- Home
- छत्तीसगढ़
- बिलासपुर / मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने आज बिलासपुर प्रवास के दौरान शहर के मध्य स्थित रघुराज स्टेडियम में दानदाता गोंड राजा रघुराज सिंह जगत की आदमकद प्रतिमा का अनावरण किया। पंडरिया जमींदारी के राजा रघुराज सिंह जगत द्वारा शहर के बीचोबीच दान की गई लगभग 5 एकड़ भूमि पर इस ऐतिहासिक स्टेडियम का निर्माण किया गया है। क्रिकेट सहित कई इनडोर खेल प्रतियोगिताएं इसमें आयोजित होती हैं। मालूम हो कि अविभाजित बिलासपुर जिले की पश्चिम सीमा में पंडरिया जमींदारी शामिल थी। वर्ष 1958 में यहां के राजा रघुराज सिंह जगत ने बिलासपुर शहर के बीचोबीच स्थित अपनी बेशकीमती जमीन खेलों के विकास के लिए दान कर दी थी। खेल गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिए उनके द्वारा दान में दी गई भूमि पर स्टेडियम बना है। फिजिकल कल्चरल सोसाइटी फिलहाल इसकी देखरेख करती है। राजा रघुराज सिंह क्रिकेट स्टेडियम कई रणजी मैचों का गवाह रह चुका है । स्टेडियम में 1978, 1979 और 1981 में विदर्भ क्रिकेट टीम के खिलाफ मध्य प्रदेश क्रिकेट टीम और रेलवे क्रिकेट टीम के खिलाफ तीन रणजी मैचों की मेजबानी भी कर चुका है। इसके अलावा यहां कई राष्ट्रीय एवं अंतराष्ट्रीय मैच खेल चुके खिलाड़ी अपनी प्रतिभा का लोहा मनवा चुके हैं। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने स्टेडियम में खिलाड़ियों से मिलकर उनका उत्साह बढ़ाया।इस अवसर पर उप मुख्यमंत्री और जिले के प्रभारी मंत्री श्री अरुण साव, विधायक श्री धरमलाल कौशिक, श्री अमर अग्रवाल, श्री धर्मजीत सिंह,श्री सुशांत शुक्ला, महापौर श्रीमती पूजा विधानी, कलेक्टर संजय अग्रवाल, एसएसपी रजनेश सिंह सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि, अधिकारी और गणमान्य नागरिक उपस्थित थे।
- -मंत्रियों, जनप्रतिनिधियों और कलेक्टरों ने तराजू-बॉट की पूजा-अर्चना कर खरीदी का किया शुभारंभ-खरीदी केन्द्रों में किसानों को फूल-माला पहनाकर किया गया स्वागत-पहले दिन किसानों से 188 केंद्रों में 18639 क्विंटल धान की हुई खरीदी-उपमुख्यमंत्री द्वय श्री अरूण साव एवं श्री विजय शर्मा की मौजूदगी में हुआ श्रीगणेश-खाद्य मंत्री श्री बघेल ने चंदरपुर और कृषि मंत्री श्री नेताम ने डौरा-कोचली में की खरीदी की शुरुआत-रायपुर /छत्तीसगढ़ में समर्थन मूल्य पर धान खरीदी का महाअभियान आज से औपचारिक रूप से शुरू हो गया है। यह अभियान राज्य के सभी जिलों में 31 जनवरी तक चलेगा। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में धान खरीदी के लिए सम्पूर्ण चाक-चौबंद और पारदर्शी व्यवस्था की गई है।समर्थन मूल्य पर धान खरीदी के लिए इस साल राज्य में 2739 धान खरीदी केंद्र बनाए गए हैं, जहां किसानों के लिए सभी आवश्यक सुविधाएँ उपलब्ध कराई गई हैं। वहीं, भुगतान की सुविधा सुगम बनाने हेतु माइक्रो एटीएम भी स्थापित किए गए हैं। खरीदी के पहले दिन प्रदेश में 18639 क्विंटल धान की खरीदी की गई।मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने प्रदेश के सभी किसानों को शुभकामनाएँ देते हुए कहा कि किसानों की मेहनत से ही प्रदेश में समृद्धि और खुशहाली का वातावरण निर्मित हुआ है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार खेती-किसानी को बढ़ावा देने के लिए निष्ठा, संवेदनशीलता और सजगता के साथ कार्य कर रही है। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि धान खरीदी को पूरी तरह व्यवस्थित, पारदर्शी और समयबद्ध तरीके से संचालित किया जाएगा। किसानों की किसी भी प्रकार की असुविधा को रोकने के लिए सभी जिलों को स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं। इस वर्ष धान खरीदी को तकनीक-सक्षम बनाते हुए तुँहर टोकन ऐप, जीपीएस आधारित परिवहन, सतर्क ऐप और कमांड-एंड-कंट्रोल सेंटर जैसी व्यवस्थाएँ मजबूत की गई हैं।धान खरीदी के पहले दिन राज्यभर के खरीदी केंद्रों में किसानों का स्वागत फूल-मालाओं के साथ किया गया। विभिन्न जिलों में मंत्रिगणों, सांसदों, विधायकों और स्थानीय जनप्रतिनिधियों ने धान खरीदी का विधिवत् शुभारंभ किया। उपमुख्यमंत्री श्री अरूण साव ने बिलासपुर जिले के सेंदरी धान खरीदी केंद्र में खरीदी की शुरुआत की, वहीं उपमुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा ने कबीरधाम जिले के महाराजपुर धान खरीदी केंद्र में धान खरीदी का शुभारंभ किया।इसी प्रकार, खाद्य मंत्री श्री दयालदास बघेल ने सूरजपुर जिले के चंद्रपुर धान खरीदी केंद्र में विधि-विधान के साथ खरीदी प्रारंभ की और किसानों का फूल-मालाओं से अभिनंदन किया। कृषि विकास एवं किसान कल्याण मंत्री श्री रामविचार नेताम ने बलरामपुर जिले के डौरा-कोचली धान खरीदी केंद्र में पहुँचकर किसानों का आत्मीय स्वागत करते हुए खरीदी प्रक्रिया की शुरुआत की।सहकारिता मंत्री श्री केदार कश्यप ने बस्तर जिले के पल्ली धान खरीदी केंद्र में पूजा-अर्चना कर खरीदी अभियान का औपचारिक शुभारंभ किया। इसी क्रम में राजस्व मंत्री श्री टंकराम वर्मा ने कांकेर जिले के मालगांव धान खरीदी केंद्र में इलेक्ट्रॉनिक तौल मशीन और किसानों द्वारा लाए गए धान की पारंपरिक रीति से पूजा-अर्चना कर खरीदी का आरंभ किया। कौशल विकास मंत्री श्री गुरू खुशवंत साहेब ने महासमुंद जिले के झालखमरिया धान खरीदी केंद्र में धान खरीदी की औपचारिक शुरुआत की।उल्लेखनीय है कि छत्तीसगढ़ सरकार का स्पष्ट लक्ष्य है कि हर किसान बिना किसी परेशानी के अपना धान बेच सके, समय पर भुगतान पाए और पूरी प्रक्रिया पारदर्शी एवं सम्मानजनक हो। आज प्रदेशभर में जिस उत्साह और विश्वास के साथ किसानों ने खरीदी केंद्रों का रुख किया, वह छत्तीसगढ़ की कृषि-आधारित अर्थव्यवस्था की मजबूती का प्रतीक है। आगामी दिनों में खरीदी प्रक्रिया और अधिक सुगमता के साथ चले, इसके लिए सभी जिला प्रशासन सतर्क और प्रतिबद्ध हैं।मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने कहा है कि सरकार का ध्येय केवल धान खरीदना नहीं, बल्कि किसान के श्रम का सम्मान सुनिश्चित करना है और यही भावना इस पूरे अभियान की सबसे बड़ी शक्ति है।
- रायपुर। अस्पतालों की गुणवत्ता, सुरक्षा और नियमानुसार उपचार सुनिश्चित करने में अनियमितता पर स्वास्थ्य विभाग ने कार्यवाही करते हुए बलौदाबाज़ार जिले में संचालित दो निजी अस्पतालों के आयुष्मान पंजीयन 3 माह के लिये सस्पेंड कर दिया है।प्राप्त जानकारी के अनुसार मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी के द्वारा आरोग्यम हॉस्पिटल सिमगा एवं ओमकार हॉस्पिटल बलौदाबाजार का जांच कराया गया जिसमें गंभीर अनियमितताएं पाए जाने के बाद कारण बताओ नोटिस जारी किया गया।उक्त दोनों अस्पतालों को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया। नोटिस का जवाब संतोषजनक नहीं होने पर राज्य कार्यालय को अस्पतालों के विरुद्ध कार्यवाही की अनुशंसा की गई। अनुशंसा के आधार पर राज्य नोडल एजेंसी द्वारा आरोग्यम हॉस्पिटल सिमगा एवं ओमकार हॉस्पिटल बलौदाबाजार का आयुष्मान पंजीयन 3 माह के लिये सस्पेंड कर दिया है।जाँच में मिली प्रमुख कमियाँ- अस्पताल स्टाफ की योग्यता का सत्यापन न होना,आवश्यक मेडिकल उपकरणों का अभाव,केस शीट और उपचार रजिस्टर में गड़बड़ियाँ, आपातकालीन प्रतिक्रिया प्रणाली कमजोर, दवाइयों और प्रक्रियाओं की गलत प्रविष्टियां,आवश्यक सुविधाओं की कमी,मरीजों की देखरेख में खामियां मिली।
- -समितियों का किया औचक निरीक्षण कर किसानों से किया संवादरायपुर,। खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग की सचिव तथा राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग की आयुक्त श्रीमती रीना बाबा साहेब कंगाले ने आज कांकेर जिले के धान खरीदी केन्द्रों का औचक निरीक्षण किया। समर्थन मूल्य पर सुचारू धान खरीदी सुनिश्चित करने के उद्देश्य से उन्होंने चारामा तहसील के माहुद, चारामा, लखनपुरी और कांकेर तहसील के नाथिया नवागांव एवं सरोना स्थित खरीदी केन्द्रों की व्यवस्था का विस्तृत अवलोकन किया।निरीक्षण के दौरान सचिव ने किसानों से सीधे संवाद कर उनकी समस्याओं एवं आवश्यकताओं को जाना। उन्होंने धान विक्रय टोकन की प्रक्रिया का परीक्षण किया और किसानों को बताया कि टोकन सोसायटी मॉड्यूल के माध्यम से भी प्राप्त किए जा सकते हैं।सचिव ने जिला खाद्य अधिकारी और सहकारी बैंक के नोडल अधिकारियों से कम्प्यूटर ऑपरेटरों की नियुक्ति, उनके प्रशिक्षण, नमी मापक यंत्र, बारदाना उपलब्धता, डेमेज एवं हमाल की व्यवस्था संबंधी जानकारी ली। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि खरीदी केन्द्रों में किसानों को किसी भी प्रकार की परेशानी नहीं होनी चाहिए।जिला खाद्य अधिकारी ने बताया कि कांकेर जिले में समर्थन मूल्य पर धान विक्रय हेतु 94 हज़ार 192 किसानों का पंजीयन किया जा चुका है तथा 85 प्रतिशत बारदाना उपलब्ध करा दिया गया है। सचिव के द्वारा निरीक्षण के दौरान एसडीएम श्री अरुण वर्मा, खाद्य अधिकारी श्री जे.जे. नायक, उप पंजीयक सहकारी समिति श्री आशुतोष डडसेना, तहसीलदार चारामा श्री सतेन्द्र शुक्ल, नायब तहसीलदार श्री कृष्ण कुमार पाटले, तहसीलदार सरोना श्री मोहित साहू, सहकारी बैंक के नोडल अधिकारी श्री मनोज वानखेडे तथा नान के जिला प्रबंधक श्री आकाश राही भी उपस्थित रहे।
- -धान उपार्जन केन्द्रों का विधायक कलेक्टर सहित अन्य जनप्रतिनिधियों द्वारा किया गया निरीक्षण-राज्य शासन के मंशानुरूप धान खरीद प्रक्रिया को किसानों के हित में पारदर्शी, सुगम बनाने के लिए प्रशासन पूर्णतः प्रतिबद्ध -विधायक श्री अटामीदंतेवाड़ा । छत्तीसगढ़ राज्य में मुख्यमंत्री की किसान हितैषी मंशा के अनुरूप आज से धान खरीदी का शुभारंभ किया गया। इसी क्रम में दंतेवाड़ा जिले के मुख्य उपार्जन केंद्र दंतेवाड़ा में विधायक सहित अन्य जनप्रतिनिधियों, कलेक्टर ओर अन्य अधिकारीगण की गरिमामयी उपस्थिति में खरीफ विपणन वर्ष 2025-26 की धान खरीदी प्रक्रिया की शुरुआत हुई। मुख्यमंत्री के निर्देशानुसार इस वर्ष धान खरीदी को और अधिक पारदर्शी, सुगम और तकनीकी रूप से मजबूत बनाया गया है।इस क्रम में कृषकों को संबोधित करते हुए विधायक श्री चैतराम अटामी ने कहा कि राज्य सरकार पंजीकृत किसानों से धान खरीदने के लिए पूर्णतः प्रतिबद्ध है और इसके लिए शासन द्वारा सभी तैयारियां पहले से कर ली गई हैं। उन्होंने किसानों से धान बिक्री हेतु पूरी तैयारी कर साफ-सुथरा, अच्छी गुणवत्ता वाला धान उपार्जन केंद्रों तक लाने की अपील की, ताकि गाँव और जिले का नाम गौरवान्वित हो। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि खराब, धूल-मिट्टी मिश्रित धान उपार्जन केंद्रों में बिल्कुल न लाया जाए।जिले के सभी 15 उपार्जन केंद्रों में छाया, पानी, शौचालय और अन्य बुनियादी व्यवस्थाओं को सुनिश्चित करने के निर्देश प्रशासन को दिए गए हैं, ताकि किसी भी किसान को असुविधा न हो। इस वर्ष दंतेवाड़ा में 13,000 से अधिक किसानों ने धान खरीदी हेतु पंजीयन कराया है, जिनके लिए प्रशासन ने व्यापक तैयारी की है।कलेक्टर श्री कुणाल दुदावत ने जानकारी देते हुए बताया कि शासन के निर्देशानुसार पंजीकृत किसानों से धान खरीदी बायोमेट्रिक पद्धति से की जाएगी ताकि पारदर्शिता बनी रहे। छत्तीसगढ़ में धान खरीदी 15 नवंबर 2025 से 31 जनवरी 2026 तक चलेगी। इस वर्ष किसानों की सुविधा के लिए ‘टोकन तुंहर हाथ’ एप के माध्यम से टोकन उपलब्ध कराए जा रहे हैं। शासन द्वारा घोषित समर्थन मूल्य के अनुसार पतला धान 2389 रुपए प्रति क्विंटल, मोटा धान 2369 रुपए प्रति क्विंटल की दर से खरीदा जाएगा, तथा कृषक सहायता राशि जोड़कर धान खरीदी 3100 रुपए प्रति क्विंटल की दर से की जाएगी। प्रति एकड़ 21 क्विंटल तक धान खरीदा जाएगा। धान खरीदी के सफल संचालन हेतु जिला प्रशासन पूरी तरह तैयार है और किसानों के हितों को सर्वोपरि रखते हुए संपूर्ण प्रक्रिया को सरल, पारदर्शी और सुगम बनाने के लिए प्रतिबद्ध है। इस अवसर पर अधिकारी एवं कर्मचारी सहित कृषकगण उपस्थित थे।
- दंतेवाड़ा । छत्तीसगढ़ योग आयोग द्वारा बस्तर संभाग के वनांचल एवं आदिवासी बहुल क्षेत्रों में योग जागरूकता और प्रशिक्षण को बढ़ावा देने हेतु विशेष पहल की जा रही है। इसी क्रम में बस्तर संभाग के जिला दंतेवाड़ा में दस दिवसीय जिला स्तरीय योग प्रशिक्षण शिविर का आयोजन किया जा रहा है। यह आवासीय प्रशिक्षण शिविर 17 नवंबर 2025 से 26 नवंबर 2025 तक नवनिर्मित पोस्ट मैट्रिक छात्रावास भवन, चूड़ी टिकरा, दंतेवाड़ा में आयोजित होगा। शिविर में प्रतिभागियों को दैनिक जीवन में योग के महत्व, स्वास्थ्य लाभ, मानसिक संतुलन तथा योगाभ्यास के विभिन्न आयामों पर विशेषज्ञों द्वारा विस्तृत प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा। आयोजन का उद्देश्य अधिक से अधिक लोगों को योग से जोड़कर स्वस्थ जीवनशैली को बढ़ावा देना है। इच्छुक प्रतिभागी अधिक संख्या में उपस्थित होकर इस आवासीय शिविर का लाभ ले सकते हैं। अधिक जानकारी एवं पंजीयन हेतु समाज कल्याण विभाग दंतेवाड़ा के संपर्क नंबर 08839222699 पर संपर्क किया जा सकता है।
- -वर्चुअल कार्यक्रम में प्रधानमंत्री द्वारा जिलें को दी गई दो एकलव्य आदर्श आवासीय विद्यालय की सौगात-जननायक बिरसा मुंडा का जीवन संदेश भावी पीढ़ी के लिए अनुकरणीय-जनजातीय वीर वीरांगनाओं के शौर्य और बलिदान के लिए सदैव ऋणी रहेगा देश-विधायकदंतेवाड़ा । जिले में जन जातीय गौरव दिवस आज अत्यंत उत्साह, सम्मान और गरिमामय वातावरण में जिला मुख्यालय दंतेवाड़ा स्थित माँ दंतेश्वरी मंदिर प्रांगण, मेंढ़क डोबरा परिसर में भव्य रूप से आयोजित किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि विधायक श्री चैतराम अटामी सहित अन्य जनप्रतिनिधियों, कलेक्टर, पुलिस अधीक्षक, जिला पंचायत सीईओ, नगर पालिका एवं जनपद पंचायत पदाधिकारियों तथा जिले के वरिष्ठ अधिकारियों द्वारा दीप प्रज्वलन कर किया गया।कार्यक्रम के दौरान देश के प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी द्वारा जन जातीय गौरव दिवस एवं भगवान बिरसा मुंडा की 150वीं जयंती पर राष्ट्र को संबोधित करते हुए दिए गए वर्चुअल संदेश का सीधा प्रसारण दिखाया गया। प्रधानमंत्री ने इस ऐतिहासिक अवसर पर सभी देशवासियों एवं विशेष रूप से जनजातीय समाज को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दीं। जिला मुख्यालय में उपस्थित जनप्रतिनिधियों, अधिकारी-कर्मचारियों, ग्रामीणों तथा बड़ी संख्या में पहुंचे स्कूली छात्र-छात्राओं ने प्रधानमंत्री के उद्बोधन को अत्यंत उत्साह के साथ सुना। इसी वर्चुअल कार्यक्रम में प्रधानमंत्री ने एकलव्य आदर्श आवासीय विद्यालय गीदम एवं एकलव्य आदर्श आवासीय विद्यालय कुआकोंडा का शिलान्यास भी किया, जिसे उपस्थित जनसमुदाय ने तालियों की गड़गड़ाहट के साथ स्वागत किया।कार्यक्रम के अवसर पर विधायक श्री चैतराम अटामी ने कहा कि आज हम सभी भगवान बिरसा मुंडा की 150वीं जयंती के पावन अवसर पर जन जातीय गौरव दिवस बड़े ही सम्मान और गर्व के साथ मना रहे हैं। उन्होंने कहा कि बिरसा मुंडा केवल एक व्यक्ति नहीं थे, बल्कि पूरे भारत और विशेषकर जनजातीय समाज के लिए एक युग, एक चेतना और एक क्रांति थे। बिरसा मुंडा ने अपने अल्प जीवन में जल, जंगल और जमीन की रक्षा के लिए वह संघर्ष किया, जिसने उन्हें धरती आबा धरती के पिता का स्थान दिया।विधायक श्री अटामी ने कहा कि बिरसा मुंडा ने शोषण और अन्याय के विरुद्ध आदिवासी समाज को संगठित किया, अपने असाधारण नेतृत्व से ‘उलगुलान’ अर्थात महान क्रांति का बिगुल फूंका और गरीबों, किसानों एवं वनवासियों के अधिकारों की रक्षा के लिए अपना सर्वस्व न्यौछावर कर दिया। उन्होंने आगे कहा कि भारत देश की आजादी और सामाजिक न्याय की लड़ाई में अनेक क्रांतिकारियों ने महत्वपूर्ण योगदान दिया है, और उनमें बिरसा मुंडा का स्थान सर्वोपरि है। आज उनका जीवन संदेश हमें प्रेरित करता है कि हम अपनी संस्कृति, परंपरा, प्रकृति और अधिकारों की रक्षा के लिए हमेशा जागरूक और संगठित रहें। विधायक श्री अटामी ने यह भी बताया कि धरती आबा योजना के अंतर्गत जिले के विभिन्न ग्रामों में शिविरों का आयोजन किया जा रहा है, जिसके माध्यम से शासन की विविध योजनाओं की जानकारी, लाभ और जागरूकता गाँव-गाँव तक पहुँचाई जा रही है। विधायक श्री अटामी ने सभी स्कूली बच्चों द्वारा सांस्कृतिक प्रतिभागियों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि ऐसे आयोजन हमारी समृद्ध आदिवासी विरासत को आगे बढ़ाने का महत्वपूर्ण अवसर प्रदान करते हैं। इस क्रम में महिला आयोग की सदस्य श्रीमती ओजस्वी मंडावी जिला पंचायत अध्यक्ष श्री नंदलाल मुड़ामी एवं उपाध्यक्ष श्री अरविंद कुजांम द्वारा भी जननायक भगवान बिरसा मुंडा के कृतित्व पर प्रकाश डालते हुए भावी पीढ़ी को उनसे प्रेरणा लेने का आग्रह किया गया।कलेक्टर श्री कुणाल दुदावत ने कार्यक्रम में उपस्थित सभी जनप्रतिनिधियों, सामाजिक नेताओं, वरिष्ठजनों एवं जिले वासियों का हार्दिक स्वागत करते हुए जय जोहार कहा। उन्होंने अपने संबोधन में कहा कि जनजाति गौरव दिवस को छत्तीसगढ़ शासन की मंशानुसार पूरे प्रदेश में उत्साह, सम्मान और गर्व के साथ मनाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि ‘‘आज हम सभी माननीय प्रधानमंत्री जी के उद्बोधन को सुन रहे थे, जिसमें उन्होंने आदिवासी समाज के अमूल्य योगदान, संस्कृति और परंपराओं को अक्षुण्ण बनाए रखने पर विशेष जोर दिया। हमारे देश के इतिहास को समृद्ध बनाने में जनजातीय समाज का योगदान अतुलनीय है और इस गौरव को सम्मान देने के लिए ही यह दिवस समर्पित है।’’कलेक्टर ने आगे कहा कि जिले में जनजातीय समाज की सांस्कृतिक पहचान, परंपराओं और संवेदनाओं को संरक्षित और सुदृढ़ करने के लिए धरती आबा योजना के तहत विशेष पहलें की जा रही हैं। इस योजना के तहत जिले की सभी ग्राम पंचायतों में शिविरों का आयोजन किया गया, जिसमें स्थानीय परंपराओं का दस्तावेजीकरण, पारंपरिक ज्ञान का संकलन, युवाओं में सांस्कृतिक जागरूकता, तथा जनजातीय नायकों के जीवन और संघर्षों पर विस्तृत चर्चा की गई है। उन्होंने कहा कि शिविरों के माध्यम से ग्रामीणों को शासन की विविध जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी दी गई तथा उन्हें अपने अधिकारों और अवसरों के प्रति जागरूक किया गया। इसके साथ ही, आदिवासी कला, गीत, नृत्य, हस्तशिल्प एवं पारंपरिक खेलों को बढ़ावा देने के लिए विशेष प्रदर्शन और प्रतियोगिताएं आयोजित की जा रही हैं। कलेक्टर श्री दुदावत ने कहा कि ‘‘जनजातीय गौरव दिवस केवल उत्सव नहीं है, बल्कि यह हमारी साझा सांस्कृतिक विरासत का स्मरण और संरक्षण का संकल्प है। जिला प्रशासन जनजातीय समाज के उत्थान, शिक्षा, आजीविका, स्वास्थ्य और सांस्कृतिक संरक्षण के लिए निरंतर कार्य कर रहा है और आगे भी इस दिशा में नए नवाचार और कार्यक्रम जारी रहेंगे। कलेक्टर ने यह भी कहा कि जिस प्रकार वर्चुअल कार्यक्रम में लखपती दीदियों ने आत्मनिर्भरता का अनुभव साझा किया है। इस संबंध में जिला प्रशासन का यह प्रयास रहेगा कि जिले में भी लखपति दीदी योजना अंतर्गत महिलाओं के लिए नये कार्यक्षत्रों में अवसर उपलब्ध कराये जायेगें।इस अवसर पर विविध जनजातीय लोक नृत्यों कार्यक्रमों की मनमोहक प्रस्तुतियां भी दी गईं। जिले के विभिन्न विकास खंडों से आए नृत्य दलों और स्कूली छात्र-छात्राओं ने पारंपरिक वाद्ययंत्रों की धुन पर आकर्षक प्रदर्शन कर कार्यक्रम में उत्साह और ऊर्जा का संचार किया। लोक नृत्यों प्रस्तुतियों के मूल्यांकन उपरांत उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले दलों का चयन किया गया, जिन्हें आगामी अंबिकापुर में आयोजित राज्य स्तरीय जन जातीय गौरव दिवस कार्यक्रम में जिले का प्रतिनिधित्व करने का अवसर मिलेगा। इस गरिमामय अवसर पर नगर पालिका अध्यक्ष श्रीमती पायल गुप्ता, जनपद पंचायत अध्यक्ष श्रीमती सुनीता भास्कर, अन्य जनप्रतिनिधि कमला विनय नाग, संतोष गुप्ता, सर्व समाज प्रमुख, पुलिस अधीक्षक श्री गौरव राय, जिला पंचायत सीईओ श्री जयंत नाहटा, अपर कलेक्टर श्री राजेश पात्रे, आदिवासी आयुक्त श्री राजीव नाग, सहित जिले के अन्य अधिकारी-कर्मचारी, जनप्रतिनिधिगण एवं बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे।
- - जिला प्रशासन द्वारा मातृ मृत्यु दर में कमी लाने के लिए की गई अद्वितीय पहल- सभी डॉक्टर अपने जिम्मेदारियों का बेहतर तरीके से करें निर्वहन- जिले के निर्माणाधीन स्वास्थ्य केन्द्रों को गुणवत्तापूर्ण तरीके से शीघ्र पूर्ण करने के दिए निर्देश- कलेक्टर ने संस्थागत प्रसव को बढ़ाने के लिए कहा- कलेक्टर ने जिला स्वास्थ्य समिति की बैठक लीराजनांदगांव । कलेक्टर श्री जितेन्द्र यादव ने शुक्रवार को कलेक्टोरेट सभाकक्ष में जिला स्वास्थ्य समिति की बैठक ली। कलेक्टर ने पूर्व में हुए मातृ मृत्यु के दृष्टिगत परिजनों से चर्चा की। उन्होंने मोबाईल के माध्यम से प्रतिदिन हाई रिस्क वाली गर्भवती महिलाओं के स्वास्थ्य की जानकारी लेने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने निजी डायग्नोस्टिक संस्थानों से बात कर जरूरतमंद गर्भवती महिलाओं को नि:शुल्क स्वास्थ्य जांच करने के लिए कहा। कलेक्टर ने कहा कि स्वास्थ्य सेवा समाज की महत्वपूर्ण सेवा है। सभी डॉक्टर अपनी जिम्मेदारियों एवं कर्तव्य का बेहतर तरीके से निर्वहन करें। सभी स्वास्थ्य केन्द्रों में डॉक्टर, नर्स एवं अन्य स्टॉफ का व्यवहार मरीजों के साथ अच्छा होना चाहिए। कलेक्टर ने जिले सभी सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र, प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्रों में उपलब्ध संसाधनों की गहन समीक्षा की। उन्होंने स्वास्थ्य केन्द्रों के संजीवनी एम्बुलेंस, विभागीय एम्बुलेंस, महतारी एक्सप्रेस सहित अन्य वाहनों की नियमित मॉनिटरिंग करने के निर्देश दिए। उन्होंने एम्बुलेंस की सुविधा को दुरूस्त करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि एम्बुलेंस की सुविधा मरीजों तक समय पर पहुंचे यह सुनिश्चित करें। जिससे मरीजों को समय पर ईलाज उपलब्ध हो सके। उन्होंने जिले के निर्माणाधीन स्वास्थ्य केन्द्रों को गुणवत्तापूर्ण तरीके से शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि प्राथमिकता देते हुए प्रगतिरत एवं अप्रारंभ निर्माण कार्य को समय पर पूर्ण करना सुनिश्चित करें। उन्होंने अधिकारियों को निर्माणाधीन कार्यों की नियमित मॉनिटरिंग करने के निर्देश दिए।कलेक्टर श्री जितेन्द्र यादव ने शिशु मृत्यु दर में कमी लाने के लिए कमजोर बच्चों का चिन्हांकन करने के लिए डोर-टू-डोर सर्वे कर अभिभावकों की कांउसलिंग एवं उचित ईलाज करने के निर्देश दिए। उन्होंने जिले में संस्थागत प्रसव को बढ़ाने के लिए कहा। गर्भवती महिलाओं की एएनसी जांच एवं उपचार नियमित तौर पर होना चाहिए। उन्होंने हाई रिस्क गर्भवती महिलाओं के चिन्हांकन कर उनके लिए विशेष तौर पर उपचार के संबंध में आवश्यक निर्देश दिए। उन्होंने स्थानीय स्तर पर निजी डायग्नोस्टिक संस्थाओं से संपर्क कर न्यूनतम दर पर गर्भवती महिलाओं की जांच व्यवस्था करने कहा। जिससे गर्भवती महिलाओं की नियमित जांच हो पाएगी। उन्होंने जिला अस्पताल और शासकीय मेडिकल कॉलेज के डायलिसिस मशीनों बेहतर तरीके से उपयोग करते हुए अधिक से अधिक संबंधित मरीजों का डायलिसिस करने के लिए कहा। टीबी एवं कुष्ठ रोग की बीमारी के परीक्षण को बढ़ाने के लिए कहा। उन्होंने समस्त राष्ट्रीय कार्यक्रम की समीक्षा की एवं आवश्यक निर्देश दिए। उन्होंने जननी सुरक्षा योजना, आयुष्मान वय वंदन कार्ड, निक्षय निरामय, प्रधानमंत्री जन औषधि केन्द्र, मातृत्व एवं शिशु स्वास्थ्य कार्य की प्रगति, एनीमिया मुक्त भारत, परिवार नियोजन, राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम, आयुष्मान आरोग्य मंदिर, पोषण पुर्नवास की प्रगति, प्रधानमंत्री राष्ट्रीय डायलिसिस योजना, ई-संजीवनी, मुख स्वास्थ्य कार्यक्रम, मानसिक स्वास्थ्य कार्यक्रम, राष्ट्रीय वैक्टर रोग नियंत्रण कार्यक्रम, डेंगू, मलेरिया, फाईलेरिया सहित अन्य कार्यक्रमों के प्रगति की समीक्षा की। इस अवसर पर संयुक्त संचालक मेडिकल कालेज डॉ. अतुल देशकर, डिप्टी कलेक्टर श्री प्रकाश टंडन, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. नेतराम नवरत्न, सिविल सर्जन श्री यूके चंद्रवंशी, डॉ. माधुरी खुंटे, जिला टीकाकरण अधिकारी डॉ. बीएल तुलावी, डीपीएम श्री संदीप ताम्रकार, समस्त बीएमओ, बीपीएम, सलाहकार उपस्थित रहे।
- महासमुंद / राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 में निर्धारित बुनियादी साक्षरता एवं संख्या ज्ञान (FLN) को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से जिला महासमुंद की 1269 प्राथमिक शालाओं में दिनांक 14 नवंबर को FLN मेला का आयोजन किया गया। इस वर्ष का थीम “करके देखबो, सीख के रहीबो” था। मेले का मुख्य उद्देश्य वर्ष 2027 तक प्रत्येक बच्चे को भाषाई एवं गणितीय दक्षता से पूर्णत: निपुण बनाना है तथा शिक्षा को गतिविधि-आधारित, रोचक और बाल-केंद्रित बनाना है।जिला स्तर पर यह आयोजन कलेक्टर श्री विनय कुमार लंगेह तथा सीईओ जिला पंचायत श्री हेमंत कुमार नंदनवार के मार्गदर्शन में सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। इस दौरान जिले के प्रत्येक विद्यालय में कुल 48 गतिविधि आधारित काउंटर स्थापित किए गए, जिनमें गणित – 15 काउंटर, हिंदी – 17 काउंटर, अंग्रेजी – 11 काउंटर, बालवाड़ी – 05 काउंटर सभी काउंटरों का संचालन बच्चों द्वारा स्वयं किया गया। शिक्षक पूरे समय मार्गदर्शक एवं पर्यवेक्षक की भूमिका में रहे। बच्चों ने रोचक खेल, भाषा एवं गणितीय गतिविधियाँ, प्रायोगिक मॉडल, TLM सामग्री के माध्यम से अपनी समझ और दक्षता का शानदार प्रदर्शन किया।जिले में आयोजित FLN मेले का निरीक्षण डीईओ श्री विजय कुमार लहरे, डीएमसी श्री रेखराज शर्मा, एपीसी श्री डी.एन. जांगड़े, विद्या साहू, सम्पा बोस, प्रियंका पटेल, संजय पटेल , जय यादव एवं विशेषज्ञों द्वारा किया गया। इस दौरान अधिकारियों द्वारा पीएम श्री विद्यालय तुमगांव, प्राथमिक शाला सम्हर, कसहीबाहरा, कन्या पिथौरा, भलेसर, बृजराज, कुर्मीपारा विद्यालय का अवलोकन किया गया। इस दौरान पालकगण, एसएमसी सदस्य और बड़ी संख्या में बच्चे उपस्थित रहे। FLN मेला महासमुंद जिले में शिक्षा की गुणवत्ता बढ़ाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। यह मेला बच्चों की सीखने की क्षमता, शिक्षकों की रचनात्मकता और स्कूल–समुदाय की सहभागिता का उत्कृष्ट उदाहरण है। हर बच्चा सीख सकता है, समझ सकता है और निपुण बन सकता है।
- बिलासपुर /मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने बिलासपुर के कोनी में संभागायुक्त के नये कार्यालय का विधिवत पूजा अर्चना के साथ लोकार्पण किया। लगभग 12 करोड़ रुपए की लागत से इस सर्वसुविधायुक्त भवन का निर्माण किया गया है। उन्होंने नए कार्यालय के विभिन्न कक्षों और सुविधाओं का अवलोकन किया। अरपा नदी के किनारे बिलासा ताल के सामने लगभग ढाई एकड़ क्षेत्र में इसका विस्तार है। इसमें बेसमेंट सहित भूतल और प्रथम तल बना हैं। प्रत्येक तल पर 1620 वर्गमीटर में निर्माण कार्य हुआ है। भूतल में 10 कमरे, हॉल और पृथक से प्रसाधन कक्ष हैं। इसी प्रकार दूसरे तल में 12 कमरे और हाल के साथ अलग से प्रसाधन बना हुआ है। भवन में आयुक्त, अपर आयुक्त का कक्ष, न्यायालय कक्ष और बैठक कक्ष हैं। उपायुक्त राजस्व, विकास, लेखा अधिकारी के साथ अलग अलग स्टाफ रूम हैं। नए भवन में अधिवक्ताओं और पक्षकारों की सुविधाओं को भी समाहित किया गया है। नए भवन के बन जाने से प्रशासनिक कार्याें में सुविधा मिलने के साथ पक्षकारों और अधिवक्ताओं को भी फायदा मिलेगा। मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर परिसर में एक पेड़ मां के नाम अभियान के अंतर्गत लाल चंदन के पौधे लगाये। इस अवसर पर उप मुख्यमंत्री और जिले के प्रभारी मंत्री श्री अरुण साव, विधायक श्री धरमलाल कौशिक, श्री अमर अग्रवाल, श्री धर्मजीत सिंह,श्री सुशांत शुक्ला, श्री अटल श्रीवास्तव, श्री दिलीप लहरिया, क्रेडा अध्यक्ष भूपेन्द्र सवन्नी, पाठय पुस्तक निगम अध्यक्ष श्री राजा पाण्डेय, महापौर पूजा विधानी, संभागायुक्त सुनील जैन, आईजी संजीव शुक्ला, कलेक्टर संजय अग्रवाल, एसएसपी रजनेश सिंह सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि, अधिकारी और गणमान्य नागरिक उपस्थित थे।
- -छत्तीसगढ़ अत्यावश्यक सेवा संधारण तथा विच्छिन्नता निवारण अधिनियम, ESMA लागूमहासमुंद / राज्य सरकार का यह समाधान हो गया है कि लोक हित में यह आवश्यक तथा समीचीन है कि राज्य में 15 नवंबर 2025 से 31 जनवरी 2026 अर्थात खरीफ विपणन वर्ष 2025-26 की संपूर्ण धान खरीदी की अवधि तक धान खरीदी कार्य में संलग्न समस्त कर्मचारियों को अत्यावश्यक सेवा में कार्य करने से इंकार किये जाने का प्रतिषेध किया जाये। अतएव छत्तीसगढ़ अत्यावश्यक सेवा संधारण तथा विच्छिन्नता निवारण अधिनियम, 1979 (क. 10 सन् 1979) की धारा 4 की उप-धारा (1) एवं (2) द्वारा प्रदत्त शक्तियों को प्रयोग में लाते हुए, राज्य सरकार, एतद्वारा, अनुसूची के खण्ड क-क. (दो) (क) (ख) में विनिर्दिष्ट अनुसार धान खरीदी कार्य में संलग्न कर्मचारियों द्वारा कार्य से इंकार किये जाने का प्रतिषेध करती है, जो15 नवंबर 2025 से 31 जनवरी 2026 अर्थात खरीफ विपणन वर्ष 2025-26 तक की कालावधि के लिये तत्काल प्रभाव से प्रवृत्त होगा।कलेक्टर श्री विनय लंगेह ने जिले में धान खरीदी में संलग्न अधिकारी कर्मचारियों को छत्तीसगढ़ अत्यावश्यक सेवा संधारण तथा विच्छिन्नता निवारण अधिनियम के अंतर्गत पालन के निर्देश दिए है। उन्होंने सभी अनुविभागीय अधिकारियों को अधिनियम का कड़ाई से पालन के निर्देश दिए हैं। आदेश का पालन नहीं करने पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
- दुर्ग / कलेक्टर श्री अभिजीत सिंह ने "नशा मुक्त भारत अभियान" (एनएमबीए) के पाँच वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में, इस राष्ट्रव्यापी अभियान की सफलता सुनिश्चित करने हेतु 18 नवंबर 2025 को जिले में व्यापक स्तर पर शपथ ग्रहण कार्यक्रम आयोजित करने के निर्देश दिए हैं, जिससे अधिक से अधिक नागरिक इसमें शामिल हो सकें। उन्होंने जिले के सभी विभाग प्रमुखों को निर्देशित किया है कि वे अपने विभाग के साथ-साथ अधीनस्थ कार्यालयों, आम जनता, जनप्रतिनिधियों, जिलों में अध्ययनरत छात्र-छात्राओं (स्कूल शिक्षा, उच्च शिक्षा, तकनीकी शिक्षा, चिकित्सा शिक्षा और कृषि शिक्षा), गणमान्य नागरिकों, सामाजिक संस्थाओं, महिला समूहों, स्वयंसेवकों, आध्यात्मिक गुरुओं, व्यापारिक संघों, पंचायती राज संस्थाओं, यूएलबी, पीएसयू, एसएचजी, एनएसएस, एनसीसी, पुलिस जवानों, आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं, श्रमिकों एवं अन्य सभी वर्गों को सम्मिलित करते हुए 18 नवंबर 2025 को व्यापक स्तर पर "नशा मुक्त भारत अभियान" के अंतर्गत शपथ कराना सुनिश्चित करें।शपथ कार्यक्रम पश्चात् उपसंचालक समाज कल्याण विभाग के E-mail [email protected] पर फोटोग्राफ्स मय पालन प्रतिवेदन उपलब्ध कराना सुनिश्चित करेंगे।
- -प्रधानमंत्री मोदी वर्चुअली जुड़े, विकास परियोजनाओं का किया लोकार्पणरायपुर । महासमुंद जिला पंचायत सभाकक्ष में भगवान बिरसा मुंडा की 150वीं जयंती पर जनजातीय गौरव दिवस पूरे उत्साह और सम्मान के साथ मनाया गया। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी नर्मदा ज़िले के डेडियापाड़ा से वर्चुअली शामिल हुए और दो बहुउद्देशीय केंद्रों का शुभारंभ एवं 13 छात्रावासों का शिलान्यास किया।मुख्य अतिथि कौशल विकास, तकनीकी शिक्षा एवं रोजगार तथा अनुसूचित जाति विकास मंत्री श्री गुरु खुशवंत साहेब ने छत्तीसगढ़ महतारी के तैलचित्र पर दीप प्रज्ज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। कार्यक्रम में विधायक श्री योगेश्वर राजू सिन्हा, विधायक श्री संपत अग्रवाल, जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती मोगरा पटेल, कलेक्टर श्री विनय कुमार लंगेह सहित जनजातीय समाज के प्रमुख उपस्थित थे।अपने संबोधन में मंत्री श्री गुरु खुशवंत साहेब ने कहा कि भगवान बिरसा मुंडा का जीवन त्याग, साहस और संकल्प का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि बिरसा मुंडा ने जल, जंगल और जमीन की रक्षा के लिए अल्पायु में ही बड़ा आंदोलन खड़ा किया, जिसकी प्रेरणा आज भी जनजातीय समाज को दिशा देती है। उन्होंने प्रधानमंत्री द्वारा बिरसा मुंडा जयंती को जनजातीय गौरव दिवस के रूप में मनाने के निर्णय की सराहना की।महासमुंद विधायक श्री योगेश्वर राजू सिन्हा ने कहा कि यह दिवस आदिवासी अस्मिता और गौरव का प्रतीक है। वहीं बसना विधायक श्री संपत अग्रवाल ने कहा कि बिरसा मुंडा का संघर्ष सामाजिक, सांस्कृतिक और अस्तित्व की रक्षा का महाआंदोलन था और प्रधानमंत्री के नेतृत्व में जनजातीय समाज की उन्नति के लिए लगातार कार्य जारी हैं।कार्यक्रम में शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले छात्रों को मोमेंटो व प्रशस्ति पत्र प्रदान किए गए। साथ ही पीएम जनमन अंतर्गत 5 हितग्राहियों को पीएम आवास की चाबी सौंपी गई।महिला स्व सहायता समूहों को चक्रीय एवं सामुदायिक निवेश निधि के चेक तथा 5 हितग्राहियों को आयुष्मान कार्ड प्रदान कर सम्मानित किया गया। इसी तरह डेयरी फॉर्म स्थापना हेतु 2 लाभार्थियों को सहायता राशि एवंस्वतंत्रता संग्राम सेनानी एवं नक्सल प्रभावित परिवारों को मोमेंटो प्रदान कर सम्मानित किया गया।कलेक्टर श्री विनय कुमार लंगेह ने बताया कि विशेष पिछड़ी जनजातियों के विकास हेतु पिछले एक वर्ष में—3025 आधार कार्ड, 1887 आयुष्मान कार्ड, 2102 बैंक खाते, 3099 राशन कार्ड और 1380 सामाजिक प्रास्थिति प्रमाण पत्र बनाए गए।पीएम जनमन के तहत 678 आवास, 26 सड़कें, पेयजल, विद्युत और आंगनबाड़ी जैसी सुविधाएँ दी गईं। धरती आबा कार्यक्रम के तहत 308 गांवों में ग्रामीणों द्वारा विलेज एक्शन प्लान तैयार किया गया।कार्यक्रम से पूर्व मंत्री एवं विधायकगणों ने विभिन्न विभागों के स्टॉलों का निरीक्षण किया। स्व सहायता समूहों द्वारा बनाए गए उत्पादों की सराहना की गई तथा स्वास्थ्य विभाग के स्टॉल पर हितग्राहियों को आयुष्मान कार्ड वितरित किए गए।कार्यक्रम में सर्व आदिवासी समाज के प्रमुख, विभिन्न जनजातियों के प्रतिनिधि, जनप्रतिनिधि, अधिकारीगण, महिला स्व सहायता समूह की सदस्याएँ और स्कूली बच्चे बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।
- रायपुर ।मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के मंशानुरूप खरीफ विपणन वर्ष 2025-26 में समर्थन मूल्य पर किसानो से धान खरीदी कार्य का कोरबा जिले में आज से शुभारंभ हो गया है। कैबिनेट मंत्री श्री लखन लाल देवांगन की उपस्थिति में आज विकासखण्ड कोरबा के आदिम जाति सेवा सहकारी समिति मर्यादित केंद्र सोनपुरी में धान खरीदी कार्य का शुभारंभ हुआ। उन्होंने इलेक्ट्रॉनिक तौल मशीन की पूजा अर्चना कर धान खरीदी की विधिवत शुरुआत की गई। मंत्री श्री देवांगन ने समिति में धान विक्रय के लिये आए किसान श्री फूलसिंह राठिया का पुष्पमाला भेंटकर स्वागत किया एवं शुभकामनाएं दी। इस अवसर पर विधायक रामपुर श्री फूल सिंह राठिया, कलेक्टर श्री अजीत वसंत स्थानीय जनप्रतिनिधि, अधिकारी उपस्थित थे।
- -आवासीय सुविधा के साथ मिला स्वरोजगार का बेहतर अवसररायपुर । कृषि मंत्री श्री राम विचार नेताम ने आज बलरामपुर में ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण केंद्र (आरसेटी), संगवारी जेंडर संसाधन केंद्र (जीआरसी) तथा समुदाय प्रबंधित ट्रेनिंग सेंटर (सीएमसीटी) का उद्घाटन किया। मंत्री श्री नेताम ने केंद्र के प्रशिक्षण कक्षों, शयनकक्ष, भोजनकक्ष, रसोईकक्ष का बारीकी से अवलोकन किया और संचालित गतिविधियों की जानकारी ली।मंत्री श्री नेताम ने उद्वघाटन कार्यक्रम में संबोधित करते हुए कहा कि सेंट्रल बैंक द्वारा संचालित आरसेटी एक ऐसा प्रशिक्षण केंद्र है जहाँ गरीबी रेखा से नीचे जीवनयापन करने वाले सभी बेरोजगार युवाओं और महिलाओं को विभिन्न प्रकार के व्यावसायिक एवं कौशल विकास से जुड़े प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा। प्रशिक्षण के पश्चात बैंक से लिंकेज कराते हुए प्रशिक्षार्थियों को स्वरोजगार और आजीविका से जोड़ा जाएगा।मंत्री ने कहा कि यह शुभारंभ विशेष अवसर पर किया जा रहा है, क्योंकि आज धरती आबा बिरसा मुंडा की जयंती है। उन्होंने कहा कि आधुनिक युग की आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए केंद्रों में उपलब्ध प्रशिक्षण पूर्णतः आवासीय सुविधा के साथ प्रदान किए जा रहे हैं, ताकि प्रशिक्षार्थियों को सीखने में कोई बाधा न आए। उन्होंने प्रशिक्षार्थियों से कहा कि गुणवत्तापूर्ण प्रशिक्षण प्राप्त करें और सीखे हुए कौशल का उपयोग करते हुए अपने रोजगार को व्यावसायिक रूप से विस्तार दें। उन्होंने जीआरसी केंद्र की भूमिका पर जोर देते हुए कहा कि इसके माध्यम से जेंडर असमानता, कुपोषण, लैंगिक हिसा, घरेलू हिंसा जैसे मुद्दे तथा विभिन्न समस्याओं के समाधान महिला बाल विकास विभाग, स्वास्थ्य विभाग एवं पुलिस विभाग के साथ समन्वय कर किए जाएंगे।समुदाय प्रबंधित प्रशिक्षण केंद्र (सीएमटीसी) के माध्यम से राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के विभिन्न प्रशिक्षण एवं महिला सशक्तिकरण से जुड़े कार्यक्रम भी संचालित किए जाएंगे। मंत्री श्री नेताम ने सभी से आग्रह किया कि वे स्वयं प्रशिक्षण से जुड़ें और अधिक से अधिक लोगों को भी इससे जोड़ें। कार्यक्रम के अंत में मंत्री श्री नेताम ने 10 चयनित व्यक्तियों को राजमिस्त्री प्रशिक्षण, बीमा सखी प्रशिक्षण सहित अन्य कौशलों के प्रमाण पत्र वितरित किया।इस दौरान रेड क्रॉस सोसायटी अध्यक्ष श्री ओम प्रकाश जायसवाल, पिछड़ा जाति आयोग सदस्य श्री कृष्णा गुप्ता, जिला पंचायत उपाध्यक्ष श्री धीरज सिंहदेव, कृषि समिति अध्यक्ष श्री बद्री यादव, नगरपालिका अध्यक्ष श्री लोधी राम एक्का, कलेक्टर श्री राजेंद्र कटारा, जिला पंचायत सीईओ श्रीमती नयनतारा सिंह तोमर, जिला पंचायत सदस्य श्रीमती अनीता मरकाम, नरपालिका उपाध्यक्ष श्री दिलीप सोनी सहित अन्य जनप्रतिनिधिगण मौजूद थे।ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण केंद्र (आरसेटी)सेण्ट्रल बैंक ऑफ़ इंडिया द्वारा संचालित एक प्रशिक्षण केन्द्र है, जहाँ 60 से अधिक प्रकार के स्वरोजगार मूलक प्रशिक्षण जैसे ब्यूटीपार्लर, फास्ट फूड मेकिंग, सिलाई, मुर्गीपालन, मधुमक्खीपालन, मशरूम उत्पादन, आदि प्रशिक्षण प्रदान किए जाते हैं।सभी प्रशिक्षण बेरोजगारों को केंद्र से जोड़कर उन्हें तकनीक देते हुए रोजगार से जोड़ने हेतु आयोजित किए जाते हैं। यहाँ होने वाले समस्त प्रशिक्षण आवासीय युवतियों के लिए पूर्णतः निःशुल्क प्रदान किए जाएंगे।संगवारी जेंडर संसाधन केन्द्रराष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन से जुड़ी समस्त स्व-सहायता समूह की महिलाओं हेतु जेंडर जागरूकता, स्वास्थ्य, पोषण जागरूकता एवं घरेलू हिंसा, महिला प्रताड़ना जैसे मुद्दों पर महिला बाल विकास विभाग, स्वास्थ्य विभाग एवं पुलिस के माध्यम से निराकरण हेतु कार्य किया जाएगा।समुदाय प्रबंधित प्रशिक्षण केंद्रराष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन अन्तर्गत होने वाले विभिन्न आवासीय प्रशिक्षणों हेतु आवासीय प्रशिक्षण भवन की व्यवस्था की गई हैइस प्रशिक्षण केन्द्र का संचालन संकुल स्तरीय संगठन द्वारा किया जाता है, जिसमें एनआरएलएम के क्षेत्र एवं समूह सदस्यों के क्षमता-वर्धन प्रशिक्षण आयोजित किया जाएगा।
- -स्थानीय जनप्रतिनिधियों ने उपार्जन केंद्रों में पूजा अर्चना कर किया शुभारम्भ-किसानों को माला पहनाकर किया गया सम्मानित-खरीदी शुरू होने से किसान उत्साहितरायपुर। बलौदाबाजार जिले में आज धान खरीदी की शुरुआत हुईं। स्थानीय जनप्रतिनिधि एवं अधिकारियो ने उपार्जन केन्द्र में तौल मशीन एवं बांट का पूजा अर्चना धान खरीदी का शुभारंभ किया। इस दौरान जनप्रतिनिधियों ने किसानों को माला पहनाकर उन्हें सम्मानित किया। धान खरीदी शुरू होने से किसानों में उत्साह का माहौल है।धान खरीदी के पहले दिन कुल 79 टोकन कटे हैं, जिससे 3019 क्विंटल धान खरीदी की जाएगी। टोकन के अनुसार किसान उपार्जन केंद्रों में अपना धान बेचने पहुंच रहे हैं। जिला प्रशासन द्वारा जिले के सभी 129 समितियो एवं 166 उपार्जन केंद्रों में धान खरीदी हेतु व्यापक इंतजाम सुनिश्चित किया गया है। पेयजल, शेड, शिकायत पेटी आदि व्यवस्थाए की गई है।कलेक्टर दीपक सोनी ने अपर कलेक्टर एवं डिप्टी कलेक्टर को धान खरीदी की तैयारी के सम्बन्ध में उपार्जन केंद्रों का निरीक्षण करने के निर्देश दिये हैं।
- रायपुर । राजस्व मंत्री श्री टंकराम वर्मा ने आज कांकेर जिले के धान खरीदी केंद्र मालगांव पहुंचकर समर्थन मूल्य पर धान खरीदी का विधिवत शुभारंभ किया। उन्होंने धान खरीदी केन्द्र में इलेक्ट्रॉनिक तौल मशीन एवं विक्रय के लिए किसान द्वारा लाए गए धान की पारंपरिक रीति-रिवाज व परंपरानुसार पूजा अर्चना कर धान खरीदी की शुरूआत की। इस अवसर पर कांकेर विधायक श्री आशाराम नेताम, छत्तीसगढ़ राज्य मछुआ कल्याण बोर्ड के अध्यक्ष श्री भरत मटियारा, जिला पंचायत के उपाध्यक्ष श्रीमती तारा ठाकुर, पूर्व विधायक श्रीमती सुमित्रा मारकोले, जिले के कलेक्टर श्री निलेश कुमार महादेव क्षीरसागर, सीईओ श्री हरेश मण्डावी, एसडीएम कांकेर श्री अरूण वर्मा सहित श्री महेश जैन, श्री सतीश लाटिया, श्री बृजेश चौहान भी उपस्थित थे। धान खरीदी केन्द्र मालगांव में कृषक तीजूराम उसेण्डी के धान की तौल कराकर खरीदी कार्य की शुरूआत की गई।उल्लेखनीय है कि कांकेर जिले में समर्थन मूल्य पर धान खरीदी के लिए 149 उपार्जन केन्द्र बनाए गए हैं तथा धान खरीदी केन्द्रो में समर्थन मूल्य पर धान खरीदी के लिए खरीदी केन्द्र प्रभारी तथा पर्यवेक्षण व निगरानी के लिए नोडल अधिकारी की नियुक्ति की गई है। जिले के सभी खरीदी केंद्रों में कम्प्यूटर ऑपरेटर की नियुक्ति कर ली गई है तथा बारदाना भी उपलब्ध करा दिए गए हैं।
- रायपुर। कृषि मंत्री श्री रामविचार नेताम ने विकासखण्ड बलरामपुर अंतर्गत डौरा-कोचली धान खरीदी केंद्र पहुँचकर धान खरीदी का शुभारंभ किया। केंद्र में पहुंचने पर मंत्री श्री नेताम का स्थानीय किसानों, जनप्रतिनिधियों एवं अधिकारियों ने आत्मीय स्वागत किया। केंद्र में पारंपरिक रीति-रिवाजों और पूजा अर्चना कर नई खरीदी सीज़न की शुरुआत की गई। शुभारंभ के बाद कृषि मंत्री की उपस्थिति में पहली धान की तुलाई की गई। किसान ने तौल प्रक्रिया देखकर संतोष व्यक्त किया। मंत्री श्री नेताम ने किसान को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि आपकी मेहनत से ही प्रदेश की अर्थव्यवस्था मजबूत होती है। सरकार आपके सहयोग के लिए हर समय तैयार है। सुबह से ही कोचली खरीदी केंद्र में किसानों की आवाजाही लगी रही। बड़ी संख्या में पहुंचे किसानों ने बताया कि खरीदी शुरू होने से उन्हें आर्थिक राहत मिलेगीकृषि मंत्री ने कहा राज्य सरकार किसानों की आय बढ़ाने और उन्हें उचित मूल्य उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है। धान खरीदी व्यवस्था को पारदर्शी और सुगम बनाने के लिए हर संभव प्रयास किए जा रहे हैं। किसानों को कतार में न लगना पड़े, इसके लिए टोकन व्यवस्था को और सुद्रीढ़ किया गया है। ताकि किसानों को किसी प्रकार की परेशानी न हो। इस दौरान मंत्री श्री नेताम ने अधिकारियों से खरीदी केंद्र में की गई व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया। उन्होंने तौल व्यवस्था, भंडारण व्यवस्था, परिवहन सुविधा, टोकन प्रणाली सहित धान खरीदी केन्द्र में व्यवस्थाओं का बारीकी से अवलोकन किया उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि किसानों को किसी भी प्रकार की परेशानी नहीं होनी चाहिए, तथा यदि समस्या उत्पन्न होती है तो उसका समाधान उसी दिन किया जाए।
- रायपुर,l राज्य में समर्थन मूल्य पर धान खरीदी की शुरुआत आज से हो गई। बस्तर जिले के पल्ली धान खरीदी केंद्र में सहकारिता मंत्री श्री केदार कश्यप ने विधि विधान से पूजा-अर्चना कर धान खरीदी सत्र 2025-26 का औपचारिक शुभारंभ किया। उन्होंने किसानों को शुभकामनाएं देते हुए सफल खरीदी सत्र की कामना की।निरीक्षण के दौरान मंत्री श्री कश्यप ने केंद्र में तौल,कांटा-बाट, भंडारण व्यवस्था, किसान पंजीयन, गुणवत्ता परीक्षण और सुरक्षा प्रबंधों आदि उपलब्ध सुविधाओं की विस्तृत समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि किसानों को बिना किसी बाधा के धान विक्रय की सुविधा मिले और पूरी प्रक्रिया पारदर्शी रहे।मंत्री श्री कश्यप ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन और मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में राज्य सरकार किसानों को उनकी मेहनत का उचित मूल्य दिलाने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने किसानों से अपील की कि वे अपने निर्धारित टोकन की तिथि पर सहकारी समिति पहुंचकर धान विक्रय करें। मंत्री श्री कश्यप ने अधिकारियों को समिति में किसानों की सुविधा के लिए पेयजल, छाया की भी व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए l मंत्री श्री कश्यप ने कहा कि किसानों से धान की खरीदी 15 नवंबर 2025 से शुरू होकर 31 जनवरी 2026 तक किया जाएगा l उन्होंने अधिकारियों को यह भी निर्देशित किया कि केंद्र में किसी भी किसान को किसी प्रकार की समस्या न हो। धान खरीदी शुरू होते ही किसानों में उत्साह दिखाई दिया और अधिकारी-कर्मचारी खरीदी कार्य को सुचारू रूप से संचालित करने में जुटे रहे। इस अवसर पर जिला खाद्य अधिकारी, सहकारिता विभाग के अधिकारी सहित अन्य कर्मचारी उपस्थित रहे।
- -किसान अनंत मंडल को कलेक्टर ने फूलमाला पहनाकर किया स्वागत-धान का सर्वाधिक दाम मिलने से किसानों को मिला लाभसरगुजा ।राज्य शासन के निर्देशानुसार सरगुजा जिले में समर्थन मूल्य पर धान खरीदी की शुरुआत आज आदिम जाति सेवा सहकारी समिति मर्यादित नमनाकला से हुई। कलेक्टर श्री ने धान खरीदी केंद्र पहुंचकर किसान श्री अनंत मंडल का फूल-माला पहनाकर स्वागत किया और किसानों ने विधिवत पूजा-अर्चना कर धान खरीदी महापर्व का शुभारंभ किया।कलेक्टर ने धान समिति केंद्र में तौल, मापक यंत्र, बारदाना, कंप्यूटर सिस्टम, इंटरनेट सहित अन्य व्यवस्थाओं का जायजा लेते हुए अधिकारियों को निर्देश दिए कि किसी भी किसान को टोकन, तौल या भुगतान में समस्या न हो। उन्होंने कहा कि सभी केंद्रों में व्यवस्था ऐसी हो कि किसान कम समय में अपना धान बेचकर घर लौट सकें।गौरतलब है कि सरगुजा जिले में इस वर्ष 55,937 पंजीकृत किसान और लगभग 58,219 हेक्टेयर में धान का रकबा है। इसके लिए 54 धान उपार्जन केंद्र संचालित किए गए हैं। प्रत्येक केंद्र में नवीन प्रभारी एवं कंप्यूटर ऑपरेटर की नियुक्ति की गई हैं तथा सुरक्षा और निगरानी के लिए उड़नदस्ता दल भी गठित किया गया है, जिससे खरीदी कार्य निर्बाध रूप से संचालित हो। धान खरीदी महापर्व 15 नवंबर 2025 से 31 जनवरी 2026 तक होगी।पहले दिन धान बेचने पहुंचे किसान श्री अनंत मंडल ने बताया कि उनका कुल 78 क्विंटल धान का रकबा है और आज उन्होंने 20 क्विंटल धान का पहला टोकन कटवाया है। उन्होंने अपनी खुशी जाहिर करते हुए कहा कि जिले में धान बेचने वाला मैं पहला किसान हूं, उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ शासन द्वारा 3100 रुपये प्रति क्विंटल का मूल्य दिए जाने से किसानों को सीधा लाभ मिल रहा है, इसके लिए उन्होंने मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के प्रति आभार व्यक्त किया। इस दौरान खाद्य अधिकारी एस. बी. कांमठे, डीआरसीएस सुश्री शिल्पा अग्रवाल, तहसीलदार जेयश कंवर, संयुक्त पंजीयक एन. कुजूर, नोडल अधिकारी सीसीबी पी.सी. गुप्ता, सीईओ सीसीबी सी. चंद्रकार, समिति अध्यक्ष भरोसा राम, सरपंच नारायण प्रसाद, उपसरपंच कृष्ण कुमार सिंह, पंच विकास सिंह, प्रदीप राय, सचिव कुश प्रजापति, पटवारी पंकज जायसवाल तथा बड़ी संख्या में किसान उपस्थित रहे।
- -धान खरीदी का सबसे बड़ा अभियान सक्ती जिले में सारी तैयारियां पूर्ण-धान विक्रय में किसानों को नहीं होगी किसी भी प्रकार की परेशानीसक्ती l राज्य शासन की मंशा के अनुरूप जिले में 15 नवम्बर से समर्थन मूल्य पर धान खरीदी का सबसे बड़ा अभियान शुरू हो गया है। किसान हित में राज्य सरकार का लगभग ढाई महीने तक चलने वाला यह सबसे बड़ा अभियान होगा। धान खरीदी कार्य 15 नवम्बर से शुरू होकर 31 जनवरी 2026 तक चलेगी। धान खरीदी केन्द्रों से लेकर जिला कार्यालयों तक धान खरीदी से जुड़ी तमाम प्रशासनिक तैयारियां पूर्ण कर ली गई है। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के निर्देशानुसार किसानों की सुविधाओं का विशेष ध्यान रखा जा रहा है। कलेक्टर सक्ती ने आज देवरघटा धान उपार्जन केन्द्र पहुँचकर धान खरीदी के कार्यों का निरीक्षण किया तथा धान उपार्जन केन्द्र देवरघटा में नारियल तोड़कर तथा धान विक्रय करने पहुंचे किसान श्री गेंद राम साहू को फूल माला पहना कर धान खरीदी कार्य का शुभारंभ किया lधान खरीदी के शुभारंभ अवसर पर आज सक्ती विकासखण्ड डभरा अंतर्गत धान उपार्जन केंद्र देवरघटा में देवरघटा निवासी किसान श्री गेंदराम साहू पिता श्री छोटेलाल साहू आज 48 क्विंटल धान विक्रय के लिए पहुंचे, जिस पर कलेक्टर की उपस्थिति में किसान से सुव्यवस्थित रूप से धान खरीदी की गई। कलेक्टर ने धान खरीदी केन्द्र में लाये गए धान में नमी की मात्रा का अपनी उपस्थिति में जाँच कराया तथा धान खरीदी से जुड़े सभी अधिकारियों- कर्मचारियों को धान बेचने आने वाले किसानों को किसी भी प्रकार की परेशानी नहीं होनी चाहिए, इसका विशेष ध्यान रखने की हिदायत दी।कलेक्टर ने शासन से प्राप्त निर्देशानुसार धान खरीदी कार्य व्यवस्थित रूप से कराए जाने के निर्देश दिए हैं। जिले के सभी उपार्जन केन्द्रों में धान खरीदी की जाएगी। जिले के किसानों में धान खरीदी को लेकर भारी उत्साह का माहौल है। धान खरीदी के शुभारंभ अवसर पर खाद्य अधिकारी, नोडल अधिकारी, शाखा प्रबंधक सहित अन्य संबंधित अधिकारी कर्मचारी आदि उपस्थित रहे।
- रायपुर । कबीरधाम जिले के बोड़ला विकासखंड स्थित महराजपुर धान उपार्जन केंद्र में आज उपमुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा ने समर्थन मूल्य पर धान खरीदी महापर्व का विधिवत शुभारंभ किया। इस अवसर पर उन्होंने परम्परागत रूप से तौल यंत्रों की पूजा-अर्चना कर, किसानों का तिलक करते हुए श्रीफल भेंट किया। उन्होंने खरीदी प्रक्रिया की शुरुआत कर किसानों का उत्साहवर्धन किया।इस दौरान ग्राम कांपा के किसान श्री भगत कौशिक से 36 क्विंटल धान का विक्रय किया गया। उन्होंने किसान के साथ मिलकर धान का तौल कराया एवं किसानों से चर्चा कर उनकी समस्याओं को जाना। उल्लेखनीय है कि महराजपुर उपार्जन केंद्र के अंतर्गत महराजपुर, कांपा, जीताटोला और डगनिया के कुल 769 पंजीकृत किसान हैं।उपमुख्यमंत्री श्री शर्मा ने किसानों से आत्मीय चर्चा कर उपार्जन केंद्र में उपलब्ध सुविधाओं, टोकन व्यवस्था एवं खरीदी प्रक्रिया का विस्तृत निरीक्षण किया। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार ने इस वर्ष ‘मोदी की गारंटी’ को पूरा करते हुए किसानों के हित में कई ऐतिहासिक निर्णय लिए हैं, जिससे किसानों को लाभ, सुचारू व्यवस्था और समय पर भुगतान सुनिश्चित हो सकेगा।उपमुख्यमंत्री ने सभी किसानों को शुभकामनाएँ देते हुए कहा कि राज्य सरकार किसानों के कल्याण, उनकी आय वृद्धि और कृषि क्षेत्र के सतत विकास के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि सुव्यवस्थित खरीदी प्रबंधन से इस वर्ष भी किसानों को किसी प्रकार की असुविधा नहीं होगी। इस अवसर पर कलेक्टर श्री गोपाल वर्मा सहित अन्य अधिकारी कर्मचारी एवं बड़ी संख्या में किसान उपस्थित थे।
-
-झालखम्हरिया केंद्र में कैबिनेट मंत्री खुशवंत साहेब एवं विधायक योगेश्वर राजू सिन्हा एवं संपत अग्रवाल की उपस्थिति में हुआ शुभारंभ
किसानों की सुविधा का पूरा ख्याल रखा जाएगा - खुशवंत साहेबमहासमुंद / छत्तीसगढ़ में मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के सुशासन में कृषक उन्नति योजना के तहत किसानों से 3100 रुपये प्रति क्विंटल की दर से धान खरीदी का कार्य आज 15 नवम्बर से पूरे प्रदेश सहित महासमुंद जिले में प्रारम्भ हो गया है।इसी क्रम में आज कौशल विकास, तकनीकी शिक्षा एवं रोजगार तथा अनुसूचित जाति विकास मंत्री श्री गुरु खुशवंत साहेब ने महासमुंद जिले के झालखम्हरिया धान खरीदी केंद्र में धान खरीदी का विधिवत शुभारंभ किया। मंत्री श्री साहेब ने केंद्र पहुंचकर परंपरानुसार कांटा-बांट की पूजा एवं माल्यार्पण किया। इसके बाद धान बेचने पहुंचे किसानों का पुष्पमाला पहनाकर एवं गुलाल तिलक लगाकर आत्मीय स्वागत किया गया तथा किसानों का मुंह मीठा भी कराया गया। इस अवसर पर महासमुंद विधायक श्री योगेश्वर राजू सिन्हा एवं विधायक बसना श्री संपत अग्रवाल विशेष रूप से उपस्थित रहे। उनकी मौजूदगी में गांव के कृषक श्री दुर्गेश साहू के 40 क्विंटल धान की तुलाई कर खरीदी प्रक्रिया की शुरुआत की गई। इससे केंद्र में खरीदी का वातावरण और अधिक उत्साहपूर्ण हो गया।कार्यक्रम में केबिनेट मंत्री श्री गुरु खुशवंत साहेब ने कहा कि आज किसानों के लिए उत्सव का दिन है। हमारा राज्य किसानों से ही समृद्ध है।यहां तक कि अयोध्या में श्री राम लला के लिए भोग यही छत्तीसगढ़ से चांवल भेजा गया था। आज से धान खरीदी की शुरुवात हो गई है पिछले साल भी रिकॉर्ड धान खरीदी किया गया था, इस साल भी रिकॉर्ड धान खरीद की जाएगी। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के मंशानुरुप धान खरीदी की जा रही है। किसानों को बोनस एवं सभी समितियों में एटीम की सुविधा कराई जा रही है। ताकि किसानो को किसी प्रकार की समस्या न हो। अधिकारी कर्मचारी भी पूरी जिम्मेदारी के साथ कार्य कर रहे है। हमारी सरकार किसानों की हितों का पूरा ध्यान रख रही है। उन्होंने कहा कि आज राज्य को 25 वर्ष पूरे हो गए है। आज राज्य प्रगति पथ पर अग्रसर है। तकनीकी रूप से भी क्षमता बढ़ी है।आने वाला 2047 तक राज्य को विकसित बनाना है। हमारा राज्य देश का पहला विकसित राज्य बनेगा। उन्होंने किसानों को बधाई दी।विधायक श्री योगेश्वर राजू सिन्हा ने कहा कि इस जिले में पूरे राज्य में सबसे अधिक धान खरीदी की जाती है। सिंचाई क्षमता को बढ़ाने कार्य जारी है। सिकासेर और सिरपुर बैराज का काम भी पूर्ण हो गया है। इससे सिंचाई क्षमता में वृद्धि होगी। उन्होंने विश्वाश व्यक्त किया कि इस वर्ष भी धान खरीदी में जिला इतिहास दर्ज करेगा।बसना के विधायक श्री संपत अग्रवाल ने कहा कि मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के मंशानुरूप धान खरीदी कि जा रही है। लक्ष्य के अनुरूप खरीदी की जा रही है। सुचारू रूप से धान खरीदी जा रही है। किसानों को किसी तरह परेशानी नहीं होगी। इस बात का पूरा ध्यान रखा जा रहा है। यहां के किसानों का लाभ हो, यह सुनिश्चित हो। अवैध धान की खरीदी बिक्री में नजर रखे और प्रशासन का सहयोग करें। आइए इसे एक उत्सव के रूप में मनाएं।कलेक्टर श्री विनय कुमार लंगेह ने कहा कि जिले में 130 समिति के 182 उपार्जन केंद्रों में खरीदी की जा रही है। किसानों को किसी प्रकार की दिक्कत नहीं होगी। आज 34 समितियों में 50 किसानों का टोकन कट गया है। आज शाम 5 बजे तक टोकन काट सकते है और धान खरीदी की जा सकती है। यहां जिले में 16 चेक पोस्ट स्थापित किए गए है। अभी तक 23 प्रकरण दर्ज किए गए है जिसमें 3000 किवंटल अवैध धान जप्त की गई है। धान खरीदी केंद्र में किसानों की सुविधा, पारदर्शिता और सुचारु व्यवस्था सुनिश्चित करने हेतु सभी व्यवस्थाएं पूर्ण कर ली गई हैं। प्रशासनिक अमले एवं समिति के कर्मचारियों द्वारा यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि हर किसान को समय पर, व्यवस्थित और बिना किसी परेशानी के धान बेचने की सुविधा मिले। इस अवसर पर नगर पालिका उपाध्यक्ष श्री देवी चंद राठी, जनपद सदस्य विजय लक्ष्मी जांगड़े, संदीप दीवान, पीयूष साहू, प्रकाश शर्मा, राहुल चंद्राकर, पंकज चंद्राकर, संदीप घोष, सरपंच श्रीमती अनेश्वरी चंद्राकर, ग्रामीण अध्यक्ष श्याम साकरकर, अपर कलेक्टर श्री रवि साहू, एसडीएम अक्षा गुप्ता ,आसपास के किसान बड़ी संख्या में मौजूद थे। - -बैंक ऑफ़ बड़ौदा इस संपर्क कार्यक्रम के माध्यम से 600 से अधिक किसानों से जुड़ रहा हैमहासमुंद / भारत के अग्रणी सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों में से एक, बैंक ऑफ़ बड़ौदा ने आत्मनिर्भरता की ओर थीम के तहत 'बड़ौदा किसान पखवाड़ा' के 8वें संस्करण के एक भाग के रूप में महासमुन्द जिला, छत्तीसगढ़में एक विशाल किसान मेले का आयोजन किया।03 से 15 नवंबर 2025 तक चलने वाली यह वार्षिक पहल, जागरूकता, समावेश और नवाचार के माध्यम से भारत के कृषि और ग्रामीण समुदायों को सशक्त बनाने और आत्मनिर्भरता की दिशा में उनकी यात्रा में सहयोग प्रदान करने के प्रति बैंक की प्रतिबद्धता की पुष्टि करती है।कार्यक्रम में बैंक ऑफ बड़ौदा, रायपुर अंचल के अंचल प्रमुख, श्री दिवाकर प्रसाद सिंह, श्री बानाम्बर बेहेरा, सहायक महाप्रबंधक एवं क्षेत्रीय प्रमुख, धमतरी क्षेत्र, डॉ आर. एल. शर्मा, वरिष्ठ वैज्ञानिक एवं प्रमुख, कृषि विज्ञान केंद्र, महासमुन्द, श्री प्रियब्रता साहू, सहायक महाप्रबंधक एवम जिला विकास प्रबंधक, नाबार्ड महासमुन्द, श्री अशोक कुमार यादव, जिला परियोजना अधिकारी (NRLM), जिला पंचायत महासमुन्द, श्री अभय पारे, अग्रणी जिला प्रबंधक, जिला महासमुन्द की उपस्थिति रही।इस कार्यक्रम के तहत बैंक द्वारा धमतरी क्षेत्र के किसानों के लिए विशाल किसान मेला, किसान बैठकें, क्रेडिट शिविर और वित्तीय साक्षरता सत्र आयोजित किए गए। कार्यक्रम में 600 से अधिक किसानों ने अपनी सहभागिता की, जिसमें बड़ी संख्या में 250 किसानों को राशि 25 करोड़ के कृषि ऋण स्वीकृत कर लाभार्थियों को स्वीकृति पत्र प्रदान किए गए। बैंक का रायपुर अंचल, 4 क्षेत्रों के साथ 32 जिलों को कवर करता है। कार्यक्रम के दौरान, बैंक ने विभिन्न स्टॉल में प्रदर्शनी की व्यवस्था की, जिसमें कृषि उपकरण, एसएचजी फूड स्टॉल, नवीनतम वैज्ञानिक उपकरण जैसे खेती में ड्रोन का उपयोग आदि प्रदर्शित किए गए।इस पहल के दौरान, डिजिटल बड़ौदा किसान क्रेडिट कार्ड (डिजिटल बीकेसीसी) और डिजिटल गोल्ड लोन सहित कृषि समुदाय को बैंक ऑफ़ बड़ौदा की प्रमुख डिजिटल पेशकशों से भी अवगत कराया गया। बैंक ऑफ़ बड़ौदा ने डिजिटल भूमि रिकॉर्ड प्राप्त करने और ग्राहकों की एंड-टू-एंड ऑनबोर्डिंग के उद्देश्य से अपने बड़ौदा किसान क्रेडिट कार्ड (BKCC) को रिज़र्व बैंक इनोवेशन हब (RBIH) के साथ इंटीग्रेट किया है। इसके अलावा, डिजिटल गोल्ड लोन के माध्यम से, ग्राहक बैंक के डिजिटल लेंडिंग प्लेटफॉर्म का उपयोग करके अपनी सुविधानुसार गोल्ड लोन के लिए आवेदन कर सकते हैं।इस अवसर पर बैंक ऑफ बड़ौदा, रायपुर अंचल के अंचल प्रमुख, श्री दिवाकर प्रसाद सिंहने कहा, बड़ौदा किसान पखवाड़ा जैसी पहलों के माध्यम से बैंक ऑफ़ बड़ौदा भारत के किसानों जो कि हमारे देश की रीढ़ हैं के साथ कंधे से कंधा मिलाकर खड़ा है, हमारा लक्ष्यकृषि को तकनीक उन्मुख बनाना है, ताकि किसानों को बाधा रहित फायनांस प्राप्त करने और आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ने में सक्षम बनाया जा सके। बड़ौदा किसान पखवाड़ा किसानों का समर्थन करने की बैंक ऑफ़ बड़ौदा की गहरी प्रतिबद्धता को दर्शाता है। इसकी इस वर्ष की थीम, 'आत्मनिर्भरता की ओर', ऋण तक आसान एक्सेस, डिजिटल बैंकिंग और प्रमुख सरकारी योजनाओं के बारे में जागरूकता के माध्यम से किसानों केसशक्तीकरण के हमारे दृष्टिकोण का प्रतिनिधित्व करता है।बड़ौदा किसान पखवाड़ा को बैंक के भारतीय किसानों के साथ अपने जुड़ाव को गहरा करने, बैंक की विभिन्न कृषि-संबंधी पेशकशों के बारे में जागरूकता लाने और ग्रामीण एवं कृषि क्षेत्र में भारत सरकार की पहलों को बढ़ावा देने में सहयोग प्रदान करने के लिए तैयार किया गया है।बैंक ऑफ़ बड़ौदा की रायपुर अंचल में 212 शाखाएं हैं, जिनमें से 85 शाखाएं ग्रामीण क्षेत्रों में हैं। किसान क्रेडिट कार्ड, स्वर्ण ऋण, ट्रैक्टर ऋण, डेयरी, पोल्ट्री, खाद्य और कृषि प्रसंस्करण, पॉली हाउस कल्टीवेशन, स्वयं सहायता समूहों (एसएचजी) को ऋण आदि, छत्तीसगढ़ में कृषि क्षेत्र में सर्वाधिक वृद्धि प्रदाता क्षेत्र रहे हैं।
- महासमुंद / मतदाता सूची के विशेष पुनरीक्षण कार्यक्रम (एस आई आर) में लापरवाही बरतने के कारण जिला निर्वाचन अधिकारी श्री विनय लंगेह द्वारा नाराजगी व्यक्त करते हेतु संबंधित कर्मचारियों के विरुद्ध अनुशासनात्मक कार्यवाही हेतु निर्देशित किया गया है। इस संबंध में विकास खंड शिक्षा अधिकारी द्वारा प्रतिवेदन के आधार पर पिथौरा के तहसीलदार एवं सहायक निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी द्वारा ऐसे 8 वालिंटियर श्री मनोहर साहू प्रधान पाठक, विनोद कुमार मालिक, फूलसिंह बरिहा, निर्मल कुमार पटेल, किशोर पटेल, कुलेश्वर पंडा एवं राजकुमार तिर्की जो वालिंटियर नियुक्त किए गए थे, इन कर्मचारियों पर सिविल सेवा आचरण नियम 1965 का उल्लंघन के आधार पर कार्यवाही करते हुए कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है एवं अपना स्पष्टीकरण देने के आदेश दिए हैं।तहसीलदार पिथौरा द्वारा उक्त कर्मचारियों को कारण बताओ नोटिस जारी करते हुए कहा गया है कि भारत निर्वाचन आयोग द्वारा विशेष गहन पुनरीक्षण 2025 (SIR) की घोषणा की गई है। मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी छत्तीसगढ़, रायपुर के निर्देशानुसार आगामी विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम के तहत तहसील पिथौरा के अंतर्गत विधानसभा 40 बसना एवं विधानसभा 41 खल्लारी के सभी मतदान केंद्रों के एन्युमरेशन फार्म वितरण, एकत्रीकरण एवं बी एल ओ एप के माध्यम से डिजिटलीकरण हेतु आपकी नियुक्त वालेंटियर् के रूप में की गई है। जिसमे आपकी निर्वाचन (SIR) जैसे महत्वपूर्ण कार्य मे आपकी अनुपस्थिति पाई गई। आपके द्वारा किया गया कृत्य छग सिविल सेवा (आचरण) नियम 1965 के नियम-03 के विपरीत है। इस संबंध में आप अपना स्पष्टीकरण तत्काल प्रस्तुत करना सुनिश्चित करें। जवाब प्राप्त न होने अथवा संतोषप्रद न होने पर एक पक्षीय कार्यवाही किए जाने हेतु प्रतिवेदन उच्चाधिकारी को प्रेषित किया जावेगा जिसके लिए आप स्वयं जिम्मेदार होंगे।



.jpg)


.jpg)




.jpg)














.jpg)
.jpg)