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नयी दिल्ली. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को कहा कि वॉलमार्ट के मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) डग मैकमिलन के साथ हाल में हुई उनकी बैठक उपयोगी रही और इस दौरान उनके बीच कई विषयों पर गहन चर्चा हुई। मोदी ने कहा कि वह भारत को निवेश के लिए आकर्षक गंतव्य के रूप में उभरते देखकर खुश हैं। मोदी और मैकमिलन के बीच पिछले सप्ताह मुलाकात हुई थी। मोदी ने वॉलमार्ट के एक ट्वीट को रि-ट्वीट करते हुए लिखा, “वॉलमार्ट के सीईओ डग मैकमिलन के साथ बैठक उपयोगी रही। हमने विभिन्न विषयों पर गहन चर्चा की। इस बात से प्रसन्न हूं कि भारत निवेश के एक आकर्षक गंतव्य के रूप में उभर रहा है।'' वॉलमार्ट इंक ने 11 मई को ट्वीट किया था, “प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, अच्छी बातचीत के लिए आपका धन्यवाद। भारत को खिलौनों, समुद्री भोजन एवं अन्य वस्तुओं के क्षेत्र में प्रमुख वैश्विक निर्यातक बनाने के लिए हम भारत से 2027 तक प्रति वर्ष 10 अरब डॉलर का निर्यात करने की दिशा में काम कर रहे हैं। हम रसद, कौशल विकास और आपूर्ति श्रृंखला को मजबूत करने के लिए प्रतिबद्ध हैं।
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राजामहेंद्रवरम. आंध्र प्रदेश के काकीनाडा जिले में रविवार दोपहर ऑटोरिक्शा और बस की टक्कर में छह महिलाओं की मौत हो गई। महिलाएं ऑटो में सवार थीं। पुलिस ने यह जानकारी दी। उन्होंने कहा कि तल्लारेवु बाईपास रोड के पास निजी बस ने वाहन को टक्कर मार दी।
पुलिस के अनुसार, सभी मृतकों की पहचान पास के झींगा के खेत में काम करने वाली मजदूरों के रूप में की गई है। हादसे में छह लोग गंभीर रूप से घायल हो गए और उन्हें काकीनाडा के सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया गया जहां उनका इलाज किया जा रहा है। कोरंगी पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और जांच की जा रही है। -
नयी दिल्ली. काउंसिल फॉर द इंडियन स्कूल सर्टिफिकेट एग्जामिनेशन (सीआईएससीई) ने 10वीं और 12वीं कक्षा की परीक्षा के परिणाम रविवार को घोषित कर दिए। दोनों में ही लड़कियों ने लड़कों की तुलना में बेहतर प्रदर्शन किया है। सीआईएससीई के सचिव गेरी अराथून ने रविवार को कहा कि 10वीं कक्षा (आईसीएसई) की परीक्षा 63 विषयों में ली गई थी, जिनमें 21 भारतीय, 14 विदेशी और दो शास्त्रीय भाषाएं हैं। उन्होंने कहा, ‘‘12वीं कक्षा (आईएससी) परीक्षा 47 विषयों में ली गई, जिनमें 12 भारतीय भाषाएं, तीन विदेशी भाषाएं और एक शास्त्रीय भाषा है। सीआईएससीई के अनुसार, 10वीं कक्षा में नौ, जबकि 12वीं कक्षा में पांच विद्यार्थियों ने शीर्ष स्थान साझा किया है। घोषित परिणाम के अनुसार, 10वीं कक्षा में नौ विद्यार्थियों ने 99.80 प्रतिशत अंकों के साथ शीर्ष स्थान साझा किया है जिनमें रुशील कुमार, अनन्या कार्तिक, श्रेया उपाध्याय, अदवय सरदेसाई, यश मनीष भसीन, तनय सुशील शाह, हिया संघवी, अविशी सिंह और संबित मुखोपाध्याय हैं। वहीं 12वीं कक्षा में, पांच विद्यार्थियों ने 99.75 प्रतिशत अंकों के साथ शीर्ष स्थान साझा किया है। वे रिया अग्रवाल, इस्पिता भट्टाचार्य, मोहम्मद आर्यन तारिक, शुभम कुमार अग्रवाल और मान्या गुप्ता हैं।
- नयी दिल्ली। एक उच्च स्तरीय समिति ने शनिवार शाम को एक बैठक की और केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) के निदेशक पद के लिए तीन वरिष्ठ आईपीएस अधिकारियों के नामों को मंत्रिमंडल की नियुक्ति समिति को भेजा है। सूत्रों ने यह जानकारी दी। इस उच्च स्तरीय समिति में प्रधानमंत्री, भारत के प्रधान न्यायाधीश (सीजेआई) और लोकसभा में विपक्ष के नेता शामिल होते हैं। कांग्रेस नेता अधीर रंजन चौधरी ने बताया, ‘‘समिति ने बैठक की और मंत्रिमंडल की नियुक्ति समिति को तीन नाम भेजे, जो उनमें से एक को इस पद के लिए चुनेगी।'' सूत्रों ने बताया कि बैठक के दौरान कर्नाटक, दिल्ली और अन्य राज्यों के वरिष्ठ आईपीएस अधिकारियों के नामों पर चर्चा की गई। सीबीआई निदेशक सुबोध कुमार जायसवाल का दो साल का निर्धारित कार्यकाल 25 मई को समाप्त हो जायेगा।सूत्रों ने कहा कि कर्नाटक के पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) प्रवीण सूद का नाम इस पद के लिए सबसे आगे चल रहा है। सूद राज्य कैडर के 1986 बैच के भारतीय पुलिस सेवा (आईपीएस) के अधिकारी हैं। महाराष्ट्र कैडर के 1985 बैच के आईपीएस अधिकारी और मुंबई पुलिस के पूर्व आयुक्त जायसवाल ने 26 मई, 2021 को सीबीआई की बागडोर संभाली थी। सीबीआई निदेशक का चयन दो साल के निश्चित कार्यकाल के लिए प्रधानमंत्री, सीजेआई और लोकसभा में विपक्ष के नेता की एक समिति द्वारा किया जाता है। कार्यकाल पांच साल तक बढ़ाया जा सकता है। सूत्रों ने बताया कि बैठक के दौरान, नये केंद्रीय सतर्कता आयुक्त और लोकपाल सदस्य की नियुक्ति के लिए संभावित उम्मीदवारों पर भी चर्चा की गई।
- लंदन/नयी दिल्ली। भारत कोहिनूर हीरे सहित ब्रिटेन के संग्रहालयों में रखीं मूर्तियों और औपनिवेशिक युग की अन्य कलाकृतियों को वापस लाने के लिए एक प्रत्यावर्तन अभियान की योजना बना रहा है। शनिवार को एक ब्रिटिश मीडिया रिपोर्ट में यह जानकारी दी गई। ‘द डेली टेलीग्राफ' अखबार का दावा है कि यह मुद्दा नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली सरकार की प्राथमिकताओं में से एक है, जिसके दोनों देशों के बीच कूटनीतिक और व्यापार वार्ता में उठने की संभावना है। कहा जाता है कि भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (एएसआई) जहां स्वतंत्रता के बाद से देश के बाहर "तस्करी" की गई वस्तुओं को पुनः प्राप्त करने के लिए अग्रणी प्रयास कर रहा है, वहीं नयी दिल्ली में अधिकारी लंदन में राजनयिकों के साथ समन्वय कर रहे हैं ताकि औपनिवेशिक शासन के दौरान "युद्ध की लूट" के रूप में जब्त की गईं या उत्साही लोगों द्वारा एकत्र की गईं कलाकृतियों को रखने वाले संस्थानों से इन्हें वापस करने का औपचारिक अनुरोध किया जा सके। समाचार पत्र की रिपोर्ट में कहा गया है, "प्रत्यावर्तन का लंबा काम सबसे आसान लक्ष्य, छोटे संग्रहालयों और निजी संग्रहकर्ताओं के साथ शुरू होगा, जो स्वेच्छा से भारतीय कलाकृतियों को सौंपने के इच्छुक हो सकते हैं, और फिर प्रयास बड़े संस्थानों तथा शाही संग्रहालयों तक किए जाएंगे।" नयी दिल्ली में वरिष्ठ अधिकारियों का मानना है कि इस तरह की ऐतिहासिक कलाकृतियां एक मजबूत राष्ट्रीय सांस्कृतिक पहचान को सुदृढ़ कर सकती हैं, जैसा कि संस्कृति मंत्रालय में संयुक्त सचिव लिली पांड्या के हवाले से कहा गया, "प्राचीन वस्तुओं का भौतिक और अमूर्त दोनों मूल्य हैं, वे सांस्कृतिक विरासत, सामुदायिकता की निरंतरता और राष्ट्रीय पहचान का हिस्सा हैं। इन शिल्पकृतियों को लूटकर, आप इस मूल्य को लूट रहे हैं, और ज्ञान एवं समुदाय की निरंतरता को तोड़ रहे हैं।” कोहिनूर पिछले हफ्ते ब्रिटेन में राज्याभिषेक समारोह के समय सुर्खियों में था, जब रानी कैमिला ने अपने मुकुट के लिए वैकल्पिक हीरे को चुनकर एक राजनयिक विवाद को टाल दिया।
- नयी दिल्ली। अंतरराष्ट्रीय निकाय शंघाई सहयोग संगठन (एससीओ) के सदस्य देशों ने डिजिटल सार्वजनिक ढांचे को विकसित करने के लिए भारत के प्रस्ताव को सर्वसम्मति से स्वीकार कर लिया है। केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने शनिवार को यह जानकारी दी। एससीओ में पाकिस्तान और चीन भी सदस्य हैं।भारत ने जनता तक आसानी से सेवाएं पहुंचाने के लिए यूनीफाइड पेमेंट इंटरफेस (यूपीआई), आधार जैसे डिजिटल सार्वजनिक ढांचों (डीपीआई) को विकसित किया है। वैष्णव ने कहा, “एससीओ सदस्य देशों के डिजिटल मंत्रियों ने शनिवार को मुलाकात की और अपने-अपने यहां डिजिटल प्रौद्योगिकी लागू करने के लिए डीपीआई को लागू करने के भारत के प्रस्ताव को सर्वसम्मति से स्वीकार कर लिया।” एससीओ में आठ सदस्य देश- चीन, भारत, कजाकिस्तान, किर्गिस्तान, रूस, पाकिस्तान, ताजिकिस्तान और उज्बेकिस्तान हैं। इनके अलावा चार पर्यवेक्षक देश- अफगानिस्तान, बेलारूस, ईरान और मंगोलिया और छह वार्ता साझेदार- अर्मेनिया, अजरबैजान, कम्बोडिया, नेपाल, श्रीलंका और तुर्किए हैं। सरकार ने जी-20 अध्यक्षता में अपनी जिम्मेदारी के हिस्से के रूप में बिना किसी शुल्क के विभिन्न देशों को प्रौद्योगिकी का लाभ देने की पेशकश करने के लिए संपर्क करना शुरू कर दिया है और उम्मीद है कि भारतीय स्टार्टअप इससे लाभान्वित होंगे। भारत ने यूपीआई स्वीकार्यता के लिए पहले से ही लगभग दर्जनभर देशों के साथ करार कर लिया है।भीम यूपीआई क्यूआर इस समय सिंगापुर, संयुक्त अरब अमीरात (यूएई), मॉरीशस, नेपाल और भूटान में स्वीकार किए जा चुके हैं।
- नयी दिल्ली। पूर्वी दिल्ली के कांति नगर इलाके में एक शराब की दुकान से करीब छह से सात लाख रुपये की चोरी करने के आरोप में तीन लोगों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने शनिवार को यह जानकारी दी। पुलिस ने बताया कि आरोपियों की पहचान पश्चिम बंगाल निवासी मोहम्मद गाजी शेख (23), शेख (33) और बांग्लादेश निवासी मोहम्मद बिलाल (30) के रूप में हुई है। उन्होंने बताया कि तीनों आरोपी कूड़ा बीनने का काम करते थे और नशे के आदी थे।एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी के मुताबिक 25 अप्रैल को, एक शिकायतकर्ता ने बताया कि कुछ लोगों ने शराब की दुकान की छत को काटकर दुकान में प्रवेश किया और अलमारी का ताला तोड़कर पैसे चुरा लिए। अधिकारी ने बताया कि जांच के दौरान पुलिस ने इलाके के सीसीटीवी फुटेज को खंगाला और दुकान के ऊपर खाली जगह में तीन से चार लोगों को पाया। उन्होंने बताया कि आरोपियों ने रात के डेढ़ बजे दुकान में प्रवेश किया और छह से सात लाख रुपये चुरा लिये। पुलिस उपायुक्त (शाहदरा) रोहित मीणा ने बताया कि बाद में आरोपी लोनी और पसोंदा इलाके में पाये गये, जहां छापेमारी कर उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस ने बताया कि चोरी के पैसे से खरीदे गए मोबाइल फोन और स्कूटर सहित अपराध में इस्तेमाल किए गए एक अन्य दोपहिया वाहन को भी बरामद कर लिया गया है।
- मुंबई। महाराष्ट्र की राजधानी मुंबई में फर्जी दस्तावेजों के जरिये सिम कार्ड हासिल करने के आरोप में पिछले तीन दिनों में कम से कम 13 लोगों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने शनिवार को यह जानकारी दी। एक पुलिस अधिकारी ने बताया कि पुलिस ने उनके पास से चार लैपटॉप और 60 मोबाइल फोन के अलावा 2,197 सिम कार्ड भी जब्त किये हैं। उन्होंने बताया कि अभियान के दौरान वी पी रोड, डी एन नगर, मालाबार हिल, सहार और बांगुर नगर थाना क्षेत्रों में छापेमारी की गई। उन्होंने बताया कि गिरफ्तार किये गये लोगों में सिम कार्ड बेचने वाले लोग, एजेंट और कॉल सेंटर के मालिक शामिल हैं जो इस तरह के सिम कार्ड का इस्तेमाल करते थे। अधिकारी ने बताया कि दूरसंचार विभाग (डीओटी) से इस संबंध में जानकारी मिलने के बाद मुंबई पुलिस ने कार्रवाई की। उन्होंने बताया कि आरोपियों ने फर्जी आधार कार्ड और अन्य दस्तावेजों के जरिये सिम कार्ड हासिल किये और व्यक्तिगत लाभ के लिए इन मोबाइल नंबरों का इस्तेमाल किया। उन्होंने बताया कि गिरफ्तार किये गये सभी लोगों के खिलाफ धोखाधड़ी और जालसाजी सहित भारतीय दंड संहिता (आईपीसी) की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है।
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नई दिल्ली। बांग्लादेश में अति भीषण चक्रवाती तूफान मोका के तटवर्ती क्षेत्रों से पहुचने के बीच सरकार ने करीब चार लाख लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचा दिया है। चट्टोग्राम में तटवर्ती क्षेत्रों में शुक्रवार दोपहर से रूक-रूक कर वर्षा हो रही है। हमारे ढाका संवाददाता ने तूफान से संबंधित ताजा स्थिति की जानकारी देते हुए कहा कि आज सुबह बांग्लादेश मौसम विज्ञान विभाग द्वारा जारी नवीनतम बुलेटिन में कहा गया है कि चक्रवात मोका का प्रभाव चट्टोग्राम और बरिसाल डिवीजनों के तटीय क्षेत्रों पर शुरू हो गया है। हालांकि, चक्रवात ने लैंडफॉल नहीं किया है। तेज हवाओं के कारण सामान्य ज्वार से 8-12 फीट ऊंची लहरें उठने की संभावना है। कॉक्स बाजार और चटोग्राम के तटीय क्षेत्रों में निचले इलाकों में इसकी वजह से बाढ़ आने की संभावना है। लैंडफॉल की संभावना को देखते हुए कॉक्स बाजार प्रशासन ने 4 लाख से अधिक लोगों को सुरक्षित चक्रवात आश्रयों में पहुंचा दिया है।
इधर भारत में मौसम विभाग का कहना है कि चक्रवात के प्रभाव से त्रिपुरा और मिजोरम में कई जगहों पर आज कहीं भारी और कहीं बहुत भारी वर्षा हो सकती है। नगालैंड, मणिपुर और दक्षिण असम में भी कई स्थानों पर वर्षा की संभावना है। मछुआरों को सलाह दी गई है कि बंगाल की खाड़ी और उत्तरी अंडमान सागर में समुद्र में न जाएं। पहले से समुद्र में गए मछुआरों से कहा गया है कि वे तट पर लौट आएं। -
नई दिल्ली। कर्नाटक में पिछली विधानसभा में मुख्यमंत्री बासवराज बोम्मई ने कल राज्यपाल थावरचंद गहलोत को अपना इस्तीफा सौंप दिया। राज्यपाल ने इसे स्वीकार कर लिया है। राज्य में हुए विधानसभा चुनाव के कल घोषित परिणामों में कांग्रेस ने 135 सीटें जींती है। भारतीय जनता पार्टी को 66 और जनता दल सेक्युलर को 19 सीटों पर विजय प्राप्त हुई। पूर्ण बहुमत पाने के बाद अब कांग्रेस विधायक दल की आज शाम बेंगलुरू में बैठक तय की गई है जिसमें विधायक दल का नेता चुना जाना है। कांग्रेस ने 2018 के विधानसभा चुनावों में प्राप्त 38 दशमलव एक-चार प्रतिशत मतों की तुलना में इन चुनावों में 43 प्रतिशत वोट हासिल किए। भारतीय जनता पार्टी को पिछले चुनाव में 36 दशमलव तीन-पांच प्रतिशत वोट मिले थे और इसमें कमी आई है और पार्टी का मत प्रतिशत 36 प्रतिशत रहा। जनता दल सेक्युलर का वोट प्रतिशत 18 दशमलव तीन प्रतिशत से घटकर 13 दशमलव तीन प्रतिशत रहा।
इस बीच, कल रात, एक राजनीतिक घटनाक्रम में भारतीय जनता पार्टी के उम्मीदवार सी के रामामूर्ति को वोटों की दोबारा गिनती के बाद विजयी घोषित किया गया। उन्होंने 16 वोटों के मामूली अंतर से कांग्रेस की सौम्या रेड्डी को पराजित किया। -
मैसूर. कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और पूर्व मुख्यमंत्री सिद्धरमैया ने शनिवार को वरुणा निर्वाचन क्षेत्र में अपने निकटतम प्रतिद्वंद्वी को 46,163 मतों के अंतर से पराजित कर जीत हासिल की। वह नौवीं बार विधायक चुने गए हैं। निर्वाचन आयोग की वेबसाइट के मुताबिक, सिद्धरमैया (75) को 1,19,816 वोट जबकि उनके प्रतिद्वंद्वी भाजपा प्रत्याशी और प्रभावशाली लिंगायत नेता वी. सोमन्ना को 73,653 वोट मिले। बहुजन समाज पार्टी का उम्मीदवार 1,075 मतों के साथ तीसरे स्थान पर रहा। पांच बार के विधायक और निवर्तमान राज्य सरकार में आवास मंत्री सोमन्ना को पहली बार बेंगलुरु के गोविंदराज नगर निर्वाचन क्षेत्र से स्थानांतरित कर वरुणा सीट कांग्रेस के मजबूत नेता को चुनौती देने के लिए भेजा गया था।
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शिमला. कर्नाटक विधानसभा चुनाव में कांग्रेस के जीत हासिल करने की ओर बढ़ने के बीच शनिवार को पार्टी की वरिष्ठ नेता प्रियंका गांधी वाद्रा ने यहां जाखू स्थित हनुमान मंदिर में पूजा-अर्चना की। प्रियंका सुबह में मंदिर पहुंचीं और वहां करीब 15 मिनट तक रूकीं। वह सलवार-कमीज पहनी हुईं और सिर को चुन्नी से ढंकी हुई थीं। कांग्रेस महासचिव ने वहां आरती की तथा कर्नाटक और देश के लोगों के कल्याण के लिए प्रार्थना की। प्रियंका, अपनी मां एवं कांग्रेस की पूर्व अध्यक्ष सोनिया गांधी के साथ निजी यात्रा पर शुक्रवार को यहां पहुंची थीं। हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने शहर के छाबड़ा इलाके में स्थित कल्याणी हेलीपैड पर सोनिया गांधी और अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी की महासचिव प्रियंका गांधी वाद्रा का स्वागत किया था। मुख्यमंत्री ने कांग्रेस की पूर्व अध्यक्ष को पारंपरिक वाद्य यंत्र एक स्मृतिचिन्ह के रूप में भेंट किया। वे दोनों (सोनिया और प्रियंका), राष्ट्रपति निवास ‘द रीट्रीट' के पास छाबड़ा में प्रियंका के मकान में ठहरी हैं।
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नयी दिल्ली. कांग्रेस ने शनिवार को कर्नाटक विधानसभा चुनाव में अपनी जीत का एक बड़ा श्रेय ‘भारत जोड़ो यात्रा' को दिया और कहा कि ‘भारत जोड़ो यात्रा बनाम प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी' के विमर्श में राहुल गांधी द्वारा निकाली गई पदयात्रा ही ‘स्पष्ट विजेता' साबित हुई है। ‘भारत जोड़ो यात्रा' कर्नाटक के जिन 20 विधानसभा क्षेत्रों से गुजरी थी उनमें से 15 में कांग्रेस को जीत हासिल हुई, जबकि जनता दल (सेक्युलर) को तीन और भारतीय जनता पार्टी ने दो सीट पर जीत दर्ज की हैं। वर्ष 2018 के विधानसभा चुनाव में इन 20 सीट में से कांग्रेस को सिर्फ पांच सीट पर ही जीत मिली थी। पार्टी के कई वरिष्ठ नेताओं का यह भी मानना है कि इस यात्रा ने कर्नाटक में कांग्रेस के लिए ‘संजीवनी' का काम किया और कार्यकर्ताओं में नया जोश पैदा किया, जो चुनावी जीत में मददगार रही। कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश ने कहा, ‘‘भारत जोड़ो यात्रा कांग्रेस के संगठन के लिए संजीवनी रही। इस यात्रा से पार्टी संगठन और एकजुटता को ताकत मिली तथा कार्यकर्ताओं में नया जोश पैदा हुआ।'' पार्टी के मीडिया विभाग के प्रमुख पवन खेड़ा ने कहा कि राहुल गांधी के नेतृत्व में निकाली गई पदयात्रा के विमर्श ने प्रधानमंत्री मोदी से जुड़े विमर्श को पराजित कर दिया। उन्होंने कहा, ‘‘भारत जोड़ो यात्रा की शुरुआत भारतीय राजनीति में एक विशेष विमर्श के साथ आरंभ हुई, जिसका इंतजार भारत के लोग कर रहे थे। कर्नाटक में ‘भारत जोड़ो यात्रा' करीब 22 दिनों तक रही। आपको वो दृश्य याद होगा कि पिछले साल अक्टूबर में भारत जोड़ो यात्रा के दौरान मूसलाधार बारिश में भी राहुल गांधी का भाषण जारी रहा। मुझे लगता है कि ये दृश्य लोगों के दिमाग में मौजूद रहे।'' उनका कहना है कि ‘भारत जोड़ो यात्रा' का संदेश कर्नाटक समेत पूरे देश में गया।
खेड़ा ने इस बात पर जोर दिया, ‘‘चुनाव विमर्श की लड़ाई होती है। ‘प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी बनाम भारत जोड़ो यात्रा' के विमर्श में ‘यात्रा' स्पष्ट विजेता है।'' कांग्रेस के मुताबिक, उसकी यात्रा कर्नाटक के 20 विधानसभा क्षेत्रों से गुजरी थी उनमें से 15 सीट कांग्रेस ने जीती है। इनमें बेल्लारी जिले की बेल्लारी एवं बेल्लारी शहर विधानसभा सीट, चामराजनगर जिले की गुंडुलपेट विधानसभा सीट, चित्रदुर्ग जिले की हिरियूर एवं मोलकालामुरू विधानसभा सीट और मांड्या जिले की मेलुकोट (सहयोगी), नागमंडगला और श्रीरंगपटना विधानसभा क्षेत्रों से कांग्रेस उम्मीदवारों ने जीत हासिल की है। इसके साथ ही मैसुरू जिले की नांनजनगौड़ एवं वरुणा, रायचूर जिले की रायचूर ग्रामीण विधानसभा सीट, तुमकुरू जिले की गुब्बी और सीरा विधानसभा सीट पर जीत हासिल की है। कांग्रेस की पूर्व अध्यक्ष सोनिया गांधी ने मांड्या जिले में ‘भारत जोड़ो यात्रा' का हिस्सा बनी थीं।
राहुल गांधी की अगुवाई में कांग्रेस ने पिछले साल सात सितंबर को तमिलनाडु के कन्याकुमारी से ‘भारत जोड़ो यात्रा' निकाली थी। यात्रा 30 सितंबर को चामराजनगर जिले से कर्नाटक में दाखिल हुई थी और यह करीब 22 दिनों तक प्रदेश में रही। करीब चार हजार किलोमीटर की पदयात्रा का इस साल 30 जनवरी को श्रीनगर में समापन हुआ था। -
बेंगलुरु/नयी दिल्ली. कर्नाटक विधानसभा चुनाव में शानदार जीत के साथ वापसी करते हुए कांग्रेस ने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) को दक्षिण भारत में उसके एकमात्र गढ़ से सत्ता से बाहर कर दिया है। भाजपा के खिलाफ सत्ता विरोधी लहर पर सवार होकर कांग्रेस ने शनिवार को स्पष्ट बहुमत के आंकड़े से अधिक सीटें हासिल की हैं। कर्नाटक में कांग्रेस की जीत न सिर्फ उसके सियासी रसूख को बढ़ाने वाली है, बल्कि 2024 के लोकसभा के चुनाव में उसकी उम्मीदों तथा विपक्षी एकजुटता की पूरी कवायद में उसकी हैसियत को और ताकत देने वाली साबित हो सकती है। माना जा रहा है कि उसकी इस जीत से इस साल के आखिर में होने वाले मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, राजस्थान और तेलंगाना के विधानसभा चुनाव में कांग्रेस की संभावना को बल मिल सकता है। कांग्रेस ने कर्नाटक विधानसभा चुनाव को स्थानीय मुद्दों पर केंद्रित रखा। उसने बजरंग दल और पीएफआई जैसे संगठनों पर प्रतिबंध का वादा किया तो जनता के समक्ष पांच ‘गारंटी' भी दी। उसने अपनी इस रणनीति से कर्नाटक में भाजपा की कल्याणकारी योजनाओं और हिंदुत्व की राजनीति की धार को कुंद कर दिया। निर्वाचन आयोग की ओर से जारी ताजा आंकड़ों के मुताबिक, कर्नाटक चुनाव में कांग्रेस ने बहुमत का 113 सीट का जादुई आंकड़ा पार करते हुए अब तक 136 सीट जीत ली हैं। जन नेता और पूर्व मुख्यमंत्री सिद्धरमैया और प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष डी.के. शिवकुमार की अगुवाई में एक आक्रामक एवं ‘गरीब-कल्याण' अभियान के बाद विधानसभा चुनाव में कांग्रेस की निर्णायक जीत ने कर्नाटक में 38 साल पुराने सत्ता-विरोधी लहर के दस्तूर को बरकरार रखा है। वर्ष 1985 के बाद से राज्य की सत्ता में किसी सत्तारूढ़ दल ने लगातार वापसी नहीं की है। सिद्धरमैया और शिवकुमार दोनों को मुख्यमंत्री पद की दौड़ में माना जा रहा है। कांग्रेस ने कर्नाटक में 10 साल बाद अपने बल पर सत्ता में वापसी की है। सिद्धरमैया 2013 से 2018 तक राज्य के मुख्यमंत्री का पद संभाल चुके हैं। कर्नाटक के कांग्रेस प्रभारी रणदीप सिंह सुरजेवाला के मुताबिक, कांग्रेस विधायक दल की पहली बैठक रविवार को शाम करीब साढ़े पांच बजे होगी। कर्नाटक में कांग्रेस को 42.88 फीसदी मत मिले हैं, जबकि पार्टी को 2018 में करीब 38 फीसदी मत मिले थे। राज्य के छह क्षेत्रों में से, कांग्रेस ने पुराने मैसूरु, मुंबई कर्नाटक, हैदराबाद कर्नाटक और मध्य कर्नाटक क्षेत्रों में जीत दर्ज की। वहीं, भाजपा केवल तटीय कर्नाटक में अपनी पकड़ बनाए रखने में सफल रही, जबकि बेंगलुरु में दोनों दलों का मिलाजुला प्रदर्शन रहा। भाजपा का मत प्रतिशत 36.2 फीसदी से मामूली रूप से घटकर 36 फीसदी रह गया, लेकिन इसकी सीट 2018 में 104 के मुकाबले घटकर 65 रह गई है। पिछले साल दिसंबर में हिमाचल प्रदेश विधानसभा चुनाव के बाद भाजपा के लिए यह दूसरी हार है। निवर्तमान मुख्यमंत्री बसवराज बोम्मई ने हार स्वीकार करते हुए कहा कि भाजपा ‘‘प्रधानमंत्री और पार्टी कार्यकर्ताओं समेत सभी के प्रयासों के बावजूद'' इस चुनाव में अपनी छाप छोड़ने में विफल रही है। उन्होंने कहा, ‘‘हम नतीजों का विस्तृत विश्लेषण करेंगे।''
चुनाव में निवर्तमान मुख्यमंत्री बोम्मई के नेतृत्व वाली भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) सरकार के 14 मंत्रियों का हार का सामना करना पड़ा। जो मंत्री चुनाव हार गये उनमें गोविंद करजोल (मुधोल), जे सी मधुस्वामी (चिकनैकानाहल्ली), बी सी पाटिल (हिरेकेरूर), शंकर पाटिल मुनेना कोप्पा (नवलगुंड), हलप्पा आचार (येलबुर्गा), बी श्रीरामुलु (बेल्लारी), के सुधाकर (चिक्कबल्लापुरा), बी सी नागेश (टिप्तुर), मुरुगेश निरानी (बिल्गी), बी सी पाटिल (हिरेकेरूर) और एम टी बी नागराज (होसकोटे) शामिल हैं। भाजपा नेता एवं विधानसभा अध्यक्ष विश्वेश्वर हेगड़े कागेरी भी सिरसी सीट पर चुनाव हार गये। मंत्री वी सोमन्ना दो क्षेत्रों वरुणा और कामराजनगर से चुनाव हार गये। उन्होंने इन दोनों सीट से चुनाव लड़ा था। मंत्री आर. अशोक भी दो निर्वाचन क्षेत्रों से चुनाव लड़े थे। वह पद्मनाभनगर से फिर से चुने गये, लेकिन कनकपुरा सीट पर उन्हें हार का सामना करना पड़ा। जनता दल (सेक्युलर) ने 19 सीट पर जीत दर्ज की, जिसने पिछले चुनाव में 37 सीट पर कब्जा जमाया था। इस चुनाव में जद (एस) का मत प्रतिशत गिरकर 13.32 प्रतिशत रहा जो पिछले चुनाव में 18 प्रतिशत था। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने विधानसभा चुनाव में शानदार जीत दर्ज करने पर कांग्रेस को बधाई दी और लोगों की आंकाक्षाओं को पूरा करने के लिए उसे शुभकामनाएं भी दीं। उन्होंने इस दक्षिणी राज्य में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) का समर्थन करने वालों को धन्यवाद दिया और पार्टी कार्यकर्ताओं की कड़ी मेहनत करने के लिए सराहना भी की। इस अहम दक्षिणी राज्य में कांग्रेस को स्पष्ट बहुमत मिलता देख बेंगलुरु और दिल्ली में कांग्रेस के मुख्यालय में कार्यकर्ताओं और नेताओं ने जश्न मनाया। देश के विभिन्न शहरों में भी कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने पटाखे फोड़े और मिठाइयां बांटीं। कांग्रेस ने शनिवार को कर्नाटक विधानसभा चुनाव में अपनी जीत का एक बड़ा श्रेय ‘भारत जोड़ो यात्रा' को दिया और कहा कि ‘भारत जोड़ो यात्रा बनाम प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी' के विमर्श में राहुल गांधी द्वारा निकाली गई पदयात्रा ही ‘स्पष्ट विजेता' साबित हुई है। ‘भारत जोड़ो यात्रा' कर्नाटक के जिन 20 विधानसभा क्षेत्रों से गुजरी थी उनमें से 15 में कांग्रेस को जीत हासिल हुई, जबकि जनता दल (सेक्युलर) को तीन और भारतीय जनता पार्टी ने दो सीट पर जीत दर्ज की हैं। वर्ष 2018 के विधानसभा चुनाव में इन 20 सीट में से कांग्रेस को सिर्फ पांच सीट पर ही जीत मिली थी। पार्टी के कई वरिष्ठ नेताओं का यह भी मानना है कि इस यात्रा ने कर्नाटक में कांग्रेस के लिए ‘संजीवनी' का काम किया और कार्यकर्ताओं में नया जोश पैदा किया, जो चुनावी जीत में मददगार रही। कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश ने कहा, ‘‘भारत जोड़ो यात्रा कांग्रेस के संगठन के लिए संजीवनी रही। इस यात्रा से पार्टी संगठन और एकजुटता को ताकत मिली तथा कार्यकर्ताओं में नया जोश पैदा हुआ।'' जीत के बाद कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने कहा कि कर्नाटक में ‘नफरत का बाजार' बंद हो गया और ‘मोहब्बत की दुकानें खुल गईं।' कांग्रेस ने कर्नाटक में सत्ता में आने के पहले दिन ‘पांच गारंटी' लागू करने का वादा किया है। इन वादों में सभी घरों (गृह ज्योति) को 200 यूनिट मुफ्त बिजली, हर परिवार की महिला मुखिया (गृह लक्ष्मी) को 2,000 रुपये मासिक सहायता, गरीबी रेखा से नीचे (बीपीएल) के परिवार (अन्न भाग्य) के प्रत्येक सदस्य को 10 किलोग्राम चावल मुफ्त, बेरोजगार स्नातक युवाओं के लिए हर महीने 3,000 रुपये और बेरोजगार डिप्लोमा धारकों (दोनों 18-25 आयु वर्ग में) को दो साल के लिए 1,500 रुपये (युवा निधि) और सार्वजनिक परिवहन बसों (शक्ति) में महिलाओं के लिए मुफ्त यात्रा शामिल हैं। कांग्रेस अध्यक्ष एम. मल्लिकार्जुन खरगे ने कर्नाटक विधानसभा चुनाव में पार्टी की प्रचंड जीत के बाद भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) पर निशाना साधते हुए शनिवार को कहा कि जो लोग ‘कांग्रेस मुक्त भारत' चाहते थे, उन्हें ‘भाजपा मुक्त दक्षिण भारत' मिला है। खरगे ने भाजपा पर कटाक्ष करते हुए कहा कि अहंकारी बयान अब नहीं चलेंगे और लोगों के दुख दर्द को समझना चाहिए। उन्होंने संवाददाता सम्मेलन में कहा, ‘‘जो लोग ‘कांग्रेस मुक्त भारत' बनाना चाहते थे, उन्होंने हमारे खिलाफ कई बातें कीं लेकिन आज एक बात सच हो गई है और वह है ‘भाजपा मुक्त दक्षिण भारत'। खरगे ने कांग्रेस नेताओं को आगाह करते हुए कहा कि उन्हें पूरी विनम्रता के साथ काम करना चाहिए और जमीन से जुड़े रहना चाहिए। उन्होंने चुनाव में पार्टी की जीत को ‘‘लोगों की जीत'' करार दिया, न कि किसी एक व्यक्ति की। चुनाव परिणाम को लेकर कांग्रेस के वरिष्ठ नेता सिद्धरमैया ने कहा, ‘‘यह (कर्नाटक में चुनाव परिणाम) 2024 में कांग्रेस की जीत की ओर महत्वपूर्ण कदम साबित होगा।'' मुख्यमंत्री पद के दावेदार सिद्धरमैया ने नौवीं बार विधानसभा चुनाव में जीत दर्ज की है। कांग्रेस की कर्नाटक इकाई के अध्यक्ष डी. के. शिवकुमार विधानसभा चुनाव में पार्टी की जीत सुनिश्चित नजर आने के बाद शनिवार को भावुक हो गए और प्रदेश का नेतृत्व करने के लिए उनमें विश्वास जताने के लिए गांधी परिवार का आभार जताया। शिवकुमार कांग्रेस के प्रदर्शन के बारे में बात कर रहे थे, तो उनकी आंखे भर आईं। शिवकुमार ने कहा कि उन्होंने पार्टी आलाकमान को बताया था कि वह कर्नाटक में पार्टी की जीत सुनिश्चित करेंगे। - रांची। झारखंड सरकार अगले सप्ताह साहिबगंज से पहली नौका एम्बुलेंस सेवा शुरू करने वाली है। एक अधिकारी ने शनिवार को यह जानकारी दी। नौका एम्बुलेंस सेवा शुरू होने से गंगा नदी के पास ‘दियरा' क्षेत्र में रहनेवाले दो लाख से ज्यादा लोगों को बेहतर और तत्काल स्वास्थ्य सुविधाएं मिलने लगेंगी। साहिबगंज के उपायुक्त रामनिवास यादव ने कहा, ‘‘नदी के ‘दियरा' क्षेत्र में कई पंचायत हैं। मानसून के दौरान इन इलाकों में पानी भर जाता है जिससे वहां के लोगों को बहुत दिक्कत होती है। वहां से लोगों का संपर्क कट जाता है।'' उन्होंने कहा, ‘‘मानसून के दौरान टीकाकरण सहित तमाम स्वास्थ्य कार्यक्रम ठप पड़ जाते हैं। इसलिए हमने लोगों को सुचारू स्वास्थ्य सुविधाएं मुहैया कराने के लिए नौका एम्बुलेंस शुरू करने का फैसला लिया है।'' साहिबगंज प्रशासन ने डिस्ट्रिक्ट मिनरल फाउंडेशन (डीएमएफ) कोष से दो नौका एम्बुलेंस खरीदी हैं।नौकाएं शुक्रवार को साहिबगंज पहुंचीं। दोनों की कुल कीमत 58.34 (29.17 लाख रुपये प्रत्येक) लाख रुपये है। उपायुक्त ने कहा, ‘‘अगर हम ऑक्सीजन सिलेंडर, ईसीजी उपकरण, मरीजों के लिए कैबिन, लैब टेक्नीशियन और अन्य सुविधाओं को शामिल करें तो खर्च करीब 48 लाख रुपये (प्रत्येक नौका एम्बुलेंस) पड़ेगा।'' अधिकारी ने बताया कि एम्बुलेंस को आधिकारिक रूप से 15 मई से सेवा में शामिल किया जाएगा।उन्होंने कहा, ‘‘एक एम्बुलेंस का उपयोग राजमहल इलाके में और दूसरी एम्बुलेंस का साहिबगंज इलाके में इस्तेमाल किया जाएगा। देवघर में स्थापित एम्स के अलावा संथाल परगना इलाके में बमुश्किल ही कोई स्वास्थ्य सेवा उपलब्ध है। नौका एम्बुलेंस की मदद से मरीजों को आपात स्थिति में बिहार के पूर्णिया और पश्चिम बंगाल के माल्दा ले जाया जाएगा।'' अधिकारी ने बताया कि फिलहाल ‘दियरा' में अगर कोई व्यक्ति बीमार हो जाता है तो उसे लकड़ी की नाव से गंगा पार करके अस्पताल ले जाना पड़ता है। नौका एम्बुलेंस में एक साथ छह लोगों को ले जाया जा सकता है।यादव ने कहा कि नौका एम्बुलेंस मुहैया कराने वाली कंपनी ही अगले दो साल तक इसकी मरम्मत और संचालन का काम करेगी। उन्होंने बताया कि इसके चालक और लैब टेक्नीशियन भी एजेंसी ने ही उपलब्ध कराए हैं। साहिबगंज के सिविल सर्जन डॉक्टर रामदेव पासवान ने कहा, ‘‘प्राथमिक चिकित्सा, ईसीजी, ऑक्सीजन इन्हेलर और फ्लो मीटर नौका एम्बुलेंस पर उपलब्ध होगा।'' अधिकारी ने बताया कि नौका में जीपीएस लगा होगा, आग बुझाने और रात को यात्रा के लिहाज से लाइट की व्यवस्था भी रहेगी। झारखंड सरकार ने हाल ही में रांची से ‘एयर एम्बुलेंस सेवा' शुरू की है।
- बोटाद। गुजरात के बोटाद शहर में शनिवार को एक झील में तैरने के दौरान एक दूसरे को बचाने के प्रयास में पांच किशोर डूब गए। पुलिस ने यह जानकारी दी। पुलिस के एक अधिकारी ने कहा कि दो लड़के दोपहर में कृष्णा सागर झील में तैर रहे थे जब वे डूबने लगे।पुलिस अधीक्षक किशोर बलोलिया ने कहा, ‘‘मौके पर मौजूद तीन अन्य लड़कों ने दोनों को बचाने के लिए पानी में छलांग लगाई लेकिन सभी डूब गए।'' उन्होंने कहा कि पुलिस को इस घटना की सूचना शाम करीब साढ़े चार बजे मिली।दमकल अधिकारी कुलदीप सिंह डोडिया ने कहा, ‘‘ एक बचाव दल को मौके पर भेजा गया और 45 मिनट के बचाव अभियान के बाद पांच शवों को बाहर निकाला गया।'' पुलिस ने कहा कि सभी किशोरों की उम्र 13 साल से 17 साल के बीच थी और वे एक ही इलाके के निवासी थे।(सांकेतिक फोटो)
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नई दिल्ली। नागरिक उड्डयन महानिदेशालय-डीजीसीए ने 27 फरवरी की दिल्ली-दुबई एयर इंडिया उड़ान घटना से संबंधित सुरक्षा मुद्दे को तुरंत और प्रभावी ढंग से लागू नहीं करने के लिए एयर इंडिया पर 30 लाख रुपये का जुर्माना लगाया है। इस घटना में विमान के पायलट ने डीजीसीए के नियमों का उल्लंघन करते हुए उडान के दौरान एक दोस्त को कॉकपिट में प्रवेश की अनुमति दी थी। डीजीसीए ने पायलट का लाइसेंस तीन महीने के लिए रदद कर दिया है। एयर इंडिया के मुख्य कार्यकारी अधिकारी को इस संबंध में विमान के चालक दल के एक सदस्य से शिकायत मिली थी। लेकिन एयर इंडिया की तरफ से इस पर कोई कार्रवाई नहीं होने पर डीजीसीए से शिकायत की गई।
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कोलकाता. पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने बृहस्पतिवार को राज्य के अस्पतालों में चिकित्सा कर्मियों की कमी को पूरा करने के लिए मेडिकल में डिप्लोमा पाठ्यक्रम शुरू करने का प्रस्ताव दिया। ममता ने राज्य के स्वास्थ्य सचिव एन.एस. निगम से प्राथमिक स्वास्थ्य इकाइयों के लिए और अधिक चिकित्सा कर्मियों को प्रशिक्षित करने के उद्देश्य से इस तरह का पाठ्यक्रम शुरू करने के कानूनी पहलुओं पर गौर करने को कहा। बनर्जी ने राज्य सचिवालय में आयोजित ‘उत्कर्ष बांग्ला' की समीक्षा बैठक के दौरान कहा, “आप (निगम) कृपया पता लगाएं कि क्या हम चिकित्सा कर्मियों के लिए डिप्लोमा पाठ्यक्रम शुरू कर सकते हैं, जैसे हम इंजीनियरों के लिए करते हैं। कई लड़कों और लड़कियों को मेडिकल पाठ्यक्रम में दाखिला लेने का अवसर मिलेगा।” स्वास्थ्य मंत्रालय का काम भी संभाल रहीं बनर्जी ने कहा कि नियमित एमबीबीएस पाठ्यक्रम में मेडिकल स्नातक होने के लिए कम से कम पांच साल लगते हैं। उन्होंने जोर देकर कहा कि डिप्लोमा पाठ्यक्रम चिकित्सा कर्मियों की कमी को दूर करेगा। उन्होंने स्वास्थ्य सचिव से इस प्रस्ताव पर विचार के लिये चार सदस्यीय समिति गठित करने को भी कहा।
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धार (मप्र) . धार जिले में इंदौर-अहमदाबाद मार्ग पर पुलिस ने एक प्रमुख डेयरी ब्रांड का दूध गुजरात ले जा रहे ट्रक में छिपाकर रखी गई 36.96 लाख रुपये मूल्य की अवैध शराब की 290 पेटियां जब्त कर दो लोगों को गिरफ्तार किया है। यह जानकारी एक पुलिस अधिकारी ने दी। नगर पुलिस अधीक्षक (सीएसपी) देवेंद्र धुर्वे ने यहां संवाददाताओं को बताया कि पुलिस को सूचना मिली थी कि गुजरात की एक प्रमुख डेयरी ब्रांड के दूध से लदे ट्रक का इस्तेमाल हरियाणा से पड़ोसी राज्य गुजरात में शराब ले जाने के लिए किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि पुलिस टीम ने नौगांव थाना क्षेत्र के अंतर्गत एक पेट्रोल पंप के पास ट्रक को रोका और तलाशी के दौरान उसमें शराब की 290 पेटियां मिली, जिसकी कीमत 36.96 लाख रुपए है। धुर्वे ने कहा कि इन पेटियों को ट्रक में विशेष रूप से बनाए गए खांचों में छिपाया गया था।
उन्होंने कहा,‘‘ इस मामले में हमने इस ट्रक से दो लोगों को गिरफ्तार किया है।'' उन्होंने कहा कि पुलिस ने शराब एवं ट्रक को जब्त कर लिया है। -
नई दिल्ली। आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन के साथ एक सौ से अधिक स्वास्थ्य कार्यक्रमों और डिजिटल स्वास्थ्य ऐपलीकेशन को एकीकृत किया गया है। राष्ट्रीय स्वास्थ्य प्राधिकरण अपनी फ्लैगशिप योजना, आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन के तहत स्वास्थ्य कार्यक्रमों के एकीकरण के साथ इनका तेजी से विस्तार कर रहा है। इनमें ई-सुश्रुत, ई-संजीवनी ईएसआईसी, हरियाणा ई-उपचार, ए एन एम आंध्रप्रदेश और सरकारी क्षेत्र के अन्य स्वास्थ्य देखभाल सेवाओं के साथ-साथ निजी क्षेत्र के 33 स्वास्थ्य एप्स शामिल हैं।
स्वास्थ्य मंत्रालय ने कहा है कि आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन के साथ डिजिटल स्वास्थ्य समाधानों का एकीकरण डिजिटल स्वास्थ्य अवसंरचना के निर्माण में उत्प्रेरक का कार्य करेगा। इसमें अधिक से अधिक लोग स्वास्थ्य सेवाओं जैसे आभा खाता, डिजिटल रूप से स्वास्थ्य रिकार्ड तक पहुंच, तत्काल ओपीडी रजिस्ट्रेशन का लाभ उठा पा रहे हैं। -
नई दिल्ली। सेना में चार वर्ष की सेवा पूरी करने वाले अग्निवीरों को रेलवे में भर्ती के लिए कई प्रकार की छूट दी जाएगी। अग्निवीरों को लेवल वन की नौकरियों में दस प्रतिशत और लेवल टू तथा उससे ऊपर की नौकरियों में पांच प्रतिशत का आरक्षण दिया जाएगा।
यह सुविधा विभिन्न अराजपत्रित पदों की सीधी भर्ती के कोटे के तहत दी जाएगी। जहां कहीं लागू हो, अग्निवीरों को शारीरिक दक्षता परीक्षण में भी छूट मिलेगी। अग्निवीरों के प्रथम बैच को आयु सीमा में पांच वर्ष और उसके बाद के बैच को तीन वर्ष की छूट मिलेगी। यह छूट विभिन्न समुदायों के लिए निर्धारित वर्तमान आयु सीमा के अतिरिक्त होगी। - गोपेश्वर (उत्तराखंड)। प्रशासनिक अनुमति के बिना बदरीनाथ मंदिर के बाहर दान के लिए क्यूआर कोड वाले बोर्ड लगाए जाने के मामले की जांच के लिए चमोली के पुलिस अधीक्षक प्रमेंद्र डोबाल ने गुरुवार को एक जांच दल गठित किया। यहां जारी एक प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, मामले की जांच, खुलासे और कार्रवाई के लक्ष्य से गठित जांच दल का नेतृत्व बदरीनाथ थाने के प्रभारी निरीक्षक करेंगे जबकि इसकी निगरानी पुलिस उपाधीक्षक (ऑपरेशन) नताशा सिंह करेंगी। गौरतलब है कि अप्रैल के आखिरी सप्ताह में बदरीनाथ और केदारनाथ मंदिर के कपाट खुलने के दिन क्यूआर कोड वाले बोर्ड लगे मिले थे। श्री बदरीनाथ केदारनाथ मंदिर समिति की अनुमति के बिना लगे इन बोर्डों को उसी दिन हटा दिया गया था। मंदिर समिति ने इस संबंध में पिछले महीने बदरीनाथ थाने में एक तहरीर देकर मामले की जांच की मांग की थी जिस पर एक मई को अज्ञात के विरूद्ध भारतीय दंड विधान की धारा 420 (धोखाधड़ी) के तहत मुकदमा दर्ज किया गया था। डोबाल ने टीम को साइबर प्रकोष्ठ से समन्वय स्थापित करते हुए मंदिर परिसर में लगाए गए क्यूआर कोड के संबंध में जांच करने तथा सिंह को प्रतिदिन की कार्यवाही से अवगत कराने का निर्देश दिया है। मंदिर समिति ने ऐसी ही एक शिकायत केदारनाथ में भी दर्ज की थी।
- हैदराबाद। भारतीय औषधि महानियंत्रक (डीसीजीआई) राजीव सिंह रघुवंशी ने गुरुवार को कहा कि व्यवस्था में नियामक हस्तक्षेप को कम करना तथा इसे और सरल बनाना दवा नियामक की प्राथमिकता है। राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी दिवस के अवसर पर यहां सीएसआईआर-भारतीय रासायनिक प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईसीटी) में व्याख्यान देते हुए रघुवंशी ने कहा कि मौजूदा व्यवस्था में कई लाइसेंस और अन्य तरह के हस्तक्षेप मौजूद हैं, जिन्हें और अधिक सरल बनाने की गुंजाइश है। उन्होंने कहा, ‘‘यह एक ऐसा विषय है, जिस पर हमें काम करना पड़ेगा।''फरवरी में पदभार ग्रहण करने वाले रघुवंशी ने कहा कि एक अन्य प्राथमिकता विषय विशेषज्ञ समिति को बेहतर करना है, जहां आईआईसीटी जैसे संगठन नए विशेषज्ञों को शामिल करने के मामले में मदद कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि नियमन को और अधिक शोध केंद्रित बनाया जाना चाहिए। रघुवंशी ने कहा कि डीसीजीआई का लक्ष्य डिजिटल क्षेत्र में लगातार अपनी मौजूदगी बढ़ाना भी है। विदेशों में गुणवत्ता को लेकर समस्याओं का सामना कर रही कुछ भारतीय कंपनियों द्वारा निर्मित कफ सिरप के मुद्दे के समाधान के उपायों के बारे में पूछे जाने पर, रघुवंशी ने कहा कि ऐसे मामलों के लिए जिम्मेदार कच्चे माल की आपूर्ति श्रृंखला में हस्तक्षेप करने सहित विभिन्न उपाय किए जा रहे हैं।
- कोलकाता। भारतीय भूवैज्ञानिक सर्वेक्षण (जीएसआई) 2026 में देश भर में संभावित भूस्खलन की पूर्व चेतावनी देने वाली प्रणाली शुरू करने की योजना बना रहा है। जीएसआई के एक अधिकारी ने यह जानकारी दी। जीएसआई के उप-महानिदेशक (नीति समर्थन प्रणाली- योजना एवं निगरानी) असित साहा ने बताया कि भूस्खलन के खतरों की नोडल एजेंसी जीएसआई ने पहले ही प्रायोगिक आधार पर पश्चिम बंगाल के दार्जिलिंग और कलिम्पोंग जिलों के अलावा तमिलनाडु में नीलगिरी में ऐसी चेतावनी देने का काम शुरू कर दिया है। असित साहा ने गुरुवार को कहा, ‘‘ जीएसआई एक क्षेत्रीय भूस्खलन-पूर्व चेतावनी प्रणाली को विकसित करने की प्रक्रिया में है और 2026 से विभिन्न राज्यों में कई चरणों में इसे शुरू करने का प्रयास किया जा रहा है।'' जीएसआई देश के पहाड़ी और पर्वतीय क्षेत्रों में भूस्खलन की आशंका वाले क्षेत्रों के लिए 1 : 50,000 अनुपात के पैमाने पर एक राष्ट्रव्यापी भूस्खलन संवेदनशीलता मानचित्रण पहले ही कर चुका है। उन्होंने कहा कि क्षेत्रफल की दृष्टि से यह लगभग 4.3 लाख वर्ग किलोमीटर में फैला हुआ है, जो देश के भूभाग का 12.6 प्रतिशत है और 19 राज्यों तथा केंद्र शासित प्रदेशों में फैला हुआ है। भारत में भूस्खलन के जोखिम वाले कई क्षेत्र हैं और जीएसआई के अनुसार इनमें उत्तर-पश्चिमी हिमालय (जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड) के पहाड़ी क्षेत्र, उत्तर-पूर्व का उप-हिमालयी इलाका (सिक्किम, पश्चिम बंगाल-दार्जिलिंग, असम, अरुणाचल प्रदेश, मणिपुर, मेघालय, मिजोरम, नगालैंड, त्रिपुरा), पश्चिमी घाट क्षेत्र (महाराष्ट्र, गोवा, कर्नाटक, केरल) और पूर्वी घाट क्षेत्र (आंध्र प्रदेश, तमिलनाडु) शामिल हैं। असित साहा ने कहा, ‘‘ भूस्खलन संवेदनशीलता मानचित्रण उन क्षेत्रों को वर्गीकृत करता है जो भूस्खलन की दृष्टि से बेहद संवेदनशील हैं। हमने नक्शा तैयार किया है और पूर्वोत्तर सहित हिमालयी राज्यों के क्षेत्रों की पहचान की है, साथ ही पश्चिमी घाट क्षेत्र में जो इस प्राकृतिक आपदा से ग्रस्त हैं। हम अब 1 : 10,000 अनुपात के पैमाने पर देशव्यापी अध्ययन में भूस्खलन की संवेदनशीलता वाले क्षेत्रों में गंभीर रूप से पहचाने गए क्षेत्रों का अध्ययन कर रहे हैं, इनमें ज्यादातर क्षेत्र हिमालय में हैं। '' जीएसआई की स्थापना 1851 में की गयी थी और यह दुनिया के सबसे पुराने सर्वेक्षण संगठनों में से एक है।
- जम्मू ।जम्मू की रहने वाले 44 साल की रीतू स्लाथिया ने कोविड काल में 2020 में ऑनलाइन गेम खेलना शुरू किया था। इस आभासी दुनिया से उन्हें उनके बेटे ने परिचित कराया था। रीतू अब ऑनलाइन गेम खेलकर सालाना डेढ़ लाख रुपये कमा रही हैं जो उनकी आय का स्रोत बन गया है। ‘गेमिंग समुदाय' में ‘ब्लैकबर्ड' के तौर पर पहचानी जाने वाली स्लाथिया के गेमिंग मंच ‘रूटर' पर चार लाख फोलोअर हैं। उन्हें अपने बचपन से ही वीडियो गेम खेलने का शौक था, लेकिन वे इसे अब संजीदगी से लेती हैं और इसे आय के साधन के रूप में देखती हैं। उन्होंने कहा, “ मैं बहुत ज्यादा पढ़ी लिखी नहीं हूं। मैं 12वीं कक्षा तक पढ़ी हूं। मुझे गेम खेलना पसंद हैं। मैं शुरु से ही अपने लिए आय अर्जित करना चाहती थी। जब मेरे बेटे ने मुझे ऑनलाइल गेम के बारे में बताया तो मैंने इन्हें खेलना शुरू कर दिया। मैं अपने लिए कमाई भी कर रही हूं। ” स्लाथिया ने जम्मू के नेत्रीकोटी इलाके में स्थित अपने घर के एक कमरे को गेम संबंधित गतिविधियों के लिए समर्पित कर दिया है। उन्होंने कहा कि उन्होंने ‘कैंडी क्रश' खेलना शुरू किया था और फिर आहिस्ता-आहिस्ता वह “बैटलग्राउंड्स मोबाइल इंडिया' खेलने लगीं। उन्होंने अपने ‘पार्टनर्स' (साझेदारों) के कहने पर सभी गेम खेलने की कोशिश की। स्लाथिया ने कहा, “ लगातार गेम खेलने से मुझे पता चल गया कि इन्हें कैसे खेलना है। मैं कोई भी गेम खेल सकती हूं।” उन्होंने कहा कि उनके ‘पार्टनर्स' उन्हें ‘मुमा' बुलाते हैं। इन ‘पार्टनर्स' में अधिकांश बच्चे ही हैं। स्लाथिया ने यूट्यूब पर अपना गेमिंग चैनल भी शुरू कर दिया है। उन्होंने कहा कि इस सब में उनके परिवार ने उनका भरपूर साथ दिया है। उनके बेटे गौरव सिंह ने कहा, “ हमने कभी नहीं सोचा था कि उन्हें लोगों से इतना प्यार मिलेगा।”अपने कामकाज में संतुलन बनाकर स्लाथिया गेम खेलने के लिए हर दिन तीन-चार घंटे निकालती हैं और वार्षिक तौर पर डेढ़ लाख रुपये कमाती हैं।




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