साथ ही स्टेट हैंगर में हुए विदाई समारोह में जय जगन्नाथ तथा जय जोहार का संबोधन कर निवर्तमान राज्यपाल विश्वभूषण हरिचंदन ने छत्तीसगढ़ के निवासियों को भावुक विदाई दी।निवर्तमान राज्यपाल विश्वभूषण हरिचंदन ने कहा कि विदाई समारोह तो सबके जीवन में होता है। मेरे जीवन में भी हुआ है। मेरा छत्तीसगढ़ में राज्यपाल के रूप में समय बहुत अच्छे से बीता। यहां के लोग बहुत सरल और स्नेही हैं। यह बहुत सुंदर धरती है। यह प्राकृतिक संसाधनों से समृद्ध राज्य है। प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी गरीबों, वंचित और हाशिये में पड़े लोगों को आगे लाने का कार्य कर रहे हैं और छत्तीसगढ़ में इसका असर दिखता है। आजादी का अमृत महोत्सव पूरे देश में मनाया गया और लोगों ने इसमें शामिल होकर राष्ट्र के प्रति अपनी भावनाएं प्रकट की।निवर्तमान राज्यपाल ने कहा कि देश के सभी नागरिकों को अपनी मातृभूमि की बेहतरी के बारे में सोचना चाहिए। अपने समाज को बेहतर समाज बनाने के लिए कार्य करना चाहिए। श्री हरिचंदन ने कहा कि भारत अभी देश की पांचवी आर्थिक महाशक्ति है। हमारे प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने संकल्प लिया है कि शीघ्र ही देश को दुनिया की तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनाएंगे। जैसा कि आप जानते हैं कि भारत दुनिया का सबसे बड़ा लोकतंत्र है। हमारा लोकतंत्र सबके संवैधानिक अधिकारों की सुरक्षा करता है। विश्व राजनीति में भारत की अहम भूमिका है। जिस तरह से दुनिया युद्ध की विभीषिका झेल रही है। हमारे प्रधानमंत्री ने शांति की अपील की है और इसके लिए लगातार अपनी भूमिका निभा रहे हैं। रूस और अमेरिका दोनों मतभेद के दौर से गुजर रहे हैं लेकिन भारत का दोनों से मधुर संबंध है। हम शांति के लिए कार्य कर रहे हैं। प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने दोनों पक्षों से शांति की अपील की है। उन्होंने कहा कि दुनिया के दो बड़े नेता बाइडेन और पुतिन दोनों ने भारत के महत्व को सराहा है। हमें शांति की दिशा में काम करना है।इस मौके पर मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने कहा कि निवर्तमान राज्यपाल श्री हरिचंदन के साथ काम करने का अनुभव बहुत अच्छा रहा। उन्होंने अपने संवैधानिक दायित्वों का पूरी निष्ठा से निर्वहन किया। प्रदेश के विकास को लेकर उनका मार्गदर्शन मिलता रहा।विदाई समारोह के मौके पर उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव, कृषि मंत्री श्री राम विचार नेताम, वन मंत्री श्री केदार कश्यप, खाद्य मंत्री श्री दयालदास बघेल, स्वास्थ्य मंत्री श्री श्याम बिहारी जायसवाल, वित्त मंत्री श्री ओपी चौधरी, खेल मंत्री श्री टंकराम वर्मा तथा महिला एवं बाल विकास मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े भी मौजूद रही। पूर्व मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल भी इस मौके पर पहुंचे। मुख्य सचिव श्री अमिताभ जैन, पुलिस महानिदेशक श्री अशोक जुनेजा, अपर मुख्य सचिव श्रीमती रेणु पिल्लै, राज्यपाल के सचिव श्री यशवंत कुमार, मुख्यमंत्री के सचिव श्री पी. दयानंद एवं श्री बासवराजू भी मौके पर मौजूद रहे।
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रायपुर /राज्य शासन के राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग द्वारा बनाए गए राज्य स्तरीय नियंत्रण कक्ष द्वारा संकलित जानकारी के मुताबिक एक जून 2024 से अब तक राज्य में 551.3 मिमी औसत वर्षा दर्ज की जा चुकी है। राज्य के विभिन्न जिलों में 01 जून 2024 से आज 30 जुलाई सवेरे तक रिकार्ड की गई वर्षा के अनुसार बीजापुर जिले में सर्वाधिक 1325.5 मिमी और सरगुजा जिले में सबसे कम 205.0 मिमी औसत वर्षा दर्ज की गयी है।
राज्य स्तरीय बाढ़ नियंत्रण कक्ष से प्राप्त जानकारी के अनुसार एक जून से अब तक सूरजपुर जिले में 333.2 मिमी, बलरामपुर में 468.9 मिमी, जशपुर में 362.8 मिमी, कोरिया में 346.7 मिमी, मनेन्द्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर में 372.2 मिमी औसत वर्षा दर्ज की गयी।इसी प्रकार, रायपुर जिले में 479.2 मिमी, बलौदाबाजार में 630.7 मिमी, गरियाबंद में 614.5 मिमी, महासमुंद में 432.8 मिमी, धमतरी में 626.7 मिमी, बिलासपुर में 537.5 मिमी, मुंगेली में 561.0 मिमी, रायगढ़ में 417.1 मिमी, सारंगढ़-बिलाईगढ़ में 253.4 मिमी, जांजगीर-चांपा में 499.1 मिमी, सक्ती में 380.4 कोरबा में 618.2 मिमी, गौरेला-पेण्ड्रा-मरवाही में 491.3 मिमी, दुर्ग में 352.9 मिमी औसत वर्षा दर्ज की गयी। कबीरधाम जिले में 454.0 मिमी, राजनांदगांव में 638.6 मिमी, मोहला-मानपुर-अंबागढ़चौकी में 733.4 मिमी, खैरागढ़-छुईखदान-गंडई में 424.2 मिमी, बालोद में 722.9 मिमी, बेमेतरा में 344.8 मिमी, बस्तर में 673.6 मिमी, कोण्डागांव में 652.3 मिमी, कांकेर में 845.2 मिमी, नारायणपुर में 727.0 मिमी, दंतेवाड़ा में 771.6 मिमी और सुकमा जिले में 895.3 मिमी औसत वर्षा एक जून से अब तक रिकार्ड की गई। - रायपुर। निवर्तमान राज्यपाल श्री विश्वभूषण हरिचंदन को आज राजभवन में भावभीनी विदाई दी गई। वे आज भुवनेश्वर (ओड़िशा) के लिए रवाना हो गए। इस अवसर पर प्रथम महिला श्रीमती सुप्रभा हरिचंदन भी उपस्थित थी। राज्यपाल के प्रस्थान से पूर्व उन्हें गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया। उन्होंने राजभवन के सभी अधिकारियों और कर्मचारियों से मुलाकात की और आशीर्वचन दिया। उन्होंने कहा कि भगवान जगन्नाथ की कृपा से आप सभी लोग सदैव समृद्ध और सुखी रहंे। राजभवन के अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने पुष्पवर्षा कर श्री हरिचंदन का अभिवादन किया।इस अवसर पर राज्यपाल के सचिव श्री यशवंत कुमार, विधिक सलाहकार श्री भीष्म प्रसाद पाण्डेय एवं उपसचिव श्रीमती हिना नेताम सहित राजभवन के सभी अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित थे।
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*'मोर संगवारी' एप को किया लांच, नागरिक घर बैठे ले सकेंगे 27 सेवाओं का लाभ*
बिलासपुर/ उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव ने आज लोरमी में प्रदेश की चार नवगठित नगर पालिकाओं मंदिर हसौद, बांकी मोंगरा, लोरमी और पंडरिया में ‘‘मोर संगवारी’’ योजना का विस्तार किया। उन्होंने लोरमी के मानस मंच में आयोजित कार्यक्रम में 'मोर संगवारी' एप भी लांच किया। इस योजना के माध्यम से नागरिकों को जन्म प्रमाण पत्र, मृत्यु प्रमाण पत्र, विवाह पंजीयन, दुकान एवं स्थापना पंजीयन, राशन कार्ड, आय, जाति, निवास प्रमाण पत्र सहित 27 प्रकार की सुविधाएं घर पहुंचकर प्रदान की जाएंगी।
उप मुख्यमंत्री तथा नगरीय प्रशासन एवं विकास मंत्री श्री अरुण साव ने लॉन्चिंग कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि शासकीय कार्यालयों से नागरिक सेवाएं घरों तक पहुंचाने प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के विकसित भारत की परिकल्पना को साकार करने मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय की मंशानुरूप चरणबद्ध रूप से “मोर संगवारी” योजना का विस्तार किया जा रहा है। इसमें 27 तरह की सेवाएं नागरिकों को बिना किसी व्यवधान और कार्यालय जाए बिना उपलब्ध कराई जा रही है। उन्होंने कहा कि जब से प्रदेश में श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में सरकार बनी है, तब से कामकाज में तेजी आई है। सभी वर्गों के विकास के लिए लगातार कार्य किए जा रहे हैं। हमारा संकल्प है, जिस छत्तीसगढ़ को हमने बनाया है, उसे संवारने का काम भी हम करेंगे।
उप मुख्यमंत्री श्री साव ने कहा कि प्रदेश के नगरीय निकायों में झुग्गी बस्तियों में रहने वाले लोगो को निःशुल्क स्वास्थ्य सुविधा पहुंचाने के लिए 150 मोबाइल मेडिकल यूनिट संचालित की जा रही है। प्रधानमंत्री आवास योजना (शहरी) के अंतर्गत आवासहीन परिवारों को पक्का आवास उपलब्ध कराया जा रहा है। स्वच्छ भारत मिशन के तहत ठोस अपशिष्ट प्रबंधन के प्रभावी निपटान के लिए निकायों द्वारा समग्र प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने कार्यक्रम में विभिन्न योजनाओं के हितग्राहियों को सामग्री, चेक और प्रमाण पत्र भी वितरित किए।
सुडा (राज्य शहरी विकास अभिकरण) के सीईओ श्री शशांक पाण्डेय ने कार्यक्रम में बताया कि सरकारी दस्तावेज बनवाने की यह घर पहुंच सेवा वर्तमान में प्रदेश के सभी 14 नगर निगमों, 44 नगर पालिकाओं तथा दो नगर पंचायतों अंबागढ़ चौकी और गौरेला में संचालित की जा रही है। ये सेवाएं सभी कार्य दिवसों में प्रातः आठ बजे से रात्रि आठ बजे तक संचालित की जा रही हैं। मुंगेली के कलेक्टर श्री राहुल देव ने कहा कि "मोर संगवारी" योजना आम जनता के लिए बहुत खास है। इससे नगर के लोगों को काफी सहुलियत होगी। विभिन्न सेवाओं के लिए नागरिकों को घर पहुंच सेवा का लाभ मिलेगा। लोरमी नगर पालिका की अध्यक्ष श्रीमती अंकिता रवि शुक्ला ने भी कार्यक्रम को संबोधित किया।
*'मोर संगवारी' एप के जरिए घर बैठे बनेंगे प्रमाण पत्र*
'मोर संगवारी' एप के जरिए नगरीय क्षेत्र में रहने वाले लोगों को घर बैठे आय, मूल निवासी, विवाह, जन्म, जाति, राशन कार्ड, गुमास्ता, मृत्यु, आधार कार्ड, असंगठित कर्मकार पंजीकरण एवं सुधार, पैन कार्ड पंजीकरण एवं सुधार आदि सेवाओं का लाभ मिलेगा। योजना के अंतर्गत टोल-फ्री नंबर पर कॉल करने पर संगवारी घर पहुंच कर योजना से जुड़ी सेवाओं एवं सुविधाओं का लाभ देना सुनिश्चित करेंगे। इसके लिए कोई भी नागरिक घर बैठे टोल-फ्री नंबर 14545 में कॉल कर संपर्क कर सकता है। संगवारी नागरिकों के निवास स्थान पर पहुंचकर सेवा का ऑनलाइन पंजीयन कर सेवा से संबंधित दस्तावेज संकलित करेंगे।
इस योजना के अंतर्गत अब नागरिकों को दस्तावेजों के लिए शासकीय कार्यालय के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे। दस्तावेज, प्रमाण पत्र या लाइसेंस बनाने की प्रक्रिया आसान होगी। इससे लोगों का समय भी बचेगा। अब पोर्टल के माध्यम से योजना में शामिल सभी सेवाओं से संबंधित जरूरी दस्तावेजों की पूरी जानकारी केवल एक क्लिक पर उपलब्ध होगी। इससे न केवल दस्तावेज, प्रमाण पत्र या लाइसेंस बनाने की प्रक्रिया आसान होगी, बल्कि इसे बनाने में पारदर्शिता भी सुनिश्चित होगी। इस एप के जरिए किसी भी तरह की समस्या होने पर शिकायत भी दर्ज करा सकेंगे।
*उप मुख्यमंत्री ने लोरमी में 8.26 करोड़ रुपए के विकास कार्यों की घोषणा की*
उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव ने आज "मोर संगवारी" योजना के शुभांरभ कार्यक्रम में लोरमी के लिए आठ करोड़ 25 लाख 79 हजार रुपए लागत के विभिन्न विकास कार्यों की घोषणा की। इनमें वार्ड क्रमांक-7 में मानस मंच सौंदर्यीकरण के लिए एक करोड़ 85 लाख 96 हजार रुपए, वार्ड क्रमांक-8 में रानी तालाब के सौंदर्यीकरण के लिए एक करोड़ 88 लाख 57 हजार रुपए, रानी गांव मुक्तिधाम सौंदर्यीकरण के लिए एक करोड़ 38 लाख 31 हजार रुपए, मुंगेली रोड में प्रवेश द्वार निर्माण के लिए 37 लाख 68 हजार रुपए, बिलासपुर रोड में प्रवेश द्वार के लिए 54 लाख 85 हजार रुपए, पण्डरिया रोड में प्रवेश द्वार के लिए 54 लाख 92 हजार रुपए, कर्मा माता तहसील चौक लोरमी के लिए 19 लाख 42 हजार रुपए, वार्ड क्रमांक-15 में अम्बेडकर चौक के लिए 28 लाख 82 हजार रुपए तथा नगर पालिका कार्यालय में प्रथम तल निर्माण एवं पार्किंग के लिए एक करोड़ 17 लाख 26 हजार रुपए की राशि शामिल हैं। -
डोंगरिया में किसान कुटीर, मंच और एनीकट निर्माण की घोषणा*
बिलासपुर। उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव ने आज मुंगेली जिले के लोरमी विकासखण्ड के शासकीय उच्चतर माध्यमिक शाला डोंगरिया में वृक्षारोपण किया। उन्होंने 'एक पेड़ मां के नाम' अभियान के तहत आयोजित वृहद वृक्षारोपण कार्यक्रम में विधि-विधान से पूजा-अर्चना कर अपनी मां श्रीमती प्रमिला देवी के सम्मान में पीपल का पौधा लगाया।
उप मुख्यमंत्री श्री साव ने इस मौके पर आयोजित कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि 'एक पेड़ मां के नाम' देश के यशस्वी प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी द्वारा चलाया गया अभियान है। सबसे पवित्र रिश्ता मां का होता है। मां कष्ट सहकर बच्चों का पालन-पोषण करती है। इसलिए मां की सेवा और समर्पण पर श्रद्धा भाव अर्पित करते हुए हम सभी को उनके नाम एक पेड़ अवश्य लगाना चाहिए। मां-बाप की तरह ही उसकी सेवा-जतन करना चाहिए।
श्री साव ने कहा कि वृक्षारोपण अभियान की दिशा में कदम बढ़ाते हुए आज डोंगरिया के 10 एकड़ क्षेत्र में विभिन्न प्रजातियों के फलदार पौधे लगाए जा रहे हैं। आज हमारी सरकार मोदी की गारंटी के अनुरूप आमजनों, किसानों तथा अन्य हितग्राहियों से किए वादे पूरे करने के लिए पूरी संवेदनशीलता और तत्परता से कार्य कर रही है। हितग्राहियों के खाते में योजनाओं के पैसे पहुंच रहे हैं।
उप मुख्यमंत्री श्री साव ने अपने संबोधन के दौरान डोंगरिया के कृषि संग्रहण केंद्र में किसानों के बैठने के लिए 14 लाख रुपए की लागत से किसान कुटीर और आश्रित गांव कोदवामहंत में साढ़े 12 लाख रुपए की लागत से गोदाम बनाने की घोषणा की। उन्होंने डोंगरिया स्कूल प्रांगण में मंच निर्माण के लिए पांच लाख रुपए देने और गांव में जल्द ही एनीकट बनाने की भी घोषणा की।
कार्यक्रम में आई.डी.बी.आई. बैंक ने सी.एस.आर. के तहत पौधों की सुरक्षा के लिए 560 ट्री गॉर्ड भेंट किया। कार्यक्रम में डोंगरिया स्कूल में विभिन्न गतिविधियों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को सम्मानित भी किया गया। मुंगेली के कलेक्टर श्री राहुल देव, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री प्रभाकर पांडेय और डोंगरिया के सरपंच महंत हरिशंकर दास सहित स्थानीय जनप्रतिनिधि, गणमान्य नागरिक तथा स्कूली छात्र-छात्राएं बड़ी संख्या में कार्यक्रम में मौजूद थे। -
भिलाईनगर। सोमवार को फिर नगर निगम भिलााई के जोन 1 नेहरू नगर अंतर्गत जलजनित मौसमी बीमारी की रोकथाम हेतु अभियान चलाया गया। जिसमें वार्ड क्रं. 17 आकाश गंगा दक्षिण, गंगोत्री क्षेत्र में साफ-सफाई को लेकर प्रतिष्ठानो में जाकर जाॅच किये। होटल एवं आईस क्रीमपार्लर में निरीक्षण के दौरान खादय पदार्थ एवं साफ-सफाई सही नहीं पाए जाने पर कार्यवाही की गई। जिसमें मित्तल बिरयानी, नोवेल्टी कुल्फी, आइसक्रीम पार्लर, राॅयल राजस्थानी रेस्टोरेंट, बुडहन खोवा जलेबी, सलोनी स्वीट्स में निरीक्षण के दौरान खादय पदार्थ बासी पाया गया। बासी व बदबूदार खादय पदार्थो को जप्ती बनाकर उसे जमीन में गाड़कर ब्लीचिंग डालकर विनिष्टिकरण किया गया। साथ ही सिंगल यूज प्लास्टिक पाये जाने पर इन प्रतिष्ठानो से 3900 की चालानी कार्यवाही भी किया गया। कार्यवाही के दौरान उन्हे समझाईस भी दिया गया कि दोबारा बासी खादय पदार्थ बेचते हुए पाये जाने पर उनका गुमशता एवं ट्रेड लाईसेंस कैंसल कर दिया जायेगा। स्वच्छता का ध्यान रखें व सिंगल यूज प्लास्टिक का विक्रय न करे अन्यथा जुर्माना की राशि दोबारा भी काटी जायेगी।
नगर निगम भिलाई आयुक्त देवेश कुमार ध्रुव ने लोगो से अपील की है कि बरसात के दिनो में बाहर खाते समय अपनी सेहत का ध्यान रखें। फूड पाउजनिग, डायरिया, पीलिया आदि बीमारियां दुषित खादय पदार्थ खाने से हो सकती है, सावधान रहे। ताजा एवं शुद्व खादय पदार्थ का ही सेवन करे। खाने से पहले हाथो को अच्छे से अवश्य धो लेवें। जहां खाने जाये उस जगह पर साफ-सफाई हो इसका पुरा ध्यान रखा जायें। जिससे मौसमी बीमारियो से अपने आप को बचाया जा सके।
कार्यवाही के दौरान स्वच्छता निरीक्षक कमलेश द्विवेदी, लिपिक संतोष हरमुख, वार्ड सुपरवाईजर कर्मचारियो के साथ उपस्थित रहे। -
भिलाईनगर। नगर पालिक निगम भिलाई क्षेत्र में प्रधानमंत्री आवास योजना मोर मकान-मोर आस घटक अंतर्गत हितग्राहियो के लिए 30 जुलाई को लोन मेला का आयोजन किया जा रहा है। ऐसे हितग्राही किरायेदार के रूप में निवासरत, बेघर परिवारो को आवास प्रदान करने के लिए आवेदन आमंत्रित किया गया था। हितग्राहियो द्वारा 10 प्रतिशत अंशदान राशि जमा करके लाॅटरी में भाग लेकर मकान अपने नाम आबंटित कराया गया है। आबंटन की शेष 90 प्रतिशत राशि जमा करना अनिवार्य है। ततपश्चात मकान का अधिपत्य पत्र उन्ह सौंपा जाता है। बहुत से हितग्राही शेष 90 प्रतिशत राशि जमा नही कर पा रहे है। ऐसे हितग्राहियो के लिए लोन मेला लगाया जा रहा है। जिसके माध्यम से आबंटित आवास का कुल राशि जमा करके मकान प्राप्त कर सकेगें।
प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत लोन मेला डाॅ. बी.आर. अम्बेडर सर्व मांगलिक भवन, गौरव पथ, बैकुण्ठधाम भिलाई में आयोजित किया जा रहा है। बैंक द्वारा कम ब्याज दर पर आवास लोन उपलब्ध कराया जा रहा है। हितग्राही को बैंक से लोन प्राप्त करने के लिए आवश्यक दस्तावेज- आबंटन पत्र की छायाप्रति, पेन कार्ड की छायाप्रति, आधार कार्ड की छायाप्रति, बैक पास बुक की छायाप्रति, शपथ पत्र, 6 माह का बैंक स्टेटमेंट, वेतन प्रमाण पत्र, 3 पासपोर्ट साईज फोटो, किरायानामा, जमा की गई राशि के रसीद की छायाप्रति।
आबंटिती अपनी सुविधा के अनुसार बैंक से लोन प्राप्त कर आबंटिती आवास प्राप्त कर सकते है। प्रमुख बैंक में जिनके माध्यम से लोन प्रदान किया जायेगा। आई.आई.एफ.एल. ब्याज दर 9.10 से 11.5 प्रतिशत वार्षिक लाॅगिन फीस 1178.00 रू, आवास फाईनेंश भिलाई ब्याज दर 11 से 12.5 प्रतिशत वार्षिक लाॅगिन फीस 1.00 रू, आवास फाईनेंश दुर्ग ब्याज दर 11 से 12.5 प्रतिशत वार्षिक लाॅगिन फीस 1.00 रू, स्वतंत्र माईक्रो फाईनेश लाॅगिन फीस 0 रू, इजी होम फाईनेंश, ब्याज दर 10.8 से 13 प्रतिशत वार्षिक लाॅगिन फीस 0 रू, पिरामल फाईनेंश, वास्तू हाउसिंग फाईनेंश आदि बैंक संयुक्त रूप से अपने ब्याज दर के विवरणी के साथ उपस्थित रहेगे। आयुक्त देवेश कुमार ध्रुव ने सभी आबंटितो से अपील की है कि अपनी सुविधा के अनुसार बैंक से लोन प्राप्त करके शेष राशि जमा कर मोर मकान-मोर आस योजना अंतर्गत आबंटित मकान प्राप्त कर लेवे। आबंटित मकान के लिये पैसा जमा करने का एक निर्धारित समय होता है, विलम्ब होने पर आबंटित मकान निरस्त भी हो सकता है। -
भिलाईनगर। नगर पालिक निगम भिलाई क्षेत्रांतर्गत शासन के निर्देशानुसार वार्डो में जनसमस्या पखवाड़ा शिविर लगाया जा रहा है। जिसमें नागरिक शिविर स्थल पर उपस्थित होकर अपनी समस्याओ का तत्काल निराकरण करा सकते है। शिविर स्थल पर ही प्रधानमंत्री आवास योजना के मोर मकान-मोर आस घटक अंतर्गत निगम के विभिन्न परियोजना स्थल पर निर्मित आवासो के आबंटन हेतु शासन के निर्धारित आवेदन पत्र का विक्रय किया जाना है।
भिलाई में निवासरत ऐसे परिवार जो किराये में निवास करते है या जिनके पास स्वयं का मकान उपलब्ध नहीं है। उनके लिए शिविर स्थल पर निर्धारित आवेदन शुल्क 100 रूपये जमा कर आवेदन फार्म प्राप्त कर सकते है। शिविर स्थल पर प्राप्त किये गये आवेदन पत्र में दस्तावेज संलग्न कर मुख्य कार्यालय के 16 नम्बर कक्ष के काउन्टर पर जमा किया जाना है। आवेदन पत्र जमा करने का समय प्रातः 10ः30 से 4ः00 बजे तक कार्यालयीन अवधि में जमा किया जाना है।
जनसमस्या निवारण पखवाड़ा शिविर में प्रमुख रूप से राशन कार्ड, सामाजिक सुरक्षा पेंशन, आधार कार्ड, आयुष्मान कार्ड, स्वनिधि में लोन की सुविधा, पानी, बिजली, नाली समस्या, जल निकासी, लाईट नहीं जलना, आदि सभी प्रकार के आवेदन के साथ ही समस्याओ का निराकरण भी किया जा रहा है। नागरिक इन सभी आवश्यकताओ को लेकर नगर निगम भिलाई के जोन कार्यालय एवं मुख्य कार्यालय में आना पड़ता है। शिविर के माध्यम से अपने वार्ड में ही अपनी समस्याओ का समाधान करवा सकते है। -
संबंधित विभागों को आवेदनों को त्वरित निराकरण के दिए निर्देश
रायपुर । कलेक्टर डॉ. गौरव सिंह ने कलेक्ट्रेट परिसर स्थित रेडक्रॉस सभाकक्ष में जनदर्शन के माध्यम से आम नागरिकों की समस्याएं सुनी। कलेक्टर ने आम नागरिकों की समस्याओं का निराकरण करने के निर्देश भी दिए। सोमवार को जनदर्शन में अनेक आवेदन प्राप्त किए गए।
इस दौरान बोरिया निवासी श्री तोरन यादव ने दिव्यांगता के आधार पर बैटरी रहित ट्राय सायकल प्राप्त करने, ग्राम धनेली निवास श्री नरेश श्रीवास ने ग्राम धनेली में व्यवस्थापन के तहत भूमि की मांग, माना कैम्प निवासी श्री भागवत प्रसाद कोसले ने पेंशन बहाल करने, जनता कॉलोनी निवासी श्री श्रेयांश ठाकरे ने अवैध कब्जा हटाने, ग्राम टेकारी श्री नेतराम सिंह ठाकुर ने नक्शा बटांकन, कोरसी तहसील आरंग निवासी श्री रामकुमार साहू से बेजा कब्जा हटाने जैसे अन्य आवेदन प्राप्त हुए। इस अवसर पर नगर निगम आयुक्त श्री अबिनाश मिश्रा, जिला पंचायत सीईओ श्री विश्वदीप समेत अन्य अधिकारी व कर्मचारी उपस्थित थे। -
बालकों के नशा का सेवन करने वाले हाॅट स्पाॅट की होगी पहचान
*बच्चों को स्कूल में दिलाया जाएगा दाखिला, मिलेगी सुरक्षा व आश्रय की सुविधा*
*कलेक्टर ने कहा कि सम्बंधित विभाग समन्वय के साथ करें कार्य*
रायपुर। जिले में असहाय बच्चों को नशे के सेवन से बचाने के लिए एक युद्ध नशे के विरूद्ध अभियान चलाया जाएगा। साथ ही बालकों के नशे का सेवन करने वाले हाॅट स्पाॅट की पहचान की जाएगी। इसी परिपेक्ष्य में आज कलेक्टर डाॅ. गौरव सिंह ने कलेक्टोरेट परिसर के रेडक्राॅस सभाकक्ष में महिला बाल विकास विभाग एवं अन्य विभागों के अधिकारियों व कर्मचारियों की बैठक ली। कलेक्टर डाॅ. सिंह ने कहा कि बच्चों को नशे से सेवन से बचाने के लिए कारगर कदम गंभीरता के साथ उठाया जाए। बच्चों के द्वारा नशे का सेवन करने वाले स्थानों की पहचान की जाए और नशे के सेवन से बचाया जाए व जागरूक किया जाए। इसमें सभी संबंधित विभागों के द्वारा प्रभावी समन्वयन के साथ कार्य किया जाए। बच्चों को पुनर्वास केंद्र में रखने की व्यवस्था की जाए।बैठक में बच्चों को स्कूलों में प्रवेश दिलाने के संबंध में चर्चा की गई। जिसमें नशे के सेवन से बच्चों को बाहर निकालकर बच्चों को शिक्षा से जोड़ने और जागरूक करने के लिए कहा गया। साथ ही बच्चों को सुरक्षा प्रदान करने व आश्रय की सुविधा दिलाने पर भी चर्चा की गई। इस अवसर पर नगर निगम आयुक्त श्री अबिनाश मिश्रा, जिला पंचायत सीईओ श्री विश्वदीप भी उपस्थित थे।
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रायपुर /राज्यपाल श्री विश्वभूषण हरिचंदन से आज राजभवन में मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने सौजन्य मुलाकात कर उनके सुदीर्घ और स्वस्थ जीवन के लिए शुभकामनाएं दीं। श्री साय ने कहा कि राज्यपाल श्री हरिचंदन के मार्गदर्शन में प्रदेश ने प्रगति के नए आयाम स्थापित किए हैं। उन्होंने आशा व्यक्त कि राज्यपाल का स्नेह इसी प्रकार उन्हें और छत्तीसगढ़वासियों को मिलता रहेगा।
इस अवसर पर राज्यपाल श्री हरिचंदन को मुख्यमंत्री श्री साय ने पुष्पगुच्छ और स्मृति चिन्ह भेंटकर सम्मानित किया। राज्यपाल श्री हरिचंदन ने महाप्रभु श्री जगन्नाथ से मुख्यमंत्री सहित प्रदेशवासियों के सुख समृद्धि की कामना की। - -प्रकृति के संरक्षण के लिए नमीयुक्त भूमि में कारगर होगा सीड बाॅल, उग आएंगे पौधे-लंबित राजस्व प्रकरणों का समय-सीमा के भीतर करें निराकरण-श्रम कार्ड बनाने व राशन कार्ड नवीनीकरण का कार्य गंभीरता से करेंरायपुर । जिला प्रशासन के अधिकारी व कर्मचारी प्रकृति संरक्षण की बेहतरी का कार्य करें। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय की मंशा के अनुरूप सीड बाॅल का इस्तेमाल कर पर्यावरण को संरक्षित करने के साथ खाली जमीन पर पौधे उगाने का कार्य करें। श्रम कार्ड बनाने व राशन कार्ड के नवीनीकरण का कार्य गंभीतर से किया जाएं। यह उक्त बातें कलेक्टर डाॅ. गौरव सिंह ने कलेक्टोरेट परिसर के रेडक्राॅस सभाकक्ष में समय-सीमा की बैठक में कहीं।कलेक्टर डाॅ. गौरव सिंह ने कहा कि अधिकारी-कर्मचारी दौरे पर जाएं तो खाली पड़ी न नमीयुक्त जमीन पर सीड बाॅल को फेंक दें, ताकि पर्यावरण के अनुकूल पौधे उग आएंगे। इससे पर्यावरण संरक्षित भी होगा। इसमें नीम, जामुन समेत कई अन्य प्रकार के बीज है। कलेक्टर ने लंबित राजस्व प्रकरणों का त्वरित निराकरण के निर्देश दिए है। उन्होंने कहा कि पटवारी प्रतिवेदन में देरी न की जाएं, अभिलेख दुरूस्ती का कार्य तेजी से किया जाएं। नामांतरण के मामले लंबित न हो। कोई भी प्रकरण समय-सीमा के भीतर ही निपटारा किया जाए। आरबीसी 6-4 के प्रकरणों में गंभीरता बरती जाएं। आवेदन के तत्पश्चात ही प्रक्रिया जल्द से जल्द शुरू कर आवेदक को राशि की स्वीकृति दिलाई जाएं। मकानों की क्षति की राशि भी लंबित न हो, इसे भी सुनिश्चित की जाएं।कलेक्टर डाॅ. सिंह ने कहा कि श्रम कार्ड बनाने में लापरवाही नहीं बरती जाएं। साथ ही राशनकार्ड का नवीनीकरण कार्य तेज गति से किया जाएं। राशनकार्ड का वितरण भी जल्द से जल्द किया जाए। कलेक्टर ने कहा कि अस्पतालों में मरीजों को दिए जाने वाले पोषण में गुणवत्तापूर्ण हो। इसकी समय-समय पर माॅनीटरिंग की जाएं। कलेक्टर ने कहा कि पीएम स्वनिधि के तहत अधिक से अधिक लोगों को लाभ दिलाया जाए। अनुकंपा नियुक्ति के प्रकरणों का निदान भी किया जाए।कलेक्टर ने कहा कि सौर घर योजना के तहत अधिक से अधिक लोगों को लाभ दिलाया जाए। इसकी जानकारी अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचाई जाए। इस अवसर पर नगर निगम आयुक्त श्री अबिनाश मिश्रा, जिला पंचायत सीईओ श्री विश्वदीप, डीएफओ श्री लोकेश पटेल समेत एडीएम, एसडीएम समेत अन्य अधिकारी व कर्मचारी उपस्थित थे।
- दुर्ग। जिला शिक्षण एवं प्रशिक्षण संस्थान बेमेतरा (डाइट) के पूर्व प्रशिक्षण अधिकारी श्री द्वारिका प्रसाद तिवारी का सोमवार 29 जुलाई को निधन हो गया। वे 83 वर्ष के थे। वे नंदनी तिवारी के पति, निलेश कुमार तिवारी, दीनू संगीता पांडे और नीतू शर्मा के पिता थे।उनकी अंतिम यात्रा मंगलवार 30 जुलाई को सुबह 10.30 बजे उनके केलाबाड़ी दुर्ग (असरफिया ग्रुप्स ऑफ स्कूल के पीछे) स्थित निवास स्थान से शिवनाथ नदी मुक्तिधाम के लिए निकलेगी।
- रायपुर। छत्तीसगढ़ स्टेट पॉवर कंपनीज में पदस्थ सहायक प्रकाशन अधिकारी श्रीमती अनामिका मण्डावी को उच्च वेतनमान स्वीकृत करने का आदेश छत्तीसगढ़ स्टेट पॉवर ट्रांसमिशन कंपनी द्वारा जारी कर किया गया है। वे कार्यालय अतिरिक्त महाप्रबंधक (जनसंपर्क) में ही पदस्थ रह कर अपने पद एवं दायित्व का निर्वाह करेगी।श्रीमती अनामिका मण्डावी छत्तीसगढ़ स्टेट पॉवर जनरेशन कंपनी में वर्ष 2015 में सहायक प्रकाशन अधिकारी के रूप में चयनित हुई थी। उन्होंने हसदेव ताप विद्युत गृह कोरबा पश्चिम में पदस्थापना के साथ-साथ अपनी सेवाएं प्रारंभ की। तत्पश्चात् उनकी योग्यता एवं प्रतिभा को देखते हुए उन्हें पॉवर कंपनी मुख्यालय डंगनिया में पदस्थ किया गया। वे जनसम्पर्क विभाग के अन्य कार्यों के अतिरिक्त मासिक पत्रिका ‘संकल्प‘ में संपादकीय सहयोगी के रूप में संलग्न है। पदोन्नति के पद का वेतनमान मिलने के अवसर पर आज उनका कार्यालय में अभिनंदन किया गया। इस अवसर पर अतिरिक्त महाप्रबंधक (जनसंपर्क) श्री उमेश कुमार मिश्र, प्रकाशन अधिकारी श्री गोविंद पटेल, वरिष्ठ छायाकार श्री संजय टेम्बे, कार्यालयीन सहयोगी श्रीमती सारिका साहू, प्रसन्न दुबे एवं शुभम बंछौर उपस्थित थे।
- -मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय की पहल पर 5500 रुपये मानक बोरे की दर से दी जा रही राशिरायपुर / हरा सोना के नाम से ख्यात तेंदूपत्ता का संग्रहण ग्रामीण क्षेत्रों में कृषि के अतिरिक्त आय का स्त्रोत है। छत्तीसगढ़ में बड़े पैमाने पर तेंदूपत्ता का संग्रहण लघु वनोपज के रूप में किया जाता है। 12 लाख से अधिक ग्रामीण इस कार्य से सीधे तौर पर जुड़े हुए हैं। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ राज्य के तेन्दूपत्ता संग्राहकों को अब 5500 रुपए प्रति मानक बोरा की दर से भुगतान किया जा रहा है। जिससे संग्राहकों को पहले के 4 हजार प्रति मानक बोरा की तुलना में 15 सौ रुपए अधिक मिल रहे है, इससे संग्राहकों को तेंदूपत्ता संग्रहण से होने वाली आय बढ़ी है।रायगढ़ जिले में 98 हजार 977 संग्राहकों को 68 करोड़ 68 लाख 11 हजार 180 रुपये का भुगतान किया जा चुका है। बढ़ी दरों के लिहाज से जिले के संग्राहकों को 18.73 करोड़ रुपए का ज्यादा मुनाफा मिला है। जिला लघु वनोपज सहकारी यूनियन मर्यादित, रायगढ़ एवं धरमजयगढ़ के प्रबंध संचालक ने बताया कि रायगढ़ जिला अंतर्गत दो जिला वनोपज सहकारी यूनियन रायगढ़ एवं धरमजयगढ़ में वर्ष 2024 तेन्दूपत्ता सीजन में 112 प्राथमिक वनोपज सहकारी समितियों के 94 लॉट निर्धारित है।जिले में संग्रहण हेतु 747 संग्रहण केन्द्र में संग्रहण कार्य हेतु 1 लाख 40 हजार 600 मानक बोरा का लक्ष्य निर्धारित किया गया था, जिसमें तेन्दूपत्ता संग्रहण लक्ष्य के विरूद्ध 1 लाख 24 हजार 874.760 मानक बोरा संग्रहण किया गया है। इस वर्ष संग्रहण की दर 5500 रुपये प्रति मानक बोरा (550 रुपये प्रति सौ गड्डी) निर्धारित है।गेरवानी समिति फड़ सराईपाली के श्री अमृत लाल अगरिया एवं उनकी पत्नी श्रीमती पुना अगरिया ने बताया कि सीजन में उन्होंने 3640 तेन्दूपत्ता गड्डी तोड़कर उसका विक्रय किया था, जिससे उन्हें 20 हजार 20 रुपये का लाभ प्राप्त हुआ। उन्होंने मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि इस संवेदनशील निर्णय से हम संग्राहकों को पहले से ज्यादा राशि मिल रही है, जो हमारे लिए अतिरिक्त आय का आधार बन रहा है।इसी तरह गेरवानी समिति फड़ गौरमुड़ी के श्री नथीराम एवं उनकी पत्नी सुखमनी ने बताया कि उन्होंने 3420 तेन्दूपत्ता गड्डी तोड़कर उसका विक्रय किया था, जिससे उन्हें 18 हजार 810 रुपये का लाभ प्राप्त हुआ था। प्राप्त रूपये से उन्होंने बरसात में होनी वाली परेशानी को देखते हुए खप्पर वाला घर के छत की मरम्मत कराकर उसमें एस्बेस्टस की छत डलवाए हैं और डोली खेत में भी राशि खर्च की है।
- -’विकास के लिए जरूरी सभी संसाधन यहां मौजूद, देश का सिरमौर राज्य बनने की क्षमता’-छत्तीसगढ़ विजन@2047 तैयार करने संभाग स्तरीय संवाद में शामिल हुए उप मुख्यमंत्री-युवाओं, किसानों, महिलाओं, बुजुर्गों और प्रबुद्धजनों ने रखे विचाररायपुर। उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव ने कहा कि छत्तीसगढ़ संभावनाओं का प्रदेश है। देश के किसी और राज्य में इतने संसाधन और क्षमता नहीं है। यदि सुव्यवस्थित योजना बनाकर काम करें, तो छत्तीसगढ़ देश का सिरमौर राज्य बन सकता है। उप मुख्यमंत्री श्री साव ने आज बिलासपुर के स्वर्गीय लखीराम अग्रवाल ऑडिटोरियम में ‘छत्तीसगढ़ विजन@2047’ तैयार करने राज्य नीति आयोग द्वारा आयोजित संभाग स्तरीय कार्यक्रम में ये बातें कही। कार्यक्रम की अध्यक्षता संभागायुक्त डॉ. संजय अलंग ने की। कार्यशाला में बिलासपुर संभाग के युवाओं, किसानों, महिलाओं और प्रबुद्धजनों ने ‘छत्तीसगढ़ विजन@2047’ के बारे में अपने विचार साझा किए।उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव ने संवाद कार्यक्रम में कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी द्वारा देश के इतिहास में पहली बार योजना बनाने में आम लोगों से राय ली जा रही है। समाज के हर व्यक्ति को समाहित करते हुए हम योजना बनाएंगे। देश में पहली बार आपकी आकांक्षाओं और इच्छाओं का बिलासपुर और छत्तीसगढ़ बनाएंगे। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ के पास असीम संभावनाएं है। सभी को ध्यान में रखकर जब हम योजना बनाएंगे तो एक समन्वित और समावेशी विकास हो पाएगा। बिलासपुर को विश्व स्तरीय शहर बनाने की दिशा में हमारी सरकार ने काम करना शुरू किया है। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में ‘अमृतकाल : छत्तीसगढ़ विजन@2047’ डॉक्यूमेंट तैयार करने के लिए राज्य के एक-एक व्यक्ति से सुझाव लिया जा रहा है।बिल्हा के विधायक श्री धरमलाल कौशिक ने कार्यक्रम में कहा कि हमारा भारत कैसा हो, छत्तीसगढ़ कैसा होना चाहिए, इसके लिए सभी से सुझाव लिए जा रहे हैं। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में देश की अर्थव्यवस्था में लगातार सुधार आया है। 2014 के पहले हम विश्व में 11वें पायदान पर थे। आज हम पांचवे पायदान पर हैं। सभी के सुझावों से तैयार किया गया विजन डॉक्यूमेंट गौरवशाली होगा। बेलतरा के विधायक श्री सुशांत शुक्ला ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में पिछले दस वर्षो में भारत ने अभूतपूर्व तरक्की की है। छत्तीसगढ़ में प्रचुर मात्रा में प्राकृतिक संसाधन, वन संपदा और मानव संसाधन है। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में ‘छत्तीसगढ़ विजन@2047’ डॉक्युमेंट तैयार किया जा रहा है। कार्यक्रम में प्राप्त सुझावों का नीति आयोग द्वारा संकलन किया जाएगा। प्रदेश में पर्यटन, कृषि और सर्विस सेक्टर में असीम संभावनाएं है।कमिश्नर डॉ. संजय अलंग ने संवाद कार्यक्रम में कहा कि संभाग स्तरीय इस कार्यशाला में आए विविध सुझावों को शामिल करते हुए प्रभावी विजन डॉक्यूमेंट तैयार किया जाएगा। बिलासपुर संभाग के सभी जिलों से आए युवाओं, किसानों, महिलाओं, बुजुर्गों और प्रबुद्धजनों ने परिचर्चा में शामिल होकर विकसित छत्तीसगढ़ को लेकर अपने सुझाव दिए। कोटा विधायक श्री अटल श्रीवास्तव, मस्तूरी विधायक श्री दिलीप लहरिया, जिला पंचायत के अध्यक्ष श्री अरूण सिंह चौहान, अटल बिहारी बाजपेयी विश्वविद्यालय के कुलपति श्री ए.डी.एन. बाजपेयी, कलेक्टर श्री अवनीश शरण, नगर निगम के कमिश्नर श्री अमित कुमार और राज्य नीति आयोग के सदस्य-सचिव श्री अनूप श्रीवास्तव भी कार्यक्रम में मौजूद थे। संवाद कार्यक्रम में ड्रोन दीदी श्रीमती प्रतिमा वस्त्रकार, सीमा वर्मा, स्वसहायता समूह की श्रीमती शांति महंत, सामाजिक कार्यकर्ता श्रीमती सुदीपा जायसवाल तथा श्रीमती अंकिता पाण्डेय सहित विभिन्न वर्गों के प्रतिनिधियों ने अपने विचार साझा किए।
- -जनसेवा ही हमारा परम धर्म है: श्रीमती राजवाड़ेरायपुर, /जनसेवा ही हमारा परम् धर्म है और हम आमजन के जीवन में खुशियां लाने के प्रतिबद्ध हैं। ये वकतव्य अपने शासकीय निवास में जनदर्शन के दौरान महिला एवं बाल विकास व समाज कल्याण मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े ने कही। आज उन्होंने अपने रायपुर स्थित शासकीय आवास कार्यालय में जनदर्शन कार्यक्रम में प्रदेश से आए हुए आम जनों की समस्याओं को सुना और निराकरण हेतु अधिकारियों को निर्देश दिया।जनदर्शन में ग्राम बदनाचुआ, विकासखंड पंडरिया जिला कबीरधाम से आए हुए आदिवासी भाई बहनों की समस्या सुनी और त्वरित निराकरण के लिए अधिकारियों को निर्देशित किया।श्रीमती राजवाड़े ने कहा कि हमारी सरकार का ध्येय है कि प्रदेश के अंतिम व्यक्ति तक विकास पहुंचे। उन्हें सभी योजनाओं का लाभ मिले। सभी के समस्याओं का त्वरित निराकरण हो। विष्णु के सुशासन में सशक्त नारी सशक्त छत्तीसगढ़ का निर्माण करना है और देश को विकसित राष्ट्र बनाने में अपना बहुमूल्य योगदान देना है।मंत्री श्रीमती राजवाड़े ने कहा कि विष्णु के सुशासन में प्रदेश के किसी भी वर्ग के लोगों को समस्या ना हो इसकी जिम्मेदारी हम सभी जनप्रतिनिधियों की है। त्वरित निराकरण के निर्देश देने से खुश ग्रामीणों ने मंत्री श्रीमती राजवाड़े का आभार व्यक्त किया।




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